मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह को लेकर डीएम ने की बैठक

गाजीपुर। जिलाधिकारी अविनाश कुमार की अध्यक्षता में मंगलवार को विकास भवन सभागार में मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजनान्तर्गत क्रय समिति की बैठक सम्पन्न हुई। बैठक में जिला समाज कल्याण अधिकारी द्वारा अवगत कराया गया कि मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजनान्तर्गत वित्तीय वर्ष 2025-26 से विवाह कार्यक्रम में सम्मिलित कन्या के खाते में रू0 60,000.00 की धनराशि अन्तरित की जायेगी तथा वैवाहिक उपहार सामग्री मद में प्रति युगल रू0 25,000.00 एवं अन्य आवश्यक व्यवस्था हेतु प्रति जोड़े रू0 15,000. 00 व्यय किया जायेगा। इस प्रकार सामूहिक विवाह में सम्मिलित होने वाले जोड़ो पर प्रति युगल रू0 100,000.00 की धनराशि व्यय होगी। जिलाधिकारी द्वारा निर्देशित किया गया कि सर्व प्रथम विवाह सामग्री एवं अन्य आवश्यक व्यवस्था हेतु जेम की कार्यवाही सुनिश्चित करें, तत्पश्चात विवाह तिथि एवं कार्यक्रम स्थल का चिन्हांकन किया जाय। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी संतोष कुमार वैश्य, जिला विकास अधिकारी सुभाष चन्द्र सरोज एवं अन्य जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे।

डीएम के अध्यक्षता में हुआ जिला स्तरीय सतर्कता एवं मॉनिटरिंग समिति की बैठक

गाजीपुर। जिलाधिकारी अविनाश कुमार की अध्यक्षता में मंगलवार को विकास भवन सभागार में अनु० जाति/अनु०जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम के अन्तर्गत जिला स्तरीय सतर्कता एवं मानीटिरिंग समिति की बैठक सम्पन्न हुई। बैठक में जिला समाज कल्याण अधिकारी द्वारा अवगत कराया गया कि अत्याचार उत्पीड़न योजनान्तर्गत 10 जून तक कुल 366 प्रस्ताव पुलिस अधीक्षक के स्तर से प्राप्त हुए है, जिसमें से 223 पीड़ितो के बैंक खाते में धनराशि अन्तरित की गयी है, 63 लाभार्थियों को धनावंटन के अभाव में भुगतान लम्बित है तथा 80 नवीन स्वीकृति हेतु प्रस्ताव कमेटी के सामने प्रस्तुत किया गया है। शासन स्तर से बजट आवंटन प्राप्त होने के उपरान्त स्वीकृत लाभार्थियों को नियमानुसार भुगतान की कार्यवाही की जायेगी। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी संतोष कुमार वैश्य, अपर पुलिस अधीक्षक गाजीपुर, ज्ञानेन्द्र प्रसाद, जिला विकास अधिकारी सुभाष चन्द्र सरोज एवं अन्य जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे।

कार्यों में लापरवाही पर सीडीओ ने रोका वेतन

गाजीपुर। मुख्य विकास अधिकारी/उपाध्यक्ष के अध्यक्षता मे जनपद के समस्त सहायक विकास अधिकारी पंचायत के साथ मंगलवार को विकास भवन सभागार में समीक्षा बैठक की गई। बैठक में स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) अंतर्गत व्यक्तिगत शौचालय निर्माण, आवेदन किए गए व्यक्तिगत शौचालय, शौचालय के लाभार्थियों के पात्रता का सत्यापन, रिट्रोफिटिंग, ओडीएफ प्लस वेरीफिकेशन, एवं ग्राम पंचायत रसूलपुर टी शेखपुर विकास खण्ड सदर में निर्मित प्लास्टिक अपशिष्ट प्रबंधन केन्द्र पर विकास खण्ड देवकली, करंडा के सभी ग्राम पंचायत में एकत्रित प्लास्टिक पहुंचाया जाए जिससे प्लास्टिक का निस्तारण किया जा सके तथा पंचायत पंचम राज्य वित्त एवं 15 वां वित्त आयोग अंतर्गत आवंटित क्रेडिट लिमिट के सापेक्ष खर्चा एवं कार्यों की समीक्षा तथा आर जे एस ए अंत्येष्टि स्थल तथा सीएससी आदि की समीक्षा की गई। समीक्षा के दौरान निर्देशित किया गया कि सभी कार्यों को ससमय पूर्ण करें।

