किसान दिवस में किसानों ने उठाईं सिंचाई, बिजली और टीकाकरण की समस्याएं
गाजीपुर। परियोजना निदेशक की अध्यक्षता में बुधवार को विकास भवन सभागार में किसान दिवस का आयोजन किया गया। इसमें विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारी तथा जिले के सभी विकासखंडों से आए प्रगतिशील किसानों ने प्रतिभाग किया। किसान दिवस में सहायक अभियंता, लघु सिंचाई के अनुपस्थित रहने पर उनका वेतन बाधित करने का निर्देश दिया गया। जिला कृषि अधिकारी ने बताया कि कैच क्रॉप के रूप में बोई जाने वाली तोरिया फसल के निःशुल्क बीज वितरण के लिए बुकिंग प्रक्रिया चल रही है। किसानों से अपील की गई कि वे नजदीकी जनसेवा केंद्र अथवा अपने मोबाइल के माध्यम से तोरिया बीज की बुकिंग करा लें। उन्होंने बताया कि कृषि यंत्रीकरण योजना के तहत कृषि यंत्रों की बुकिंग कराने वाले किसानों के लिए ई-लॉटरी 20 या 21 अगस्त को प्रस्तावित है। इसकी सूचना समाचार पत्रों एवं व्हाट्सएप ग्रुप के माध्यम से किसानों को दी जाएगी।

उन्होंने बताया कि पीएम किसान योजना के अंतर्गत फार्मर रजिस्ट्री का अभियान 16 से 21 अगस्त तक ग्रामवार चलाया जा रहा है। जिन किसानों की फार्मर रजिस्ट्री नहीं बन पाई है और उनका अंश निर्धारण हो चुका है, वे संबंधित लेखपाल, जनसेवा केंद्र अथवा कृषि विभाग के कर्मचारियों से संपर्क कर जल्द से जल्द फार्मर रजिस्ट्री करा लें। किसान शिवकुमार राय, ग्राम सियाड़ी, भांवरकोल ने बताया कि उनके गांव में अभी तक एफएमडी (मुंहपका-खुरपका) का टीकाकरण नहीं हुआ है। उन्होंने गांव में टीकाकरण कराने की मांग की। इसी तरह पवन यादव, ग्राम ताड़ीघाट तथा जितेंद्र राय, ग्राम मिर्जाबाद ने भी अपने गांवों में एफएमडी टीकाकरण कराने का अनुरोध किया।

कृषक चंद्रबली राय, ग्राम ढढ़नी ने शिकायत की कि जमानिया पंप कैनाल से ताड़ीघाट रजवाहा होते हुए ढढ़नी से चौरी माइनर निकली है, लेकिन अब तक टेल तक पानी नहीं पहुंच रहा है। उन्होंने माइनर में पानी पहुंचाने की मांग की। किसान कृष्णानंद राय ने बताया कि ग्राम उतरौली में बने चेकडैम का स्ट्रक्चर क्षतिग्रस्त हो गया है, जिससे करीब 150 हेक्टेयर खेत में पानी भर गया है। उन्होंने चेकडैम की मरम्मत कराने की मांग की। कृषक ईश्वर शरण उपाध्याय ने महरौली विद्युत उपकेंद्र की क्षमता बढ़ाने की मांग की, ताकि किसानों को सिंचाई में परेशानी न हो। वहीं अनूप राय, ग्राम पकड़ी ने बताया कि गांव में विद्युत तार जर्जर हो चुके हैं, जिससे कभी भी अप्रिय घटना हो सकती है। कई बार शिकायत के बावजूद तार नहीं बदले गए हैं। उन्होंने जर्जर तारों को बदलने तथा ट्रांसफार्मर की क्षमता बढ़ाने की मांग की, जिससे खेतों की सिंचाई सुचारू रूप से हो सके। किसान दिवस में किसानों की समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए गए।