

ग़ाज़ीपुर।राज्यसभा में ग्रामीण विकास मंत्रालय की अनुदान मांगों पर चर्चा के दौरान सांसद डॉ. संगीता बलवंत ने ग्रामीण भारत के विकास को देश की प्रगति की आधारशिला बताते हुए जोरदार वक्तव्य दिया। अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि भारत की असली ताकत उसके गांवों में बसती है और गांवों का विकास ही देश के समग्र विकास का मार्ग प्रशस्त करता है।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में ग्रामीण विकास के क्षेत्र में ऐतिहासिक परिवर्तन देखने को मिला है। प्रधानमंत्री आवास योजना–ग्रामीण के माध्यम से करोड़ों गरीब परिवारों को पक्के मकान मिले हैं, जिससे उन्हें सम्मान और सुरक्षा के साथ जीवन जीने का अवसर मिला है। स्वच्छ भारत मिशन के तहत बने शौचालयों ने ग्रामीण महिलाओं की गरिमा और स्वास्थ्य की रक्षा की है, जबकि उज्ज्वला योजना ने धुएं से होने वाली समस्याओं से महिलाओं को राहत दी है।
डॉ. संगीता बलवंत ने कहा कि प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के माध्यम से हजारों गांवों को पक्की सड़कों से जोड़ा गया है, जिससे शिक्षा, स्वास्थ्य और बाजार तक पहुंच आसान हुई है। उन्होंने प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि, जल जीवन मिशन और विकसित भारत जी राम जी जैसी योजनाओं का उल्लेख करते हुए कहा कि इनसे ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती मिली है और किसानों व मजदूरों को आर्थिक सुरक्षा प्राप्त हुई है।
उन्होंने बताया कि वित्त वर्ष 2026–27 के लिए ग्रामीण विकास मंत्रालय के लिए ₹1,97,023 करोड़ का प्रावधान सरकार की ग्रामीण विकास के प्रति मजबूत प्रतिबद्धता को दर्शाता है। राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के लिए ₹19,200 करोड़ का बजट निर्धारित किया गया है, जिसके माध्यम से स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी लाखों महिलाएं आर्थिक रूप से सशक्त बन रही हैं।
इसके साथ ही दीन दयाल उपाध्याय ग्रामीण कौशल्य योजना के तहत ग्रामीण युवाओं को कौशल प्रशिक्षण देकर रोजगार के अवसर प्रदान किए जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि वर्ष 2016 से अब तक 14.7 लाख से अधिक ग्रामीण युवाओं को प्रशिक्षण दिया गया है और 10.2 लाख से अधिक युवाओं को रोजगार प्राप्त हुआ है।
डॉ. संगीता बलवंत जी के स्वरचित कविताओं से परिपूर्ण प्रभावशाली और तथ्यपूर्ण वक्तव्य का सदन में व्यापक प्रभाव देखने को मिला। उनके वक्तव्य पर सत्ता पक्ष के साथ-साथ विपक्ष के सदस्यों ने भी तालियां बजाकर अभिनंदन किया।
अंत में उन्होंने कहा कि यदि गांव मजबूत और समृद्ध होंगे तो देश भी मजबूत और समृद्ध बनेगा और इसी विश्वास के साथ उन्होंने ग्रामीण विकास मंत्रालय की अनुदान मांगों का समर्थन किया।