वरिष्ठ पत्रकार की हत्या मामले में पत्रकारों ने सौंपा पत्रक,उठाई हत्यारों के खिलाफ कार्रवाई की मांग

सीतापुर के वरिष्ठ पत्रकार राघवेंद्र वाजपेयी की हत्या मामले में गाजीपुर के पत्रकारों ने डीएम को सौंपा पत्रक, उठाई हत्यारों के खिलाफ कार्रवाई की मांग

गाजीपुर।उत्तर प्रदेश के सीतापुर जिले में वरिष्ठ पत्रकार राघवेंद्र वाजपेई की 8 मार्च को हुई नृशंस हत्या के मामले को लेकर गाजीपुर पत्रकार एसोशिएशन गाजीपुर के अध्यक्ष सूर्यवीर सिंह के नेतृत्व में पत्रकारों ने राष्ट्रपति व मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ उत्तर प्रदेश के नाम डीएम आर्यका अखौरी गाजीपुर के माध्यम से पत्रक सौंपा।
जिलाधिकारी के प्रतिनिधि मुख्य राजस्व अधिकारी आयुष चौधरी को पत्रक दिया गया। 8 मार्च 2025 को जनपद सीतापुर के इमलिया सुल्तानपुर क्षेत्र में नेशनल हाईवे-30 पर अज्ञात बदमाशों ने वरिष्ठ पत्रकार राघवेंद्र वाजपेई की बेरहमी से हत्या कर दी। 40 वर्षीय राघवेंद्र वाजपेई की हत्या के बाद पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है। पत्रकारों में इस घटना को लेकर भारी आक्रोश है। फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी है। लेकिन सवाल यह है कि आखिर कब तक पत्रकारों पर इस तरह के हमले होते रहेंगे, क्या सरकार पत्रकारों की सुरक्षा के लिए ठोस कदम उठाएगी। मामले में पत्रकार एसोसिएशन के अध्यक्ष सूर्यवीर सिंह ने कहा कि घटना बेहद दुखद और निंदनीय है। हम मांग करते हैं कि अपराधियों को शीघ्र गिरफ्तार कर कठोर से कठोर सजा दी जाए। साथ ही पत्रकारों की सुरक्षा के लिए प्रदेश सरकार को ठोस कानून बनाना चाहिए। इस मामले को लेकर गाजीपुर पत्रकार एसोसिएशन ने महामहिम राष्ट्रपति व मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को ज्ञापन सौंपा है। इस दौरान उन्होंने मांग की है कि स्वर्गीय राघवेंद्र वाजपेई के हत्यारों को शीघ्र गिरफ्तार कर फांसी की सजा दी जाए, उनके परिवार को आर्थिक सहायता दी जाए और आश्रित सदस्य को सरकारी नौकरी दी जाए, प्रदेश में पत्रकारों की सुरक्षा के लिए विशेष कानून बनाया जाए, पत्रकारों पर हो रहे हमलों की जांच के लिए विशेष जांच दल (SIT ) गठित की जाए। इस मौके पर विनय कुमार, आलोक त्रिपाठी, आशुतोष त्रिपाठी, देव ब्रत विश्वकर्मा, रवि कांत, विनोद गुप्ता, शशि कान्त तिवारी, दुर्ग विजय सिंह, अनिल उपाध्याय आदि पत्रकारगण मौजूद रहे।

बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ योजना के 10 वर्ष पूर्ण होने पर कन्या जन्मोत्सव का आयोजन

