टीबी मुक्त पंचायत अभियान को लेकर आयोजित हुई अन्तर्विभागीय समन्वय बैठक
गाज़ीपुर। जिलाधिकारी आर्यका अखौरी के निर्देशन में शुक्रवार को कलेक्ट्रेट सभागार में टीबी मुक्त पंचायत अभियान के लिए अन्तर्विभागीय समन्वय बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता मुख्य विकास अधिकारी संतोष कुमार वैश्य ने की। सीडीओ ने स्वास्थ्य, पंचायती राज विभाग समेत विभिन्न विभागों को निर्देशित किया कि सभी ग्राम पंचायतों की विकास योजनाओं में टीबी मुक्त पंचायत अभियान को लेकर विशेष चर्चा की जाए जिससे समुदाय में इसके प्रति जागरूकता बढ़ सके। जनमानस के बीच ज्यादा से ज्यादा प्रचार-प्रसार कर इस अभियान पर ज़ोर दिया जाए। इसके अलावा 15 नवंबर से पहले सभी ग्राम प्रधानों, ग्राम पंचायत अधिकारी, ग्राम विकास अधिकारी, सीएचओ, पंचायत सचिव, एमओटीसी, एनटीईपी के समस्त स्टाफ व अन्य स्वास्थ्य कर्मियों को प्रशिक्षित कर लिया जाए। देश को वर्ष 2025 तक टीबी मुक्त बनाने को लेकर जनपद में एक हजार की आबादी पर 30 लोगों की टीबी की जांच की जाए। जांच में पॉज़िटिव आने पर उनका तत्काल प्रभाव से उपचार शुरू किया जाए।
इसके साथ ही फैमिली केयर गिवर के तहत घर के किसी एक सदस्य को टीबी के बारे में प्रशिक्षित किया जाए। उन्होंने कहा कि टीबी मुक्त पंचायत अभियान को सफल बनाने के लिए सभी विभाग आपसी सामंजस्य बनाकर कार्य करें। बैठक में मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ देश दीपक पाल, जिला पंचायत अधिकारी अंशुल कुमार मौर्य, जिला विद्यालय निरीक्षक, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी हेमन्त राव, जिला कार्यक्रम अधिकारी (आई सी डी एस) दिलीप कुमार पाण्डेय, जिला क्षयरोग अधिकारी डॉ मनोज कुमार सिंह, जिला पूर्ति अधिकारी कुमार निर्मलेन्दु, जिला युवा कल्याण अधिकारी सुरेन्द्र सोनकर, जिला समाज कल्याण अधिकारी नगीना यादव, जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी सच्चिदानंद तिवारी, जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ सुजीत मिश्रा, जिला मलेरिया अधिकारी मनोज कुमार सिंह, क्षयरोग विभाग के जिला कार्यक्रम समन्वयक डॉ मिथिलेश कुमार सिंह तथा सभी सीएचसी के अधीक्षक उपस्थित रहे।
गाजीपुर। शासन द्वारा विद्युत विभाग उपभोक्ता के द्वार के तहत चल रहे अभियान की समीक्षा शुक्रवार को लखनऊ से आए अधिशासी अभियंता विकाश सिंह द्वारा किया गया। जिसमे उन्होंने बताया कि इस अभियान को निगरानी करने के लिए अधिशाषी अभियंता रैंक के प्रदेश में कुल 106 लोगो एवं सहायक अभियंता रैंक के 87 लोगो सहित कुल 193 लोगो को ऊर्जा चेयरमैन आशीष गोयल द्वारा प्रदेश में विद्युत विभाग उपभोक्ता के द्वार की निगरानी करने के लिए नोडल अधिकारी बनाया गया है। इस अभियान के तहत उपभोक्ताओं के विद्युत आपूर्ति, मीटरिंग बिलिंग, राजस्व संग्रह में आ रही समस्याओं को लेकर यह अभियान चलाया जा रहा है जिसमे बेहतर