प्रगतिशील ग्रामीण पत्रकार एसोसिएशन ने धूमधाम से मनाया हिंदी पत्रकारिता दिवस

प्रगतिशील ग्रामीण पत्रकार एसोसिएशन ने धूमधाम से मनाया हिंदी पत्रकारिता दिवस
पत्रकारों की सुरक्षा और निश्चित मानदेय की उठी पुरजोर मांग


गाजीपुर। जिला पंचायत सभागार ल में शनिवार को हिंदी पत्रकारिता दिवस के अवसर पर एक भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि वरिष्ठ समाज सेविका मीरा राय और प्रगतिशील ग्रामीण पत्रकार एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष शशिकांत मिश्रा द्वारा मां सरस्वती के चित्र के समक्ष दीप प्रज्वलित कर किया गया। राकेश शर्मा ने सरस्वती वंदना प्रस्तुत की।
कार्यक्रम के दौरान प्रदेश अध्यक्ष शशिकांत मिश्रा, प्रदेश उपाध्यक्ष अखिलानंद तिवारी, मंडल अध्यक्ष कृष्ण मुरारी पाण्डेय, दरोगा पाण्डेय सहित विभिन्न वक्ताओं ने वर्तमान समय में पत्रकारिता के क्षेत्र में आ रही चुनौतियों और पत्रकारों के हितों पर खुलकर अपनी बात रखी। वक्ताओं ने सरकार और समाज से पत्रकारों की सुरक्षा और संरक्षण सुनिश्चित करने की पुरजोर मांग की। इसके साथ ही संस्था के अध्यक्ष अभिषेक सिंह ने ग्रामीण व कस्बाई पत्रकारों के आर्थिक संबल के लिए सरकार द्वारा एक निश्चित मानदेय तय किए जाने की बात पर भी विशेष जोर दिया गया।

समारोह में प्रख्यात कवि बादशाह राही ने अपनी तीखी कविताओं और बेबाक शेर-ओ-शायरी के माध्यम से शासन और प्रशासन की कमियों को उजागर करते हुए उन्हें आईना दिखाने का काम किया, जिसे उपस्थित जनसमूह ने खूब सराहा।
गंभीर चर्चाओं के बीच कार्यक्रम में मनोरंजन का तड़का तब लगा जब प्रसिद्ध मिमिक्री आर्टिस्ट विजय शंकर मंच पर आए। उन्होंने अपनी शानदार मिमिक्री और कलात्मक प्रस्तुति से सभागार में मौजूद सभी पत्रकारों और अतिथियों को हंसने पर मजबूर कर दिया। उनकी प्रस्तुति कार्यक्रम में आकर्षण का मुख्य केंद्र रही और पूरा सभागार ठहाकों से गूंज उठा। कार्यक्रम के दौरान पत्रकारिता जगत की तमाम हस्तियों को उनके योगदान के लिए स्मृति चिन्ह, अंग वस्त्रम, डायरी और पेन देकर सम्मानित किया गया। इस गौरवमयी अवसर पर प्रगतिशील ग्रामीण पत्रकार एसोसिएशन के जिला अध्यक्ष अभिषेक सिंह, महासचिव वसीम रजा, उपाध्यक्ष अनिल कुमार, सह सचिव प्रदीप शर्मा मोनू, कोषाध्यक्ष सुजीत कुमार सिंह, सचिव आय-व्यय सुनील गुप्ता, कार्यकारिणी सदस्य सुनील सिंह, प्रभाकर सिंह, आई बी सिंह, महताब आलम, आसिफ , इक़रार, अजय , आरिफ़ वारसी, मनीष राय, राघवेंद्र, फूलचंद्र, आलोक त्रिपाठी, अशोक श्रीवास्तव, सुमित श्रीवास्तव और सऊद अंसारी सहित भारी संख्या में लोग, प्रबुद्ध नागरिक और पत्रकार बंधु उपस्थित रहे। कार्यक्रम के समापन पर जिला अध्यक्ष अभिषेक सिंह ने दूर-दराज से आए सभी आगंतुकों, अतिथियों और पत्रकार साथियों का आभार व्यक्त करते हुए धन्यवाद ज्ञापन किया।

वैषणव वर्धन सिंह का हुआ नेशनल पैरास्वीमिंग चैंपियनशिप में सलेक्शन

नेशनल पैरास्वीमिंग चैंपियनशिप में अपना जलवा दिखाएगा गाजीपुर का लाल

सब-जूनियर नेशनल स्विमिंग चैंपियनशिप के लिए काशिमाबाद के वैषणव वर्धन सिंह का सेलेक्शन

गाजीपुर। बेंगलुरू में आयोजित होने वाले वाले 26 वें सब-जूनियर नेशनल पैरास्विमिंग चैंपियनशिप में गाजीपुर के लाल वैष्णव वर्धन सिंह का जलवा देखने को मिलेगा। शारीरिक कमजोरियों के बावजूद अपने हौसलें और काबिलियत से प्रदेश स्तर पर कई बार नाम कमा चुके वैष्णव अब राष्ट्रीय फलक पर अपना जलवा दिखाने को तैयार हैं। कई राउंड के शानदार ट्रायल के बाद वैष्णव का सेलेक्शन इस प्रतियोगिता के लिए हुआ है।

आपको बता दें कि वैष्णव कासिमाबाद के अंतर्गत मिर्जापुर गांव के रहने वाले हैं। उनके पिता अशोक कुमार सिंह सेना में कर्नल की जिम्मेदारी निभाते हुए भारत सरकार के रक्षा मंत्रालय में विशेष कार्य अधिकारी के रूप में तैनात हैं। इससे पहले वे विदेश मंत्रालय के पासपोर्ट डीविजन के निदेशक भी रह चुके हैं। वे दिल्ली में परिवार के साथ रहते हैं। जहां वैष्णव राजधानी के नामी संस्कृति स्कूल में कक्षा 6 के छात्र हैं। वैष्णव को पढ़ाई के साथ-साथ खेलों में खासी दिलचस्पी है। इसी का परिणाम है कि वैष्णव को स्वीमिंग के साथ-साथ प्रदेश स्तर पर स्केटिंग प्रतियोगिता में शानदार प्रदर्शन के लिए कई बार खिताब प्राप्त हुआ है।

