Category Archives: Health

जखनियां में साबिर अली ट्रस्ट की अनूठी पहल, 8 मरीजों को मिला मोतियाबिंद ऑपरेशन का सहारा

जखनियां में साबिर अली ट्रस्ट की सराहनीय पहल, निःशुल्क नेत्र शिविर में 8 मरीजों को मोतियाबिंद ऑपरेशन के लिए भेजा गया

डालिम्स सनबीम स्कूल में आयोजित शिविर में मरीजों की हुई आंखों की जांच, चिकित्सकीय टीम ने दिया उचित परामर्श; जरूरतमंदों की सेवा के लिए ट्रस्ट ने जताई प्रतिबद्धता

जखनियां, गाजीपुर। क्षेत्र के जरूरतमंद लोगों को बेहतर नेत्र चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के उद्देश्य से साबिर अली एजुकेशनल एंड चैरिटेबल ट्रस्ट की ओर से रविवार, 25 अक्टूबर 2026 को डालिम्स सनबीम स्कूल, जखनियां में निःशुल्क नेत्र परीक्षण एवं मोतियाबिंद ऑपरेशन शिविर का आयोजन किया गया। आरजे शंकरा आई हॉस्पिटल के सहयोग से आयोजित इस शिविर में क्षेत्र के लोगों की आंखों की जांच कर उन्हें आवश्यक चिकित्सकीय परामर्श दिया गया। शिविर के दौरान मोतियाबिंद से पीड़ित आठ मरीजों को निःशुल्क ऑपरेशन के लिए अस्पताल रवाना किया गया। ट्रस्ट की इस पहल को जरूरतमंदों तक स्वास्थ्य सुविधाएं पहुंचाने की दिशा में एक सराहनीय कदम माना जा रहा है।

शिविर का उद्घाटन अवधेश यादव (राजू) ने फीता काटकर किया। इसके बाद अस्पताल की चिकित्सकीय टीम ने मरीजों की आंखों की जांच शुरू की। टीम में डॉक्टर किरण सिंह, राजनंदिनी, लवली और अभय यादव मौजूद रहे। चिकित्सकों एवं स्वास्थ्यकर्मियों ने मरीजों की आंखों की स्थिति का परीक्षण कर उन्हें आवश्यक सलाह दी। साथ ही मोतियाबिंद से पीड़ित मरीजों को आगे के उपचार के लिए मार्गदर्शन प्रदान किया गया।

फैयाज खान मिस्बाही की निगरानी में हुआ आयोजन

पूरे शिविर का संचालन एवं देखरेख फैयाज खान मिस्बाही की निगरानी में संपन्न हुई। शिविर का मुख्य उद्देश्य आर्थिक रूप से कमजोर एवं जरूरतमंद लोगों को निःशुल्क नेत्र जांच और मोतियाबिंद के उपचार की सुविधा उपलब्ध कराना रहा। आठ मरीजों को निःशुल्क ऑपरेशन के लिए अस्पताल भेजे जाने से उन्हें बेहतर उपचार मिलने की दिशा में महत्वपूर्ण सहायता मिली।

सर्व समाज की सेवा करना ट्रस्ट का उद्देश्य : आमिर अली

इस अवसर पर साबिर अली एजुकेशनल एंड चैरिटेबल ट्रस्ट के डायरेक्टर आमिर अली ने कहा कि ट्रस्ट का उद्देश्य समाज के प्रत्येक वर्ग की सेवा करना और जरूरतमंद लोगों तक स्वास्थ्य सुविधाएं पहुंचाना है। उन्होंने कहा कि आर्थिक अभाव के कारण किसी व्यक्ति को बेहतर इलाज से वंचित नहीं रहना चाहिए। इसी सोच के साथ ट्रस्ट की ओर से निःशुल्क स्वास्थ्य शिविरों का आयोजन किया जा रहा है और भविष्य में भी ऐसे जनहितकारी कार्यक्रम जारी रखे जाएंगे।

उन्होंने कहा कि आंखें मानव जीवन का महत्वपूर्ण अंग हैं। समय पर जांच और उचित उपचार से कई समस्याओं की पहचान कर उनका समाधान किया जा सकता है। इसलिए लोगों को अपनी आंखों के स्वास्थ्य के प्रति जागरूक रहना चाहिए और किसी भी परेशानी की स्थिति में चिकित्सकीय सलाह लेनी चाहिए।

जनसेवा की दिशा में सराहनीय पहल

जखनियां में आयोजित इस निःशुल्क नेत्र शिविर के माध्यम से क्षेत्र के जरूरतमंद लोगों को जांच, परामर्श और उपचार संबंधी सहायता उपलब्ध कराई गई। आयोजकों ने कहा कि समाज के वंचित एवं जरूरतमंद वर्ग तक स्वास्थ्य सुविधाएं पहुंचाने का प्रयास आगे भी जारी रहेगा। साबिर अली एजुकेशनल एंड चैरिटेबल ट्रस्ट की इस पहल ने जनसेवा और सामाजिक जिम्मेदारी के प्रति उसकी प्रतिबद्धता को रेखांकित किया।