उपभोक्ता सेवा प्रदान की जा सके। इस अभियान में जो भी समस्याएं सामने आएगी उस समस्याओं को पावर कारपोरेशन के चैयरमैन को रिपोर्टिंग किया जायेगा जिसमे जो भी उचित कार्यवाही होगी वह शासन द्वारा किया जाएगा। अधीक्षण अभियंता पूर्णचंद्र ने बताया कि हाई लाइन लॉस फीडर टाउन नबर दो पर विद्युत विभाग उपभोक्ता के द्वार के तहत चल रहे अभियान में मोहल्ला राजदेवपुर, चंदन शहिद, मुस्तफाबाद, रायगंज, सुजावलपुर, नौरंगाबाद में पिछले तीन दिन से हमारे विभागीय अधिकारियों एवं कर्मचारियों द्वारा सघन चेकिंग अभियान चलाया जा रहा है।
जिसमे अभी तक कुल लगभग 300 उपभोक्ताओं का घर के अंदर लगे मीटर को निकालकर बाहर लगाया गया। वही बड़ी संख्या में इस मुहल्ले में मीटर बाईपास करके लोग विद्युत उपभोग कर रहे थे जिसमे सभी लोगो को समझाकर मीटर को बाहर लगाकर सख्त हिदायत दी गई की भविष्य में अगर चोरी से विद्युत उपभोग करते हुए पाए जाने पर कठोरतम कार्यवाही के साथ ही साथ एफआईआर दर्ज कराया जायेगा। आगे उन्होंने बताया की इन सब मुहल्लो में अभी भी बहुत लोग अपने परिसर के अंदर मीटर लगाकर बाईपास किए हुवे है और परिसर के बाहर ताला बंद कर भाग गए हैं जिसमे ऐसे लोगो के मेन केबिल पोल से डिस्कनेक्ट कर दी गई है एवं क्षेत्र के लाइनमैनो को सख्त निर्देशित किया गया है कि डिस्कनेक्ट किए हुवे उपभोक्ताओं की केबिल बिना उच्चाधिकारियों को अवगत कराए अगर कोई भी लाइनमैन दोबारा केबिल जोड़ा तो उसके ऊपर सीधे एफआईआर करते हुवे कार्य से मुक्त किया जायेगा। अभियान में मुख्य रूप से अधिशाषी अभियंता सेकेंड सुजीत कुमार, टेस्ट अधिशाषी अभियंता प्रदीप त्यागी, टाउन एसडीओ सुधीर कुमार, जीएमटी वेदांत त्रिपाठी, अजय विश्वकर्मा, अश्वनी सिंह, अरविंद राम, ऑपरेटर हिमांशु सहित समस्त विद्युत कर्मी मौजूद रहे।
जनपद में तीन अक्टूबर से चलेगा विशेष संचारी रोग नियंत्रण व दस्तक अभियान
तैयारियों को लेकर सीडीओ की अध्यक्षता में हुई अंतर्विभागीय समन्वय की बैठक
डेंगू की रोकथाम व नियंत्रण पर विभाग का रहेगा ज़ोर, दिये गए दिशा-निर्देश
16 से 31 अक्टूबर तक चलेगा दस्तक अभियान, घर-घर पहुँचेंगी आशा-आंगनबाड़ी कार्यकर्ता
टीबी, कुष्ठ, कालाजार व फाइलेरिया के लक्षणयुक्त मरीजों की पहचान पर भी रहेगा ज़ोर
गाजीपुर। जनपद में तीन से 31 अक्टूबर तक विशेष संचारी रोग नियंत्रण माह मनाया जाएगा। इसी बीच 16 से 31 अक्टूबर तक दस्तक अभियान चलाएगा। इसको लेकर शुक्रवार को कलेक्ट्रेट सभागार में मुख्य विकास अधिकारी संतोष कुमार वैश्य की अध्यक्षता में अभियान की तैयारियों को लेकर प्रथम अंतर्विभागीय समन्वय बैठक आयोजित की गई। सीडीओ ने कहा कि स्वास्थ्य समेत विभिन्न विभागों के आपसी समन्वय से डेंगू, मलेरिया, टीबी, फाइलेरिया आदि संचारी रोगों की रोकथाम के लिए यह अभियान पूरे अक्टूबर माह संचालित किया जाएगा। समस्त विभागों के सामंजस्य से ही इस अभियान को शत-प्रतिशत सफल बनाया जा सकता है। डेंगू की