इस पर मुख्य विकास अधिकारी द्वारा एडीओ पंचायत को निर्देशित किया की बैठक के एजेंडा अनुसार अपने-अपने विकासखंड की शत प्रतिशत प्रगति करना सुनिश्चित करें। सामुदायिक शौचालय  क्रियाशील  कराये एवम पंचायत सचिवालय  प्रतिदिन खुले और जनमानस को सुविधा मिले। मुख्य विकास अधिकारी ने सादात, कासिमाबाद, भदौरा, एवं बिरनो के ए0डी0ओ0 पंचायत के कार्यो में लापरवाही पाये जाने पर वेतन रोकने का निर्देश दिया।

राज्यसभा सांसद डॉ. संगीता के पहल पर आई नाला निर्माण की जांच रिपोर्ट

गाजीपुर। राज्यसभा सांसद डा. संगीता बलवंत की पहल पर ग्राम मीरनपुर सक्का में नाला निर्माण हेतु NHI द्वारा मांगा गया जाँच रिपोर्ट। इस संबंध में राज्यसभा सांसद ने बताया की गांव मीरनपुर सक्का एवं आस- पास के कई गांव जल भराव के समस्या से जूझ रहे हैं ।गाजीपुर-वाराणसी फोरलेन हाइवे से सटे होने के कारण मीरनपुर बाईपास से भारी वाहनों का आवागमन बहुत अधिक होता है जिससे बार- बार नाली टूट जाती है और जल जमाव की समस्या बनी रहती है। जिसके निदान के लिए मैंने भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग को मीरनपुर सक्का से चक अब्दुल सत्तार तक 900 मीटर सर्विस नाला निर्माण के लिए पत्र लिखा। तत्पश्चात मीरनपुर सक्का में नाला निर्माण हेतु NHI द्वारा MSV इटरनेशनल कंपनी द्वारा जाँच रिपोर्ट मांगा गया है । आशा है की जल्द ही समस्या से ग्रामवासियों को निजात मिलेगी।

घरेलू गैस सिलेंडर कर रहें हैं उपयोग तो होगी कार्रवाई

घरेलू गैस सिलेंडर जनजागरूकता अभियान की ग़ाज़ीपुर में शुरुआत

गाजीपुर। घरेलू गैस सिलेंडर जन जागरूकता अभियान एक राष्ट्रव्यापी आंदोलन है, जिसका मुख्य उद्देश्य ग्राहकों को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक करना है, ऐसा संस्था के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन सोलंके ने बताया। यह अभियान देश के 15 राज्यों के 275 जिलों में 2700 स्वयंसेवकों के साथ 10 मई से (45 दिनों तक) चलाया जाएगा। इस अभियान के अंतर्गत सभी होटल, रेस्टोरेंट, फैक्ट्री आदि व्यावसायिक प्रतिष्ठानों में जाकर, उन्हें सार्वजनिक सूचना पत्र/जानकारी पत्रक देकर यह बताया जाएगा कि 14.2 किलोग्राम के घरेलू गैस सिलेंडर का व्यावसायिक प्रतिष्ठानों में उपयोग नहीं करना चाहिए। उन्होंने बताया कि ऑटो रिक्शा और एल.पी.जी. वाहनों में भी घरेलू गैस सिलेंडर का अवैध रूप से उपयोग हो रहा है, जिससे देश में हर साल लगभग 1000 विस्फोट होते हैं और जान-माल की हानि होती है। साथ ही सरकारी राजस्व को भी भारी नुकसान पहुंचता है।

