समय से हो भुगतान, लापरवाही नही होगी क्षम्य:-डीएम

गाजीपुर। निराश्रित गोवंश आश्रय स्थल की स्थापना, क्रियान्वयन तथा संचालन प्रबंधन हेतु जिला स्तरीय समिति की बैठक जिलाधिकारी आर्यका अखौरी की अध्यक्षता में मगंलवार को जिला पंचायत सभागार में संपन्न हुआ। बैठक में जिलाधिकारी ने पशुओ के लिए माह अगस्त 2022 के भरण पोषण एवं सहभागिता योजना में समिति द्वारा अनुमोदित धनराशि की स्वीकृति प्रदान की गयी। मुख्य पशुचिकित्साधिकारी ने बताया कि भरण पोषण योजना के अन्तर्गत माह अगस्त, 2022 हेतु 34 गो-आश्रय केन्द्रो के 2620 गोवंश तथा सहभागिता योजना के अन्तर्गत माह अगस्त में 596 गोवंश की समीक्षा किया गया। जिलाधिकारी ने मुख्यमंत्री निराश्रित बेसहारा सौभाग्य योजना अन्तर्गत उपस्थित पशु चिकित्सकों से अब तक कितने पशुओ को चिन्हित कर पशुपालकों को सुपुर्द किए गए हैं, उनकी जानकारी ली तथा पशु चिकित्साधिकारी एंव खण्ड विकास अधिकारी की एक टीम बनाकर जॉच का निर्देश दिया। उन्होंने पशु चिकित्सा अधिकारी को निर्देश दिया कि इस योजना में कुपोषित एवं अतिकुपोषित बच्चो के परिवारो में दुधारू पशुओ की सुपुर्दगी की जाये। उन्होने पशु चिकित्साधिकारियों को निर्देश दिया कि पशुओ की बराबर वेरिफिकेशन किया जाना चाहिए, यदि किसी पशु के मृत्यु के बाद भी उसका भुगतान किया जाता है तो सम्बन्धित के विरूद्ध कार्यवाही तय है। उन्होने निर्देश दिया कि सहभागिता योजना के तहत पशुपालको मे दिये जाने वाले भुगतान समय से किया जाये। इसमे लापरवाही क्षम्य नही होगी। बैठक मे निर्माणाधीन बृहद गोवंश आश्रय स्थल पिपनार, कान्हा गोशाला जमानिया एंव सादात को पूर्ण कराने, गोवंशो हेतु भूसा एवं साथ-साथ चोकर व दानला की उपब्धता, स्वास्थ्य परीक्षण, व लम्पी स्कीन डिजीज से बचाव/टीकाकरण, क्रिटिकल गैप्स योजना, की विस्तरपूर्वक जनकारी ली। निर्माणाधीन कान्हा गोशाला जमानियां 10 अक्टूबर एवं कान्हा गोशाला सादात को 15 अक्टूबर 2022 तथा वृहद गोशाला पीपनार को माह अक्टूबर 2022 तक पूर्ण कराकर पशुओ को संरक्षित कराने का निर्देश दिया। उन्होने सख्त निर्देश दिया राजमार्गाे पर किसी भी दशा मे निराश्रित गांवश विचरण करते न पाये जाये इसकी जिम्मेदारी स्वयं सम्बन्धित अधिकारी की होगी। बैठक मे मुख्य विकास अधिकारी श्री प्रकाश गुप्ता, मुख्य पशु चिकित्साधिकारी समस्त अधिशासी अधिकारी नगर पालिका परिषद/पंचायत , एवं अन्य सम्बन्धित जनपद स्तरीय अधिकारी उपस्थित थे।

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