परंपरागत तरीके से होगा राम रावण युद्ध, एसपी डीएम बटन दबाकर करेंगे रावण पुतले का दहन
गाजीपुर। अति प्राचीन राम लीला कमेटी “हरिशंकरी” के तत्वाधान में पिछले चार सौ से अधिक वर्षों से चली आ रही चलायमान रामलीला मंचन की प्रमुख लीला रावण दहन, जिसे हम दशहरा या विजयादशमी के रूप में भी मनाते हैं, का आयोजन 5 अक्टूबर (बुधवार) को सांयकाल 8 बजे लंका मैदान में रावण पुतले का दहन गाज़ीपुर के डीएम आर्यका अखौरी एवम एसपी रोहन पी बोत्रे के हाथों किया जाएगा।
कमेटी के मंत्री ओम प्रकाश तिवारी “बच्चा” ने बताया कि स्थानीय लंका मैदान में विजयादशमी का पर्व बड़े धूम धाम के साथ मनाए जाने की प्राचीन परंपरा है। इस अवसर पर वन्दे वाणी विनायको आदर्श राम लीला मण्डल के कलाकारों द्वारा रावणबाडे में राम रावण युद्ध तथा रावण दहन का सजीव मंचन किया जाएगा। कोविड काल के बाद इस बार भव्य रामलीला मंचन का कार्यक्रम किया जा रहा है, भीड़ को देखते हुए अति प्राचीन रामलीला कमेटी, हरिशंकरी गाज़ीपुर द्वारा चार सेट एलईडी लगाकर दशहरा आयोजन का प्रसारण भी किया जाएगा, साथ ही यू ट्यूब पर भी हर मंचन का सजीव प्रसारण किया जा रहा है। जिसल लाईव लिंक सोशल मीडिया के सभी प्लेट फॉर्म पर उपलब्ध है।
कमेटी के अध्यक्ष प्रकाश चन्द्र श्रीवास्तव ने बताया कि सरकार की गाइड लाइन के अनुसार साठ फीट से ज्यादा बड़े रावण बाड़े में साठ फीट के विशालकाय रावण का पुतला बुराई पर अच्छाई के प्रतीक के रूप में, राम रावण युद्ध में राम के हाथों रावण की मृत्यु हो जाने के उपरांत कमेटी के पदेन संरक्षक और सह संरक्षक डीएम गाज़ीपुर और एसपी गाज़ीपुर के हाथों बटन दबा कर आधुनिक रूप से ठीक 8 बजे किया जाएगा। इस बीच भारी भीड़ की आशंका को देखते हुए दर्शकों से जगह जगह एलईडी स्क्रीन लगाई जा रही है, स्वास्थ सेवाओं, सजेफ सफाई, पुलिस और यातायात की सुरक्षा भी जिला व पुलिस प्रशासन द्वारा चुस्त दुरुस्त रखी जाएगी। कमेटी द्वारा जनता से आग्रह है कि रावण बाड़े के पास नजदीक जाकर सेल्फी लेने की कोशिश न करें और अपने परिवार का साथ न छोड़ें। रावण दहन के समय अपने स्थान पर खड़े होकर लीला का आनंद लें। लंका मैदान के कुल चारों गेट पर सुरक्षा के व्यापक इंतेजाम हैं, आराम से बाहर निकलें, पहले बच्चों, महिलाओं और बुजुर्गों को रास्ता दें और पॉकेट मारों और अवांछनीय तत्वों से स्वयम भी सतर्क रहें। 6 अक्टूबर को सकलेनाबाद में परंपरागत तरीके से भरत मिलाप का कार्यक्रम नियत समय से होगा।
गाजीपुर। नगर पालिका अध्यक्ष सरिता अग्रवाल की अध्यक्षता मे सोमवार को कृषि विज्ञान केन्द्र पी०जी० कालेज में राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा मिशन, न्यूट्री सीरियल व घटक योजनार्न्तगत जनपद स्तरीय मिलेट्स महोत्सव/मेला/ जागरूकता कार्यक्रम का दो दिवसीय आयोजन किया गया। कार्यक्रम में जिला समन्वयक यू०पी० डास्प, मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी, लघु सिचाई, जिला गन्ना अधिकारी, जिला मत्स्य विभाग, मृदा परीक्षण, भूमि संरक्षण अधिकारी, जिला उद्यान अधिकारी, स्टेट बैंक ऑफ इण्डिया, यूनियन बैक ऑफ इण्डिया, पंजाब नेशनल बैक तथा विभिन्न कम्पनीयो के स्टाल लगाकर अपने अपने विभागो की संचालित योजननाओ की जानकारी प्रदान की गयी तथा उप कृषि निदेशक द्वारा समस्त मुख्य अतिथियो