रोकथाम को लेकर जिला प्रशासन व स्वास्थ्य विभाग सहित समस्त सहयोगी विभागों को ठोस कदम उठाना होगा। उन्होंने पंचायती राज एंव ग्राम्य विकास विभाग को निर्देशित किया कि आपसी समन्वय से साफ-सफाई का कार्य, लार्वीसाइडल स्प्रे, फॉगिंग, खराब इण्डिया मार्क-2 हैण्डपम्प की मरम्मत एवं उथले हैण्डपम्पों के चिन्हीकरण, नालियों एवं तालाबों की साफ-सफाई एवं मार्गों के खरपतवार/झाड़ियों की कटाई-छंटाई का कार्य कराया जाए। हाई रिस्क वाले गांव या क्षेत्र की विशेष निगरानी की जाए जिससे वेक्टर घनत्व नियंत्रित किया जा सके। नगर पालिका व नगर पंचायत को निर्देशित किया कि संक्रामक रोगों की रोकथाम एवं नियंत्रण हेतु माइकिंग के माध्यम से प्रचार-प्रसार का कार्य कराया जाए। नगरीय क्षेत्रों में झुग्गी झोपड़ी व स्लम एरिया क्षेत्रों में विशेष रूप से सफाई अभियान चलाया जाए। साफ-सफाई कीटनाशक रसायनों का छिड़काव, फॉगिंग, जल जमाव निकासी, मच्छरों के प्रजनन स्थानों का नष्टीकरण, ब्रीडिंग न होने देना सोर्स रिडक्शन का कार्य कराया जाए। वेक्टर जनित रोगों यथा डेंगू, चिकनगुनिया, मलेरिया, फाइलेरिया तथा कालाजार आदि रोगों की रोकथाम एवं नियंत्रण हेतु प्रचार-प्रसार का कार्य करायेंगे। मोहल्ला निगरानी समिति द्वारा उपरोक्त कार्यों का अनुश्रवण किया जाएगा। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ देश दीपक पाल ने बताया कि इस अभियान में संचारी रोग जैसे डेंगू, मलेरिया, दिमागी बुखार आदि के साथ ही टीबी, कुष्ठ, कालाजार एवं फाइलेरिया के लक्षणयुक्त मरीजों को भी चिन्हित करने पर जोर रहेगा। अभियान के अंतर्गत ही 16 से 31 अक्टूबर तक दस्तक अभियान चलाया जाएगा जिसमें आशा व आगंनबाड़ी कार्यकर्ता घर-घर जाकर लोगों को डेंगू, मलेरिया, फाइलेरिया आदि संचारी रोगों के प्रति जागरूक करेंगी। इसके साथ ही लक्षणयुक्त व्यक्तियों का नाम, पता एवं मोबाइल नंबर सहित संपूर्ण विवरण ई- कवच पोर्टल पर अपलोड करेंगी। इनमें बुखार के रोगियों की सूची, आई एल आई (इनफ्लुएंजा लाइक इलनेस) रोगियों की सूची, क्षय रोग (टीबी) के लक्षण युक्त व्यक्तियों की सूची, कुष्ठ, फाइलेरिया एवं कालाजार रोगों के लक्षणयुक्त व्यक्तियों की सूची, कुपोषित बच्चों की सूची शामिल होगी। संचारी रोग नियंत्रण के जनपदीय नोडल अधिकारी डॉ जेएन सिंह ने बताया कि इस अभियान में स्वास्थ्य विभाग, नगर विकास, पंचायती राज, पशुपालन विभाग, महिला एवं बाल विकास विभाग, शिक्षा विभाग, दिव्यांग जन कल्याण विभाग, कृषि एवं सिंचाई विभाग सहित अन्य विभाग समन्वय बनाकर कार्य करेंगे। स्वास्थ्य विभाग अभियान का नोडल विभाग रहेगा। जिला मलेरिया अधिकारी मनोज कुमार ने बताया कि माइक्रोप्लान के अनुसार अभियान में घर-घर भ्रमण के दौरान आशा-आंगनबाड़ी कार्यकर्ता संक्रमण से बचने व बुखार होने पर “क्या करें, क्या न करें” का प्रत्येक प्रमुख स्थान पर प्रचार-प्रसार के लिए होर्डिंग, बैनर, पोस्टर आदि के माध्यम से