गाजीपुर।महिला कल्याण विभाग उत्तर प्रदेश भारत संचालित बेटी बचाओ,बेटी पढ़ाओ योजना के 10 वर्ष पूर्ण होने तथा अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के उपलक्ष्य में जिलाधिकारी आर्यका अखौरी के निर्देश के क्रम में मंगलवार को मोहम्मदाबाद तहसील सभागार में कन्या जन्मोत्सव का आयोजन किया गया। जिसमें 40 नवजात बच्चियों के जन्म की खुशी मनाते हुए उनको बधाईयां दी गई।  उप-जिलाधिकारी मोहम्मदाबाद डा. हर्षिता तिवारी द्वारा बेटियों के उज्जवल भविष्य की कामना करते हुए उनको अच्छे से पालन पोषण देने के साथ उनको शिक्षित कर आत्म निर्भर बनाने हेतु बच्चियों के परिजनों को प्रेरित करते हुए उनकी माताओं को उपहार स्वरूप बेबी किट एवं तौलिया का वितरण किया गया । इसके साथ ही बच्चियों को शासन द्वारा संचालित कन्या सुमंगला योजना के बारे में जानकारी दी गई । इस अवसर पर मुहम्दाबाद सामुदायिक स्वास्थ केंद्र अधीक्षक डॉ० आशीष राय, ब्लॉक प्रोग्राम मैनेजर संजीव कुमार, वन स्टॉप सेंटर मैनेजर प्रियंका प्रजापति, चाइल्ड लाइन कोऑर्डिनेटर संतोष कुमार सिंह व आशा आदि उपस्थित रहे।

हमारा इतिहास महिलाओं के योगदान वर्णन के बिना अधूरा

हमारा इतिहास महिलाओं के योगदान वर्णन के बिना अधूरा:कौशलेंद्र सिंह

गाजीपुर। भारत मे पुरातन काल से महिलाओं का गौरवशाली इतिहास रहा है,लेकिन मुगल काल व अंग्रेजी हुकूमत के लम्बे काल खण्ड मे मान, सम्मान , स्वाभिमान के रक्षा के लिए नारी शक्ति को नेपथ्य में जाना पड़ा जबकि उस दौर मे विषम परिस्थितियों में भी शक्ति स्वरूपा महारानी लक्ष्मीबाई, झलकारी बाई, जीजा माता, अहिल्या बाई होलकर, अवन्तिबाई जैसी मातृशक्तियों की संघर्ष गाथाएं हमारे इतिहास मे स्वर्णिम अक्षरों मे अंकित है। यह बात आज भाजपा जिला कार्यालय पर अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस पर महिला सम्मान मे आयोजित कार्यक्रम को मुख्य अतिथि कौशलेंद्र सिंह पटेल (सदस्य केन्द्रीय पिछड़ा वर्ग आयोग) ने संबोधित करते हुए कही । उन्होंने कहा कि मुगल बादशाह औरंगज़ेब के आतंक के दौर मे राजमाता जीजा माता ने शिवाजी जैसे वीर और साहसी योद्धा का निर्माण किया था जिन्होंने भारत को मुगल शासकों के विस्तारवादी सोच को लगाम लगाने मे महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उन्होंने कहा कि हमारा इतिहास महिलाओं के योगदान वर्णन के बिना अधुरा रहेगा। जिसमे सावित्री बाई फुले, दुर्गा भाभी जैसी मातृशक्तियों ने प्रत्येक काल खण्ड में महिलाओं के मान सम्मान और योगदान को बढ़ाया है। उन्होंने कहा कि बाबा साहब डॉ भीमराव अम्बेडकर, सावित्री बाई फुले आदि के सोच सपनो तथा उनके अधुरे काम को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तथा मुख्य मंत्री योगी आदित्यनाथ पुरा कर रहे हैं।