स्कूलों में संचारी रोग नियंत्रण अभियान शुरू, 31 अक्टूबर तक चलेगी मुहिम

डेंगू, मलेरिया और दिमागी बुखार से बचाव के लिए विद्यार्थियों को किया जाएगा जागरूक, स्कूलों में स्वच्छता पर जोर

गाजीपुर। जनपद में संचारी रोगों की रोकथाम और स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से सोमवार को विशेष संचारी रोग नियंत्रण एवं दस्तक अभियान का शुभारंभ किया गया। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी के निर्देशानुसार 12 अक्टूबर से 31 अक्टूबर तक जनपद के सभी परिषदीय विद्यालयों, कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालयों और सहायता प्राप्त विद्यालयों में सघन जागरूकता अभियान चलाया जाएगा। अभियान के तहत डेंगू, मलेरिया, चिकनगुनिया, दिमागी बुखार और जल-जनित बीमारियों से बचाव के लिए विभिन्न शैक्षणिक एवं जागरूकता गतिविधियां आयोजित की जाएंगी। विद्यार्थियों के माध्यम से ग्रामीणों को भी स्वच्छता अपनाने और बीमारियों से बचाव के प्रति जागरूक किया जाएगा।

जागरूकता रैली निकालकर दिया जाएगा स्वच्छता का संदेश

अभियान के अंतर्गत विद्यालयों के छात्र-छात्राएं गांवों और मजरों में जागरूकता रैलियां निकालेंगे। नारों और तख्तियों के माध्यम से लोगों को जलजमाव रोकने, मच्छरों के प्रजनन पर नियंत्रण रखने तथा आसपास साफ-सफाई बनाए रखने के लिए प्रेरित किया जाएगा। दैनिक प्रार्थना सभा में विद्यार्थियों को संचारी रोगों के लक्षण, बचाव के उपाय और स्वच्छता के महत्व की जानकारी दी जाएगी। इसके साथ ही उन्हें स्वच्छता की शपथ भी दिलाई जाएगी।

हाथ धोने और विद्यालय परिसर की सफाई पर जोर

विद्यालयों में मध्याह्न भोजन से पहले और शौच के बाद साबुन से सही तरीके से हाथ धोने का अभ्यास कराया जाएगा। विद्यालय परिसर, रसोईघर, पेयजल स्रोत और शौचालयों की नियमित सफाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। परिसर और आसपास कहीं भी खुले में पानी जमा नहीं होने देने पर विशेष जोर दिया जाएगा, ताकि मच्छरों के पनपने की संभावना कम हो सके।

बुखार के लक्षण दिखने पर तत्काल उपचार के निर्देश

अभियान के दौरान आशा और एएनएम कार्यकर्ताओं के सहयोग से बच्चों के स्वास्थ्य पर भी नजर रखी जाएगी। किसी विद्यार्थी में बुखार या संचारी रोग के अन्य लक्षण दिखाई देने पर तत्काल नजदीकी प्राथमिक अथवा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र से संपर्क कर उपचार सुनिश्चित कराया जाएगा। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी ने सभी खंड शिक्षा अधिकारियों, प्रधानाध्यापकों और नोडल शिक्षकों को अभियान पूरी निष्ठा के साथ संचालित करने के निर्देश दिए हैं। शिक्षकों से कहा गया है कि वे विद्यार्थियों और उनके अभिभावकों को घर तथा आसपास स्वच्छता बनाए रखने के लिए निरंतर प्रेरित करें। अभियान का उद्देश्य बच्चों को स्वस्थ वातावरण उपलब्ध कराने के साथ ही समुदाय में संचारी रोगों की रोकथाम के प्रति जागरूकता बढ़ाना है।

लंबित मांगों को लेकर एनएचएम संविदा कर्मचारियों का सांकेतिक विरोध, आंदोलन की चेतावनी

लंबित मांगों को लेकर एनएचएम संविदा कर्मचारियों का सांकेतिक विरोध, आंदोलन की चेतावनी

गाजीपुर। उत्तर प्रदेश राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन संविदा कर्मचारी संगठन के प्रदेश नेतृत्व के आह्वान पर सोमवार को जनपद में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के तहत जिला अध्यक्ष राघवेंद्र शेखर सिंह के नेतृत्व में संविदा पर कार्यरत कर्मचारियों ने अपनी लंबित मांगों को लेकर कार्यस्थल पर काला फीता बांधकर सांकेतिक विरोध प्रदर्शन किया। कर्मचारियों ने विरोध के माध्यम से शासन और प्रशासन को अपनी मांगों के शीघ्र निस्तारण की चेतावनी दी। कर्मचारियों का कहना है कि लंबे समय से उनकी विभिन्न मांगें लंबित हैं, लेकिन बार-बार मांग उठाए जाने के बावजूद अपेक्षित कार्रवाई नहीं हुई।