एवं कृषको का आभार ब्यक्त करते हुए समस्त योजनाओ की विस्तृत जानकारी दी गयी। कहा कि जिला उद्यान अधिकारी, भूमि संरक्षण अधिकारी व मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी ने अपने अपने विभागों की जानकारी कृषको को दिया व कृषि विज्ञान केन्द्र गाजीपुर के वरिष्ठ वैज्ञानिक डा० धर्मेन्द्र सिंह ने मृदा की उर्वता व कम लागत मे अच्छी पैदावार कैसे ली जाय की जानकारी दी। मिलेट्स महोत्सव/मेला/जागरूकता कार्यक्रम दुसरे दिन सोमवार को मुख्य अतिथि सरिता अग्रवाल रही। मेले में कृषि विज्ञान केन्द्र गाजीपुर के अध्यक्ष डा० विनोंद सिंह, डा० धर्मेन्द्र सिंह, डा० ओमकार नाथ सिंह ने प्रतिभाग किया। उप कृषि निदेशक गाजीपुर द्वारा मुख्य अतिथि का आभार व्यक्त करते हुए फसल बीमा, प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि तथा अन्य योजनाओ से सम्बन्धित जानकारी प्रदान किया। मेले का संचालन मृत्युंजय’ सिंह तकनीकी सहायक द्वारा किया गया।
माता शेवरी का फल खाना, हनुमान, राम मिलन तथा सुग्रीव से मित्रता
गाजीपुर। अतिप्राचीन रामलीला कमेटी हरिशंकरी के तत्वावधान में लीला के बारहवे दिन 2 अक्टूबर शाम 7 बजे लंका मैदान में बन्देवाणी विनायको आदर्श रामलीला मण्डल के कलाकारों द्वारा लीला में माता शेवरी का फलखाना, हनुमान राम मिलन तथा सुग्रीव से मित्रता लीला का मंचन देखकर दर्शक मंत्र मुग्ध हो गये। बताते चले कि श्रीराम अपनी भार्या सीता की खोज करते हुए मतंग ऋषि के आश्रम जहॉ माता शेवरी अपने गुरू मतंग ऋषि की सेवा करती थी उस आश्रम पर पहुचते है शेवरी के आश्रयम पर पहुचते ही श्री राम को देखकर शेवरी उन्हे आश्रम के अन्दर ले जाकर सुन्दर आसन पर बिठा कर कन्दमूल फल देती है शेवरी द्वारा दिए गए फल को श्रीराम बड़े प्रेम से खा रहे। श्रीराम उसके भक्ति को दंखकर नौ प्रकार की भक्ति प्रदान दे कर प्रस्थान कर देते है। उसके बाद श्रीराम, लक्ष्मण किसकिन्धा पर्वत पर पहुचकर श्रीराम की मित्रता श्री हनुमान से होती है। श्री हनुमान सुग्रीव जी के बारे में तथा उनके साथ बालि द्वारा किये अत्यचार की जानकारी देते है तथा श्री राम, लक्ष्मण को अपने कन्धों पर विठाकर वानरराज सुग्रीव के पास लाकर श्रीराम से मिलवाते है। श्रीराम ने अग्नि को साक्षी माकर मित्रता कर लेते है। इस अवसर पर मंत्री ओमप्रकाश तिवारी, उपमंत्री पं0 लव कुमार त्रिवेदी, कोषाध्यक्ष रोहित अग्रवाल, प्रबन्धक वीरेश राम वर्मा, उपप्रबंधक मयंक तिवारी, विश्वम्भर गुप्ता, कृष्ण बिहारी त्रिवेदी पत्रकार, राम सिंह यादव आदि उपस्थित रहे।
डांडिया नाइट्स में सैकड़ों महिलाओं ने किया प्रतिभाग
गाजीपुर। जिले में पहली बार डांडिया नाइट्स का आयोजन हुआ । शनिवार को गाजीपुर में एक बृहद डांडिया कार्यक्रम डांडिया नाइट्स का आयोजन महिला विकास मंच द्वारा किया गया। इस कार्यक्रम में पूरे जिले से सैकड़ों महिलाओं ने प्रतिभाग किया। यह कार्यक्रम जिले में पहली बार होने से महिलाओं की जागरूकता अत्यधिक देखी गई। कार्यक्रम की शुरुआत पूर्व राज्य मंत्री संगीता बलवंत के द्वारा दीप प्रज्वलित कर दुर्गा मां की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर किया गया । कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के तौर पर महिला थाना प्रभारी रेनू यादव , उत्तर प्रदेश डिप्लोमा