राज्यसभा सांसद डा. संगीता बलवंत ने कहा कि 2014 के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व की भाजपा सरकार ने अंत्योदय के बाद अगर सबसे ज्यादा काम हुआ है तो वह नारी सशक्तिकरण के क्षेत्र में हुआ है। उन्होंने कहा कि नारी नेतृत्व पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी व मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भरोसा किया और उनका सम्मान करते हुए महिला मजबूती के लिए लगातार काम कर रहे हैं।उनकी सोच है कि देश की महिलाएं मजबूत और समृद्ध होगी तो हमारा देश विकसित भारत बनेगा। उन्होंने कहा कि देश की विरांगनाओं ने दुश्मनों के दांत खट्टे किए उन्होने देश को गौरवान्वित करते हुए नारी शक्ति का परचम विश्व में लहराया है।
जिलाध्यक्ष सुनील सिंह ने महिलाओं को उनके विशेष दिवस की बधाई देते हुए कहा कि भारतीय संस्कृति मे नारी शक्ति का अनादि काल से बड़ा महत्व रहा है शक्ति के पुजा मे निहित शक्ति स्वरूप देवीयों के रूप में मातृ शक्ति को पूजने का काम होता रहा है। उन्होंने मुख्य अतिथि का अंग वस्त्र और स्मृति चिन्ह देकर स्वागत सम्मान किया।
महिला मोर्चा जिलाध्यक्ष साधना राय ने सबके प्रति आभार धन्यवाद व्यक्त किया।
कार्यक्रम को पू्र्व जिलाध्यक्ष भानु प्रताप सिंह, कृष्ण बिहारी राय, जिला पंचायत अध्यक्ष सपना सिंह, सरिता अग्रवाल, पारसनाथ राय,पूनम मौर्य,माया सिंह, मीरा श्रीवास्तव, किरन सिंह, ज्योत्सना आदि ने संबोधित किया। संचालन महामंत्री महिला मोर्चा माया सिंह ने किया। कार्यक्रम मे संयोजक जिला महामंत्री दयाशंकर पांडेय, ओमप्रकाश राय, प्रवीण सिंह, अवधेश राजभर,सरोज मिश्रा,जिला मीडिया प्रभारी शशिकांत शर्मा, लालसा भारद्वाज,राजन प्रजापति, सुरेश बिंद, नीतीश दूबे आदि उपस्थित रहे।
इस अवसर पर खेल स्वास्थ्य,शिक्षा,बैंक, चिकित्सा, समाज सेवा आदि के विभिन्न क्षेत्रों में काम करने वाली महिलाओं के लिए प्रेरणास्रोत उषा बनवासी,डा ज्योति शर्मा, अमृता यादव,सुनीता शर्मा,प्रतिमा मिश्रा, खुशबू वर्मा, वंदना सिंह, अनुपमा यादव, मनोरमा शर्मा,शशि यादव, अर्पिता सिंह,नीलू यादव को मुख्य अतिथि कौशलेंद्र सिंह सदस्य केन्द्रीय पिछड़ा वर्ग आयोग,राज्यसभा सांसद डा. संगीता बलवंत व जिलाध्यक्ष सुनील सिंह ने सम्मानित किया।

अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस पर ग्राम प्रधान कल्पना यादव ने वितरित किया 50 महिलाओं को साड़ी

गाजीपुर ।अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस पर शनिवार को ग्राम पंचायत रसूलपुर टी शेखपुर में कार्यक्रम का आयोजन किया गया । कार्यक्रम में चंदौली डीपीसी से ट्रेनर शशि कुमार ने प्रतिभागी महिलाओं को प्रशिक्षित किया। उन्होंने ग्राम सभा की महिलाओं को जागरूक किया और उनकी भागीदारी के लिए बताया कि महिला सशक्तिकरण बन रही है। सरकार विभिन्न योजनाएं चला रही है । महिलाएं देश की आधी आबादी के रूप में जानी जाती हैं। कार्यक्रम के दौरान ग्राम प्रधान कल्पना यादव ने बताया कि महिलाओ को सशक्त ,आत्मनिर्भर और आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया जाए। अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस मनाया रहा है । 8 मार्च का दिन महिलाओं को समर्पित है। यह दिन नारी शक्ति और महिलाओं की उपलब्धियों को सलाम करने का है। इस दिन हमें नारी की हर छोटी-बड़ी लड़ाई को सम्मान देने और उनके सपनों को पंख देने का मौका देता है। यह दिवस हमें महिलाओं द्वारा समाज में दिए गए योगदान, उनके संघर्ष तथा उनके सामने आने वाली चुनौतियों की याद दिलाता है। इस दिन उन्हें यह ऐहसास कराया जाता है कि वह हमारे लिए कितनी खास हैं। भारत में आजादी के बाद लगातार सुधारों से महिलाओं को पुरुषों की तरह सशक्त बनाया गया है। वह आज स्वावलंबी और स्वतंत्र है। महिला दिवस पर जगह-जगह अनेक संगोष्ठियां, सेमिनार आदि कार्यक्रम आयोजित किया। महिलाओं के कल्याण के लिए कई योजनाओं का ऐलान भी होता है। महिलाएं तमाम तरह की उपलब्धियां हासिल भी कर रही हैं। जिसमें भारतीय संविधान और कानून का विशेष योगदान है। आधुनिक दौर में एक महिला एक पूर्ण चक्र है। उसके भीतर सृजन, पोषण और परिवर्तन की असीम शक्ति है। यह शक्ति और भी प्रबल तब हो जाती है जब एक महिला घर के दहलीज से बाहर आकर खुद को कामकाजी महिलाओं के कतार में खड़ी करती है। वास्तव में कामकाजी महिलाएं ही महिला सशक्तीकरण की पर्यायवाची और पूरक हैं। अपने शहर में एक ठेले पर सब्जी बेचने से लेकर बड़े उद्योग की ऑनर तक ऐसे कई उदाहरण हैं जो महिला सशक्तीकरण की मिशाल पेश कर रही है । एडीओ पंचायत श्रीप्रकाश त्रिपाठी ने महिला दिवस पर महिलाओं को धन्यवाद ज्ञापित किया। उन्होंने महिलाओं के प्रति सम्मान, प्रशंसा और प्रेम प्रकट करते हुए, महिलाओं के आर्थिक, राजनीतिक और सामाजिक उपलब्धियों एवं कठिनाइयों की सापेक्षता के उपलक्ष्य में उत्सव के तौर पर मनाया जाता है। इस मौके पर ग्राम प्रधान कल्पना यादव ने पचास महिलाओं को साड़ी वितरित किया। इस मौके पर निताबी देवी , बेबी देवी, सुनीता, जामवंती, इसलामती, कमली, रीमा, पार्वती, धर्मावती, धनौती, बिंदु , सोनिया, कश्मीरी, पूनम, रिंकी, सफाई कर्मचारी माधव सिंह चौहान, खरपातूराम, सितार चंद ,अजय यादव तथा रामनिवास यादव उपस्थित रहे।

