शाह फैज स्कूल के छात्र छात्राओं का वार्षिक परीक्षाफल घोषित

गाजीपुर। सोमवार को शाह फैज विद्यालय प्रांगण में वार्षिक परीक्षाफल घोषित किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत विशेष प्रार्थना व दीप प्रज्ज्वलन से हुई। विद्यालय के निदेशक डॉ नदीम अधमी ने विशेष प्रार्थना की साथ ही सभी को वार्षिक परीक्षा फल की बधाई दी व भविष्य में और भी मेहनत करने की सलाह दी।  उसके पश्चात् कक्षा PG  से कक्षा 9 व 11 का परीक्षा परिणाम घोषित किया गया।

प्रधानाचार्य इकरामुल हक़ ने वार्षिक रिपोर्ट में बताया कि इस वर्ष कुल 2285 छात्र -छात्राएं वार्षिक परीक्षा में सम्मिलित। 199 कक्षा 12 व 231 कक्षा 10 की सी बी एस सी परीक्षा में सम्मिलित हुए, जिनका परिणाम प्रतीक्षारत है। वार्षिक परीक्षा का परिणाम 99.5 % रहा। कक्षा PG से शुजा आरफीन एवं अफ्फान ख़ान ,कक्षा एलकेजी से मोहम्मद आरिफ़, शान्वी सिंह, ज़ैनब ख़ान व ऋषभ गौतम ,यूकेजी से सौम्य पांडेय , पंखुड़ी केडिया ,अरशान अहमद, अवनीश पाल एवं आकिफा फातिमा ब्राइट स्टार घोषित किये गए। 

कक्षा 1 से 5 में  निशांत राय  ने 99  9 % , कक्षा 6 से 8 में स्वरित कुमार राय एवं आफ़िया शफ़क़त 97.71 व  कक्षा 9 से 11 में पहल कुशवाहा ने 97.80 अंक प्राप्त कर प्रथम स्थान प्राप्त किया।  प्रत्येक वर्ष की भांति इस वर्ष भी विद्यालय में कनिष्ठ व वरिष्ठ वर्ग में सर्वश्रेष्ठ बालक व बालिका की उपाधि दी गयी। कनिष्ठ वर्ग से कक्षा 5 के निशांत राय व ज़ैनब अमानी व वरिष्ठ वर्ग से कक्षा 8 के स्वरित कुमार  राय  व कक्षा 9 से जुनैरा मसूद को  क्रमशः सर्वश्रेष्ठ बालक व सर्वश्रेष्ठ बालिका की उपाधि दी गयी।

विद्यालय की निदेशिका डॉ मीना अधमी ने भी सभी छात्र-छात्राओं को वार्षिक परीक्षा फल की बधाई दी व अपने माता-पिता व गुरुजनों को धन्यवाद देने को कहा क्योंकि यही वो लोग हैं जिनकी सहायता के बिना कुछ भी संभव नहीं हो सकता। उन्होंने यह भी कहा कि हमें सीखना कभी नहीं बंद करना चाहिए। विद्यालय की मैनेजर मैडम अतिआ अधमी ने भी सभी को वार्षिक परीक्षाफल की शुभकामनायें दीं। 

इस कार्यक्रम में सभी छात्र छात्राएं, निदेशक डॉ नदीम अधमी , निदेशिका डॉ मीना अधमी, वित्तीय एवं शैक्षणिक सलाहकार शमा अधमी, प्रधानाचार्य इकरामुल हक़, उप प्रधानाचार्य (शैक्षणिक) नेहा कुरैशी, परीक्षा नियंत्रक हनीफ अहमद, मुख्यअध्यापिका चंदना श्रीवास्तव, प्री-प्राइमरी इंचार्ज प्रियंका सिंह, माधुरी पांडेय , सुनंदा एवं अन्य शैक्षणिक व गैर शैक्षणिक कर्मचारी उपस्थित थे।

कार्यक्रम की साज सज्जा नुज़हत नसीम , आमना ओबैद , सिमरन जायसवाल, अंकिता दुबे एवं उमेश ने की। कार्यक्रम में गीत की प्रस्तुति शान कुशवाहा व शगुन कुशवाहा तथा अन्य ने की जिसका संगीत श्याम कुमार शर्मा व गिरधर शर्मा ने दिया।। कार्यक्रम का सञ्चालन उप प्रधानाचार्य (शैक्षणिक) नेहा कुरैशी, मुख्याध्यापिका चंदना श्रीवास्तव एवं प्रियंका सिंह ने किया।  कार्यक्रम का समापन राष्ट्रगान से हुआ।

                