अतः इस माध्यम से आपको सूचित और सावधान किया जा रहा है कि यदि आप अपने व्यावसायिक स्थल अथवा वाहन में घरेलू गैस सिलेंडर का उपयोग कर रहे हैं, तो आपके विरुद्ध आवश्यक वस्तु अधिनियम 1955 की धारा 3 और 7 के अंतर्गत संबंधित विभाग द्वारा आपराधिक और दंडात्मक कार्रवाई की जा सकती है। ग्राहक दक्षता कल्याण फाउंडेशन एक स्वयंसेवी संस्था है, जो कई वर्षों से ग्राहकों के हित, न्याय, अधिकारों और संरक्षण के लिए कार्यरत है। सरकार द्वारा उज्ज्वला योजना के तहत ज़रूरतमंदों तक एलपीजी गैस उपलब्ध कराने की जो पहल की गई है, उसका कुछ लोग थोड़े से फायदे के लिए अवैध रूप से उपयोग कर रहे हैं। 14.2 किलो का सिलेंडर केवल घरेलू उपयोग के लिए है और उसका किसी भी प्रकार से किया गया व्यावसायिक उपयोग दंडनीय अपराध है। इस पर रोक लगाने के लिए ग्राहक दक्षता कल्याण फाउंडेशन की ओर से घरेलू गैस सिलेंडर के सही उपयोग के लिए एक राष्ट्रव्यापी जनजागरूकता अभियान की शुरुआत नागपुर से की जा रही है, ऐसी जानकारी परियोजना प्रमुख अक्षय मिश्रा और विनय पांडेय ने दी। इस अभियान को जिला पूर्ति अधिकारी अनंत प्रताप सिंह ने हरी झंडी दिखाकर शुभारंभ किया। ग्राहक दक्षता कल्याण फाउंडेशन के स्वयंसेवक शहर के व्यावसायिक प्रतिष्ठानों, ऑटो रिक्शा स्टैंड और संबंधित संगठनों से मुलाकात कर उन्हें संपूर्ण मार्गदर्शन देंगे, ऐसी जानकारी संपर्क प्रमुख अक्षय मिश्रा और विनय पांडेय ने दी।

477 शिकायत पत्र में 44 का निस्तारण

गाजीपुर। जन समस्याओ के त्वरित निस्तारण हेतु सम्पूर्ण समाधान दिवस तहसील जखनियां में अविनाश कुमार की अध्यक्षता एवं पुलिस अधीक्षक डा. ईरज राजा की उपस्थिति में सम्पन्न हुआ। जिसमे 168 शिकायत/प्रार्थना प्राप्त हुए मौके पर 18 का निस्तारण किया गया। जनसमस्याओं के त्वरित निस्तारण हेतु सातों तहसीलो की सूचना के अनुसार सम्पूर्ण समाधान दिवस में कुल 477 शिकायत/प्रार्थना प्राप्त हुए, जिसमें मौके पर  44 शिकायत/प्रार्थना पत्रो  का निस्तारण किया गया।
इसी क्रम में तहसील सैदपुर में उपजिलाधिकारी की अध्यक्षता 32 शिकायत/प्रार्थना प्राप्त हुए जिसमें 04 का मौके पर निस्तारण किया। तहसील सेवराई में मुख्य राजस्व अधिकारी आयुष चौधरी की अध्यक्षता में 20 शिकायत/प्रार्थना प्राप्त हुए, जिसमें से 04 का मौके पर निस्तारण किया गया। जमानियॉ तहसील में उपजिलाधिकारी की अध्यक्षता में 48 शिकायत/प्रार्थना प्राप्त हुए जिसमें मौके पर 04 का निस्तारण किया गया। तहसील मुहमम्दाबाद में अपर जिलाधिकारी वि0/रा0 दिनेश कुमार की अध्यक्षता में 37 शिकायत/प्रार्थना प्राप्त हुए जिसमें मौके पर 05 निस्तारण किया गया। तहसील कासिमाबाद में उपजिलाधिकारी की अध्यक्षता में 112 शिकायत/प्रार्थना प्राप्त हुए जिसमें से मौके पर 05 का निस्तारण किया गया एवं तहसील सदर में उपजिलाधिकारी की अध्यक्षता में 60 शिकायत/प्रार्थना प्राप्त हुए जिसमें  04 का मौके पर निस्तारण किया गया।
जिलाधिकारी ने सम्पूर्ण समाधान दिवस के अवसर पर आम जनमानस की शिकायतों को गंभीरतापूर्वक सुनते हुए कुछ शिकायतों का निस्तारण मौके पर ही कराया। शेष शिकायतों को संबंधित अधिकारियों को अग्रसारित करते हुए समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण हेतु निर्देशित किया गया। इस अवसर पर पुलिस और राजस्व विभाग के अधिकारियों/कर्मचारियों को निर्देशित किया गया कि जमीनी विवाद और आपसी विवाद एक ही विषय से संबंधित होते है इस लिए राजस्व विभाग एवं पुलिस विभाग के अधिकारी आपसी समन्वय स्थापित करते हुए विवादों का निस्तारण सुनिश्चित करें। राजस्व निरीक्षकों को स्पष्ट रूप से निर्देशित किया गया कि प्रत्येक माह पैमाइस कर पत्थरगड्डी करना सुनिश्चित करें। तहसील के समस्त लेखपालों को निर्देशित किया गया कि शिकायतकर्ता की छोटी-छोटी समस्याएँ जिनका तत्काल निस्तारण किया जा सकता है, उसके लिए किसी व्यक्ति को परेशान न किया जाए। कहा गया कि जन शिकायतों का निस्तारण शासन की प्राथमिकता है अतः इसमें किसी भी तरह की लापरवाही या उदासीनता अक्षम्य होगी। इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी संतोष कुमार वैश्य, परियोजना निदेशक राजेश यादव, जिला विकास अधिकारी सुभाष चन्द्र सरोज, उपजिलाधिकारी जखनियां, तहसीलदर जखनियां, क्षेत्राधिकारी जखनियां एवं समस्त सम्बन्धित अधिकारी एवं पुलिस के अधिकारी उपस्थित रहे।