राष्ट्रीय लोक अदालत का जनपद न्यायाधीश ने किया शुभारंभ

गाजीपुर। राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण, नई दिल्ली से प्राप्त निर्देशानुसार जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, गाजीपुर के तत्वाधान में 8 मार्च को प्रातः 10ः30 बजे जनपद न्यायालय में राष्ट्रीय लोक अदालत का शुभारंभ जनपद न्यायाधीश धर्मेन्द्र कुमार पाण्डेय, के द्वारा मॉ सरस्वती की प्रतिमा पर द्वीप प्रजव्वलित कर एवं मल्यार्पण कर किया गया। अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के उपलक्ष्य पर महासचिव सिविल बार एसोसिएशन ज्योत्सना श्रीवास्तव, नगर पालिका ई0ओ0 अमिता वरूण, मुख्य प्रबंधक यूनियन बैंक भारती शर्मा, मुख्य प्रबंधक स्टेट बैंक ऑफ इण्डिया श्वेता सुमन एवं महिला न्यायिक अधिकारीगण को पौधा प्रदान कर सम्मानित किया गया। इस अवसर पर जनपद न्यायाधीश द्वारा 02 महिलाओं को ट्राई साईकिल, 01 महिला को कॉन की मशीन, 01 महिला को लेप्रोसी किट एवं 07 महिलाओं को पेंशन प्रमाण-पत्र प्रदान किए गए, साथ ही साथ आज की राष्ट्रीय लोक अदालत में एक पेशन शिविर का भी आयोजन जनपद न्यायाधीश द्वारा फीता कॉट कर किया गया है। जनपद न्यायाधीश द्वारा लोक अदालत में बढ़-चढ़ के हिस्सा लेने के लिए आम-जनमानस से अपील की तथा समस्त पीठासीन अधिकारी को लोक अदालत के सफलता हेतु सभी अधिकारियों को अधिक से अधिक निस्तारण हेतु प्रोत्साहित किया। पीठासीन अधिकारी प्रधान न्यायाधीश, कुटुम्ब न्यायालय नरेन्द्र कुमार-।।।, द्वारा 26 वादों का निस्तारण एवं 02 जोड़ो को साथ-साथ विदा किया गया तथा पीठासीन अधिकारी एम.ए.सी.टी. संजय हरिशुक्ला द्वारा 39 वादों का निस्तारण किया गया।
इस अवसर पर शक्ति सिंह अपर जिला जज प्रथम द्वारा अपने संबोधन में यह कहा गया कि लोक अदालत वर्षों से लम्बित मामलों के त्वरित निस्तारण का एक अत्यन्त महत्वपूर्ण साधन है। ऐसे छोटे प्रकरण जिसमें अनावश्यक रुप से मुकदमेबाजी के कारण पक्षकारो के मध्य वैमन्यस्ता विद्यमान रहती है, को समाप्त कर सौहार्दपूर्ण वातावरण बनाने में लोक अदालत द्वारा अपनी सक्रीय भूमिका निभायी जा रही है। उक्त शिविर में वृद्धा पेशन, दिव्यांग पेशन एवं विधवा पेशन में जिन पात्र व्यक्तियों को कोई कठिनाई आ रही है, उसके समाधान हेतु संबंधित विभागों के अधिकृत प्रतिनिधि उपस्थित रहे। उक्त पेंशन शिविर में जनपद गाजीपुर के दूरस्थ क्षेत्रों से आये हुए व्यक्तियों द्वारा लाभ उठाया गया। शक्ति सिंह, अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश कक्ष सं0-01, गाजीपुर एवं विजय कुमार-प्ट, अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीष/सचिव पूर्णकालिक जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, गाजीपुर, द्वारा राष्ट्रीय लोक अदालत में निस्तारण हेतु नियत वादों की विस्तृत रूपरेखा प्रस्तुत की गयी। इस अवसर पर सचिव ने बताया कि लोक अदालत से न्याय के क्षेत्र में क्रान्ति आई है और लोगो में विधिक जागरूकता भी बढ़ी हैं, उनके द्वारा जनपद न्यायाधीश के निर्देशानुसार राष्ट्रीय लोक अदालत के प्रचार प्रसार हेतु किये गये प्रयासों के बारे में संक्षेप में जानकारी दी गई। सामान्य अदालत एवं लोक अदालत में अन्तर को विस्तार से बताया गया।
इस अवसर पर  नरेन्द्र कुमार-।।।, प्रधान न्यायाधीश, कुटुम्ब न्यायालय गाजीपुर, संजय हरी शुक्ला, मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण गाजीपुर, शक्ति सिंह, अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीष कक्ष सं0-01, राकेश कुमार-टप्प् नोडल अधिकारी, लोक अदालत गाजीपुर, अलख कुमारए अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश/विषेश न्यायाधीश एस0सी0/एस0टी0, स्वप्न आनंद, मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी गाजीपुर एवं अन्य न्यायिक अधिकारीगण तथा अध्यक्ष सिविल बार एसोसिएशन, गाजीपुर व न्यायालय के कर्मचारीगण उपस्थित हुए। इस राष्ट्रीय लोक अदालत में कुल 115782 मामले निस्तारण हेतु नियत किये गये थे, जिसमें से सुलह समझौतें एवं संस्वीकृति के आधार पर कुल 108345 वाद अंतिम रूप से निस्तारित किए गए। राजस्व विभाग के मामले, विभिन्न न्यायालयों द्वारा 13140 मामले तथा बैंक एवं अन्य विभाग द्वारा कुल 74370 मामले निस्तारित किए गए। सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, गाजीपुर द्वारा जनपद न्यायालय के कर्मचारीगण, अधिवक्तागण, मीडियाकर्मी तथा पुलिस एवं प्रशासन विभाग के प्रति अपना धन्यवाद ज्ञापित किया गया।