विदेशों में रोजगार का मिलेगा अवसर:डीएम

गाजीपुर। जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला के अध्यक्षता में कलेक्टेªट कक्ष में शुक्रवार को प्रेसवार्ता का आयोजन किया गया। प्रेसवार्ता मे जिलाधिकारी ने कहा कि उ०प्र० रोजगार मिशन के अन्तर्गत जनपद गाजीपुर के रोजगार के इच्छुक अभ्यर्थियों एवं श्रमिकों को देश व विदेश में रोजगार के अवसर प्रदान कराने हेतु जिला सेवायोजन कार्यालय, गाजीपुर के सहयोग से रोजगार मेला, प्लेसमेन्ट इवेन्ट, कैम्पस प्लेसमेन्ट के माध्यम से देश व विदेशों में जैसे जर्मनी, जापान, इजराइल एवं सऊदी अरब में रोजगार के अवसर प्रदान किए जा रहे है। उन्होने बताया कि वर्तमान में देश व विदेश में रोजगार हेतु  नियोजक Pramokash Outsourcing Services Private limited  द्वारा दिल्ली, अहमदाबाद, सूरत, रोजकोट, जामनगर, में भिन्न-भिन्न कम्पनियों में उम्र 18 से 48 वर्ष रोजगार के इच्छुक अभ्यर्थियों (पुरुष/महिला) के 1800 पदों पर स्थायी रूप से रोजगार मेला के माध्यम से निःशुल्क जॉब के अवसर प्रदान किये जायेंगे तथा चयनित अभ्यर्थियों को कम्पनी द्वारा गाजीपुर मुख्यालय से जॉब लोकेशन तक निःशुल्क बस सेवा भी प्रदान की जायेगी। इस कम्पनी/नियोजकके माध्यम से5वीं/8वीं/10वीं/12वीं/आई०टी०आई० सभी ट्रेड/डिप्लोमा/ग्रेजुएट पास अभ्यर्थियों को हेल्पर, वेल्डर, क्वालिटी चेक मशीन आपरेटर, सुपरवाइजर इत्यादि पदों पर वेतन रू0 18000 से 35000 तक अन्य सुविधाएं प्रदान करते हुए चयन किया जायेगा। जिलाधिकारी ने बताया कि जनपद में बेरोजगारो को रोजगार प्रदान करने हेतु नियोजक मारूती सुजुकी इण्डिया प्रा० लिमिटेड (गुजरात प्लांट) पता हंसलपुर, बेचाराजी मंडल तालुका, अहमदाबाद, गुजरात हेतु शैक्षिक योग्यता-आई०टी०आई० पास एवं उम्र 18 से 26 वर्ष तक के आयु के अभ्यर्थियों को एफ0टी0सी (फिक्स टर्म कन्टेªक्ट) के 500 पदों पर 36 महीने के अनुबंध पर रू0 25300.00 प्रतिमाह सी0टी0सी $ अन्य सुविधाओं पर दिनांक-04 जून, 2026 को राजकीय, आई०टी०आई०, गाजीपुर में कैम्पस प्लेसमेन्ट ड्राइव के द्वारा वीजन इण्डिया के माध्यम से निःशुल्क भर्ती किया जायेगा तथा चयनित अभ्यर्थियों को कम्पनी द्वारा गाजीपुर मुख्यालय से जॉब लोकेशन तक निःशुल्क बस सेवा भी प्रदान की जायेगी। विदेशों में रोजगार के अवसर रोजगार संगम पोर्टलhttps://rojgaarsangam.up.gov.in  के माध्यम से जर्मनी, जापान, इजराइल एवं सऊदी अरब देश में नर्सिंग/ केयरगीवर /केयर टेक्रर /पेसेन्ट केयर / कन्स्टेªक्शन वर्कर इत्यादि जॉब रोल पर आयु सीमा 20 से 48 वर्ष तक के पासपोर्टधारी महिला एवं पुरूष अभ्यर्थियों का रोजगार हेतु ऑनलाइन आवेदन लिए जा रहें है। इसी क्रम में Blinkit     फारूखनगर, गुरुग्राम में पीकिंग एण्ड पैकिंग के 500 पदों पर न्यूनतम योग्यता 10 वी पास तथा उम्र 21 से 35 वर्ष के अभ्यर्थियों को रू0 20000.00 प्रतिमाह सी0टी0सी $ अन्य सुविधाओं सहित आगामी रोजगार मेला के माध्यम से रोजगार के इच्छुक युवाओं का निःशुल्क चयन किया जायेगा। उन्होने बताया कि विदेश में जॉब करने हेतु अभ्यर्थी को 06 माह का टेªनिक उनकी भाषाओं को सिखया जायेगा जो निःशुल्क रहेगा। विदेशी भाषा प्रशिक्षण जर्मनी, जापान व रूस देश में विभिन्न जॉब रोल में रोजगार हेतु जनपद के इच्छुक अभ्यर्थियों को सेवायोजन विभाग के माध्यम से विदेशी भाषा प्रशिक्षण प्रदान करने हेतु गूगल फार्म के माध्यम से आवेदन प्राप्त किये जायेगे। अधिक जानकारी हेतु सेवायोजन विभाग द्वारा निःशुल्क हेल्पलाइन नं 155330 की सुविधा प्रदान की गयी है।
         उन्होने बताया कि जर्मनी में में जॉव हेतु नर्सिंग/ केयरगीवर /केयर टेक्रर /पेसेन्ट केयर / कन्स्टेªक्शन वर्कर के पद महिला एवं पुरूष को मिलाकार कुल 1000 अभ्यर्थियों की आवश्यकता है जिसमें लगभग वेतन रू0- 2,25000 हजार आयु सीमा 20 से 35 वर्ष का हो जिसमें अनुबन्ध अवधि -03 वर्ष$नवीनीकरण, जापान में केयरगीवर के 50 पद हेतु हेतु महिला/पुरूष पात्र अभ्यर्थियों को लगभग वेंतन रू0 116976 का आयु सीमा 20 से 27 वर्ष हो जिसमें अनुबन्ध अवधि 05 वर्ष$नवीनीकरण किया जायेगा, इजराईल देश में होम बेस केयरगीवर के 5000 पद हेतु हेतु महिला/पुरूष पात्र अभ्यर्थियों को लगभग वेंतन रू0 131818 का आयु सीमा 20 से 45 वर्ष हो जिसमें अनुबन्ध अवधि 02 वर्ष$नवीनीकरण, सरूदी अरब में रोजगार हेतु फेब्रीकेशन सुपरवाईजर के 05 पद हेतु हेतु केवल पुरूष पात्र अभ्यर्थियों को लगभग वेंतन रू0 99188 का आयु सीमा 30 से 48वर्ष हो जिसमें अनुबन्ध अवधि 02 वर्ष$नवीनीकरण किया जायेगा। इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी आलोक प्रसाद, अपर जिलाधिकारी भू0/रा0 आयुष चौधरी, जिला सेवायोजन अधिकारी एवं अन्य कर्मचारी उपस्थित रहे।