नेशनल चैंपियनशिप में सेलेक्शन के बाद वैष्णव के परिवार में खुशी की लहर है। वैष्णव के करियर में सबसे महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाली उनकी माता श्रुतिकिर्ती सिंह ने वैष्णव की सफलता का श्रेय खुद उनके मेहनत, हौसले और अनुशासन को दिया है। आपकी जानकारी के लिए बता दूं कि श्रुतिकिर्ती सिंह राजधानी दिल्ली में दिव्यांग बच्चों को लिए फाउंडेशन चलाने के साथ-साथ तमाम सामाजिक गतिविधियों में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेती रहती है। साथ ही वैष्णव की इस शानदार उपलब्धि में उनकी बहन वैष्णवी का भी बड़ा योगदान रहा है। इंटरमीडियट में पढ़ने वाली वैष्णवी अपने भाई के मनोबल को बढ़ाने के लिए लगातार उसे प्रेरित करती रहती हैं। उनका हौसला बढ़ाने के लिए हर प्रतियोगिता में उनके साथ जाया करती हैं।

वैष्णव की इस उपलब्धि पर वैष्णव के कोच ने कहा कि ये सफलता तो सिर्फ वैष्णव के करियर की शुरूआत है। वैष्णव को अभी बहुत आगे जाना है। उन्होनें वैष्णव के साथ-साथ सभी सेलेक्टेड खिलाड़ियों को बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।

शाह फैज स्कूल के छात्र छात्राओं का वार्षिक परीक्षाफल घोषित

गाजीपुर। सोमवार को शाह फैज विद्यालय प्रांगण में वार्षिक परीक्षाफल घोषित किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत विशेष प्रार्थना व दीप प्रज्ज्वलन से हुई। विद्यालय के निदेशक डॉ नदीम अधमी ने विशेष प्रार्थना की साथ ही सभी को वार्षिक परीक्षा फल की बधाई दी व भविष्य में और भी मेहनत करने की सलाह दी।  उसके पश्चात् कक्षा PG  से कक्षा 9 व 11 का परीक्षा परिणाम घोषित किया गया।

प्रधानाचार्य इकरामुल हक़ ने वार्षिक रिपोर्ट में बताया कि इस वर्ष कुल 2285 छात्र -छात्राएं वार्षिक परीक्षा में सम्मिलित। 199 कक्षा 12 व 231 कक्षा 10 की सी बी एस सी परीक्षा में सम्मिलित हुए, जिनका परिणाम प्रतीक्षारत है। वार्षिक परीक्षा का परिणाम 99.5 % रहा। कक्षा PG से शुजा आरफीन एवं अफ्फान ख़ान ,कक्षा एलकेजी से मोहम्मद आरिफ़, शान्वी सिंह, ज़ैनब ख़ान व ऋषभ गौतम ,यूकेजी से सौम्य पांडेय , पंखुड़ी केडिया ,अरशान अहमद, अवनीश पाल एवं आकिफा फातिमा ब्राइट स्टार घोषित किये गए। 

कक्षा 1 से 5 में  निशांत राय  ने 99  9 % , कक्षा 6 से 8 में स्वरित कुमार राय एवं आफ़िया शफ़क़त 97.71 व  कक्षा 9 से 11 में पहल कुशवाहा ने 97.80 अंक प्राप्त कर प्रथम स्थान प्राप्त किया।  प्रत्येक वर्ष की भांति इस वर्ष भी विद्यालय में कनिष्ठ व वरिष्ठ वर्ग में सर्वश्रेष्ठ बालक व बालिका की उपाधि दी गयी। कनिष्ठ वर्ग से कक्षा 5 के निशांत राय व ज़ैनब अमानी व वरिष्ठ वर्ग से कक्षा 8 के स्वरित कुमार  राय  व कक्षा 9 से जुनैरा मसूद को  क्रमशः सर्वश्रेष्ठ बालक व सर्वश्रेष्ठ बालिका की उपाधि दी गयी।

विद्यालय की निदेशिका डॉ मीना अधमी ने भी सभी छात्र-छात्राओं को वार्षिक परीक्षा फल की बधाई दी व अपने माता-पिता व गुरुजनों को धन्यवाद देने को कहा क्योंकि यही वो लोग हैं जिनकी सहायता के बिना कुछ भी संभव नहीं हो सकता। उन्होंने यह भी कहा कि हमें सीखना कभी नहीं बंद करना चाहिए। विद्यालय की मैनेजर मैडम अतिआ अधमी ने भी सभी को वार्षिक परीक्षाफल की शुभकामनायें दीं। 

इस कार्यक्रम में सभी छात्र छात्राएं, निदेशक डॉ नदीम अधमी , निदेशिका डॉ मीना अधमी, वित्तीय एवं शैक्षणिक सलाहकार शमा अधमी, प्रधानाचार्य इकरामुल हक़, उप प्रधानाचार्य (शैक्षणिक) नेहा कुरैशी, परीक्षा नियंत्रक हनीफ अहमद, मुख्यअध्यापिका चंदना श्रीवास्तव, प्री-प्राइमरी इंचार्ज प्रियंका सिंह, माधुरी पांडेय , सुनंदा एवं अन्य शैक्षणिक व गैर शैक्षणिक कर्मचारी उपस्थित थे।

कार्यक्रम की साज सज्जा नुज़हत नसीम , आमना ओबैद , सिमरन जायसवाल, अंकिता दुबे एवं उमेश ने की। कार्यक्रम में गीत की प्रस्तुति शान कुशवाहा व शगुन कुशवाहा तथा अन्य ने की जिसका संगीत श्याम कुमार शर्मा व गिरधर शर्मा ने दिया।। कार्यक्रम का सञ्चालन उप प्रधानाचार्य (शैक्षणिक) नेहा कुरैशी, मुख्याध्यापिका चंदना श्रीवास्तव एवं प्रियंका सिंह ने किया।  कार्यक्रम का समापन राष्ट्रगान से हुआ।