इसी को लेकर प्रदेश नेतृत्व के निर्देश पर आंदोलन को चरणबद्ध तरीके से आगे बढ़ाने का निर्णय लिया गया है। कर्मचारियों ने बताया कि 5, 6 और 7 अक्टूबर को सभी संविदा कर्मचारी कार्यस्थल पर काला फीता बांधकर अपना विरोध जारी रखेंगे। इसके बाद 8, 9 और 10 अक्टूबर को पूर्ण कार्य बहिष्कार करते हुए जनपद मुख्यालय स्थित सीएमओ कार्यालय पर विशाल धरना-प्रदर्शन किया जाएगा। यदि इसके बाद भी मांगों पर सकारात्मक निर्णय नहीं हुआ तो 12 अक्टूबर को लखनऊ में आयोजित धरने में जनपद के संविदा कर्मचारी बड़ी संख्या में प्रतिभाग करेंगे।कर्मचारियों ने शासन से मांगों पर शीघ्र निर्णय लेते हुए आंदोलन समाप्त कराने की अपील की है।

सेवा संकल्प अभियान में गाजीपुर को बड़ी सौगात, बृजेश पाठक ने किया स्वास्थ्य सुविधाओं का लोकार्पण

गाजीपुर में सेवा संकल्प अभियान के तहत वृहद स्वास्थ्य शिविर का शुभारंभ

उप मुख्यमंत्री बृजेश पाठक ने किया उद्घाटन, मेडिकल कॉलेज में अमृत फार्मेसी, सीटी स्कैन व चार मॉड्यूलर ऑपरेशन थिएटर का लोकार्पण

गाजीपुर। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 25 वर्ष के सेवा काल पूर्ण होने के अवसर पर शनिवार को लंका मैदान, गाजीपुर में सेवा समर्पण अभियान के अंतर्गत वृहद स्वास्थ्य सेवा शिविर का शुभारंभ हुआ। उत्तर प्रदेश के उप मुख्यमंत्री बृजेश पाठक ने फीता काटकर एवं दीप प्रज्ज्वलित कर शिविर का उद्घाटन किया। सेवा संकल्प स्वास्थ्य अभियान के तहत आयोजित इस शिविर में बहु-विशेषज्ञ चिकित्सा केंद्र स्थापित किया गया है, जहां विशेषज्ञ चिकित्सकों द्वारा आमजन को निःशुल्क चिकित्सकीय परामर्श एवं स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। शिविर में बड़ी संख्या में मरीजों का पंजीकरण किया गया। यह स्वास्थ्य शिविर 26 से 28 सितंबर तक चलेगा।

इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री बृजेश पाठक ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 25 वर्षों तक राष्ट्र सेवा के लिए स्वयं को समर्पित किया है। उनके सेवा, सुशासन और गरीब कल्याण के संकल्प को स्वास्थ्य सेवाओं के माध्यम से जन-जन तक पहुंचाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश सरकार प्रत्येक व्यक्ति को सस्ती, सुलभ और बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है। इसके बाद उप मुख्यमंत्री महर्षि विश्वामित्र स्वशासी राजकीय मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल पहुंचे। यहां उन्होंने नवनिर्मित अमृत फार्मेसी, अत्याधुनिक सीटी स्कैन मशीन तथा चार नए मॉड्यूलर ऑपरेशन थिएटर का फीता काटकर लोकार्पण किया।

अमृत फार्मेसी के शुरू होने से मरीजों को सस्ती दरों पर दवाएं उपलब्ध होंगी, जबकि सीटी स्कैन की सुविधा मिलने से लोगों को जांच के लिए वाराणसी अथवा लखनऊ जाने की आवश्यकता कम होगी। उप मुख्यमंत्री ने अमृत फार्मेसी का निरीक्षण कर उपलब्ध दवाओं एवं व्यवस्थाओं की जानकारी ली। इसके बाद उन्होंने चारों मॉड्यूलर ऑपरेशन थिएटरों का निरीक्षण कर उनकी सुविधाओं का अवलोकन किया। उप मुख्यमंत्री ने मेडिकल कॉलेज के प्रथम बैच के एमबीबीएस उत्तीर्ण छात्र-छात्राओं से भी मुलाकात की। इस दौरान महाविद्यालय की ओर से चिकित्सा सुविधाओं एवं संस्थान के विकास से संबंधित विभिन्न प्रस्ताव उनके समक्ष प्रस्तुत किए गए।