सातों तहसीलों के जिलाध्यक्षों के साथ जिलाध्यक्ष ने की बैठक

गाजीपुर। शुक्रवार को समाजवादी पार्टी के सातों विधानसभा अध्यक्षों के साथ एक आवश्यक बैठक जिलाध्यक्ष गोपाल यादव की अध्यक्षता में पार्टी कार्यालय समता भवन पर सम्पन्न हुई।
इस बैठक में संगठन को बूथ स्तर तक मजबूत और संगठित करने, मतदाता सूची में छूटे नाम बढ़ाने, मतदाता सूची में त्रुटिपूर्ण नाम को शुद्ध करने तथा क ई बार एक ही नाम मतदाता सूची में आने पर उसे सही करने आदि पर विस्तृत रूप से चर्चा हुई।
जिलाध्यक्ष गोपाल यादव ने सांगठनिक कार्यों को जल्द से जल्द पूरा करने का निर्देश देते हुए कहा मुल्क संकट में है। पेट्रोल, डीजल, ईंधन गैस के दामों में लगातार बढ़ोतरी पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा देश की जनता बहुत ही दुखी और तकलीफ़ में हैं। मंहगाई की मार से गरीब जनता की कमर पूरी तरह से टूट चुकी है। उसका चुल्हा जलना काफी कठिन हो गया है। लेकिन देश के प्रधानमंत्री मोदी जी को गरीबों के दुख तकलीफ़ से कुछ भी लेना-देना नहीं है। वह रील बनाने और मेलोडी टाफी के प्रचार-प्रसार में व्यस्त हैं। आजादी के बाद इस देश में इतनी संवेदनहीन सरकार कभी नहीं रही। इस बैठक में पीडीए की सरकार बनाकर अखिलेश जी को मुख्यमंत्री बनाने का संकल्प लिया गया।
इस बैठक में अवधेश यादव, जै हिंद यादव,रामकृत यादव, अनिल यादव, कमलेश यादव, राजेन्द्र यादव, तहसीन अहमद के साथ साथ पार्टी के कई नेता और पदाधिकारी मौजूद रहे। संचालन जिला महामंत्री कन्हैया लाल विश्वकर्मा ने किया।

समयसीमा के अंदर निर्माणाधीन कार्यों को कराएं पूरा:डीएम

जिलाधिकारी ने निर्माणाधीन नर्सिंग कॉलेज/छात्रावा एवं  200 बेड महिला छात्रावास का किया स्थलीय निरीक्षण, जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला


गाजीपुर। जनपद में संचालित निर्माण कार्यों की गुणवत्ता एवं प्रगति की समीक्षा के क्रम में जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला द्वारा शुक्रवार को मेडिकल कालेज में निर्माणाधीन नर्सिंग कॉलेज एवं छात्रावास, ददरी घाट के पास बनाये जा रहे निर्माणाधीन 200 बेड महिला छात्रावास का स्थलीय निरीक्षण किया गया।

निरीक्षण के दौरान उन्होंने कार्यदायी संस्था एवं संबंधित अधिकारियों को निर्माण कार्य निर्धारित मानकों एवं समयसीमा के अंतर्गत पूर्ण कराने के निर्देश दिए। सर्वप्रथम जिलाधिकारी ने निर्माणाधीन नर्सिंग कॉलेज का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने भवन निर्माण की प्रगति, निर्माण सामग्री की गुणवत्ता, कक्षों की संरचना, प्रयोगशाला, पुस्तकालय, पेयजल एवं विद्युत व्यवस्था सहित अन्य आवश्यक सुविधाओं का अवलोकन किया।

उन्होंने कार्यदायी संस्था से निर्माण कार्य की प्रगति की विस्तृत जानकारी प्राप्त करते हुए कहा कि नर्सिंग कॉलेज भविष्य में स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। उन्होंने निर्देशित किया कि निर्माण कार्य में गुणवत्ता के साथ 30 जून, 2026 तक कार्यदायी संस्था को पूर्ण करने का निर्देश  दिया। इसमें किसी प्रकार का समझौता न किया जाए तथा सभी कार्य तकनीकी मानकों के अनुरूप पूर्ण करा लिया जाय।