लोगों को जागरूक करेंगी। रहें सतर्क दृ करें बचाव – जिला मलेरिया अधिकारी ने कहा कि सभी अपने घर व आस पास साफ सफाई रखें, जल जमाव न होने दें, कूलर, फ्रिज की ट्रे का पानी सप्ताह में बदलते रहें। जल पात्रों जैसे गमला, मटका, टब, बाल्टी, ड्रम, टंकी, टायर आदि में भी पानी न एकत्र होने दें। अनावश्यक जलपात्रों को निष्प्रयोज्य कर दें। रुके हुए पानी में जला हुआ मोबिल ऑयल या लार्वा नाशक रसायन डालें, मच्छर दानी का प्रयोग करें। पूरे शरीर को ढकने वाले कपड़े पहनें। खुले बदन न सोएं। कोई भी बुखार घातक हो सकता है। ऐसी स्थिति में तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र जाकर तुरंत जांच कराएं व डॉक्टर की सलाह पर ही अपना इलाज कराएं। अधिक से अधिक तरल पदार्थों, शरीर का प्रतिरक्षा तंत्र मजबूत करने वाले खाद्य पदार्थों का सेवन करें। पूरी तरह आराम करें। ओ आर एस घोल का प्रयोग करें। बाहर के खाद्य पदार्थों का सेवन न करें। कुछ भी खाने से पहले साबुन से हाथ जरूर धोएं। इन संदेशों को जन-जन तक पहुंचाएँ – जल जमाव होगा जहां, मच्छर पैदा होंगे वहां । हर रविवार मच्छर पर वार, लार्वा पर प्रहार । हम सबने यह ठाना है, संचारी रोग मिटाना है। इस अवसर पर मुख्य चिकित्साधिकारी , डिप्टी सीएमओ, डीपीओ (आईसीडीएस) समेत अन्य विभागों के मुख्य अधिकारी व सहकर्मी एवं अन्य अधिकारी व स्वास्थ्यकर्मी उपस्थित रहे।
गाजीपुर। थाना मुहम्मदाबाद पुलिस द्वारा दो शातिर अपराधियो को गोवंशीय पशु व एक नाजायज चाकू के साथ गिरफ्तार किया। शुक्रवार को उप निरीक्षक सन्तोष कुमार यादव द्वारा परसा तिराहे से लगभग 400 मीटर दाहिने सड़क के किनारे स्थित बाग से दो शातिर अपराधियों परविन्द कुमार पुत्र कमलेश सिंह निवासी ऐकौनी थाना नरही जनपद बलिया उम्र करीब 24 वर्ष एवं शमतुल्ला नट पुत्र दरोगा नट निवासी मिर्जाबाद थाना भाँवरकोल उम्र करीब 23 वर्ष को दो गाय, एक बछड़ा, एक चाकू एवं एक पिकअप वाहन के साथ गिरफ्तार किया गया। पशुओ के सम्बन्ध में दोनों ने बताया कि हमलोग गोवंशों को पिकअप मे लादकर बिहार प्रान्त ले जाते हैं तथा बध हेतु बिक्री कर देते हैं, जिससे रुपये अधिक मिलते हैं। प्राप्त रुपये को हम लोग आपस में बांट लेते है।
गाजीपुर। (जखनिया) सोनबरसा मुड़ीयारी ग्राम सभा के निवासी भाजपा युवा मोर्चा के प्रदेश उपाध्यक्ष राजेश राजभर के पिता फेकू राजभर का वृहस्पतिवार रात्रि में देवासन हो गया। जिसकी सूचना पाकर जनपद के वरिष्ठ भाजपा जन एवं पार्टी कार्यकर्ता उनके घर पहुंचे और शोक संवेदना व्यक्त किया। वही उनके अंत्येष्टि जौहरगंज गंगा घाट सैदपुर में संपन्न हुई। अंत्येष्टि स्थल पर उत्तर प्रदेश सरकार कैबिनेट मंत्री अनिल राजभर मौके पर पहुंचे और उन्होंने शोक संवेदना व्यक्त की, और राजेश राजभर सहित उनके परिवार का ढाढ़स बढ़ाया। इस मौके पर गाजीपुर लोकसभा संयोजक कृष्ण बिहारी राय, भाजपा जिला उपाध्यक्ष विपिन सिंह, रामनरेश कुशवाहा, विश्व प्रकाश अकेला,व्यापार प्रकोष्ठ जिला अध्यक्ष प्रमोद वर्मा, भाजपा मंडल अध्यक्ष उमाशंकर यादव, संदीप सिंह सोनू, मनोज यादव, हंसराज राजभर, अशोक गुप्ता, पीयूष सिंह, धर्मवीर राजभर, प्रशांत सिंह, धीरेंद्र सिंह, वीरेंद्र यादव सहित पार्टी कार्यकर्ता एवं उनके सहयोगी उपस्थित रहे।