इंजीनियर संघ के जिला अध्यक्ष सुरेंद्र यादव प्रख्यात महिला समाज सेवी अंजुला सेठ जी रही । कार्यक्रम में आए हुए महिलाओं ने कार्यक्रम का लुफ्त उठाया और गानों पर झूमती हुए कार्यक्रम का आनंद लिया । अतिथि के तौर पर महिला विकास मंच के प्रदेश उपाध्यक्ष चंदन जयसवाल उपस्थित रहे । कार्यक्रम संयोजन समिति में मुख्य रूप से महिला विकास मंच जिला अध्यक्ष मधु यादव, संयोजक आलमगीर राईनी, उपाध्यक्ष कंचन रावत, काउंसलर नीलम सिंह, युवा अध्यक्ष हिमालय जयसवाल, युवा उपाध्यक्ष जयति जैन रही । कार्यक्रम में महिला विकास मंच के महामंत्री अमित सिंह, उपाध्यक्ष डॉ कृतिका जयसवाल, युवा उपसचिव रुचि सिंह, काउंसलर रिचा सिंह, उप सचिव संजीत कुमार जयसवाल, कार्यकारी अध्यक्ष पंकज कुमार दुबे, सचिव राजेश जयसवाल, एवं अन्य पदाधिकारी गण उपस्थित रहे ।
गाजीपुर। 2 अक्टूबर को शाह फैज़ विद्यालय के प्रांगण में गाँधी जयंती एवं लाल बहादुर शास्त्री जयंती मनाई गयी। कार्यक्रम के प्रारम्भ में विद्यालय के निदेशक डॉ नदीम अदहमी व सहायक मैनेजर डॉ मीना अदहमी ने लाल बहादुर शास्त्री व गाँधी के चित्र पर माल्यार्पण किया। विद्यालय के निदेशक डॉ नदीम अदहमी ने सभी को गाँधी जयंती व लाल बहादुर शास्त्री जयन्ती की बधाई दी। उन्होंने हमारे देश के प्रधानमंत्री द्वारा चलाये गए ‘प्लास्टिक मुक्त भारत अभियान के लिए’ सभी छात्र छात्राओं, शिक्षकों व कर्मचारियों से प्लास्टिक न इस्तेमाल करने की अपील की। उसके पश्चात् गांधी का प्रिय भजन ‘रघुपति राघव राजाराम’ एवं ‘वैष्णव जन ते’ कक्षा ११ की शुभ्रा पांडेय व कक्षा १० के पुष्कर जी उपाध्याय एवं आस्था पांडेय द्वारा प्रस्तुत किया गया। भजन के बाद पुष्कर जी उपाध्याय ने अपना भाषण प्रस्तुत किया, जिसमें गाँधी जी की अंग्रेज़ों के सामने निर्भीकता व उनके आदर्शों को प्रस्तुत किया गया। गाँधी जयन्ती पर प्री-प्राइमरी के एल के जी के छात्र आनंद उपाध्याय ने गाँधी जी का स्वरुप धारण करके कार्यक्रम की शोभा बढ़ायी। विद्यालय की सहायक मैनेजर डॉ मीना अदहमी ने अपने उद्बोधन में गाँधी जी के आदर्शों को बताया और बताया की हमें छात्र छात्राओं को हमेशा सत्य बोलने के लिए प्रेरित करना चाहिए। विद्यालय की उप प्रधानाचार्या डॉ प्रीति उपाध्याय ने अपने उद्बोधन में कहा की हमें भी गांधी जी व शास्त्री जी जैसा सादगी भरा जीवन अपनाना चाहिए। विद्यालय में हर वर्ष आज के दिन स्वच्छता अभियान चलाया जाता है जिसके तहत सभी शैक्षणिक व गैर शैक्षणिक कर्मचारियों ने पूरे विद्यालय की सफाई की। कार्यक्रम का संचालन विद्यालय की उप प्रधानाचार्या डॉ प्रीति उपाध्याय ने किया। इस कार्यक्रम में विद्यालय की प्रधानाचार्या तस्नीम कौसर, प्राइमरी की इंचार्ज चन्दना श्रीवास्तव, प्री प्राइमरी की सुपरवाइजर सुनंदा, इकरामुल हक़, राजेशसिंह, योगेश पांडेय, हनीफ़ अहमद, रत्नेश शुक्ला, सीताराम भारद्वाज व अन्य शिक्षक व कर्मचारी उपस्थित थे।