        इसके उपरांत जिलाधिकारी ने निर्माणाधीन 200 बेड महिला छात्रावास का निरीक्षण किया। उन्होंने छात्रावास में बनने वाले आवासीय कक्षों, सुरक्षा व्यवस्था, स्वच्छता, पेयजल, शौचालय एवं अन्य आधारभूत सुविधाओं के संबंध में जानकारी प्राप्त की। जिलाधिकारी ने कहा कि छात्राओं को सुरक्षित एवं सुविधायुक्त वातावरण उपलब्ध कराना शासन की प्राथमिकता है। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि निर्माण कार्य को निर्धारित समयावधि में पूर्ण करते हुए छात्राओं की आवश्यकताओं को ध्यान में रखा जाए।

साथ ही उन्होंने निर्माण स्थल पर सुरक्षा मानकों का पालन सुनिश्चित करने के भी निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान मुख्य विकास अधिकारी आलोक प्रसाद, जिला विकास अधिकारी सुभाष चन्द्र सरोज, अर्थ एवं संख्याधिकारी चन्द्रशेखर प्रसाद, मेडिकल कालेज के प्राचार्य एवं संबंधित विभागों के अधिकारी, कार्यदायी संस्था अधिकारी एवं अन्य कर्मचारी उपस्थित रहे।

आपदा में क्षति का शिकार हुए लोगों को दिलाए मुख्यमंत्री आवास:डीएम

गाजीपुर। अनुपम शुक्ला जिलाधिकारी द्वारा विकास खण्ड वाराचवर में खण्ड विकास अधिकारी कक्ष एवं लिपिक कार्यालय कक्ष का अनावरण आलोक प्रसाद मुख्य विकास अधिकारी महोदय, सुभाष चन्द्र सरोज जिला विकास अधिकारी , सीमा कुमारी-खण्ड विकास अधिकारी, ब्रजेन्द्र कुमार सिंह, ब्लाक प्रमुख ग्राम प्रधान/क्षेत्र पंचायत सदस्य एवं विकास खण्ड के समस्त अधिकारी/कर्मचारी की उपस्थिति में शुक्रवार को किया गया।

तत्पश्चात जिलाधिकारी द्वारा विकास खण्ड कार्यालय, सभागार, विकास खण्ड परिसर में स्थित सामुदायिक शौचालय, सहायक विकास अधिकारी (पं.) कक्ष, एवं एन.आर.एल.एम कार्यालय का निरीक्षण भी किया गया। निरीक्षण के उपरांत जिलाधिकारी , मुख्य विकास अधिकारी एवं जिला विकास अधिकारी द्वारा हरिशंकरी पौधरोपण का कार्य किया गया। विकास खण्ड सभागार में समस्त विकास खण्ड के अधिकारियों एवं कर्मचारियों की बैठक में उन्हें ससमय शासकीय कार्यों का निष्पादन करने हेतु निर्देशित किया गया।

जिलाधिकारी द्वारा जनगणना- 2026 हेतु 22 मई से 20 जून 2026 तक प्रगणक को अपेक्षित सहयोग हेतु निर्देश दिया गया, फार्मर रजिस्ट्री कार्य हेतु शत-प्रतिशत पूर्ण कराये जाने हेतु निर्देश दिया गया। वित्तीय वर्ष 2025-26 के कार्य को पूर्ण करते हुए कार्यपूर्णता उपलब्ध कराने एवं वित्तीय वर्ष 2026-27 के नये कार्यों की कार्य योजना उपलब्ध कराते हुए प्रारम्भ कराने हेतु निर्देशित किया गया।

विगत दिनों में आये तूफान में आपदा से हुई क्षति में तहसील से सूची प्राप्त कर पात्र लाभार्थियों को मुख्य मंत्री आवास उपलब्ध कराने हेतु निर्देशित किया गया। आगामी बरसात के दृष्टिगत ग्राम पंचायतों में नाली को तत्काल मरम्मत/निर्माण कराये जाने हेतु निर्देशित किया गया। समस्त ग्राम पंचायतों के पंचायत भवन में पुलिस कान्स्टेबल को भी बैठने की व्यवस्था हेतु निर्देशित किया गया। समस्त ग्राम पंचायतों में खेल का मैदान निर्माण कराये जाने हेतु निर्देशित किया गया।

महिला पीजी कॉलेज में ‘प्री पीएचडी कोर्स वर्क’ का हुआ औपचारिक शुभारंभ

गाजीपुर। राजकीय महिला महाविद्यालय महुआबाग में शुक्रवार को महाविद्यालय के सत्र 2024 के नवीन शोधार्थियों हेतु ‘प्री पीएचडी कोर्स वर्क’ का औपचारिक शुभारंभ किया गया। महाविद्यालय पीएचडी कोर्सवर्क कार्यक्रम के संयोजक डॉ निरन्जन कुमार यादव ने शोधार्थियों को शोध काल में होने वाली प्रक्रियाओं के बारे में अवगत करते हुए उनका संक्षिप्त परिचय कराया। डॉ निरन्जन के अनुसार, एक शोधार्थी को प्रवेश के छह महीने बाद अपने विषय के बारे में अपने शोध निर्देशक से अधिक पता होना चाहिए अर्थात् उसे पर्याप्त मात्रा में तथ्य एकत्रित कर लेना चाहिए। उन्होंने शोधार्थियों को नियमित रूप से अध्ययन करते रहने तथा अपने साथी शोधार्थियों व शोध निर्देशक से जुड़े रहने की सलाह दी।


कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रही, महाविद्यालय की प्राचार्या डॉ अनीता कुमारी ने नवीन शोधार्थियों का स्वागत करते हुए उन्हें महाविद्यालय के संसाधनों व व्यवस्थाओं से परिचित कराया तथा उनका समुचित उपयोग करने का सुझाव दिया। उन्होंने कहा कि शोध का अर्थ ही है कुछ नया खोजना और इसके लिए अध्ययन अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने शोधार्थियों को महाविद्यालय में एक अच्छा पर्यावरण मिलने के प्रति आश्वस्त दिया।


कार्यक्रम के विशिष्ट अतिथि कटरा विश्वविद्यालय, जम्मू के हिंदी के असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ गौरव त्रिपाठी ने शोधार्थियों को दो मुख्य सुझाव दिया। प्रथम यह कि शोध विषय अपनी रुचि का होना चाहिए। क्योंकि जब कार्य अपने मन का होता है तो संतोषजनक एवं आनंददायी होता है। दूसरा उन्हें आगाह करते हुए दिया कि पीएचडी रोजगार का कोई लाइसेंस नहीं है। किन्तु यदि शोध कार्य मन से किया जाय तो कोई लाभ हो या न हो, कोई हानि नहीं होगी। इसके लिए उन्होंने अपने क्षेत्र से जुड़े लोगों से निरंतर मिलते रहने व नया जानते रहने की सलाह दिया। उन्होंने डॉ यशपाल के एक कथन को उद्धृत करते हुए कहा कि कुछ भी कार्य करो,मज़ा ज़रूर आना चाहिए। तत्पश्चात् उन्होंने ‘अंधा युग’ नाटक की कुछ पंक्तियों का मंचन करते हुए अपने अभिनय कौशल का परिचय कराया।


कार्यक्रम के मुख्य सारस्वत वक्ता वरिष्ठ साहित्यकार और चिंतक प्रोफेसर डॉ आनंद सिंह ने सर्वप्रथम शोधार्थियों को उनकी नयी यात्रा और उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाए दिया। उन्होंने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में विद्यार्थियों व शोधार्थियों में आगे बढ़ने की प्रबल इच्छा होती है परन्तु साथ ही उन्हें बाधाएँ भी मिलती हैं। संसाधनों की कमी उनमें प्रमुख है। राजकीय महिला महाविद्यालय के संबंध में उन्होंने कहा कि इस महाविद्यालय का जनपद में शीर्षस्थ स्थान है। यहाँ के विद्वान प्राध्यापक को में अद्भुत समन्वय है, तथा उनकी दिली इच्छा है कि यहाँ के विद्यार्थियों को श्रेष्ठ ज्ञान प्राप्त हो। शोधार्थियों में धैर्य को आवश्यक बताते हुए उन्होंने कहा कि शोधार्थी एक रोमैंटिक प्राणी होता है जिसे अपने विषय से संबंधित प्रत्येक भाग से प्रेम होता है। शोध के अर्थ को स्पष्ट करते हुए उन्होंने कहा कि शोध विकास की श्रृंखला है।

यह चेतना के विकास में सहायक है तथा एक अच्छा शोधार्थी नियमित रूप से अपने व्यक्तित्व को निखारना चाहता है। डॉ आनंद ने गुरु मंत्र देते हुए कहा कि यदि कुछ नया करना है तो इसके लिए पुराने को जानना आवश्यक है तथा इसके लिए अध्ययन अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने बताया कि शोध उच्च शिक्षा का मानक नहीं अपितु ज्ञान संस्कृति का अभिन्न हिस्सा है, ज्ञात से अज्ञात की ओर बढ़ना है। शोधार्थियों का उत्साहवर्द्धन करते हुए उन्होंने कहा कि एक शोधार्थी सारे रहस्य, धुंध को छाँट देता है व अज्ञात का एक हिस्सा खोल देता है तथा आनंद तो अज्ञात में ही है, अस्पष्ट को स्पष्ट करने की प्रक्रिया में ही है।

उन्होंने शोधार्थियों को उनके शोध निर्देशकों व पुस्तकालय की सहायता लेने के लिए प्रेरित किया तथा ए आई के पक्ष-विपक्ष से उन्हें अवगत कराया। अपने वक्तव्य के अन्त में उन्होंने कहा कि आपके पंखों में जितनी ताक़त होगी, आप उतनी ही दूर जाएंगे, विश्वास करिए तो सारा आकाश आपका है, माँ सरस्वती को प्रणाम करिए, ज्ञान को प्रणाम करिए‌। कार्यक्रम का संचालन डॉ निरन्जन कुमार यादव व डॉ शिव कुमार ने संयुक्त रूप से किया। इसके पूर्व सभी शोधार्थियों ने अपना विस्तृत परिचय दिया तथा कार्यक्रम के मुख्य अतिथि एवं विशिष्ट अतिथि का प्राचार्य प्रोफेसर अनिता कुमारी ने पुष्प गुच्छ एवं अंग वस्त्र देकर सम्मानित किया। धन्यवाद ज्ञापन डॉ शशिकला ने किया।