मीडिया से वार्ता के दौरान उप मुख्यमंत्री बृजेश पाठक ने कहा कि गाजीपुर मेडिकल कॉलेज बेहतर कार्य कर रहा है और आगे भी निरंतर प्रगति करता रहे, इसके लिए आवश्यक सहयोग दिया जाएगा। मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. आनंद मिश्रा की ओर से पांच प्रमुख प्रस्ताव उप मुख्यमंत्री के समक्ष रखे गए। इनमें संबद्ध चिकित्सालय में एमआरआई की स्थापना, 200 एवं 300 शैय्या वाले चिकित्सालयों को जोड़ने के लिए सीसी रोड एवं संपर्क मार्ग का निर्माण, मुख्य परिसर में एकेडमिक ब्लॉक, एडमिनिस्ट्रेशन ब्लॉक एवं लेक्चर थिएटर भवन को कवर्ड कॉरिडोर से जोड़ने, एडमिनिस्ट्रेशन ब्लॉक में आवश्यक अतिरिक्त कक्षों के निर्माण तथा लेवल-3 ट्रामा सेंटर को लेवल-2 ट्रामा सेंटर के रूप में संचालित करने से संबंधित कार्य शामिल हैं।

प्रस्तावों को उप मुख्यमंत्री द्वारा शासन स्तर से स्वीकृति के लिए भेजे जाने की बात कही गई। इस अवसर पर राज्यसभा सांसद डॉ. संगीता बलवंत, जिला पंचायत अध्यक्ष सपना सिंह, नगर पंचायत अध्यक्ष सरिता अग्रवाल, भाजपा जिलाध्यक्ष ओम प्रकाश राय, समाजसेवी अभिनव सिन्हा, महिला मोर्चा अध्यक्ष सरोज कुशवाहा सहित जनप्रतिनिधिगण एवं बड़ी संख्या में आमजन उपस्थित रहे।

संचारी रोग को लेकर कार्यशाला, पालिका कर्मचारियों को किया गया जागरूक

संचारी रोग नियंत्रण अभियान को लेकर मोहम्मदाबाद में कार्यशाला, पालिका कर्मचारियों को किया गया जागरूक

गाजीपुर। विशेष संचारी रोग नियंत्रण अभियान को लेकर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र मोहम्मदाबाद की ओर से नगर पालिका परिषद मोहम्मदाबाद में संवेदीकरण कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला में नगर पालिका के रामबाबू सहित बड़ी संख्या में पालिका कर्मचारी मौजूद रहे। इस दौरान संचारी रोगों से बचाव, साफ-सफाई और जागरूकता को लेकर कर्मचारियों को विस्तार से जानकारी दी गई। साथ ही ब्लाक मुख्यालय सभाकक्ष मुहमदाबाद पर सेवा संकल्प अभियान अन्तर्गत विभिनन विभागों के स्टाल के माधयम से योजनाओं के बारे में विस्तार पूर्वक ग्रामीणो को जानकारी दी गई।

सीएचसी मोहम्मदाबाद के अधीक्षक डॉ. आशीष राय ने बताया कि 1 से 31 अक्टूबर 2026 तक विशेष संचारी रोग नियंत्रण अभियान चलाया जाएगा। अभियान का थीम “स्वस्थ व्यवहार अपनाना है, संचारी रोग को हराना है” रखा गया है। उन्होंने बताया कि डेंगू, फाइलेरिया, मलेरिया, दिमागी बुखार, क्षय रोग और कुष्ठ रोग जैसे संचारी रोगों से बचाव के लिए स्वास्थ्य विभाग के साथ कई अन्य विभाग भी मिलकर काम करेंगे।

उन्होंने बताया कि अभियान के तहत 12 से 31 अक्टूबर तक दस्तक अभियान भी चलाया जाएगा। इसमें आशा कार्यकर्ता घर-घर जाकर लोगों को संचारी रोगों के लक्षण, बचाव और उपचार सुविधाओं के बारे में जागरूक करेंगी। साथ ही डेंगू, मलेरिया, फाइलेरिया, दिमागी बुखार, क्षय रोग और कुष्ठ रोग के लक्षण वाले मरीजों को चिन्हित कर उनकी जांच और उपचार के लिए सूची तैयार की जाएगी।

सात प्रमुख बातों पर दिया गया जोर

डॉ. आशीष राय ने संचारी रोगों से बचाव के लिए व्यक्तिगत साफ-सफाई रखने, कुपोषित बच्चों पर विशेष ध्यान देने, घर और आसपास जलजमाव नहीं होने देने, स्वच्छ पेयजल का इस्तेमाल करने, मच्छरों से बचाव के लिए पूरी आस्तीन के कपड़े पहनने तथा घर के आसपास साफ-सफाई रखने की अपील की। इसके साथ ही बच्चों के नियमित टीकाकरण पर भी जोर दिया गया। दिमागी बुखार से बचाव के लिए पहला टीका 9 से 12 माह और दूसरा टीका 16 से 24 माह की आयु में लगवाने की जानकारी दी गई।

उन्होंने बताया कि संचारी रोगों से संबंधित जानकारी के लिए टोल फ्री हेल्पलाइन नंबर 18001805145 पर संपर्क किया जा सकता है। यह सुविधा पूरी तरह निशुल्क है।