गंगा घाट पर चलाया स्वच्छता अभियान

गाजीपुर।जिला गंगा समिति द्वारा सैदपुर के वराह मंदिर गंगा घाट पर वृहद स्तर पर स्वच्छता अभियान चलाया गया। युवाओं ने मां गंगा को स्वच्छ एवं निर्मल बनाने के लिए गंगा घाट के किनारे फैले गंदगी, फूल-माला, प्लास्टिक कचरा आदि को एकत्रित कर साफ-सफाई किया। जिला परियोजना अधिकारी नमामि गंगे बृजेश कुमार श्रीवास्तव ने कहा कि गंगा नदी जीवनदायिनी है,इसे स्वच्छ एवं निर्मल बनाए रखना सभी की नैतिक जिम्मेदारी है, स्वच्छता अभियान में सभी को बढ़-चढ़कर शामिल होने की आवश्यकता है। जन मानस के सहयोग से ही मां गंगा को प्रदूषण मुक्त बनाया जा सकता है। स्वच्छता अभियान के उपरान्त सभी युवाओं ने मां गंगा की शपथ ली। जन-जन से अपील किया कि गंगा नदी में फूल माला, पूजा की सामग्री आदि प्रवाहित न करें। इस अवसर पर अधिवक्ता अभिजीत सिंह, रविकांत नागर, मनीष निषाद, बृजेश, प्रदुम्न, वकील आदि लोग उपस्थित रहे।

ऑपरेशन सिंदूर:विकास भवन में कर्मियों ने किया रक्तदान

ऑपरेशन सिंदूर के तहत विकास भवन में कर्मियों ने किया रक्तदान शिविर का आयोजन:दुर्गेश श्रीवास्तव