                

बैंक हड़ताल, 300 शाखाओं पर असर

5-दिवसीय बैंकिंग व्यवस्था की मांग पर गाजीपुर में बैंक हड़ताल, 300 शाखाओं पर असर

5-दिवसीय बैंकिंग व्यवस्था की मांग को लेकर गाजीपुर में बैंक कर्मचारियों की राष्ट्रव्यापी हड़ताल

300 के करीब बैंक शाखाओं पर पड़ा असर, 1000 से अधिक अधिकारी-कर्मचारी रहे हड़ताल में शामिल; 150 करोड़ से अधिक का कारोबार प्रभावित होने का दावा

गाजीपुर। औद्योगिक विवाद अधिनियम, 1947 के तहत भारतीय बैंक संघ (IBA) एवं यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियन्स (UFBU) के बीच हुए समझौतों के पूर्ण अनुपालन और 5-दिवसीय बैंकिंग व्यवस्था लागू करने की मांग को लेकर शुक्रवार को आहूत राष्ट्रव्यापी बैंक हड़ताल का गाजीपुर जनपद में व्यापक असर देखने को मिला। हड़ताल के चलते विभिन्न बैंकों की करीब 300 शाखाओं में बैंकिंग सेवाएं प्रभावित रहीं। UFBU के अनुसार, जिले में 1000 से अधिक अधिकारी एवं कर्मचारी हड़ताल में शामिल हुए और इससे 150 करोड़ रुपये से अधिक का बैंकिंग कारोबार प्रभावित हुआ।

हड़ताल के दौरान बैंक कर्मचारियों ने धरना-प्रदर्शन कर अपनी मांगों के समर्थन में आवाज बुलंद की। प्रदर्शन को संबोधित करते हुए UFBU गाजीपुर इकाई के जिला संयोजक एवं UPBEU के जिला मंत्री सत्येन्द्र गुप्ता ने कहा कि 7 दिसंबर 2023 को हस्ताक्षरित एमओयू तथा 8 मार्च 2024 को जारी संयुक्त सेटलमेंट/जॉइंट नोट में शेष सभी शनिवारों को बैंक अवकाश घोषित किए जाने पर स्पष्ट सहमति बनी थी। इसके बावजूद 5-दिवसीय बैंकिंग व्यवस्था लागू नहीं किया जाना बैंक कर्मचारियों के हितों के साथ न्याय नहीं है। उन्होंने कहा कि बैंक कर्मचारी लंबे समय से इस मांग को लेकर लोकतांत्रिक एवं संवैधानिक तरीके से संघर्ष कर रहे हैं। बैंकिंग क्षेत्र में लगातार बढ़ते कार्यदबाव, कर्मचारियों की कमी और कार्य-जीवन संतुलन की आवश्यकता को देखते हुए अब 5-दिवसीय बैंकिंग व्यवस्था समय की मांग बन चुकी है।

सत्येन्द्र गुप्ता ने चेतावनी दी कि यदि 11 सितंबर की एक दिवसीय राष्ट्रव्यापी हड़ताल के बाद भी सरकार की ओर से 5-दिवसीय बैंकिंग व्यवस्था लागू करने के संबंध में कोई ठोस एवं सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया तो आंदोलन को अगले चरण में ले जाया जाएगा। उन्होंने बताया कि 28, 29 और 30 सितंबर 2026 को तीन दिवसीय राष्ट्रव्यापी बैंक हड़ताल प्रस्तावित है। इसके बाद भी मांगों का समाधान नहीं हुआ तो 26 अक्टूबर 2026 से देशभर के बैंक कर्मचारी अनिश्चितकालीन हड़ताल पर जाने के लिए बाध्य होंगे। उन्होंने कहा कि बैंक कर्मचारी संघर्ष नहीं चाहते, बल्कि अपनी जायज मांगों का सम्मानजनक और समयबद्ध समाधान चाहते हैं। सरकार के पास अभी भी वार्ता के माध्यम से समस्या का समाधान करने का अवसर है। अनिश्चितकालीन हड़ताल की स्थिति उत्पन्न होने से पहले 5-दिवसीय बैंकिंग व्यवस्था लागू करने की प्रक्रिया को शीघ्र पूरा किया जाना चाहिए।

अन्य बैंक नेताओं ने भी उठाई आवाज

ऑल इंडिया पीएनबी ऑफिसर्स फेडरेशन के अध्यक्ष राकेश यादव ने कहा कि बैंक कर्मचारियों पर लगातार बढ़ते कार्यदबाव, स्टाफ की कमी और कार्य-जीवन संतुलन के अभाव को देखते हुए 5-दिवसीय बैंकिंग व्यवस्था अब आवश्यक हो गई है। सरकार को इस दिशा में जल्द सकारात्मक निर्णय लेना चाहिए।

संतोष राय, AIPNBOA ने कहा कि पूर्व में हुए समझौतों और सहमतियों का प्रभावी क्रियान्वयन औद्योगिक संबंधों की विश्वसनीयता के लिए जरूरी है। मांगों के समाधान में अनावश्यक विलंब से कर्मचारियों में असंतोष बढ़ रहा है।

रामजी, बैंक ऑफ इंडिया ने कहा कि बैंक कर्मचारी लंबे समय से समाधान की प्रतीक्षा कर रहे हैं। बार-बार मांग उठाए जाने के बावजूद 5-दिवसीय बैंकिंग व्यवस्था लागू करने में हो रही देरी दुर्भाग्यपूर्ण है।

सुनील यादव, केनरा बैंक, आलोक प्रकाश, पंजाब नेशनल बैंक तथा जितेन्द्र शर्मा, जिला मंत्री BEFI ने भी अपने विचार रखे। नेताओं ने कहा कि बैंक कर्मचारियों की जायज मांगों को लेकर UFBU के सभी घटक संगठन एकजुट हैं और मांगों के समाधान तक लोकतांत्रिक एवं संगठित संघर्ष जारी रहेगा।