कार्यक्रम में ब्लॉक कार्यक्रम प्रबंधक संजीव कुमार, डॉ. राकेश वर्मा, डॉ. असगर अली, डॉ. श्रेया त्रिपाठी, डॉ. रिंकी, स्टाफ नर्स डेजी, एएनएम रंजना, प्रीति, यास्मीन, सीएचओ शिवासागर, काउंसलर नीरा राय, जितेंद्र फार्मासिस्ट, आशा संगिनी सरिता राय, मंजू तिवारी, साधना, मंजू, विमला सहित स्वास्थ्य विभाग के अन्य कर्मचारी मौजूद रहे।

26 से 28 सितंबर तक स्वास्थ्य शिविर,जरूरतमंदों को मिलेगी निःशुल्क चिकित्सा सुविधा

26 से 28 सितंबर तक स्वास्थ्य शिविर,जरूरतमंदों को मिलेगी निःशुल्क चिकित्सा सुविधा

स्वास्थ्य शिविर में जरूरतमंदों को मिलेगी समुचित चिकित्सा सुविधा :अभिनव सिन्हा

गाजीपुर। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत आगामी 26, 27 एवं 28 सितंबर को लंका मैदान में आयोजित होने वाले निःशुल्क वृहद स्वास्थ्य सेवा शिविर तथा 27 सितंबर से 1 अक्टूबर तक प्रस्तावित निःशुल्क भव्य सर्जिकल शिविर की तैयारियों की समीक्षा गुरुवार को नगर के गुरु कृपा मैरिज हॉल में भाजपा नेता अभिनव सिन्हा ने की।
इस दौरान उन्होंने शिविर की व्यवस्थाओं से जुड़े कार्यकर्ताओं एवं स्वयंसेवकों से तैयारियों की जानकारी लेते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। अभिनव सिन्हा ने कहा कि इस शिविर का उद्देश्य समाज के प्रत्येक जरूरतमंद व्यक्ति तक बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं पहुंचाना है। शिविर के माध्यम से लोगों को विशेषज्ञ चिकित्सकों का परामर्श, स्वास्थ्य परीक्षण, आवश्यक दवाएं, उपचार तथा जरूरत के अनुसार सर्जरी की सुविधा उपलब्ध कराने का प्रयास किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि शिविर में आने वाले किसी भी मरीज को किसी प्रकार की असुविधा न हो, इसका विशेष ध्यान रखा जाएगा। इसके लिए बड़ी संख्या में युवा स्वयंसेवक सेवा भाव के साथ पूरी तत्परता से अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन करेंगे और मरीजों को पंजीकरण से लेकर चिकित्सकीय परामर्श, जांच एवं उपचार तक आवश्यक सहयोग प्रदान करेंगे।
कार्यकर्ताओं को उनकी जिम्मेदारियों के प्रति सजग करते हुए अभिनव सिन्हा ने कहा कि मानव सेवा से बढ़कर कोई सेवा नहीं है। जरूरतमंद व्यक्ति के जीवन में स्वास्थ्य और राहत का माध्यम बनना स्वयं में पुण्य का कार्य है। उन्होंने सभी कार्यकर्ताओं से पूरे समर्पण, अनुशासन और सेवाभाव के साथ शिविर को सफल बनाने का आह्वान किया।
बैठक में भाजपा जिला महामंत्री अवधेश राजभर, सुमित तिवारी, जिला उपाध्यक्ष प्रवीण सिंह, अच्छेलाल गुप्ता,जिला मीडिया प्रभारी शशिकान्त शर्मा, राकेश राय, अविनाश सिंह, अभिनव सिंह, गर्वजीत सिंह, हर्षित सिंह,रामेश्वर तिवारी, शनि चौरसिया, प्रमोद राय, शशांक राय, हिमांशु यादव,नीरज,अमन, सहित अनेक कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

आरबीएसके योजना बनी बच्चों के लिए उम्मीद की किरण,दो बच्चों का सफल ऑपरेशन कर कराया गया उपचार

आरबीएसके योजना बनी बच्चों के लिए उम्मीद की किरण, दो बच्चों का सफल ऑपरेशन कर कराया गया उपचार

गाजीपुर। जन्मजात बीमारियों और शारीरिक विकृतियों के साथ जन्म लेने वाले बच्चों के लिए राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम (आरबीएसके) उम्मीद की एक बड़ी किरण बनकर सामने आ रहा है। स्वास्थ्य विभाग की आरबीएसके टीम द्वारा ऐसे बच्चों की पहचान कर उन्हें बेहतर इलाज के लिए उच्च चिकित्सा केंद्रों तक पहुंचाया जा रहा है। इसी क्रम में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र मोहम्मदाबाद क्षेत्र के दो बच्चों का सफल उपचार कराया गया है।