गाजीपुर। कलेक्टेट न्यायालय कक्ष में महात्मा गांधी की 153 वीं जयंन्तीे तथा लाल बहादुर शास्त्री 118 वी जयंन्ती धूम धाम से मनायी गयी। इस दौरान जिलाधिकारी आर्यका अखौरी ने महात्मा गांधी एंव लाल बहादुर शास्त्री के चित्र पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए जनपद वासियों को हार्दिक बधाई दी। कलेक्टेट न्यायालय कक्ष में महात्मा गांधी की 153 वीं जयंती के अवसर पर उपस्थित अधिकारियों ने अपने-अपने उद्बोधन व्यक्त करते हुए महात्मा गांधी के विचारों पर चलने की प्रेरणा ली। इस अवसर पर जिलाधिकारी ने न्यायालय कक्ष के फर्स पर ही बैठकर नेहरू युवा केन्द्र के वालेंटियर संग रामधुन-रधुपति राघव राजा राम प्रति तपावन सीता राम, का गान गाया। कार्यक्रम में जिलाधिकारी आर्यका अखौरी ने अपने सम्बोधन में कहा कि सत्याग्रह तथा सविनय अवज्ञा आंदोलन के माध्यम से उन्होंने समाज के सभी वर्गों में आजादी की लौ प्रचलित की। गांधी जी ने सत्य और अहिंसा का जो मार्ग दिखाया है वह देश में ही नहीं पूरे विश्व में प्रसिद्ध है और इससे हमारे देश भारत का गौरव आगे बढ़ रहा है। जिलाधिकारी ने कहा कि महात्मा गांधी एक ऐसे महापुरुष थे, जो अहिंसा और सामाजिक एकता पर विश्वास करते थे, उन्होंने भारत में ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने तथा सामाजिक विकास के लिए हमेशा संघर्ष किया। उन्होंने भारतीयों को स्वदेशी वस्तुओं के उपयोग करने के लिए भी प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि गांधी जी की जो भी परिकल्पना रही हैं उन पर चलकर विभिन्न आयाम स्थापित किए गए हैं, जो भी व्यक्ति देश में रह रहा है उसे भोजन अवश्य मिले। अंत्योदय कांसेप्ट के अंतर्गत ऐसी विभिन्न योजनाएं आई जिसमें हर व्यक्ति को लाभ मिला। गांधीजी की दूसरी परिकल्पना महिलाओं को आगे बढ़ाने की थी जो कि पूरी होती दिखाई दे रही है। हर क्षेत्र में महिलाएं बढ़ चढ़कर हिस्सा ले रहे हैं। पहले बेटी और बेटे में भेदभाव की भावना थी जिसमें कमी आई है। बेटियों को उनके समस्त अधिकार दिए जा रहे हैं। उन्होंने कहा सब के साथ से सब के प्रयास से ही सबका विकास होगा। हम सभी को सादा जीवन उच्च विचार की प्रेरणा रखनी चाहिए। महात्मा गांधी भारतीय संस्कृति पर चलने वाले व्यक्ति थे, और भेदभाव की परंपरा को नष्ट करने के लिए आजीवन संघर्ष करते रहे। उन्होने कहा कि राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के मूल्यों को हम सभी को समझना चाहिए, अच्छी तरह से उनका अध्ययन करना चाहिए तथा उनके मूल्यों को अपने वास्तविक जीवन में भी अपनाना चाहिए। जय जवान, जय किसान का जो नारा था वास्तविक में यह नारा नहीं है बल्कि उस समय की सेना के लिए यह बहुत बड़ी रणनीति थी। अगर हम महात्मा गांधी जी के सिद्धांतों को अपने जीवन में अमल करें तो न सिर्फ व्यक्ति का बल्कि पूरे समाज का विकास होगा। जिलाधिकारी ने कहा हम चाहे जिस भी पद पर हों उस पर ईमानदारी कर्तव्यनिष्ठाता के साथ कार्य करें और जनमानस के अंतिम व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ पहुंचाएं। जिलाधिकारी ने कहा शास्त्री जी स्वतंत्रता आंदोलन में गांधीवादी विचारधारा के अनुसरण करते हुए देश की सेवा की और आजादी के बाद भी अपनी निष्ठा और सच्चाई में कभी कमी नहीं आने दी। उन्होंने कहा कि शास्त्री जी भारतीय राजनीति में बेहद सादगी पसंद और इमानदार व्यक्तित्व के स्वामी थे। कहा कि दोनों नेताओं के प्रति हमारी सच्ची श्रद्धांजलि होगी कि हम उनके बताए रास्ते का अनुसरण करें। इस अवसर पर अपर जिलाधिकारी वि0रा अरूण कुमार सिंह, जिलाधिकारी भू0रा0 सुशील लाल श्रीवास्तव, उपजिलाधिकारी वीर बहादुर यादव, डिप्टी कलेक्ट्रर, जिला सूचना विज्ञान अधिकारी अखिलेश जायसवाल, जिला सूचना अधिकारी राकेश कुमार, सहित कलेक्ट्रेट के समस्त अधिकारी/कर्मचारीगण उपस्थित रहे।