राष्ट्रव्यापी हड़ताल में UFBU के सभी सात घटक संगठनों—AIBEA, BEFI, NCBE, AIBOC, AIBOA, INBEF एवं INBOC—ने सहभागिता की।

गाजीपुर में पंजाब नेशनल बैंक, यूनियन बैंक ऑफ इंडिया, बैंक ऑफ इंडिया, केनरा बैंक, बैंक ऑफ महाराष्ट्र, इंडियन ओवरसीज बैंक, यूको बैंक, सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया, बैंक ऑफ बड़ौदा और इंडियन बैंक समेत विभिन्न बैंकों के अधिकारी एवं कर्मचारी बड़ी संख्या में हड़ताल में शामिल रहे। UFBU गाजीपुर इकाई ने केंद्र सरकार एवं संबंधित प्राधिकरणों से 5-दिवसीय बैंकिंग व्यवस्था लागू करने तथा लंबित मांगों के समाधान के लिए शीघ्र ठोस एवं समयबद्ध निर्णय लेने की मांग की।

डीबीटी की धनराशि से ही खरीदें ड्रेस, जूता-मोजा, स्वेटर, बैग व स्टेशनरी

डीबीटी की धनराशि से ही खरीदें ड्रेस, जूता-मोजा, स्वेटर, बैग व स्टेशनरी

गाजीपुर। शैक्षिक सत्र 2026-27 में बेसिक शिक्षा विभाग द्वारा संचालित विद्यालयों में कक्षा-1 से 8 तक अध्ययनरत विद्यार्थियों के लिए स्कूल ड्रेस, जूता-मोजा, स्वेटर, स्कूल बैग एवं स्टेशनरी क्रय हेतु अभिभावकों के बैंक खातों में डीबीटी (Direct Benefit Transfer) के माध्यम से भेजी गई धनराशि के सदुपयोग को लेकर दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं। महानिदेशक, स्कूल शिक्षा एवं राज्य परियोजना निदेशक, समग्र शिक्षा, उत्तर प्रदेश ने निर्देश दिया है कि डीबीटी से प्राप्त धनराशि का उपयोग निर्धारित मदों में ही किया जाए। विकासखंड एवं विद्यालय स्तर पर अभिभावकों को स्पष्ट रूप से बताया जाएगा कि इस धनराशि से केवल स्कूल ड्रेस, जूता-मोजा, स्वेटर, स्कूल बैग एवं स्टेशनरी की खरीद की जाए। निर्देशों के अनुसार खरीदी जाने वाली सामग्री गुणवत्तापूर्ण एवं उपयोग योग्य होनी चाहिए, ताकि विद्यार्थी पूरे शैक्षिक सत्र में उसका उपयोग कर सकें। प्रधानाध्यापक एवं शिक्षक अभिभावकों से संपर्क कर बैठक आयोजित करेंगे और निर्धारित सामग्री की खरीद सुनिश्चित कराने के साथ ही बच्चों को उसका नियमित उपयोग करने के लिए प्रेरित करेंगे। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी उपासना रानी वर्मा ने सभी खंड शिक्षा अधिकारियों को विद्यालय स्तर पर विद्यार्थियों को प्राप्त सामग्री का कक्षावार एवं विद्यार्थीवार सत्यापन कराने के निर्देश दिए हैं। विशेष रूप से यह सुनिश्चित करने को कहा गया है कि विद्यार्थी स्कूल ड्रेस, जूता-मोजा एवं स्वेटर पहनकर विद्यालय आएं तथा स्कूल बैग और आवश्यक स्टेशनरी का नियमित उपयोग करें।

आत्महत्या रोकने में जागरूकता और संवेदनशील संवाद अहम: प्राचार्य

आत्महत्या से जुड़े मिथकों को तोड़कर संवाद का माहौल बनाना जरूरी : विशेषज्ञ

गाजीपुर। राजकीय महिला स्नातकोत्तर महाविद्यालय, महुआबाग के मनोविज्ञान विभाग की ओर से गुरुवार को विश्व आत्महत्या निवारण दिवस के अवसर पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में आत्महत्या की बढ़ती प्रवृत्ति, उसके संकेतों, कारणों तथा बचाव के उपायों पर विस्तार से चर्चा की गई। वक्ताओं ने छात्राओं से मानसिक परेशानियों को छिपाने के बजाय परिवार, मित्रों और विशेषज्ञों से खुलकर बातचीत करने की अपील की।

कार्यक्रम का शुभारंभ महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. शंभू शरण प्रसाद द्वारा अतिथियों का पुष्पगुच्छ भेंट कर स्वागत करने के साथ हुआ। विषय प्रवर्तन करते हुए मनोविज्ञान विभाग प्रभारी एवं मनोविज्ञान परिषद के अध्यक्ष डॉ. शिवकुमार ने बताया कि विश्व स्वास्थ्य संगठन एवं अंतर्राष्ट्रीय आत्महत्या निवारण संघ की पहल पर प्रत्येक वर्ष 10 सितंबर को विश्व आत्महत्या निवारण दिवस मनाया जाता है। उन्होंने कहा कि आत्महत्या गंभीर जनस्वास्थ्य चुनौती है और इसके निवारण के लिए जागरूकता के साथ-साथ संवेदनशील संवाद का वातावरण तैयार करना आवश्यक है।

उन्होंने बताया कि वर्ष 2024 से 2026 तक की थीम ‘आत्महत्या से जुड़े आख्यानों को बदलना’ है, जिसका उद्देश्य लोगों को आत्महत्या से जुड़े विचारों और मानसिक परेशानियों के बारे में बिना झिझक बात करने के लिए प्रोत्साहित करना है।