कार्यक्रम में महाविद्यालय के डॉ शंभू शरण प्रसाद, डॉ सारिका सिंह, डॉ संगीता मौर्य, डॉ गजनफर सईद, डॉ रामनाथ केसरवानी,डॉ आनंद कुमार चौधरी, डॉ मनीष कुमार सोनकर, डॉ शिखा सिंह आदि शोध पर्यवेक्षक एवं हिंदी, जंतु विज्ञान, अंग्रेजी, उर्दू, मनोविज्ञान, गृहविज्ञान, इतिहास आदि विषयों के नवीन शोधार्थी उपस्थित रहे।

दस दिन के अंदर कराया गया सैकड़ों मामलों का निस्तारण:डीएम

गाजीपुर। जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला के अध्यक्षता में कलेक्टेªट कक्ष में गुरुवार को प्रेसवार्ता का आयोजन किया गया। प्रेसवार्ता मे जिलाधिकारी ने कहा कि जनपद मे 12 मई 2026 अबतक  राजस्व विभागो के निस्तारण, राजस्व न्यायालयो ने जो फैसले दिये है उसका जमीन स्तर पर इम्प्रिमेंटेशन का कार्य किये जा रहे है। उन्होने बताया कि जनपद मे 700 से अधिक प्रकरणो का निस्तारण 8 से 9 दिनो मे कराया गया है। इसमे 140 हेक्टेयर भूमि खाली करायी गयी है। जिसमे विभिन्न तहसीलो, राजस्व , पुलिस ,ब्लाको की टीमें लगी रही है। इसमे धारा 24 जो पैमाईश के मामले है, धारा 116 जो बटवारा के मामले है तथा धारा 67 जो सरकारी भूमि कब्जा का मामला है उसका भी निस्तारण कराया गया हैं । उन्होने बताया कि इस मामलो मे जब राजस्व कर्मचारी  फिल्ड मे जाते है तो वे किसी न किसी आदेश के क्रम मे जाते है अगर जनता को कोई शिकायत है तो वे उनके उच्च अधिकारी से सम्पर्क स्थापित कर उन्हे बात कह सकते है और यदि न्यायालय का आदेश है तो वे अपील दायर कर सकते है। उन्होने कहा कि यदि अपील लम्बे समय से दायर है तो वे न्यायालय मे स्टे भी प्राप्त कर सकते है, ये उनका अधिकार है। उन्होने कहा कि मौके पर राजस्व कर्मचारी को कार्य न करने देने ,  राजस्व अधिकारी के साथ गुंडागर्दी करना अपराध की श्रेणी मे आते है। उन्होने कहा कि इस तरह का कृत्य कही पर किया जाता है तो उनके विरूद्ध दण्डात्मक कार्यवाही प्रस्तावित की जायेगी । जिलाधिकारी ने जनपदवासियों से अपील किया कि इस तरह के कृत्य मे न पड़े और यदि इस तरह की शिकायत प्राप्त होती है तो उनके विरूद्ध दण्डात्मक कार्यवाही के साथ एन एस ए या गुंडा एक्ट या गैंगेस्टर के तहत कार्यवाही की जायेगी। जिलाधिकारी ने सख्त लहजे मे कहा कि अराजक तत्व इस तरह कृत्य मे मन पड़े, जिससे शासकीय कार्य मे बाधा उत्पन्न हो। उन्होने कहा कि कोर्ट के प्रक्रिया का मिस्यूज करने का प्रयास न करे, न्याय का पालन करें, सही का साथ दें, जो व्यक्ति गलत का साथ देगा उसके विरूद्ध प्रशासन अपना पूरा तंत्र लगाकर दण्डात्मक कार्यवाही हेतु तैयार रहेगा, इसलिए सतर्क रहे, गुमराह न हो, क्योकि कुछ लोग अपने फायदे के लिए लोगो को गुमराह करने का प्रयास करते है। उन्होने कहा कि जनता दर्शन मे प्रतिदिन पीड़ितो को जनसुनवाई के माध्यम से न्याय दिये जाने का प्रयास किया जा रहा है।

नगर पालिका की नागरिक सेवाएं सहित अन्य योजनाए होगी आनलाईन

नवयुग पालिका योजना के 8 सदस्यी समिति का गठन, नगर पालिका की नागरिक सेवाएं सहित अन्य योजनाए होगी आनलाईन