गाजीपुर। महात्मा गाँधी व लाल बहादुर शास्त्री के जयंती के अवसर पर नगर पालिका परिषद कार्यालय परिसर में झंडारोहण कर गोष्ठी का आयोजन किया गया। इस मौके पर नगर पालिका परिषद अध्यक्ष सरिता अग्रवाल, नगर पालिका परिषद पूर्व अध्यक्ष विनोद अग्रवाल व अधिशासी अधिकारी लालचंद सरोज ने महात्मा गाँधी और लाल बहादुर शास्त्री के चित्र पर माल्यार्पण करते हुए श्रद्धासुमन अर्पित किया। पालिकाध्यक्ष सरिता अग्रवाल ने दोनों महापुरुषों के जीवन संघर्ष, उनकी देश सेवा, उनके जीवन मूल्यों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि जिस प्रकार महात्मा गांधी ने स्वच्छता पर विशेष ध्यान दिया उसी प्रकार हमारे प्रधानमन्त्री ने आम जनमानस के छोटे-छोटे बिंदुओं पर विशेष ध्यान दे रहे हैं। विनोद अगवाल एवं लालचन्द सरोज ने अपना-अपना संबोधन दिया। इस मौके पर सभासद/प्रतिनिधि दिग्विजय पासवान, अमरनाथ दुबे, समरेंद्र सिंह, अर्जुन सेठ, कमलेश बिंद, सोमेश मोहन राय, रूपक तिवारी, परवेज अहम, हरिलाल गुप्ता, सुशील वर्मा, शेषनाथ यादव के अलावा जेई जल रफीउल्लाह खां, सफाई एवं खाद्य निरीक्षक मो० एहसान आलम एवं समन्वयक संत कुमार आदि सहित कर्मचारीगण उपस्थित थे। गोष्ठी कार्यक्रम के उपरान्त नगर पालिका परिषद, गाजीपुर सीमांतर्गत में जगह-जगह महापुरुषों की मूर्तियों पर माल्यार्पण करते हुए। आमघाट पार्क में महात्मा गांधी की मूर्ति पर माल्यार्पण किया गया। साथ ही स्वच्छ अमृत महोत्सव के तहत पार्क में स्वच्छता के लिए झाड़ू लगाया गया।
गाजीपुर। अति प्राचीन श्रीरामलीला कमेटी हरिशंकरी के तत्वाधान में लीला के ग्यारवे दिन 1 अक्टूबर शनिवार शाम 7 बजे वन्दे वायी विनायको रामलीला मण्डल के द्वारा रामलीला मैदान में शूर्पणखा नाकक्टइया, खरदूषण बध, सीता हरण से सम्बन्धित लीला का मंचन किया गया। लीला के दौरान श्रीराम बनवास के दौरान जंगलों को पार करते हुए पंचवटी पहुचते है। वहॉ सुन्दर स्थान देखकर पर्नकुटी का निर्माण करके निवास करते है। अचानक लकां नेरश रावण की बहन घूमती हुई पंचवटी पहुचती है। वहॉ दो वीर पुरूषों को देखकर मोहित हो जाती है तथा श्रीराम को देखकर अपनी शादी की बातर करते हुए कहती है कि। ‘‘तुम्हसम पुरूष न मोसम नारी यह संयोग विधि रचेहू बिचार‘‘ हे राम मै तुमसे विवाह करना चाहती हूॅ। श्रीराम ने उसके वार्ता सुनकर कहते है कि मेरा विवाह तो हो चुका है तुम चाहो तो मेरा छोटा भाई है उससे बात करों। वह लक्ष्मण के पास गई लक्ष्मण ने उसके बातों को सुनकर उसको श्रीराम के पास भेजदिया अन्त में वह दोनो भाईयो से निराश होकर असली रूप में आकर सीता पर झपटी। लक्ष्मण ने राम के ईशारे पर शूर्पणखा के नाक अपने तलवार से काट देते है। वह खून से लथपथ होकर खरदूषण के पास गई। उसने खरदूषण से आपबीती सही बातों को कहती है कि दोनों भाइयों ने मेरे नाक को काट दिया। खरदूषण अपनी बहन की दृश्य देखकर क्रोधित होकर चतुरंगिणी सेनाओं के साथ रथ पर सवार होकर श्रीराम, लक्ष्मण से युद्ध करने युद्ध भूमि में चल देते है। युद्ध शुरू हो जाता है। अन्त में श्रीराम के द्वारा खरदूषण का बध कर दिया जाता है। शर्पणखा अपने दोनों भाई खरदूषण को मारा गया