गाजीपुर। सहायक आयुक्त (खाद्य) वाराणसी मण्डल, वाराणसी द्वारा प्रदत्त एफ0एस0डब्ल्यू वैन के माध्यम से तहसील जमानिया में विभिन्न खाद्य पदार्थों के कुल 39 नमूनें जॉच किये गये। सुहवल बाजार से एफ0एस0डब्ल्यू वैन के माध्यम से 17 नमूनें जॉच किये गये। जिनमें से मिल्क केक के 1 नमूनें में बाह्य पदार्थ युक्त पाया गया, बेसन के लड्डू के एक नमूने में सिन्थेटिक कलर एवं भुने चने के एक नमूनें में सिन्थेटिक कलर पाया गया। कामाख्या धाम गहमर से एफ0एस0डब्ल्यू वैन के माध्यम से 6 नमूनें जॉच किये गये। जिनमें से इमली चटनी के एक नमूने में सिन्थेटिक कलर पाया गया। भदौरा बाजार से एफ0एस0डब्ल्यू वैन के माध्यम से 16 नमूनें जॉच किये गये, जिनमें से मसूर दाल के एक नमूनें में सिन्थेटिक कलर पाया गया। इस दौरान मौके पर ही खाद्य कारोबारकर्ताओं को टीम द्वारा जाँच रिपोर्ट से अवगत कराया गया एवं उन्हें भविष्य में खाद्य पदार्थ की गुणवत्ता में सुधार हेतु निर्देशित किया गया तथा मौके पर उपस्थित आम जनमानस के व्यक्तियों को खाद्य पदार्थों में मिलावट के सम्बन्ध में जागरूक किया गया। एफ0एस0डब्ल्यू वैन का संचालन मो0 हनीफ लैब टेक्नीशियन एवं विरेन्द्र यादव खाद्य सुरक्षा अधिकारी गाजीपुर द्वारा टीम द्वारा सहयोग किया गया।
गाजीपुर। उत्तर प्रदेश विधान परिषद की दैवीय आपदा प्रबंधन जांच समिति की बैठक सभापति उमेश द्विवेदी की अध्यक्षता में रायफल क्लब सभागार में शुक्रवार को आयोजित हुई। जिसमें जनपद में आपदा से संबंधित शासकीय योजनाओं के क्रियान्वयन एवं लाभान्वित लोगों के संबंध में गहन समीक्षा की गई। बैठक में समिति के सदस्य लाल बिहारी यादव, डॉ बाबूलाल तिवारी ने जिले के सभी आलाधिकारियों से नदी में बाढ़ की स्थिति, नाव दुर्घटना, आकाशीय बिजली, मौसम, आधी तूफान, सर्पदंश, आगजनी, आदि के संबंध में समीक्षा करते हुए विस्तार से जानकारी ली। बैठक में अपर जिलाधिकारी वि0रा0 अरूण कुमार सिंह ने पावर पॉइंट प्रेजेंटेशन के माध्यम से समिति के समक्ष जिले में आपदा प्रबंधन के संबंध में विस्तार से बिन्दुवार जानकारी देते हुए जनपद में किए गए नवाचारों पर अपनी प्रस्तुति दी। उन्होने कहा कि जनपद के समस्त प्राथमिक, जूनियर, व राजकीय विद्यालयो के एक अध्यापक को दैवीय आपदा के दौरान निपटने के लिए प्रशिक्षित किया जा रहा है। समिति के सभापति ने उपस्थित सभी अधिकारियों को अपने-अपने मोबाईल में आकशीय विद्युत से बचाव हेतु दामिनी एप्प डाउनलोड करने के साथ-साथ बरसात के दिनो मे क्या करे क्या न करे का बोर्ड लगाने, आगजनी के दौरान बचाव हेतु फायर ब्रिगेड के दूरभाष नम्बर को आमजनमानस में प्रचार-प्रसार कराने, नदियों में उसकी गहराई आदि के संबंध में साईनेजेज लगाने का निर्देश दिया ताकि लोग सावधानी बरतें व उनको डूबने से बचाया जा सके। किसान सम्मान निधि में कुछ पात्र लोगों की ई-केवाईसी लंबित होने पर जिला कृषि अधिकारी को उसको पूरा कराकर समिति को अवगत कराने का निर्देश दिया।