मुख्य वक्ता जिला चिकित्सालय गाजीपुर के नैदानिक मनोवैज्ञानिक अंकित आनंद ने आत्महत्या से जुड़े विभिन्न संकेतों पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि अत्यधिक अवसाद, व्यवहार में अचानक बदलाव, अत्यधिक शांत या अलग-थलग रहना, स्वयं को दूसरों पर बोझ समझना, जीवन में लक्ष्य का अभाव तथा अपने प्रियजनों को बार-बार अलविदा कहने जैसे व्यवहार चेतावनी के संकेत हो सकते हैं। उन्होंने कहा कि ऐसे व्यक्ति को नजरअंदाज करने के बजाय उसकी बात ध्यानपूर्वक सुनना, सहानुभूतिपूर्वक व्यवहार करना और समस्या के समाधान की दिशा में सहयोग देना जरूरी है।

जिला चिकित्सालय के मनोरोग विभाग के स्टाफ नर्स सतीश कुमार ने राष्ट्रीय मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम के तहत संचालित टेली-मानस हेल्पलाइन 14416 के बारे में जानकारी दी। उन्होंने बताया कि मानसिक तनाव, अवसाद सहित विभिन्न मानसिक परेशानियों में इस हेल्पलाइन के माध्यम से निःशुल्क मनोवैज्ञानिक परामर्श प्राप्त किया जा सकता है तथा आवश्यकता पड़ने पर विशेषज्ञ सेवाओं के लिए रेफरल की सुविधा भी उपलब्ध है।

महिला वन स्टॉप सेंटर गाजीपुर की मैनेजर प्रियंका प्रजापति ने छात्राओं को महिला हेल्पलाइन एवं वन स्टॉप सेंटर की सेवाओं के बारे में जानकारी दी। उन्होंने बताया कि किसी भी आयु वर्ग की महिलाएं अपनी समस्याओं के समाधान और आवश्यक सहायता के लिए वन स्टॉप सेंटर से संपर्क कर सकती हैं। कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए प्राचार्य डॉ. शंभू शरण प्रसाद ने कहा कि आत्महत्या की रोकथाम में जागरूकता और समय पर सहायता बेहद महत्वपूर्ण है। विद्यार्थियों को शारीरिक और मानसिक रूप से मजबूत बनने के साथ अपनी समस्याओं को साझा करने की आदत विकसित करनी चाहिए। कार्यक्रम का संचालन डॉ. शिवकुमार ने तथा आभार ज्ञापन महाविद्यालय की मुख्य शास्ता डॉ. सारिका सिंह ने किया। कार्यक्रम के अंत में अतिथियों को अंगवस्त्रम एवं स्मृति चिह्न भेंट कर सम्मानित किया गया।

कार्यक्रम के आयोजन में मनोविज्ञान परिषद की छात्राओं माही प्रजापति, संजना पांडेय, इल्मा सिद्दीकी, हुमैरा परवीन, आनंदी गुप्ता, श्रेया वर्मा, श्रेया कुमारी, स्वधा गुप्ता, गुनगुन जायसवाल, ममता बिंद, शमा तरन्नुम, अलीशा फातिमा, रिया सैनी आदि की महत्वपूर्ण भूमिका रही। इस अवसर पर डॉ. संगीता मौर्य, डॉ. निरंजन कुमार, डॉ. राजेश कुमार यादव, डॉ. हरेंद्र यादव, डॉ. गजनफर सईद, डॉ. मनीष सोनकर, डॉ. नेहा कुमारी सहित अन्य प्राध्यापक एवं छात्राएं उपस्थित रहीं।

परमवीर चक्र विजेता वीर अब्दुल हमीद के बलिदान को किया नमन

धामूपुर में भव्य बलिदान दिवस समारोह, केंद्रीय गृह राज्य मंत्री नित्यानंद राय ने प्रतिमा पर अर्पित की श्रद्धांजलि

गाजीपुर। परमवीर चक्र विजेता शहीद वीर अब्दुल हमीद के बलिदान दिवस के अवसर पर गुरुवार को धामूपुर में भव्य बलिदान दिवस समारोह का आयोजन किया गया। समारोह में केंद्रीय गृह राज्य मंत्री नित्यानंद राय ने मुख्य अतिथि के रूप में प्रतिभाग किया। कार्यक्रम स्थल पर पहुंचने के बाद उन्होंने परमवीर चक्र विजेता शहीद वीर अब्दुल हमीद की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि अर्पित की और राष्ट्र की रक्षा के लिए दिए गए उनके सर्वोच्च बलिदान को नमन किया।

समारोह के दौरान केंद्रीय गृह राज्य मंत्री को गार्ड ऑफ ऑनर प्रदान किया गया। उन्होंने वीर अब्दुल हमीद के अदम्य साहस, शौर्य और देशभक्ति को याद करते हुए कहा कि उनका जीवन और बलिदान देश की युवा पीढ़ी के लिए सदैव प्रेरणास्रोत रहेगा। उन्होंने युवाओं से वीर सपूतों के आदर्शों को आत्मसात कर राष्ट्रहित में आगे बढ़ने का आह्वान किया।

इस अवसर पर परमवीर चक्र एवं अन्य वीरता पुरस्कारों से सम्मानित वीर सैनिकों तथा उनके परिजनों को सम्मानित किया गया। उपस्थित लोगों ने देश की रक्षा में अपने प्राण न्योछावर करने वाले वीर जवानों के त्याग, शौर्य और राष्ट्रसेवा को नमन किया तथा देश की एकता और अखंडता के प्रति अपनी प्रतिबद्धता व्यक्त की।समारोह में विद्यालयों के छात्र-छात्राओं एवं युवाओं ने विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए। देशभक्ति गीत, गायन एवं नृत्य की मनमोहक प्रस्तुतियों ने वातावरण को राष्ट्रप्रेम से भर दिया। बच्चों ने अपनी प्रस्तुतियों के माध्यम से शहीद वीर अब्दुल हमीद के अदम्य साहस, वीरता और देशभक्ति का संदेश दिया।