ग़ाज़ीपुर।9 जून 2025 को राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद के तत्वाधान में ऑपरेशन सिंदूर के तहत विकास भवन में रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया।जिसमें डॉ के0 के0सिंह ब्लड बैंक प्रभारी द्वारा उद्घाटन किया गया।राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद के जिलाध्यक्ष द्वारा कहा गया कि ऑपरेशन सिंदूर के तहत जो पहलगाम में सुरक्षाकर्मी व आमजन घायल हुए थे,उनके इलाज मे मूलभूत सुविधा के देखते हुए जनपद गाजीपुर के कर्मचारी द्वारा रक्तदान किया गया है।रक्तदान करना एक पुनीत कार्य है,जिसमें हर स्वास्थ कर्मी को रक्तदान करना चाहिए, जिससे जरूरतमंद लोगों को बेहतर इलाज मिल सके,जिसमें बेसिक शिक्षापरिषद,युवाकल्याण,पशुपालन विभाग,आई,सी,डीएस,स्वास्थ्य विभाग,माध्यमिक,सिंचाई विभाग,के कर्मचारियों द्वारा रक्तदान किया। मुख्य चिकित्सा अधीक्षक राजेश सिंह द्वारा रक्तदान करने वाले कर्मियों को अवगत कराया के रक्तदान करने से इम्यूनिटी मजबूत होती है,स्वस्थ व्यक्ति को साल में एक बार ब्लड दान अवश्य करना चाहिए, उन्होंने राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद जिलाध्यक्ष दुर्गेश कुमार श्रीवास्तव का प्रति आभार व्यक्त किया। रक्तदान जैसा पुनीत कार्य के लिए विकास भवन मे शिविर लगा करके पूरे प्रदेश में यह एक अलग ही संदेश दिया गया है। संगठन सिर्फ,अपने मांग के लिए ही नहीं लड़ता है आवश्यकता पड़ने पर राष्ट्रहित के लिए हर स्तर पर सरकार के साथ तैयार हैं।
रक्तदान में दुर्गेश कुमार श्रीवास्तव,अभय सिंह,सतीश,केदार सोनकर,रवि कुमार पांडे,प्रदीप यादव,परवरिश सिंहा,श्रवण राम, चंद्रकांत यादव,अभिनव वर्मा,आंचल सिंह,चंद्रभान सिंह,हनुमान यादव, बृजेश यादव,नंदकिशोर सिंह, अखिलेश यादव, किशन,मनोज सिंह, मोहम्मद वकार खां,चंदन राम, आलोक राय, ओंकार नाथ पांडे, साकेत सिंह, राकेश पांडेय उपस्थित रहे।