आरबीएसके टीम ने जांच के दौरान रघुवरगंज निवासी एक वर्षीय अंशिका गुप्ता को क्लेफ्ट पैलेट यानी तालु में जन्मजात विकृति से पीड़ित पाया। टीम ने बच्ची को बेहतर उपचार के लिए हेरिटेज अस्पताल, वाराणसी रेफर किया, जहां उसका निःशुल्क ऑपरेशन कराया गया। ऑपरेशन के बाद अंशिका अब पूरी तरह स्वस्थ बताई जा रही है। परिवार के लिए यह इलाज किसी बड़ी राहत से कम नहीं है, क्योंकि समय पर उपचार मिलने से बच्ची को भविष्य में होने वाली परेशानियों से बचाने में मदद मिली है।

इसी तरह शेरपुर कलां निवासी नौ दिन के कार्तिक गुप्ता में जन्मजात क्लब फुट यानी पैर के टेढ़े होने की समस्या पाई गई। आरबीएसके टीम ने बच्चे को जिला अस्पताल गाजीपुर रेफर किया, जहां उसका सफलतापूर्वक उपचार किया गया। समय रहते उपचार मिलने से अब उसके पैर को सामान्य स्थिति में लाने की दिशा में काम किया गया है।

सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र मोहम्मदाबाद के अधीक्षक डॉ. आशीष राय ने बताया कि आरबीएसके योजना के तहत पूर्व में भी क्षेत्र के कई बच्चों की पहचान कर उनका ऑपरेशन और उपचार कराया जा चुका है। इस बार दो बच्चों का उपचार कर उन्हें भविष्य में होने वाली दिव्यांगता अथवा शारीरिक परेशानी से बचाने का प्रयास किया गया है। उन्होंने बताया कि आरबीएसके टीम का उद्देश्य बच्चों में जन्मजात बीमारियों की समय पर पहचान कर उन्हें उचित उपचार उपलब्ध कराना है।

इसी क्रम में उच्च केंद्र और जिला अस्पताल में उपचार के लिए भेजे गए बच्चों का फीडबैक भी लिया गया। सीएचसी मोहम्मदाबाद पर बच्चों के माता-पिता और परिवार के जिम्मेदार सदस्यों की मौजूदगी में उपचार के बाद उनकी स्थिति की जानकारी ली गई।

इस पूरी प्रक्रिया में ब्लाक कार्यक्रम प्रबंधक संजीव कुमार एवं आरबीएसके टीम के डॉ. राकेश वर्मा, डॉ. श्रेया त्रिपाठी और स्टाफ नर्स श्रीमती आशा सिंह की भूमिका रही।

आरबीएसके टीम का कहना है कि ऐसे कई बच्चों का उपचार कराया जा चुका है और आगे भी क्षेत्र में बच्चों की स्क्रीनिंग कर जन्मजात बीमारियों की पहचान एवं समय पर उपचार का सिलसिला जारी रहेगा। समय पर मिला यह उपचार न सिर्फ बच्चों के स्वास्थ्य को बेहतर बना रहा है, बल्कि उनके सामान्य भविष्य की उम्मीद को भी मजबूत कर रहा है।

नियमितीकरण समेत मांगों को लेकर एनएचएम संविदा कर्मचारियों ने सौंपा ज्ञापन

नियमितीकरण समेत मांगों को लेकर एनएचएम संविदा कर्मचारियों ने सौंपा ज्ञापन

8 से 10 अक्टूबर तक कार्यक्रम बहिष्कार की चेतावनी, 12 अक्टूबर को प्रदेश मुख्यालय पर आंदोलन का ऐलान