कार्यक्रम के दौरान परमवीर चक्र विजेता सूबेदार मेजर योगेंद्र सिंह यादव ने भी शहीद वीर अब्दुल हमीद की प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी। उन्होंने वीर अब्दुल हमीद के अदम्य साहस एवं शौर्य को नमन करते हुए युवाओं से राष्ट्रहित में समर्पण, अनुशासन और कर्तव्यनिष्ठा के साथ आगे बढ़ने का आह्वान किया। पूरे समारोह के दौरान देशभक्ति एवं राष्ट्रप्रेम का माहौल बना रहा। वीर अब्दुल हमीद ने वर्ष 1965 के भारत-पाक युद्ध में अद्वितीय साहस और वीरता का परिचय देते हुए राष्ट्र की रक्षा के लिए अपना सर्वोच्च बलिदान दिया था। उनके शौर्य और बलिदान की स्मृति देशवासियों के हृदय में सदैव जीवित रहेगी। समारोह में जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला, जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक एवं पुलिस अधिकारी, सेना के वीर जवान, वीरता पुरस्कार से सम्मानित सैनिक एवं उनके परिजन तथा बड़ी संख्या में क्षेत्रीय नागरिक उपस्थित रहे।

लम्पी स्किन डिजीज को लेकर जिले में अलर्ट, गोवंशों का होगा टीकाकरण

लम्पी स्किन डिजीज को लेकर गाजीपुर में अलर्ट, 2.66 लाख गोवंशों का होगा टीकाकरण

गाजीपुर। मवेशियों में फैलने वाली लम्पी स्किन डिजीज (एलएसडी) की रोकथाम एवं प्रभावी नियंत्रण को लेकर पशुपालन विभाग ने जनपद में व्यापक टीकाकरण अभियान शुरू कर दिया है। गुरुवार को मुख्य विकास अधिकारी आलोक प्रसाद की अध्यक्षता में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में बीमारी के लक्षण, बचाव और रोकथाम के उपायों की विस्तृत जानकारी दी गई। मुख्य विकास अधिकारी ने बताया कि पशुपालन विभाग द्वारा 9 सितंबर 2026 से पूरे जनपद में वृहद टीकाकरण अभियान चलाया जा रहा है। इसके लिए 25 टीमें लगाई गई हैं, जो प्रतिदिन गांवों में पहुंचकर गोवंशों का निःशुल्क टीकाकरण कर रही हैं। अभियान के तहत जनपद के 2,66,143 गोवंशों का टीकाकरण किया जाएगा। उन्होंने बताया कि फिलहाल गाजीपुर में लम्पी स्किन डिजीज का प्रकोप नहीं है, लेकिन पश्चिमी उत्तर प्रदेश में बीमारी के प्रकोप को देखते हुए एहतियात के तौर पर टीकाकरण अभियान शुरू किया गया है।

ये हैं बीमारी के प्रमुख लक्षण

लम्पी स्किन डिजीज एक विषाणुजनित रोग है। इससे प्रभावित पशु को तेज बुखार, आंख और नाक से पानी गिरना, पैरों में सूजन तथा शरीर पर कठोर एवं चपटी गांठें पड़ने जैसे लक्षण दिखाई देते हैं। गंभीर स्थिति में शरीर के विभिन्न हिस्सों पर गांठों के घाव बन सकते हैं। इससे पशु कमजोर होने लगता है, वजन कम होता है और सांस लेने में परेशानी हो सकती है। दुधारू पशुओं में दुग्ध उत्पादन कम हो जाता है तथा गाभिन पशुओं में गर्भपात की स्थिति भी बन सकती है।

बीमारी फैलने पर ये सावधानियां जरूरी

पशुपालकों को लक्षण दिखाई देने पर तत्काल निकटतम पशु चिकित्सालय या पशु सेवा केंद्र को सूचना देने, संक्रमित पशु को स्वस्थ पशुओं से अलग रखने और उसके आवागमन पर रोक लगाने की सलाह दी गई है। पशुओं को साफ पानी पिलाने, मक्खी-मच्छर और किलनी से बचाने के लिए आवश्यक कीटनाशक का प्रयोग करने तथा पशुबाड़े में फिनायल या सोडियम हाइपोक्लोराइट का छिड़काव कर कीटाणुशोधन करने को कहा गया है। बीमार पशुओं की देखभाल करने वाले व्यक्ति को स्वस्थ पशुओं के बाड़े से दूर रखने तथा पहले स्वस्थ और बाद में बीमार पशुओं को चारा-पानी देने की सलाह दी गई है। बीमार पशु की देखभाल के बाद हाथ साबुन से अच्छी तरह धोना भी जरूरी बताया गया।

सामूहिक चराई और पशु मेलों से बचें

पशुपालकों से अपील की गई कि बीमारी के प्रकोप के दौरान पशुओं को सामूहिक चराई के लिए न भेजें और पशु मेले अथवा प्रदर्शनियों में न ले जाएं। बीमार और स्वस्थ पशुओं को एक साथ चारा-पानी न दें तथा प्रभावित क्षेत्रों से पशुओं की खरीद न करें। किसी पशु की मृत्यु होने पर शव को खुले में न फेंककर वैज्ञानिक विधि से दफनाने की सलाह दी गई है। मुख्य विकास अधिकारी ने जनपद के पशुपालकों से अपील की कि किसी भी गोवंश में लम्पी स्किन डिजीज के लक्षण दिखाई देने पर तत्काल नजदीकी पशु चिकित्सालय या पशु सेवा केंद्र से संपर्क करें। घर पर पशु चिकित्सा सुविधा के लिए टोल फ्री नंबर 1962 पर भी संपर्क किया जा सकता है।

चला नगर पालिका का बुलडोजर, अतिक्रमण पर कसा शिकंजा

मालगोदाम से रोडवेज तक चला अतिक्रमण हटाओ अभियान, अवैध टिनशेड पर हुई कार्रवाई

गाजीपुर। नगर पालिका परिषद गाजीपुर ने बुधवार, 9 सितंबर को शहर में अतिक्रमण के खिलाफ बड़ा अभियान चलाया। अधिशासी अधिकारी डॉ. धीरेंद्र कुमार राय के निर्देश पर नगर पालिका की टीम ने मालगोदाम रोड से रोडवेज बस स्टैंड तक सड़क और नालों पर किए गए अवैध कब्जों को हटवाया।