उन्होंने मुख्य चिकित्सा अधिकारी को कहा कि सर्पदंश से बचाव के लिए आमजन को जागरूक करें। सर्पदंश से मृत्यु पर अनिवार्य रूप से पोस्टमॉर्टम कराने के लिए जागरूक करते हुए अनुमन्य सरकारी धनराशि उपलब्ध कराएं। उन्होने मुख्य चिकित्साधिकारी को निर्देश दिए कि सीएससी, पीएचसी पर सर्पदंश निरोधक औषधि के अलावा अन्य दवाओं की भी पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित कराए तथा इसका डिस्प्ले भी कराएं। उन्होंने जनपद में चिकित्सको, दवाओ, अल्ट्रासाउण्ड की उपलब्धता के संबंध में जानकारी ली तथा निर्देश दिया कि जनपद में जो भी चिकित्सीय सुविधाए उपलब्ध नही है उसकी सूची बनाकर प्रस्तुत करे, जिससे शासन को अवगत कराते हुए उसकी पूर्ति की जा सके। उन्होने मलेरिया डेंगू की रोकथाम हेतु एन्टी लार्वा का छिडकाव कराने का निर्देश दिया। उन्होने डी0पी0आर0ओ0/बी0एस0ए0 को ग्रामीण क्षेत्रो, प्राथमिक विद्यालयो में सफाई कर्मचारियों के माध्यम से प्रतिदिन साफ-सफाई कराने का निर्देश देते हुए विद्यायलो में ई-पास मशीन लगाने का निर्देश दिया। उन्होने विद्युत विभाग की समीक्षा के दौरान नाराजगी व्यक्त करते हुए कहा कि किसी भी दशा में उपभोक्ताओ का अनावश्यक बिल चार्ज न हो क्योकि प्रायः यह देखा जा रहा है कि नियमित मीटर रीडिंग के बावजूद भी चेकिंग के दौरान अनावश्यक बिल चार्ज किया जा रहा है जिससे उपभोक्ता परेशान होते है और कार्यालय का चक्कर काटने पर बजबूर होते है और बाद में वही बिल कम पैसे मे संशोधित किया जाता है, यह स्थिति अच्छी नही है। अतः विद्युत व्यवस्था में सुधार लाने की जरूरत है। उन्होने अधीक्षण अभियन्ता को निर्देशित करते हुए कहा कि इस पर अमल किया जाये। उन्होने अधिकारियो को निर्देश दिया कि जहां तक संभव हो हर जरूरतमंद को सरकारी योजनाओं का लाभ आसानी से मिल सकें। उन्होने कच्चे मकान गिरने पर मुआवजा देने तथा संबंधित को आवास उपलब्धता सुनिश्चित कराने, बाढ़-कटान प्रभावित क्षेत्रों में राहत चौपाल को और अधिक प्रभावी तरीके से आयोजित कराने के दौरान हेल्थ कैंप लगवाने, सर्पदंश से बचाव हेतु जागरूक करनेनकी बात कही।
समीक्षा बैठक से पूर्व दैवीय आपदा प्रबंधन जांच समिति द्वारा जिला अस्पताल गोराबाजार, एवं विकास भवन स्थित आडिटोरियम हाल का स्थलीय निरीक्षण किया। जिला अस्पताल में निरीक्षण के दौरान उन्होने विभिन्न वार्डाे का निरीक्षण कर दवाओ की उपलब्धता, मरीजो के परिजनो से अस्पताल की चिकित्सकीय व्यवस्था की जानकारी ली। उन्होने सम्बन्धित अधिकारी को अस्पताल मे साफ-सफाई, दवाओ की उपलब्धता, शत-प्रतिशत चिकित्सकीय व्यवस्था सुनिश्चित कराने का निर्देश दिया। बैठक में जिलाधिकारी आर्यका अखौरी, जिलाधिकारी चंदौली निखिल टी फून्डे, पुलिस अधीक्षक गाजीपुर ओमवीर सिंह, पुलिस अधीक्षक चंदौली डा0 अनिल कुमार, मुख्य चिकित्सा अधिकारी गाजीपुर व चंदौली, कृषि, आपूर्ति, लोकनिर्माण, शिक्षा से संबंधित विभागों के अधिकारियों समेत पुलिस विभाग के अधिकारी उपस्थित रहे।
