नेशनल पैरास्वीमिंग चैंपियनशिप में अपना जलवा दिखाएगा गाजीपुर का लाल
सब-जूनियर नेशनल स्विमिंग चैंपियनशिप के लिए काशिमाबाद के वैषणव वर्धन सिंह का सेलेक्शन
गाजीपुर। बेंगलुरू में आयोजित होने वाले वाले 26 वें सब-जूनियर नेशनल पैरास्विमिंग चैंपियनशिप में गाजीपुर के लाल वैष्णव वर्धन सिंह का जलवा देखने को मिलेगा। शारीरिक कमजोरियों के बावजूद अपने हौसलें और काबिलियत से प्रदेश स्तर पर कई बार नाम कमा चुके वैष्णव अब राष्ट्रीय फलक पर अपना जलवा दिखाने को तैयार हैं। कई राउंड के शानदार ट्रायल के बाद वैष्णव का सेलेक्शन इस प्रतियोगिता के लिए हुआ है।
आपको बता दें कि वैष्णव कासिमाबाद के अंतर्गत मिर्जापुर गांव के रहने वाले हैं। उनके पिता अशोक कुमार सिंह सेना में कर्नल की जिम्मेदारी निभाते हुए भारत सरकार के रक्षा मंत्रालय में विशेष कार्य अधिकारी के रूप में तैनात हैं। इससे पहले वे विदेश मंत्रालय के पासपोर्ट डीविजन के निदेशक भी रह चुके हैं। वे दिल्ली में परिवार के साथ रहते हैं। जहां वैष्णव राजधानी के नामी संस्कृति स्कूल में कक्षा 6 के छात्र हैं। वैष्णव को पढ़ाई के साथ-साथ खेलों में खासी दिलचस्पी है। इसी का परिणाम है कि वैष्णव को स्वीमिंग के साथ-साथ प्रदेश स्तर पर स्केटिंग प्रतियोगिता में शानदार प्रदर्शन के लिए कई बार खिताब प्राप्त हुआ है।
नेशनल चैंपियनशिप में सेलेक्शन के बाद वैष्णव के परिवार में खुशी की लहर है। वैष्णव के करियर में सबसे महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाली उनकी माता श्रुतिकिर्ती सिंह ने वैष्णव की सफलता का श्रेय खुद उनके मेहनत, हौसले और अनुशासन को दिया है। आपकी जानकारी के लिए बता दूं कि श्रुतिकिर्ती सिंह राजधानी दिल्ली में दिव्यांग बच्चों को लिए फाउंडेशन चलाने के साथ-साथ तमाम सामाजिक गतिविधियों में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेती रहती है। साथ ही वैष्णव की इस शानदार उपलब्धि में उनकी बहन वैष्णवी का भी बड़ा योगदान रहा है। इंटरमीडियट में पढ़ने वाली वैष्णवी अपने भाई के मनोबल को बढ़ाने के लिए लगातार उसे प्रेरित करती रहती हैं। उनका हौसला बढ़ाने के लिए हर प्रतियोगिता में उनके साथ जाया करती हैं।
वैष्णव की इस उपलब्धि पर वैष्णव के कोच ने कहा कि ये सफलता तो सिर्फ वैष्णव के करियर की शुरूआत है। वैष्णव को अभी बहुत आगे जाना है। उन्होनें वैष्णव के साथ-साथ सभी सेलेक्टेड खिलाड़ियों को बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।



