संघ के विरोधी हो सकते है,संघ किसी का विरोधी नहीं

संघ किसी का विरोधी नहीं:रामलाल

गाजीपुर। जग नहीं सुनता कभी दुर्बल जनो का शांति प्रवचन , सिर झुकाता है उन्हें जो कर सके रिपु मान मर्दन। दुनिया ताकत की सुनती है और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ भारत को ताकतवर बना रहा है। हमारी सेना ने आतंकी कैम्प को नष्ट कर भारत की विश्व मे धाक जमाई है। उक्त विचार मुख्य वक्ता के रूप में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के अखिल भारतीय संपर्क प्रमुख रामलाल ने व्यक्त किया। वे शुक्रवार को गाजीपुर के बोरसिया स्थित सत्यदेव डिग्री कॉलेज में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ, काशी प्रान्त के 15 दिवसीय संघ शिक्षा वर्ग के समापन समारोह को संबोधित कर रहे थे।
उन्होंने स्वयंसेवकों को संबोधित करते हुए गुरु गोलवलकर को उद्धृत करते हुए आगे कहा कि भारत की सभी भाषा राष्ट्रीय भाषा है। भाषा, प्रान्त, जाति के झगड़े होते है यह शाखा से समाप्त होगी। संघ में छुआछुत, अगड़ा-पिछड़ा कुछ नहीं है। यहाँ सब एकसाथ भोजन करते और कराते है। यहाँ कोई किसी की जाति नहीं पूछता। नागपुर में कार्यकर्ता विकास वर्ग- द्वितीय (तृतीय वर्ष) लगता है। यहाँ देशभर के अलग अलग प्रान्तों से स्वयंसेवक एवं शिक्षक आते है। कई प्रशिक्षु ऐसे है जो घर से लड़ कर प्रशिक्षण लेने आते है।
संघ का उद्देश्य है सामूहिकता। स्वयंसेवक बिना स्वार्थ के सेवा करते है। कोरोनाकाल में जब समाज पर संकट आया तो पाँच लाख स्वयंसेवक सहायता में लगे। किसी ने कोई जाति धर्म पंथ नही पूछा। केरल में अपने चार स्वयंसेवकों की जान चली गई बाढ़ में सहायता करने के दौरान। आज स्वयंसेवक सेवा के 1.5 लाख सेवा कार्य कर रहा है। रामलाल जी ने कहा कि लोग संघ के विरोधी हो सकते है संघ किसी का विरोधी नहीं है। रामजन्मभूमि प्राण प्रतिष्ठा का उदाहरण देते हुए कहा कि प्राण प्रतिष्ठा में मंदिर ट्रस्ट से जुड़े लोगों ने सभी को आमंत्रित किया। कुछ लोग स्वार्थवस हिन्दू संगठनों को कम्युनल कहते है। हिन्दू में हिन्दू कहीं नही लड़ रहा है और न ही कोई हिन्दू से लड़ रहा। हम वसुधैव कुटुम्बकम की बात करते है। उन्होंने आगे कहा कि यह हिन्दू राष्ट्र है, बनाने की जरूरत नही। इसके मूल में ही हिन्दू विराजमान है। उन्हें संघ के पंच परिवर्तन कुटुंब प्रबोधन, समरसता, पर्यावरण, स्वदेशी और नागरिक कर्तव्य की भी बात की।
मुख्य वक्ता ने कहा संघ के संस्थापक डॉ हेडगेवार ने सोच विचार के संगठन शुरू किया तब हिन्दू समाज बिखरा था। राष्ट्रभक्ति बिना स्वतंत्रता संभव नहीं थी। डॉ हेडगेवार स्वतंत्रता से पहले और स्वतंत्रता के बाद कई बार जेल गए।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि भवानीनन्दन यति ने कहा प्रचारक रूपी संतो ने अपना जीवन भारत माँ को समर्पित किया है। महाराज जी ने कहा उठो जागो और राष्ट्र निर्माण में लगो इसलिए ही मेरा जन्म हुआ है। जीवन सार्थक तब तक नही होता जब तक ध्येय की पूर्ति न हो। उदाहरण देते हुए कहा कि गोमुख से निकलने वाली गंगा गंगासागर न पहुँच जाए तब तक सार्थक नही होता। उन्हें आगे कहा कि मेरा मन यह देख कर कह रहा है राम का राष्ट्र प्रेम वापस आने वाला है, भारत बदल रहा है।

अतिथियों के उध्बोधन पूर्व इस वर्ग में प्रशिक्षण ले चुके स्वयंसेवकों का दण्ड, नियुद्ध, पदविन्यास, सामूहिक समता, व्यायाम योग, आसन इत्यादि शारीरिक प्रधान कार्यक्रम हुए। पूर्ण गणवेश में घोष वादन कर रहे स्वयंसेवक आकर्षण का केन्द्र रहे। मंचस्थ अधिकारियों का परिचय नागेंद्र ने कराया। मंच पर पूज्यपाद भवानीनन्दन यति जी, रामलाल जी अखिल भारतीय संपर्क प्रमुख, मालकियत सिंह बाजवा सर्वाधिकारी, अंगराज प्रान्त संघचालक एवं जयप्रकाश जिला संघचालक मंचासीन रहे। संघ शिक्षा वर्ग के वर्ग कार्यवाह दीपनारायण द्वारा वर्ग प्रतिवेदन प्रस्तुत किया गया। उन्होंने बताया कि काशी प्रांत के 27 जिलों से 270 शिक्षार्थी आए। सभी ने अपना शुल्क, मार्ग व्यय एवं गणवेश स्वयं अपने खर्च से पूरा किया। आभार ज्ञापन अशोक राय द्वारा किया गया। कार्यक्रम का संयोजन मुख्य शिक्षक दीपक एवं राजेश सह मुख्य शिक्षक द्वारा किया गया। मुरली पाल प्रान्त कार्यवाह इस वर्ग के वर्ग पालक रहे । रमेश प्रान्त प्रचारक, राकेश सह प्रान्त कार्यवाह, रामचंद्र प्रान्त प्रचारक प्रमुख, अजीत विभाग प्रचारक, सच्चिदानंद राय विभाग संघचालक आदि उपस्थित रहे।