अभियान के दौरान मालगोदाम क्षेत्र में सड़क और नाले की जमीन पर कबाड़ियों द्वारा लगाए गए अवैध टिनशेड और अन्य अस्थायी निर्माणों पर विशेष रूप से कार्रवाई की गई। टीम ने मौके पर पहुंचकर अवैध टिनशेड हटवाए और सड़क के दोनों किनारों को अतिक्रमण मुक्त कराया।

कार्रवाई के लिए पुलिस प्रशासन के सहयोग से नगर पालिका के राजस्व निरीक्षक रवींद्र कुमार सोनकर की अगुवाई में विशेष टीम गठित की गई थी। टीम ने पूरे क्षेत्र में अभियान चलाते हुए अतिक्रमणकारियों को दोबारा कब्जा न करने की सख्त चेतावनी दी।

नगर पालिका की कार्रवाई से सड़क और नाले पर अवैध कब्जा करने वाले दुकानदारों व कबाड़ियों में हड़कंप मच गया। नगर पालिका प्रशासन ने स्पष्ट किया कि शहर में यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने तथा नालों की सफाई सुचारु रखने के लिए अतिक्रमण के खिलाफ अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा। इस दौरान सीओ सिटी सदर अनिल कुमार, कोतवाली प्रभारी प्रमोद कुमार सिंह, विशेश्वरगंज चौकी प्रभारी सहित भारी संख्या में पुलिस बल मौजूद रही।

फोटो जर्नलिस्ट विनय प्रकाश यादव के निधन पर गाज़ीपुर प्रेस क्लब ने जताया शोक

फोटो जर्नलिस्ट विनय प्रकाश यादव के निधन पर गाज़ीपुर प्रेस क्लब ने जताया शोक

गाजीपुर। प्रतिष्ठित अखबार के फोटो जर्नलिस्ट और गाजीपुर प्रेस क्लब के पूर्व सदस्य विनय प्रकाश यादव के आकस्मिक निधन पर गाजीपुर प्रेस क्लब परिवार ने गहरा शोक जताया। इस अवसर पर प्रेस क्लब के संरक्षक मनीष मिश्रा के नेतृत्व में शोकसभा आयोजित कर दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की गई।

शोकसभा में वक्ताओं ने कहा कि स्वर्गीय विनय प्रकाश यादव लंबे समय से फोटो जर्नलिस्ट के रूप में पत्रकारिता के क्षेत्र में अपनी सेवाएं दे रहे थे। सरल और मिलनसार स्वभाव के विनय प्रकाश यादव ने अपने व्यवहार और कार्यशैली से पत्रकारिता जगत में अलग पहचान बनाई थी। उनके आकस्मिक निधन से पत्रकारिता जगत को अपूरणीय क्षति हुई है। उनकी स्मृतियां हमेशा लोगों के बीच जीवित रहेंगी।

इस दौरान गाजीपुर प्रेस क्लब के अध्यक्ष शिवकुमार कुशवाहा, उपाध्यक्ष मनीष कुमार सिंह, महासचिव कृपा कृष्ण केके, सचिव विनीत दुबे, कोषाध्यक्ष संजय कुशवाहा के साथ कार्यकारिणी सदस्य मुकेश उपाध्याय, करुणेंद्र कुमार राय, अनिल कुमार, संजीव कुमार, अंजनी कुमार और आरएन राय समेत अन्य पत्रकार मौजूद रहे।

सभी ने शोक संतप्त परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए दिवंगत आत्मा की शांति और परिजनों को इस अपार दुख को सहन करने की शक्ति प्रदान करने की ईश्वर से प्रार्थना की।

किसानों की मांगों को लेकर सभी ब्लॉकों में सौंपा ज्ञापन

किसानों की मांगों को लेकर सभी ब्लॉकों में सौंपा ज्ञापन

गाजीपुर। किसानों की विभिन्न समस्याओं और मांगों को लेकर भारतीय किसान संघ के प्रदेशव्यापी आह्वान पर बुधवार को जनपद के सभी विकासखंडों में कार्यकर्ताओं ने खंड विकास अधिकारियों को ज्ञापन सौंपा। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नाम संबोधित ज्ञापन संबंधित अधिकारियों के माध्यम से भेजा गया।

सदर ब्लॉक में जिलाध्यक्ष अमित कुमार सिंह के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने ज्ञापन सौंपा। वहीं रेवतीपुर ब्लॉक में जिलामंत्री शिवम् चौबे के नेतृत्व में ज्ञापन दिया गया। अन्य विकासखंडों में भी ब्लॉक अध्यक्षों के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने अधिकारियों को ज्ञापन सौंपकर किसानों की समस्याओं के शीघ्र समाधान की मांग की।

ज्ञापन में भूमि अधिग्रहण के दौरान किसानों को बाजार मूल्य का चार गुना मुआवजा देने, भूमिहीन हुए किसानों को रोजगार से जोड़ने तथा भूमि अधिग्रहण से पूर्व किसानों को शामिल करते हुए आयोग के गठन की मांग की गई। इसके साथ ही प्रदेश में प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि की तर्ज पर मुख्यमंत्री किसान सम्मान योजना लागू करने की मांग उठाई गई।

किसानों ने अंश निर्धारण में लापरवाही करने वाले विभागीय कर्मचारियों की जवाबदेही तय करने, घड़रोज एवं निराश्रित पशुओं की समस्या का समाधान कराने, उर्वरक की कालाबाजारी पर प्रभावी कार्रवाई करने तथा क्षतिग्रस्त माइनरों और कुलावों की मरम्मत कराने की मांग की।