गाजीपुर। नवयुग पालिका योजना के तहत 58 जिला मुख्यालयों के नगरीय निकायों को आधुनिक सुविधाओं से लैस किया जाएगा। राज्य सरकार ने पहली बार नगर निगमों से बाहर के नगरीय निकायों, विशेषकर जिला मुख्यालय स्थित नगर पालिका परिषदों को प्राथमिकता देते हुए विकास की नई रूपरेखा तैयार की है। योजना के अंतर्गत 55 नगर पालिका परिषदों को शामिल किया गया है। प्रत्येक वर्ष 583.20 करोड़ रूपये खर्च किये जायेगे। पांच वर्ष में इस योजना को सन् 2030 तक पूर्ण किया जाना है। नवयुग पालिका योजना के माध्यम से स्मार्ट सिटी की तर्ज पर डिजिटल गवर्नेन्स, ई-सेवाओं और तकनीकी समाधान को बढ़ावा दिया जाएगा। इससे नागरिक सेवाएं अधिक पारदर्शी, त्वरित और प्रभावी बनेंगी। इसके तहत सड़कों, जल निकासी, पेयजल, प्रकाश व्यवस्था और अन्य नागरिक सुविधाओं का व्यापक विकास किया जाएगा। जिला मुख्यालयों को विकसित करने से विभिन्न मंडलों के बीच विकास असमानताओं को कम करने में मदद मिलेगी। इससे नगर निगमों से बाहर के क्षेत्रों में भी आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा और संतुलित शहरी विकास सुनिश्चित होगा। परियोजनाओं के चयन के लिए जनपद स्तर पर जिलाधिकारी की अध्यक्षता में 8 सदस्यी समितियों का गठन किया गया है, जिसमें जिलाधिकारी अध्यक्ष, प्रभारी अधिकारी स्थानीय निकाय सचिव, अधिशासी अधिकारी नगर पालिका परिषद गाजीपुर समन्वय सदस्य, अधिशासी अभियन्ता लोक निर्माण विभाग गाजीपुर सदस्य, वरिष्ठ कोषाधिकारी गाजीपुर सदस्य, जिला शासकीय अधिवक्ता कृपाशंकर राय गाजीपुर सदस्य व निर्गुण दास केशरी उद्योग व्यापार मण्डल, विजय शंकर वर्मा उद्योग व्यापार मण्डल, निशान्त सिह सामाजिक कार्यकर्ता को विशेष आमंत्रित सदस्य बनाया गया है। नगर पालिका में स्मार्ट सिटी योजना के तहत आधुनिक सुविधाओं का विस्तार किया जा रहा है। “नवयुग पालिका योजना” के अंतर्गत उत्सव भवन, ऑडिटोरियम, प्रदर्शनी केंद्र, पार्कों का विकास तथा विद्युत व्यवस्था के आधुनिकीकरण जैसे कार्य कराए जाएंगे।

अधिक से अधिक युवाओं को लाभान्वित कराने का किया जाए प्रयास:डीएम

गाजीपुर। जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला की अध्यक्षता में उत्तर प्रदेश रोजगार मिशन के अन्तर्गत जिला कार्यकारी समिति की बैठक गुरुवार को सम्पन्न हुई। बैठक में जिला सेवायोजन अधिकारी सहित जिला कार्यकारी समिति के सभी सम्मानित अधिकारी/जिले के प्रमुख उद्योग संगठन के प्रतिनिधि उपस्थित रहें। बैठक का मुख्य उद्देश्य प्रदेश सरकार द्वारा चलाए जा रहे रोजगार सृजन कार्यक्रमों का आयोजन तथा जनपद स्तर पर युवाओं को अधिक से अधिक रोजगार/स्व-रोजगार उपलब्ध कराने के प्रयास किये जाने का निर्णय लिया गया।

जिलाधिकारी द्वारा निर्देशित किया गया कि रोजगार संगम पोर्टल-https://rojgaarsangam.up-gov.in  पर जनपद के नियोजकों एवं युवाओं का पंजीकरण कराने का प्रयास करते हुए रोजगार मेला एवं कौशल प्रशिक्षण कार्यक्रमों से अधिक से अधिक युवाओं को लाभान्वित कराने का प्रयास किये जॉय। साथ ही जर्मनी, जापान, सऊदी अरब और इजराइल देश में रोजगार के अवसरों के लिए विशेष अभियान एवं कार्यशाला के माध्यम से प्रचार-प्रसार कर लाभान्वित कराया जाय। इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी आलोक प्रसाद, डिप्टी कलेक्टर/प्रभारी अधिकारी डूडा विनोद जोसी, परियोजना निदेशक दीनदयाल वर्मा, जिला सेवायोजन अधिकारी विवेकानन्द सिंह एवं अन्य सम्बन्धित अधिकारी कर्मचारी उपस्थित रहे।

भारत रत्न स्व: राजीव गांधी की पुण्यतिथि पर कांग्रेसियों ने अर्पित की श्रद्धांजलि

भारत रत्न स्वर्गीय राजीव गांधी की पुण्यतिथि पर कांग्रेसजनों ने अर्पित की श्रद्धांजलि