गाजीपुर। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन कर्मचारी संघ ने एनएचएम संविदा कर्मचारियों की विभिन्न समस्याओं और मांगों को लेकर मंगलवार को जिलाधिकारी एवं मुख्य चिकित्सा अधिकारी को ज्ञापन सौंपा। जिलाध्यक्ष राघवेंद्र शेखर सिंह के नेतृत्व में सौंपे गए ज्ञापन में लंबे समय से सेवाएं दे रहे संविदा कर्मचारियों के नियमितीकरण समेत कई मांगों के समाधान की मांग की गई। संगठन ने प्रमुख रूप से एनएचएम संविदा कर्मचारियों के नियमितीकरण और समान कार्य-समान वेतन की मांग उठाई। ज्ञापन में कहा गया कि नियमितीकरण होने तक कर्मचारियों के वेतन में वृद्धि कर सम्मानजनक वेतन दिया जाए। इसके अलावा कर्मचारियों और उनके आश्रितों के लिए कम से कम 10 लाख रुपये की कैशलेस चिकित्सा सुविधा, महंगाई भत्ता, ईपीएफ, एचआरए एवं ग्रेच्युटी का लाभ देने की मांग की गई। रिक्त पदों पर गैर जनपद स्थानांतरण की सुविधा, सेवा के दौरान मृत्यु होने पर अनुकंपा नियुक्ति तथा एनएचएम के तहत कार्यरत आउटसोर्स कर्मचारियों के जिला स्वास्थ्य समिति में समायोजन की मांग भी रखी गई। संगठन ने स्वास्थ्य विभाग की नियमित भर्तियों में एनएचएम संविदा कर्मचारियों के लिए कम से कम 25 प्रतिशत सीटों का कोटा निर्धारित करने की भी मांग की। पदाधिकारियों ने कहा कि संविदा कर्मचारी लंबे समय से ग्रामीण और दुर्गम क्षेत्रों तक स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। ज्ञापन में मांगों पर कार्रवाई न होने की स्थिति में 8, 9 और 10 अक्टूबर को जिला मुख्यालय पर कार्यक्रम बहिष्कार तथा इसके बाद 12 अक्टूबर को प्रदेश मुख्यालय पर धरना-प्रदर्शन करने की चेतावनी दी गई। इस दौरान प्रमोद कुमार, प्रदीप कुमार सिंह, विशाल राय, अनिल कुमार शर्मा, सुनील कुमार, दुर्गा प्रसाद, अमित कुमार कुशवाहा, राजेश कुमार बिंद, डॉक्टर शाहबाज, राधेश्याम यादव, सोमरू कुमार, अमित कुशवाहा, संदीप पाल, अमरदीप पाल, अवनीश मित्तल समेत बड़ी संख्या में एनएचएम संविदा कर्मचारी मौजूद रहे।

ट्रॉमा सेंटर को लेवल-2 में अपग्रेड कराने की पहल, विजय मिश्र ने स्वास्थ्य मंत्री से की मुलाकात

गाजीपुर ट्रॉमा सेंटर को लेवल-2 में अपग्रेड कराने की पहल, पूर्व मंत्री विजय मिश्र ने डिप्टी सीएम बृजेश पाठक से की मुलाकात

ट्रॉमा सेंटर के सुदृढ़ीकरण की मांग पर डिप्टी सीएम ने लिया तत्काल संज्ञान, अपर मुख्य सचिव को दिए कार्रवाई के निर्देश

गाजीपुर में ही मिलेगी गंभीर मरीजों को बेहतर इमरजेंसी सुविधा, ट्रॉमा सेंटर को लेवल-2 में उच्चीकृत कराने की कवायद

वाराणसी-गोरखपुर रेफर होने से बचेंगे गंभीर मरीज, ट्रॉमा सेंटर को लेवल-2 बनाने की पहल तेज

गाजीपुर ट्रॉमा सेंटर को मिलेगी नई मजबूती, विजय मिश्र ने स्वास्थ्य मंत्री से मिलकर मांगे विशेषज्ञ डॉक्टर व आधुनिक संसाधन

गाजीपुर। गोराबाजार स्थित ट्रॉमा सेंटर को वर्तमान लेवल-3 से लेवल-2 में उच्चीकृत कर पूर्ण क्षमता के साथ संचालित किए जाने को लेकर पूर्व मंत्री विजय मिश्र ने बुधवार को उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री एवं स्वास्थ्य मंत्री बृजेश पाठक से मुलाकात की। उन्होंने इस महत्वपूर्ण जनहित के मुद्दे पर विस्तार से चर्चा करते हुए ट्रॉमा सेंटर के लिए आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराने के संबंध में पत्र सौंपा। पूर्व मंत्री ने कहा कि गाजीपुर पूर्वांचल का महत्वपूर्ण आवागमन केंद्र है। राष्ट्रीय राजमार्गों, फोरलेन मार्गों, पूर्वांचल एक्सप्रेसवे और ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे से जुड़े होने के कारण यहां प्रतिदिन बड़ी संख्या में वाहनों का आवागमन होता है। इसके अलावा सारनाथ, कुशीनगर और कपिलवस्तु जैसे प्रमुख बौद्ध तीर्थस्थलों की यात्रा करने वाले देश-विदेश के श्रद्धालु भी गाजीपुर से होकर गुजरते हैं। उन्होंने कहा कि सड़क दुर्घटना, हार्ट अटैक, ब्रेन स्ट्रोक, गंभीर चोट अथवा अन्य आकस्मिक आपात स्थितियों में मरीज को तत्काल विशेषज्ञ चिकित्सा सुविधा मिलना बेहद जरूरी है। ट्रॉमा सेंटर को लेवल-2 में उच्चीकृत किए जाने से गंभीर मरीजों को समय पर उपचार मिल सकेगा और उन्हें वाराणसी, गोरखपुर अथवा अन्य बड़े चिकित्सा केंद्रों में रेफर करने की आवश्यकता कम होगी। उन्होंने ट्रॉमा सेंटर में 24 घंटे इमरजेंसी एवं ट्रॉमा सेवाओं के साथ न्यूरोसर्जन, रेडियोलॉजिस्ट, एनेस्थेटिस्ट, ऑर्थोपेडिक सर्जन, जनरल सर्जन और कैजुअल्टी मेडिकल ऑफिसर सहित पर्याप्त नर्सिंग एवं पैरामेडिकल स्टाफ की व्यवस्था किए जाने की मांग की। इसके साथ ही आईसीयू/क्रिटिकल केयर, ऑपरेशन थिएटर, आधुनिक चिकित्सा उपकरण और अन्य आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराने पर जोर दिया। विजय मिश्र ने कहा कि ट्रॉमा सेंटर के लेवल-2 में उच्चीकृत होने का लाभ केवल गाजीपुर ही नहीं, बल्कि मऊ, आजमगढ़, बलिया समेत आसपास के जनपदों के गंभीर मरीजों और दुर्घटना पीड़ितों को भी मिलेगा। उपमुख्यमंत्री एवं स्वास्थ्य मंत्री बृजेश पाठक ने पूर्व मंत्री द्वारा रखे गए जनहित के इस महत्वपूर्ण विषय को गंभीरता से सुना और तत्काल अपर मुख्य सचिव, चिकित्सा शिक्षा को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए। विजय मिश्र ने ट्रॉमा सेंटर के सुदृढ़ीकरण एवं बेहतर संचालन की दिशा में तत्काल संज्ञान लेने के लिए उपमुख्यमंत्री एवं स्वास्थ्य मंत्री का आभार व्यक्त किया।