डीएम ने फरियादियों की सुनी फरियाद

गाजीपुर ।माह के द्वितीय शनिवार को थाना दिवस जिलाधिकारी आर्यका अखौरी की अध्यक्षता में थाना करण्डा में सम्पन्न हुआ। जिलाधिकारी ने थाने मे उपस्थित फरियादियों की फरियाद सुनी साथ ही शिकायतो को जल्द से जल्द निस्तारण के लिए प्रशासनिक एवं पुलिस अधिकारियों को निर्देश दिया।  थाना करण्डा मे 03 फरियादियों ने अपनी-अपनी शिकायतो को लिखित रूप में दिया जिसमें निस्तारण शून्य रहा। जिलाधिकारी ने सभी विभागाध्यक्षाो को निर्देशित किया है कि आई0जी0आर0एस0 पोर्टल पर जितने भी आवेदन प्राप्त होते है या लम्बित हैं, उन्हे पुलिस विभाग से समन्वय स्थापित कर फिल्ड रजिस्टर पर सभी आवदनों को नोट करके तत्काल निस्तारण किया जाए।उन्होने निर्देशित किया कि जिस गांव की शिकायत आती है तो अधिकारी वहां मौके पर जाकर गांव के संबंधित लेखपाल एवं पुलिस विभाग की टीम के साथ मिलकर निस्तारण करेंगे। इसमें किसी प्रकार की लापरवाही एवं शिथिलता क्षम्य नही होगी। इस मौके पर थाना प्रभारी करण्डा, लेखपाल एंव अन्य पुलिस विभाग से संबंधित अधिकारी कर्मचारी उपस्थित रहे।

छात्राओं ने रैली निकालकर लगाए नारी शक्ति के नारे

गाजीपुर। शनिवार को राजकीय महिला स्नातकोत्तर महाविद्यालय में राष्ट्रीय सेवा योजना का तृतीय एक दिवसीय शिविर आयोजित किया गया। अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के उपलक्ष्य में प्राचार्य प्रो. अनिता कुमारी की अध्यक्षता एवं संरक्षण में महाविद्यालय से महुआ बाग मिश्र बाजार तक एक रैली निकाली गई। रैली के दौरान स्वयंसेवी छात्राओं ने ” सम्मान प्रतिष्ठा और अधिकार, नारी सशक्तिकरण के हैं आधार; नारी है तो परिवार है, सुंदर जीवन का आधार है” आदि नारे लगाकर लोगों को समाज से लैंगिक भेदभाव खत्म करने एवं महिलाओं की सुरक्षा एवं सम्मान सुनिश्चित करने को लेकर जागरूक किया। रैली उपरांत स्वयंसेवी छात्राएं महाविद्यालय लौटकर सूक्ष्म जलपान ग्रहण किया।

साथ ही द्वितीय सत्र में इस वर्ष के अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस की थीम “एक्सीलरेट एक्शन” पर आधारित एक स्लोगन प्रतियोगिता आयोजित की गई जिसमें स्वयंसेवी छात्राओं ने नवीन एवं आकर्षक स्लोगन लिखकर महिला सुरक्षा सम्मान एवं देश की उन्नति में उनके योगदान का संदेश दिया। वरिष्ठ कार्यक्रम अधिकारी डॉ रामनाथ केसरवानी ने अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि नारियों की जितनी ज्यादा उन्नति होगी हमारा राष्ट्र उतना ही सशक्त एवं समृद्ध होगा। स्लोगन प्रतियोगिता में सोनम ने प्रथम स्थान, श्रेया मौर्य द्वितीय एवं अंजली कुमारी ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। निर्णायक मंडल की भूमिका में डॉ शैलेंद्र कुमार, डॉ पीयूष सिंह एवं डॉ मनीष कुमार रहे । प्रतियोगिता का संचालन कार्यक्रम अधिकारी डॉ ओम शिवानी ने किया।

महिला पीजी कॉलेज में हुआ कार्यशाला का समापन

राजकीय महिला पी.जी. कॉलेज में कार्यशाला का समापन


गाजीपुर। राजकीय महिला पी.जी. कॉलेज में नांदी महिंद्रा ग्रुप और लॉरियल के सहयोग से आयोजित कार्यशाला का शनिवार को समापन हुआ। इस कार्यशाला के अंतिम दिन छात्रों को साक्षात्कार एवं संचार कौशल का प्रशिक्षण दिया गया। साथ ही, उद्यमिता विकास (एंटरप्रेन्योरशिप बिल्डिंग) पर भी विस्तार से चर्चा की गई, जिससे छात्राएँ आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रेरित हुईं। यह कार्यशाला कॉलेज की प्रचार्या प्रोफेसर डॉ. अनीता के संरक्षण में संचालित की गई, जबकि कार्यक्रम समन्वयक एवं रसायन विज्ञान विभागाध्यक्ष डॉ. अकबर अज़म के निर्देशन में इसका सफल आयोजन हुआ।