गाजीपुर। भारत रत्न एवं देश के पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी की पुण्यतिथि के अवसर पर कैंप कार्यालय सकलेनाबाद में गुरुवार को श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में कांग्रेस पार्टी के वरिष्ठ नेताओं, पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने स्वर्गीय राजीव गांधी के चित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी तथा उनके बताए मार्ग पर चलने का संकल्प लिया। इस अवसर पर जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष सुनील राम ने कहा कि “राजीव गांधी जी ने भारत को 21वीं सदी की ओर ले जाने का ऐतिहासिक सपना देखा था। सूचना प्रौद्योगिकी, दूरसंचार क्रांति, पंचायती राज व्यवस्था तथा युवाओं को राजनीति में भागीदारी देने की दिशा में उनका योगदान सदैव स्मरणीय रहेगा। उनका संपूर्ण जीवन देश की एकता, अखंडता और विकास के लिए समर्पित रहा।” शहर कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष संदीप विश्वकर्मा ने कहा कि “राजीव गांधी जी ने आधुनिक सोच एवं नई तकनीक के माध्यम से भारत को नई दिशा देने का कार्य किया। आज देश जिस डिजिटल और तकनीकी भारत की बात करता है, उसकी मजबूत नींव राजीव गांधी जी ने ही रखी थी। कांग्रेस कार्यकर्ता उनके आदर्शों और विचारों को जन-जन तक पहुंचाने का कार्य निरंतर करते रहेंगे।”पूर्व मंत्री सुरेंद्र सिंह एवं पूर्व विधायक अमिताभ अनिल दुबे ने संयुक्त रुप से कहा कि “राजीव गांधी जी दूरदर्शी एवं विकासवादी नेता थे। उन्होंने युवाओं, किसानों, गरीबों एवं आम जनता के उत्थान के लिए अनेक ऐतिहासिक निर्णय लिए। भारतीय लोकतंत्र को मजबूत करने में उनका योगदान अविस्मरणीय है। उनकी शहादत देश के लिए अपूरणीय क्षति थी।”एआईसीसी सदस्य रविकांत राय एवं पूर्व जिला अध्यक्ष डॉ मार्कंडेय सिंह ने संयुक्त रूप से कहा कि “राजीव गांधी जी का व्यक्तित्व सरल, सौम्य एवं प्रगतिशील सोच का प्रतीक था। उन्होंने विज्ञान, संचार एवं शिक्षा के क्षेत्र में भारत को नई दिशा प्रदान की। कांग्रेस पार्टी उनके विचारों और सिद्धांतों को समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है।”
श्रद्धांजलि सभा में प्रमुख रूप से जनक कुशवाहा अजय कुमार श्रीवास्तव ज्ञान प्रकाश सिंह राघवेंद्र जी चंद्रिका सिंह राजीव सिंह हामिद अली सतीश उपाध्याय मोहम्मद अयूब शबाना बेगम राघवेंद्र चतुर्वेदी देवेंद्र कुमार सिंह दीनानाथ पारस उपाध्यक्ष चंद्रशेखर आर्य अजय कुमार दुबे बृजेश कुमार गौतम महेंद्र कुशवाहा अरविंद कुमार मौर्य कामता सिंह सतीश सिंह मुस्ताक अली अखिलेश कुमार यादव राजेश कुमार विश्वकर्मा मनोज कुमार विश्वकर्मा साहिल अंसारी एवं पार्टी के वरिष्ठ नेता एवं पदाधिकारी एवं बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं की उपस्थिति रही।

राज्यसभा सांसद डा.संगीता बलवंत ने धोबिया घाट व खिड़की घाट के पक्कीकरण और सुंदरीकरण के लिए जल शक्ति मंत्री को लिखा पत्र

गाजीपुर। जनपद  के नगर पालिका क्षेत्र अंतर्गत स्थित धोबिया घाट एवं खिड़की घाट के पक्कीकरण और सुंदरीकरण को लेकर राज्यसभा सांसद डॉ. संगीता बलवंत ने उत्तर प्रदेश सरकार के जल शक्ति मंत्री को पत्र लिखकर आवश्यक कार्रवाई किए जाने की मांग की है। सांसद द्वारा उठाए गए इस मुद्दे को क्षेत्रीय जनता से जुड़ी एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है।

राज्यसभा सांसद डॉ. संगीता बलवंत ने अपने पत्र में उल्लेख किया है कि नगर पालिका गाजीपुर के अंतर्गत आने वाले धोबिया घाट और खिड़की घाट धार्मिक एवं सामाजिक दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण स्थान हैं। इन घाटों पर प्रतिदिन बड़ी संख्या में लोग स्नान, पूजा-पाठ तथा दाह संस्कार के लिए पहुंचते हैं। दाह संस्कार के उपरांत हजारों श्रद्धालु यहां स्नान करते हैं, जिससे इन घाटों की उपयोगिता और अधिक बढ़ जाती है।

सांसद ने पत्र में कहा कि वर्तमान समय में इन घाटों की स्थिति बेहतर नहीं होने के कारण स्थानीय नागरिकों और श्रद्धालुओं को कई प्रकार की परेशानियों का सामना करना पड़ता है। बरसात एवं अन्य मौसमों में घाटों पर फिसलन, गंदगी और अव्यवस्था जैसी समस्याएं बनी रहती हैं। ऐसे में घाटों का पक्कीकरण एवं सुंदरीकरण कराया जाना अत्यंत आवश्यक हो गया है, ताकि आमजन को सुरक्षित एवं बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराई जा सकें।

उन्होंने जल शक्ति मंत्री से आग्रह करते हुए कहा कि जनहित एवं श्रद्धालुओं की सुविधाओं को ध्यान में रखते हुए धोबिया घाट और खिड़की घाट के विकास कार्य को प्राथमिकता के आधार पर स्वीकृति प्रदान की जाए। सांसद ने कहा कि घाटों के सुंदरीकरण से न केवल धार्मिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा, बल्कि नगर क्षेत्र की स्वच्छता और सौंदर्यीकरण में भी सकारात्मक परिवर्तन देखने को मिलेगा।

राज्यसभा सांसद की इस पहल को लेकर क्षेत्रीय नागरिकों में खुशी और उत्साह का माहौल है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि घाटों का पक्कीकरण और सुंदरीकरण होता है तो इससे श्रद्धालुओं को काफी सहूलियत मिलेगी तथा क्षेत्र का धार्मिक महत्व भी और अधिक बढ़ेगा।

सांसद डॉ. संगीता बलवंत द्वारा उठाया गया यह मुद्दा अब क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है और लोगों को उम्मीद है कि सरकार जल्द ही इस दिशा में सकारात्मक कदम उठाएगी।

Uttar Pradesh Fast News