संघ ने सरकारी क्रय केंद्रों की संख्या बढ़ाने और किसानों के नुकसान के अनुरूप क्रय केंद्र निर्धारित करने की भी मांग की। अधिक वर्षा से फसलों, पशुओं और मकानों को हुए नुकसान का उचित मुआवजा देने तथा गौ आश्रय व्यवस्था में सुधार कर स्थानीय गो-भक्त किसानों को इसके संचालन में शामिल करने की मांग भी ज्ञापन में प्रमुखता से रखी गई। कार्यकर्ताओं ने प्रशासन से किसानों की सभी मांगों पर शीघ्र और प्रभावी कार्रवाई किए जाने की अपेक्षा जताई।

जिले के 32 पीएम श्री विद्यालयों में मजबूत होगी स्वच्छता व्यवस्था, डस्टबिन के लिए मिलेंगे पैसे

गाजीपुर के 32 पीएम श्री विद्यालयों में मजबूत होगी स्वच्छता व्यवस्था, चार-चार डस्टबिन के लिए मिलेंगे ₹2 हजार

कचरा पृथक्करण एवं उचित निस्तारण को मिलेगा बढ़ावा, विद्यार्थियों में विकसित होगी स्वच्छता की स्थायी आदत

गाजीपुर। पीएम श्री योजना के तहत जनपद के चयनित 32 परिषदीय विद्यालयों में विद्यालय परिसर की स्वच्छता व्यवस्था को और सुदृढ़ किया जाएगा। इसके लिए प्रत्येक विद्यालय में रंगीन शॉर्टिंग डस्टबिन उपलब्ध कराने की व्यवस्था की गई है। शिक्षा मंत्रालय, भारत सरकार ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए प्रत्येक विद्यालय को डस्टबिन की खरीद हेतु ₹2,000 की धनराशि अनुमोदित की है। शासन के निर्देश के अनुसार प्रत्येक चयनित विद्यालय में ₹500 प्रति डस्टबिन की दर से चार डस्टबिन खरीदे जाएंगे। इस प्रकार प्रत्येक विद्यालय में कुल ₹2,000 की धनराशि खर्च की जाएगी। डस्टबिन की खरीद एवं संबंधित व्यय विद्यालय प्रबंध समिति के माध्यम से नियमानुसार किया जाएगा। इस पहल का मुख्य उद्देश्य विद्यालय परिसर में उत्पन्न होने वाले कचरे का उचित पृथक्करण एवं निस्तारण सुनिश्चित करना है। इसके साथ ही विद्यार्थियों में स्वच्छता के प्रति जागरूकता बढ़ाने और दैनिक जीवन में स्वच्छता को लेकर व्यावहारिक एवं स्थायी आदत विकसित करने पर जोर दिया जाएगा। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी गाजीपुर उपासना रानी वर्मा द्वारा संबंधित खंड शिक्षा अधिकारियों एवं चयनित विद्यालयों को शासन के निर्देशों के अनुरूप डस्टबिन की खरीद, उनके उचित उपयोग तथा विद्यालय परिसर को स्वच्छ एवं व्यवस्थित बनाए रखने के निर्देश दिए जाएंगे। योजना के प्रभावी क्रियान्वयन से विद्यालयों में स्वच्छ वातावरण के साथ-साथ विद्यार्थियों को स्वच्छता एवं कचरा प्रबंधन के प्रति व्यवहारिक रूप से जागरूक करने में मदद मिलेगी।

पीएम श्री योजना: गाजीपुर के 25 स्कूलों में शुरू होगी स्कूल बैंड गतिविधि

पीएम श्री योजना: गाजीपुर के 25 स्कूलों में शुरू होगी स्कूल बैंड गतिविधि

गाजीपुर। पीएम श्री योजना के अंतर्गत जनपद के 25 चयनित उच्च प्राथमिक एवं कंपोजिट विद्यालयों में स्कूल बैंड और बैंड यूनिफॉर्म उपलब्ध कराई जाएगी। इसके लिए कुल 12.50 लाख रुपये की धनराशि स्वीकृत एवं जारी की गई है। प्रत्येक विद्यालय को बैंड गतिविधियों के लिए 50 हजार रुपये दिए जाएंगे। महानिदेशक, स्कूल शिक्षा एवं राज्य परियोजना निदेशक, समग्र शिक्षा, उत्तर प्रदेश के निर्देश पर शुरू की जा रही इस पहल का उद्देश्य विद्यार्थियों में अनुशासन, राष्ट्रीय भावना, टीम भावना, नेतृत्व क्षमता और आत्मविश्वास का विकास करना है। स्कूल बैंड के माध्यम से विद्यार्थियों को संगीत एवं प्रदर्शन कला से जोड़ने का भी अवसर मिलेगा। विद्यालयों में बैंड का उपयोग प्रार्थना सभा, राष्ट्रीय पर्व, सांस्कृतिक कार्यक्रम, प्रभात फेरी, मार्च पास्ट, खेलकूद तथा स्काउट-गाइड/एनसीसी से जुड़ी गतिविधियों में किया जा सकेगा।स्कूल बैंड एवं बैंड यूनिफॉर्म की सामग्री का क्रय विद्यालय प्रबंध समिति (एसएमसी) के माध्यम से किया जाएगा। सामग्री की गुणवत्ता एवं उपयोगिता का सत्यापन विद्यालय स्तर पर प्रधानाध्यापक और संबंधित अधिकारियों द्वारा किया जाएगा। साथ ही खरीदी गई सामग्री का स्टॉक पंजिका में अनिवार्य रूप से अंकन करने तथा बैंड उपकरणों के सुरक्षित रख-रखाव के निर्देश दिए गए हैं। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी उपासना रानी वर्मा द्वारा संबंधित खंड शिक्षा अधिकारियों एवं विद्यालयों को निर्देशित किया जाएगा कि स्वीकृत धनराशि का नियमानुसार और निर्धारित मद में ही उपयोग सुनिश्चित करते हुए स्कूल बैंड गतिविधियों को प्रभावी ढंग से संचालित कराया जाए।

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