डीएम ने की बैठक,रोका वेतन,मांगा स्पष्टीकरण

गाजीपुर।जिलाधिकारी अविनाश कुमार की अध्यक्षता में उ0प्र0 शासन द्वारा निर्धारित शासन के महत्वपूर्ण योजनाओ, मुख्यमंत्री की सर्वोच्च प्राथमिकता विकास कार्यों की समीक्षा बैठक 50 लाख से अधिक लागत के निर्माण कार्यो मासिक समीक्षा बैठक कलेक्ट्रेट सभागार मे सम्पन्न हुई।
बैठक के दौरान जिलाधिकारी ने विभागवार विभागो में आवास विकास परिषद, निर्माण खण्ड वाराणसी, प्रथम, सी.एण्ड डी.एस, जल निगम जौनपुर, उ0प्र0 जल निगम शहरी/ग्रामीण गाजीपुर, लोक निर्माण विभाग, ग्रामीण अभियंत्र विभाग, सिचाई निर्माण खण्ड, वाराणसी, सी.एल.डी.एफ. यू.पी.सिडको, उ0प्र0 प्रोजेक्ट कारपोरेशन लि0 वाराणसी, उ0प्र0 पुलिस आवास निगम, उ0प्र0 राजकीय निर्माण नि.लि. आजमगढ़ इकाई, राजकीय निर्माण निगम लि0, वाराणसी इकाई-1, राजकीय निर्माण निगम लि0 वाराणसी-2/भदोही, उ0प्र0 राज्य निर्माण सहकारी संघ लि0 वाराणसी-2, उ0प्र0 जल निगम ग्रामीण, वाराणसी, देवकली पम्प कैनाल प्रखण्ड प्रथम, द्वितीय, लद्यु डाल नहर खण्ड गाजीपुर एवं सोन यांत्रिक खण्ड तथा अन्य कार्यदायी संस्थाओं के निर्माण कार्यो की विस्तृत समीक्षा की।
समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने एई0,डीआरडीए की बैठक में अनुपस्थिति पर वेतन रोकने का निर्देश दिया। जे0ई0 मु0बाद दीपक कुमार की बैठक में अनुपस्थिति होने पर स्पष्टीकरण मॉगा। उन्होने जनपद के नामित नोडल अधिकारियों को निर्देशित किया कि किसी भी परियोजनाओं की जॉच करने के उपरान्त उसकी जॉच आख्या संबंधित कार्यदायी संस्था एवं अर्थ एवं संख्या कार्यालय में अवश्य कराई जाए। सिचाई विभाग की समीक्षा के दौरान संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि नहरों की साफ सफाई ससमय कराई जाए, जिससे की किसानों को सिचाई में कोई भी समस्या उत्पन्न न हो।
जिलाधिकारी ने कार्यदायी संस्थाओं से निर्धारित अवधि मे कार्य पूर्ण न करने वाले कार्यदायी संस्थाओं को फटकार लगाते हुए कार्य मे तेजी लाने एंव पूर्ण हुए कार्याे को हैण्डओवर का निर्देश दिया। जिलाधिकारी ने कार्यदायी संस्थाओं को निर्माण कार्य मे मानक के अनुरूप एवं गुणवत्तापुर्ण कार्य करने का निर्देश दिया। जिलाधिकारी ने कार्यदायी संस्थाओ को निर्माण कार्य निश्चित समयाअवधि में पूर्ण न करने पर ठेकेदारो के कठोर कार्यवाही की जाएगी। इसके साथ ही जिन विभागो मे धनावंटन अवमुक्त हो चुका है तथा कार्य मे लापरवाही बरती जाएगी तो संबंधित अधिकारी स्वयं जिम्मेदार होने जिनपर कार्यवाही तय है। इसमें किसी प्रकार की लापरवाही क्षम्य नही होगी। बैठक मे मुख्य विकास अधिकारी संतोष कुमार वैश्य, परियोजना निदेशक राजेश यादव, जिला विकास अधिकारी सुभाष चन्द्र सरोज, अर्थ एवं संख्याधिकारी, समस्त संबंधित जनपद स्तरीय अधिकारी उपस्थित थे।

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