गाजीपुर। पुलिस मॉनिटरिंग सेल व अभियोजन द्वारा की गयी लगातार प्रभावी पैरवी पर एक अभियुक्त को न्यायालय द्वारा दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई। शुक्रवार को थाना सैदपुर पर पंजीकृत मुकदमा डीपी एक्ट से सम्बन्धित प्रकरण में अभियुक्त रामवचन राम पुत्र राम सूरज राम निवासी वार्ड नं 1 जवाहरनगर तरवनिया थाना सैदपुर के विरुद्ध लगातार किये गये प्रभावी पैरवी के फलस्वरूप जिला न्यायालय द्वारा दोषसिद्ध करते हुए धारा 302 के अपराध में आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई। 10000 रुपये के अर्थदण्ड से दण्डित भी किया गया। अर्थदण्ड अदा न करने पर 3 माह का अतिरिक्त कारावास से दण्डित किया जायेगा।
गाजीपुर। थाना करीमुद्दीनपुर पर वांछित चल रहे 1 अभियुक्त को एक देशी तमंचा .315 बोर व एक जिन्दा कारतूस .315 बोर के साथ थाना पुलिस ने गिरफ्तार किया। शुक्रवार को उप निरीक्षक बृजेश मिश्र ने गैंगेस्टर एक्ट में वांछित अभियुक्त रमेश चौहान पुत्र राजकिशोर चौहान निवासी ग्राम सत्यनगर चौथीबार थाना बरेसर 2 वर्ष को मुखबीर की सूचना पर गाँधीनगर स्कूल के बगल से 1 देशी तमंचा .315 बोर व 1 जिन्दा कारतूस .315 बोर के साथ गिरफ्तार किया। थाना करीमुद्दीनपुर में गैंगेस्टर एक्ट में वांछित था। गिरफ्तार अभियुक्त पर करीमुद्दीनपुर थाना में कई मामलों में मुकदमा दर्ज है। गिरफ्तार करने वाले पुलिस टीम में बृजेश मिश्रा के साथ हेड कांस्टेबल कौशल यादव और कांस्टेबल सूरज वर्मा शामिल थे।
गाज़ीपुर। मुख्य विकास अधिकारी संतोष कुमार वैश्य ने गुरूवार को विकासखंड करंडा के कंपोजिट विद्यालय वीरापाह का स्थलीय निरीक्षक किया। निरिक्षण के दौरान उन्होंने बच्चों से पढ़ाई के बाबत जानकारी ली। बच्चों की उपस्थिति पंजिका की जांच की। जांच के दौरान मामला प्रकाश मे आया की विद्यालय मे कुल 182 बच्चों का नामांकन किया गया था। उपस्थिति पंजिका मे 143 बच्चों की उपस्थिति दर्ज की गयी थी लेकिन जाँच के दौरान बच्चों की गणना करने पर विद्यालय मे केवल 78 बच्चे ही मौजूद मिले। जिस पर नाराजगी व्यक्त करते हुए मुख्य विकास अधिकारी ने कंपोजिट विद्यालय वीरापाह करंडा के प्रभारी प्रधानाचार्य बीना शर्मा को तत्काल निलंबित करने का निर्देश जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी को दिया। इसके साथ ही खंड शिक्षा अधिकारी करंडा राघवेंद्र सिंह को कार्य मे लापरवाही, समय समय पर विद्यालयों का निरिक्षण न किये जाने के कारण ऐसी स्थिति उत्पन्न होने पर प्रतिकूल प्रवीष्टि का निर्देश दिया।