इस कार्यशाला में विशेषज्ञों ने छात्राओं को साक्षात्कार की बारीकियाँ, प्रभावी संचार तकनीकें और स्वरोजगार के अवसरों पर मार्गदर्शन दिया। उपस्थित छात्राओं ने इस पहल की सराहना करते हुए इसे अपने करियर के लिए लाभकारी बताया। कार्यशाला के समापन पर डॉ. अनीता ने छात्राओं को संबोधित करते हुए कहा कि इस तरह के प्रशिक्षण कार्यक्रम छात्राओं को व्यावसायिक दुनिया के लिए तैयार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। डॉ. अकबर अज़म ने सभी प्रतिभागियों और प्रशिक्षकों का आभार व्यक्त किया और भविष्य में भी ऐसे उपयोगी कार्यक्रमों के आयोजन की बात कही। इस अवसर पर कॉलेज के अन्य संकाय सदस्य एवं छात्राएँ उपस्थित रहीं।

अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस पर निकाली गई जागरूकता रैली

मतदाता जागरूकता एवं अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर राष्ट्रीय सेवा योजना के स्वयं सेवकों द्वारा निकाली गयी जन जागरूकता रैली :

गाजीपुर। शनिवार को स्नातकोत्तर महाविद्यालय में राष्ट्रीय सेवा योजना के छठे दिन अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के उपलक्ष्य में प्राचार्य प्रोफ. राघवेंद्र कुमार पांडेय की अध्यक्षता एवं संरक्षण में महाविद्यालय से हेतिमपुर तक एक रैली निकाली गई। इस रैली के दौरान स्वयंसेवक एवं सेविकाओं ने ” सम्मान प्रतिष्ठा और अधिकार, नारी सशक्तिकरण के हैं आधार; नारी है तो परिवार है, सुंदर जीवन का आधार है” आदि नारे लगाकर लोगों को समाज से लैंगिक भेदभाव खत्म करने एवं महिलाओं की सुरक्षा एवं सम्मान सुनिश्चित करने को लेकर जागरूक किया। प्रोफेसर प्रतिमा सिंह ने अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि नारियों की जितनी ज्यादा उन्नति होगी हमारा राष्ट्र उतना ही सशक्त एवं समृद्ध होगा।

द्वितीय सत्र में मतदान जागरूकता पर परिचर्चा भी की गयी जिसके अंतर्गत महाविद्यालय के प्रोफे. सुनील कुमार ने कहा कि हर भारतीय को मतदान करने के अधिकार पर गर्व होना चाहिए, मतदान भविष्य का विधाता होता है। युवा मतदाताओं को युवा पीढ़ियों को मतदान के लिए जागरूक करना चाहिए। मतदान से अपने योग्य उम्मीदवार को चयनित करें । उन्होंने कहा कि एक जिम्मेदार मतदाता ही सभी में जागरूकता ला सकता है। हमें वोट डालने का अधिकार है इसका हमें उपयोग करना चाहिए। मतदान के प्रतिशत को बढ़ाना भी हमारी एक बड़ी जिम्मेदारी है जिससे लोकतंत्र को और मजबूत बनाया जा सके।
इस विशेष अवसर पर स्वयं सेवकों और स्वयं सेविकाओं ने रंगोली प्रतियोगिता में भाग लिया।


इस अवसर पर कार्यक्रम अधिकारी डा॰ त्रिनाथ मिश्र, श्री धर्मेन्द्र, डॉ अशोक कुमार और डॉ अतुल कुमार सिंह तथा कर्मचारी श्री सुनील कुशवाहा और श्री नीरज सिंह उपस्थित रहे।

राज्यसभा सांसद ने किया 33वां जनपदीय रोवर्स एवं रेन्जर्स समागम का शुभारंभ

पी०जी० कॉलेज, गाजीपुर में दो दिवसीय 33 वां जनपदीय रोवर्स एवं रेन्जर्स समागम का भव्य शुभारंभ

गाजीपुर। स्नातकोत्तर महाविद्यालय में शनिवार को दो दिवसीय 33 वां जनपदीय रोवर्स एवं रेन्जर्स समागम का भव्य शुभारंभ उत्साह पूर्ण वातावरण में हुआ। इस समागम में जनपद के कई महाविद्यालयों के रोवर्स एवं रेन्जर्स टीमों ने भाग लिया।