देखकर वह विलाप करती अपने भाई लकां नरेश रावण के दरवार में पहुचती है। रावण अपने बहन को खून से लथपथ देखकर घबराकर पूछता है। कि यह दशा किसने किया। शूर्पणखा कहती है कि मै भ्रमण के दौरान पंचवटी गई ाी वहॉ दो वीर पुरूष अयोध्या के राजा दशरथ पुत्र राम, लक्ष्मण अपनी सुन्दर स्त्री के साथ रहते है। राम के छोटे भाई ने मेरी यह दशा की है। रावण इतना सुनते ही गुस्से में अपने दरवार से उठकर अपने कक्ष में गया अपने महारानी मंदोदरी से शूर्पणखा की दशा के बारे में बताते हुए मैपार होकर पुष्पक विमान से अपने मामा मारीच सोने के मृग बनकर घूमता है। सीता ने देखा कि सोने का मृग घूम रहा है श्रीराम से शिकार करने को वाध्य करती है श्रीराम ने एक वाण चलाया कि वह हे लक्ष्मण की अवाज में चिलाने लगा। सीता ने अवाज सूना तो वह कहती है लक्ष्मण तुम्हारे भाई संकट में है जाओ उनका मदद करो। सीताजी के बार-बार कहने से लक्ष्मणजी अपने बाणों से कुटिया के चारो तरफ लक्ष्मण रेखा खीचकर कहते है कि आप इस रेखा के बाहर नही निकलने का अनुरोध किया। इतना कहने के बाद लक्ष्मणजी भाई की मदद के लिए धनुष वाण लेकर निकल जाते है। कुटिया को सुना पाकर रावण साधू के भेष में आकर भिक्षा का गुहार लगाता सीताजी कुटिया से थाली में कन्दमूल लेकर आती है। और साधू रूपी रावण से कहती है महाराज भिक्षा ग्रहण करे। परन्तु रावण कहता है कि रेखा के बाहर आकर भिक्षा दो तभी भिक्षा ग्रहण करूंगा। अंत में सीता जयोंही रेखा के बाहर आती है। तो मौका पाकर रावण ने सीता को रथ पर बिठाकर लंका के लिए प्रस्थान करता है। इस अवसर पर मंत्री ओमप्रकाश तिवारी, उपमंत्री पं0 लव कुमार त्रिवेदी, कोषाध्यक्ष रोहित कुमार अग्रवाल, प्रबन्धक वीरेश राम वर्मा, उपप्रबंधक मयंक तिवारी, कृष्ण बिहारी त्रिवेदी पत्रकार, डॉ0 प्रेम तिवारी, राम सिंह यादव आदि उपस्थित रहे।
वाराणसी में इंजीनियरिंग कार्य को लेकर कुछ निरस्त, तो कुछ ट्रेनों के रहेंगे मार्ग परिवर्तित
गाजीपुर। उत्तर रेलवे वाराणसी स्टेशन के प्लेटफार्म सं. 3 व 4 पर इंजीनियरिंग का कार्य के लिए ब्लाॅक लिया जाना है। इसके कारण निम्नलिखित ट्रेनों का निरस्तीकरण व यह परिवर्तन किया जायेगा। ट्रेनों के निरस्तीकरण के क्रम में बहराईच से 5 अक्टूबर से 15 नवम्बर तक चलने वाली 14214 बहराईच-वाराणसी एक्सप्रेस निरस्त रहेगी। वहीं बहराईच से 4 अक्टूबर से 14 नवम्बर तक चलने वाली 14213 वाराणसी-बहराईच एक्सप्रेस निरस्त रहेगी। मार्ग परिवर्तन के क्रम छपरा से 3, 5, 10, 12, 17, 19, 24, 26, 31 अक्टूबर, 2, 7 व 9 नवम्बर को प्रस्थान करने वाली 12670 छपरा-चेन्नई सेन्ट्रल एक्सप्रेस परिवर्तित मार्ग वाराणसी-बनारस-माधोसिंह-प्रयागराज के रास्ते चलायी जायेगी। वहीं चन्नई सेन्ट्रल से 1, 3, 8, 10, 15, 17, 22, 24, 29, 31 अक्टूबर, 5, 7 व 12 नवम्बर को प्रस्थान करने वाली 12669 चेन्नई सेन्ट्रल-छपरा एक्सप्रेस परिवर्तित मार्ग प्रयागराज- माधोसिंह-बनारस- वाराणसी के रास्ते चलाई जायेगी। लोकमान्य तिलक टर्मिनस से 3, 6, 7, 10, 13, 14, 17, 20, 21, 24, 27, 28, 31 अक्टूबर, 3, 4, 7, 10 एवं 11 नवम्बर को प्रस्थान करने वाली 12165 लोकमान्य तिलक टर्मिनस-गोरखपुर एक्सप्रेस परिवर्तित मार्ग प्रयागराज-माधोसिंह-बनारस-वाराणसी के रास्ते चलाई जायेगी। गोरखपुर से 1, 4, 7, 8, 11, 14, 15, 18, 