गाजीपुर। जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला की पहल जनपद में कुपोषण मुक्ति अभियान को नई दिशा दे रही है। आंगनबाड़ी केंद्रों की रिपोर्ट के आधार पर चिन्हित कुपोषित बच्चों को जनपद स्तरीय अधिकारियों द्वारा गोद लेकर उनके स्वास्थ्य सुधार की दिशा में ठोस प्रयास किए जा रहे हैं। इसी क्रम में मंगलवार को जिला युवा कल्याण अधिकारी दिलीप कुमार रजदेपुर प्रथम स्थित आंगनबाड़ी केंद्र पहुंचे, जहां उन्होंने गोद लिए गए कुपोषित बच्चे एवं उसकी माता को न्यूट्रीशन आधारित खाद्य पदार्थों की पोटली प्रदान की।

इस दौरान उन्होंने बच्चों की माताओं को पौष्टिक आहार, नियमित स्वास्थ्य जांच और साफ-सफाई के प्रति जागरूक किया। उन्होंने कहा कि बच्चों के स्वस्थ भविष्य के लिए संतुलित भोजन, स्वच्छता और नियमित देखभाल अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने माताओं से बच्चों की व्यक्तिगत साफ-सफाई, हाथ धोने की आदत तथा समय-समय पर स्वास्थ्य परीक्षण कराने की अपील की। इसके उपरान्त मोहनपुर त्रितीय स्थित आंगनबाड़ी केंद्र पर भी जिला युवा कल्याण अधिकारी ने पहुंचकर कुपोषित बच्चों को पोषण सामग्री वितरित की। यहां भी बच्चों की माताओं को स्वास्थ्य एवं पोषण संबंधी महत्वपूर्ण सुझाव दिए गए।

जिला युवा कल्याण अधिकारी दिलीप कुमार ने कहा कि कुपोषण एक गंभीर सामाजिक चुनौती है, जिसे सामूहिक प्रयासों से ही समाप्त किया जा सकता है। उन्होंने जिलाधिकारी की इस पहल को जनहित में अत्यंत सराहनीय बताते हुए कहा कि यह अभियान निश्चित रूप से सकारात्मक परिणाम देगा। जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला के इस प्रयास की व्यापक सराहना हो रही है। उम्मीद जताई जा रही है कि आगामी 2 से 3 माह में अधिकांश बच्चे कुपोषण की श्रेणी से बाहर आ जाएंगे। इस अवसर पर मुख्य सेविका चंद्रावती देवी, मुख्य सेविका मीना सिंह, इंदु देवी, आंगनबाड़ी एवं शशिबाला आंगनबाड़ी ,शादिया ,शिवांगी तथा अन्य उपस्थित रहे।