कार्यक्रम के मुख्य अतिथि के रूप में राज्यसभा सांसद डॉ० संगीता बलवंत उपस्थित रहीं। श्रीमती बलवंत का पी० जी० कॉलेज से गहरा नाता रहा है, क्योंकि वह इसी कॉलेज की छात्रा रही हैं। उन्होंने अपने राजनीतिक सफर की शुरुआत यहीं से की, जब वे छात्र संघ चुनाव में सक्रिय हुईं। इस मंच से शुरू हुआ उनका सफर आज उन्हें राज्यसभा तक ले गया है, जो उनकी मेहनत और नेतृत्व क्षमता का प्रमाण है। अपने संबोधन में उन्होंने कहा, “यह कॉलेज मेरे लिए सिर्फ एक शिक्षण संस्थान नहीं, बल्कि मेरे जीवन की नींव है। रोवर रेंजर जैसे आयोजन युवाओं को नेतृत्व और सामाजिक योगदान के लिए तैयार करते हैं, और मुझे यहाँ के छात्रों पर गर्व है।”

उनके शब्दों ने उपस्थित युवाओं में जोश और प्रेरणा का संचार किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता उत्तर प्रदेश शासन के अपर महाधिवक्ता श्री अजीत कुमार सिंह ने की। श्री सिंह एक प्रख्यात विधिवेत्ता और प्रशासक हैं, जिन्होंने अपने लंबे करियर में न्याय और प्रशासन के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान दिया है। उत्तर प्रदेश सरकार के अपर महाधिवक्ता के रूप में वे राज्य के विधिक मामलों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं और अपनी कुशलता व निष्पक्षता के लिए जाने जाते हैं। अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि”युवा देश का भविष्य हैं और रोवर रेंजर जैसे मंच उन्हें अनुशासन, नेतृत्व और समाज सेवा के मूल्यों से जोड़ते हैं। यह आयोजन हमें यह सिखाता है कि एकजुटता और समर्पण से बड़े लक्ष्य हासिल किए जा सकते हैं।”

उनके प्रेरक शब्दों ने प्रतिभागियों में उत्साह जगाया। इस अवसर पर कॉलेज के प्राचार्य प्रोफेसर (डॉ०) राघवेन्द्र कुमार पाण्डेय ने अपने स्वागत उद्बोधन में रोवर्स एवं रेन्जर्स आंदोलन के महत्व को रेखांकित करते हुए कहा, “यह आयोजन न केवल युवाओं के कौशल को निखारता है, बल्कि उनमें एकता और समर्पण की भावना भी जागृत करता है।” समागम में विभिन्न गतिविधियों जैसे खेल, सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँ और प्रशिक्षण सत्रों का आयोजन किया गया, जिसमें प्रतिभागियों ने उत्साहपूर्वक हिस्सा लिया। यह कार्यक्रम भारत स्काउट्स एंड गाइड्स के तत्वावधान में आयोजित किया गया, जिसका उद्देश्य युवाओं में नेतृत्व, पर्यावरण संरक्षण और आपदा प्रबंधन जैसे गुणों का विकास करना है।


कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों को स्काउट गाइड का स्कार्फ पहनाने के उपरांत ध्वजारोहण के साथ हुआ। कार्यक्रम के शुभारंभ के दौरान रोवर्स एवं रेन्जर्स टीमों द्वारा मार्च पास्ट की सलामी मुख्य अतिथि डॉ० संगीता बलवंत कार्यक्रम के अध्यक्ष अपर महाधिवक्ता अजीत कुमार सिंह एवं आयोजक महाविद्यालय के प्राचार्य प्रोफेसर राघवेन्द्र कुमार पाण्डेय ने संयुक्त रूप से लिया।आयोजन में कॉलेज प्रशासन, शिक्षकों और छात्र एवं छात्राओं छात्रों का विशेष योगदान रहा। यह समागम गाजीपुर के शैक्षिक और सामाजिक परिदृश्य में एक महत्वपूर्ण कदम साबित हुआ।

Uttar Pradesh Fast News