21, 22, 25, 28, 29 अक्टूबर, 1, 4, 5, 8, 11, एवं 12 नवम्बर को प्रस्थान करने वाली 12166 गोरखपुर-लोकमान्य तिलक टर्मिनस एक्सप्रेस परिवर्तित मार्ग वाराणसी-बनारस-माधोसिंह-प्रयागराज के रास्ते चलाई जायेगी। अहमदाबाद से 1, 2, 4, 5, 7, 8, 9, 11, 12, 13, 14, 15, 16, 18, 19, 20, 21, 22, 23, 25, 26, 27, 28, 29, 30 अक्टूबर, 1, 2, 3, 4, 5, 6, 8, 9, 10, 11, 12 व 13 नवम्बर को प्रस्थान करने वाली 19489 अहमदाबाद-गोरखपुर एक्सप्रेस परिवर्तित मार्ग वाराणसी-जफराबाद -जौनपुर-औंड़िहार के रास्ते चलाई जायेगी। गोरखपुर से 1, 2, 3, 5, 6, 7, 8, 9, 10, 12, 13, 14, 15, 16, 17, 19, 20, 21, 22, 23, 24, 26, 27, 28, 29, 30, 31 अक्टूबर, 2, 3, 4, 5, 6, 7, 9, 10, 11, 12, एवं 13, नवम्बर, 2022 को प्रस्थान करने वाली 19490 गोरखपुर-अहमदाबाद एक्सप्रेस परिवर्तित मार्ग औंड़िहार-जौनपुर -जफराबाद-वाराणसी के रास्ते चलाई जायेगी। बान्द्रा टर्मिनस से 3, 10, 17, 24, 31 अक्टूबर एवं 7 नवम्बर को प्रस्थान करने वाली 19091 बान्द्रा टर्मिनस-गोरखपुर एक्सप्रेस परिवर्तित मार्ग वाराणसी-जफराबाद-जौनपुर- औंड़िहार के रास्ते चलाई जायेगी। गोरखपुर से 4, 11, 18, 25 अक्टूबर, 1 एवं 8 नवम्बर को प्रस्थान करने वाली 19092 गोरखपुर-बान्द्रा टर्मिनस एक्सप्रेस परिवर्तित मार्ग औंड़िहार-जौनपुर-जफराबाद- वाराणसी के रास्ते चलाई जायेगी। कोलकाता से 6, 13, 20, 27 अक्टूबर, 3 एवं 10 नवम्बर को प्रस्थान करने वाली 22323 कोलकाता-गाजीपुर सिटी शब्दभेदी एक्सप्रेस परिवर्तित मार्ग वाराणसी-जफराबाद-जौनपुर- औंड़िहार के रास्ते चलाई जायेगी। गाजीपुर सिटी से 7, 14, 21, 28 अक्टूबर, 4 एवं 11 नवम्बर को प्रस्थान करने वाली 22324 गाजीपुर सिटी-कोलकाता शब्दभेदी एक्सप्रेस परिवर्तित मार्ग औंड़िहार-जौनपुर-जफराबाद-वाराणसी के रास्ते चलाई जायेगी। शालीमार से 4, 11, 18, 25 अक्टूबर, 1 एवं 8 नवम्बर को प्रस्थान करने वाली 15021 शालीमार-गोरखपुर एक्सप्रेस परिवर्तित मार्ग वाराणसी-जफराबाद-जौनपुर -औंड़िहार के रास्ते चलाई जायेगी। गोरखपुर से 3, 10, 17, 24, 31 अक्टूबर, 7 एवं 14 नवम्बर को प्रस्थान करने वाली 15022 गोरखपुर-शालीमार एक्सप्रेस परिवर्तित मार्ग औंड़िहार-जौनपुर-जफराबाद-वाराणसी के रास्ते चलाई जायेगी। लोकमान्य तिलक टर्मिनस से 5, 12, 19, 26 अक्टूबर, 2 एवं 9 नवम्बर को प्रस्थान करने वाली 11081 लोकमान्य तिलक टर्मिनस-गोरखपुर एक्सप्रेस परिवर्तित मार्ग वाराणसी-जफराबाद-जौनपुर- औंड़िहार के रास्ते चलाई जायेगी। गोरखपुर से 7, 14, 21, 28 अक्टूबर, 4 एवं 11 नवम्बर को प्रस्थान करने वाली 11082 गोरखपुर-लोकमान्य तिलक टर्मिनस एक्सप्रेस परिवर्तित मार्ग औंड़िहार-जौनपुर-जफराबाद- वाराणसी के रास्ते चलाई जायेगी। दुर्ग से 5, 7, 12, 14, 19, 21, 26, 28 अक्टूबर, 2, 4, 9 एवं 11 नवम्बर को प्रस्थान करने वाली 18201 दुर्ग-नौतनवा एक्सप्रेस परिवर्तित मार्ग वाराणसी-जफराबाद- जौनपुर-औंड़िहार के रास्ते चलाई जायेगी। नौतनवा से 2, 7, 9, 14, 16, 21, 23, 28, 30 अक्टूबर, 4, 6, 11 एवं 13 नवम्बर को प्रस्थान करने वाली 18202 नौतनवा-दुर्ग एक्सप्रेस परिवर्तित मार्ग औंड़िहार-जौनपुर-जफराबाद- वाराणसी के रास्ते चलाई जायेगी। डा. अम्बेडकर नगर से 6, 13, 20, 27 अक्टूबर, 3 एवं 10 नवम्बर को प्रस्थान करने वाली 19305 