स्वाइन फ्लू को लेकर स्वास्थ्य विभाग अलर्ट, मेडिकल कॉलेज में तैयार 10 बेड का आइसोलेशन वार्ड

स्वाइन फ्लू को लेकर स्वास्थ्य विभाग अलर्ट, मेडिकल कॉलेज में तैयार 10 बेड का आइसोलेशन वार्ड

गाजीपुर। राज्य में बढ़ते स्वाइन फ्लू के मामलों को देखते हुए जनपद का स्वास्थ्य विभाग पूरी तरह अलर्ट है। मंगलवार को सीएमओ कार्यालय में प्रभारी मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने प्रेसवार्ता कर स्वाइन फ्लू से बचाव और उपचार को लेकर की गई तैयारियों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि शासन से प्राप्त दिशा-निर्देशों के अनुसार जिले में सभी आवश्यक व्यवस्थाएं पूरी कर ली गई हैं। प्रभारी सीएमओ ने बताया कि जनपद के सभी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों (सीएचसी) एवं प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों (पीएचसी) को अलर्ट कर दिया गया है। गंभीर सांस संबंधी बीमारी से ग्रसित मरीजों का तत्काल उपचार सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। आवश्यकता पड़ने पर मरीजों को जांच एवं उपचार के लिए महर्षि विश्वामित्र मेडिकल कॉलेज स्थित चिकित्सालय रेफर किया जाएगा, जहां जांच एवं उपचार की सुविधा उपलब्ध है। मेडिकल कॉलेज चिकित्सालय में 10 बेड का आइसोलेशन वार्ड तैयार कर लिया गया है। उन्होंने बताया कि सभी क्षेत्रीय स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं एवं आशा कार्यकर्ताओं को निर्देशित किया गया है कि इन्फ्लूएंजा जैसे लक्षणों वाले तथा गंभीर बीमारी से ग्रसित लोगों की पहचान कर उन्हें तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर उपचार के लिए संदर्भित करें।

खांसी-छींक के जरिए फैलता है संक्रमण

स्वाइन फ्लू का संक्रमण संक्रमित व्यक्ति की खांसी और छींक के दौरान निकलने वाली बूंदों के माध्यम से हवा के जरिए श्वसन तंत्र में पहुंच सकता है। इसके प्रमुख लक्षणों में बुखार, नाक बहना, खांसी, गले में खराश, सिरदर्द, बदन दर्द, ठंड लगना और आंखों में लालिमा शामिल हैं।

हाथ धोने और सावधानी बरतने की सलाह

स्वास्थ्य विभाग ने लोगों को संक्रमित पदार्थों और वस्तुओं को छूने से बचने तथा हाथ मिलाने से परहेज करने की सलाह दी है। लोगों से साबुन से बार-बार और अच्छी तरह हाथ धोने तथा किसी वस्तु को छूने के बाद आंख, नाक और मुंह को छूने से बचने की अपील की गई है।

05 मरीजों के संपर्क में आए लोगों की हुई ट्रेसिंग

स्वास्थ्य विभाग के अनुसार अब तक सूचित 05 मरीजों के संपर्क में आए व्यक्तियों की कॉन्टैक्ट ट्रेसिंग की जा चुकी है। राहत की बात यह है कि संपर्क में आए किसी भी व्यक्ति में अभी तक स्वाइन फ्लू के लक्षण नहीं पाए गए हैं। सभी मरीजों का नियमित फॉलोअप किया जा रहा है और उनके स्वास्थ्य की लगातार निगरानी की जा रही है।