डा. अम्बेडकर नगर-कामाख्या एक्सप्रेस परिवर्तित मार्ग सुल्तानपुर- जफराबाद-जौनपुर -औंड़िहार के रास्ते चलाई जायेगी। कामाख्या से 2, 9, 16, 23, 30 अक्टूबर 6 एवं 13 नवम्बर को प्रस्थान करने वाली 19306 कामाख्या-डा. अम्बेडकर नगर एक्सप्रेस परिवर्तित मार्ग औंड़िहार-जौनपुर-जफराबाद-सुल्तानपुर के रास्ते चलाई जायेगी। रक्सौल से 5, 7, 12, 14, 19, 21, 26, 28 अक्टूबर, 2, 4, 9 एवं 11 नवम्बर को प्रस्थान करने वाली 14007 रक्सौल-आनन्द विहार टर्मिनस एक्सप्रेस परिवर्तित मार्ग औंड़िहार-जौनपुर-जफराबाद -सुल्तानपुर के रास्ते चलाई जायेगी। आनन्द विहार टर्मिनस से 4, 6, 11, 13, 18, 20, 25, 27 अक्टूबर, 1, 3, 8 एवं 10 नवम्बर को प्रस्थान करने वाली 14008 आनन्द विहार टर्मिनस-रक्सौल एक्सप्रेस परिवर्तित मार्ग सुल्तानपुर-जफराबाद-जौनपुर-औंड़िहार के रास्ते चलाई जायेगी। रक्सौल से 2, 4, 9, 11, 16, 18, 23, 25, 30 अक्टूबर, 1, 6, 8 एवं 13 नवम्बर को प्रस्थान करने वाली 14015 रक्सौल-आनन्द विहार टर्मिनस एक्सप्रेस परिवर्तित मार्ग औंड़िहार-जौनपुर-जफराबाद-सुल्तानपुर के रास्ते चलाई जायेगी। आनन्द विहार टर्मिनस से 2, 7, 9, 14, 16, 21, 23, 28, 30 अक्टूबर, 4, 6, 11 एवं 13 नवम्बर को प्रस्थान करने वाली 14016 आनन्द विहार टर्मिनस-रक्सौल एक्सप्रेस परिवर्तित मार्ग सुल्तानपुर-जफराबाद -जौनपुर-औंड़िहार के रास्ते चलाई जायेगी। रक्सौल से 6, 13, 20, 27 अक्टूबर तथा 3 व 10 नवम्बर को प्रस्थान करने वाली 14017 रक्सौल-आनन्द विहार टर्मिनस एक्सप्रेस परिवर्तित मार्ग औंड़िहार-जौनपुर-शाहगंज के रास्ते चलाई जायेगी। आनन्द विहार टर्मिनस से 05, 12, 19, 26 अक्टूबर, 2 एवं 9 नवम्बर को प्रस्थान करने वाली 14018 आनन्द विहार टर्मिनस-रक्सौल एक्सप्रेस परिवर्तित मार्ग शाहगंज-जौनपुर-औंड़िहार के रास्ते चलाई जायेगी। यह जानकारी मुख्य जनसम्पर्क अधिकारी ने दी है।
ग़ाज़ीपुर (जखनिया)। सेवा पखवाड़े के अंतर्गत आज भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्ताओं ने हर बूथ पर पौधारोपण का कार्यक्रम किया, इसी क्रम में मंडल जखनिया प्रथम में मंडल अध्यक्ष उमाशंकर यादव के नेतृत्व में फलदार वृक्ष लगाए गए। इस अवसर पर व्यापार प्रकोष्ठ जिला अध्यक्ष प्रमोद वर्मा ने कहा वृक्ष हमारे जीवन के अभिन्न अंग है। वृक्ष हरा भरा रहेगा तभी वातावरण शुद्ध रहेगा, लोगों को रोगों से मुक्ति मिलेगी और स्वच्छ अक्सीजन मिलता रहेगा। यशस्वी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जिस प्रकार से पूरे समाज में एक नया परिवर्तन लाया है, लोगों को स्वच्छता और वातावरण शुद्ध रखने के प्रति जो उन्होंने पहल किया आज सार्थक नजर होता नजर आ रहा है। लोग उनसे अनुकरण करके हर जगह धरा को हरा भरा बनाने में लगे हुए हैं, समाज में वातावरण को शुद्ध करने की मुहिम छिड़ी हुई है और इसका पूरा श्रेय नरेंद्र मोदी को जाता है। मंडल अध्यक्ष उमाशंकर यादव ने कहा प्रधानमंत्री के जन्मदिवस से शुरू होकर 2 अक्टूबर तक चलने वाले पार्टी के विभिन्न कार्यक्रमों में लोगों की काफी बढ़ चढ़कर सहभागिता है और आज जखनिया के हर बूथ पर वृक्ष लगाए गए। इस मौके पर युवा मोर्चा के प्रशांत सिंह, वनरक्षक अनिल मौर्य, आशीष, सुभाष, पिंटू, सोनू, दुर्ग विजय, विनोद चौहान, सुरेंद्र कुमार सहित प्रमुख लोग उपस्थित रहे।