नगर क्षेत्र में हो रहे विकास कार्यों को देखकर भड़के पूर्व नपा अध्यक्ष

पूर्व न0पा0 अध्यक्ष विनोद अग्रवाल विकास कार्यों का जायजा लेने अचानक पहुँचे राय कालोनी


गाजीपुर। मंगलवार को नगर पालिका परिषद के पूर्व अध्यक्ष विनोद अग्रवाल शहर में कई स्थानों पर चल रहे विकास कार्यों का जायजा लेने पहुंचे। उन्होंने वार्ड नं0 7 के राय कालोनी में शकुन्तला राय के मकान से परदेशी राम के मकान तक नाली उच्चीकरण कर पटिया तथा सी0सी0 सड़क निर्माण कार्य को देखने पहुँचे। इस दौरान वहाँ पर हो रहे कार्यों की गुणवत्ता देखकर भड़क गए। जिसकी जानकारी अधिशासी अधिकारी एवं अवर अभियन्ता को दूरभाष पर दी एवं तुरन्त काम रोकने व ईंट की गिट्टी हटवाकर मानक के अनुसार सुकरूत की गिट्टी डालने हेतु कहा। श्री अग्रवाल ने ऐसे घटिया कार्य करने वाले सभी कार्यदायी एजेन्सी को कड़े शब्दों में निन्दा करते हुए कहा कि जिन लोगों द्वारा नगर पालिका सीमा में विकास कार्यों की गुणवत्ता का ध्यान न रखते हुए मानक के विपरीत काम करने का प्रयास किया जा रहा है वह इस मुगालते में न रहे कि खराब काम करने वालो का भुगतान हो जायेगा।

क्योंकि जिलाधिकारी आर्यका अखौरी की भी इच्छा शासन के मंशानुरूप गुणवत्तायुक्त विकास कार्य पर है और निश्चित रूप से ऐसे घटिया कार्य करने वाले ठीकेदारो के खिलाफ कानूनी कार्यवाही करेंगी। श्री अग्रवाल ने बताया कि नगर पालिका परिषद की कमेटी में सम्मिलित अपर जिलाधिकारी (वि0रा0) को भी दूरभाष पर वार्ता कर जानकारी दे दी गयी है। जायजा लेने पहुँचे श्री अग्रवाल के साथ क्षेत्रीय निवर्तमान सभासद प्रतिनिधि अजय राय दारा, निवर्तमान सभासद संजय कटियार के अतिरिक्त क्षेत्र की जनता भी मौजूद थी। इसके बाद उच्च प्रा0 विद्यालय विशेश्वरगंज में हो रहे टाइलीकरण आदि का जायजा लेने पहुँचे। श्री अग्रवाल ने वहाँ के कार्यों को देखा एवं वहाँ पर रास्ते हेतु मैदान में सुकरूत की गिट्टी के स्थान पर सामान्य ईंटों की गिट्टी को बिछाये जाने पर नाराजगी व्यक्त की। साथ में क्षेत्रीय निवर्तमान सभासद जयप्रकाश गुप्ता भी मौजूद थे।

गाजीपुर आएंगे शिवपाल यादव

गाज़ीपुर।समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव शिवपाल यादव का 15 फरवरी को जनपद में आगमन हो रहा है । वह करीब 1 बजकर 30 मिनट पर लंका मैदान में इलाहाबाद विश्वविद्यालय छात्रसंघ के पूर्व अध्यक्ष एसपी पाण्डेय की बेटी की विवाह में सम्मिलित होंगे। उसी वक्त वह लंका मैदान में पत्रकार वार्ता भी करेंगे। यह जानकारी जिला मीडिया प्रभारी,अरुण कुमार श्रीवास्तव ने दी है।

जनपद के विभिन्न स्वास्थ्य केंद्रों पर लगेगा एक दिवसीय ओपीडी

मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम के तहत जनपद के विभिन्न स्वास्थ्य केंद्रों पर लगेगा एक दिवसीय ओपीडी

ग़ाज़ीपुर।मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम के तहत जनपद के स्वास्थ्य केंद्रों पर एक दिवसीय ओपीडी किए जाने का शासनादेश आया है। जिसको लेकर विभाग की तरफ से माइक्रो प्लान बना लिया गया है। इस क्रम में सोमवार को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र मोहम्मदाबाद पर ओपीडी कार्यक्रम को लेकर सीएचओ, एएनएम, एचवी, आशा एवं आशा संगिनी के साथ ओपीडी सफल बनाने हेतु क्षेत्र में प्रचार प्रसार करने को लेकर प्रशिक्षण दिया गया । आयोजित ओपीडी मानसिक स्वास्थ्य के डॉ नवीन कुमार सिंह एवं उनकी टीम के द्वारा किया जाएगा।

चिकित्सा अधीक्षक डॉ आशीष राय ने बताया कि शासन के मंशा के अनुसार मानसिक स्वास्थ्य देखरेख के अंतर्गत ओपीडी एवं मानसिक स्वास्थ्य सेवाओं के लिए बैठक में आए हुए स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षण दिया गया। उन्होंने बताया कि ओपीडी में आने वाले मंदबुद्धि बालकों को अधिक से अधिक मानसिक सेवाओं का लाभ दिया जाय इसी को सफल बनाने के लिए स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं के माध्यम से व्यापक प्रचार प्रसार करने हेतु बैठक किया गया। जिसमें मानसिक स्वास्थ्य से पीड़ित लोगों को अधिक से अधिक ओपीडी तक पहुंचाने को लेकर उन्हें प्रशिक्षित किया गया।

उन्होंने बताया कि ओपीडी में सर दर्द ,माइग्रेन काम में मन न लगना, मन उदास, अकेलापन, आत्महत्या का विचार आना ,अकेले में बुदबुदाना , बेवजह अकेले में बात करना, नींद का ना आना या बार-बार नींद खुल जाना, बुढ़ापे में यादाश्त की कमी, मंदबुद्धि बच्चों में चिड़चिड़ापन, पढ़ाई में मन ना लगना, बार-बार हाथ पैर धोना, हिस्टीरिया, शराब गाजा तंबाकू के साथ ही सेक्स में रुचि ना होना, शीघ्रपतन ,दांत की समस्या सहित कई तरह के रोगों से ग्रसित लोगों का इस ओपीडी में उपचार व परामर्श दिया जाएगा।

उन्होंने बताया कि मरदह 8 फरवरी, मोहम्मदाबाद 15 फरवरी, रेवतीपुर 22 मार्च ,भदौरा 1 मार्च, जमानिया 15 मार्च ,करंडा 22 मार्च ,मनिहारी 5 अप्रैल ,बिरनो 12 अप्रैल और कासिमाबाद में 26 अप्रैल को मानसिक स्वास्थ्य ओपीडी कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा।

कार्यक्रम में संजीव कुमार ब्लाक कार्यक्रम प्रबंधक, फार्मासिस्ट इमरान, बीसीपीएम मनीष कुमार के साथ सीएचओ ,एएनएम,आशा व आशा संगिनी व अन्य लोग मौजूद रहे।

फोन रिसीव न करने पर डीएम नाराज,रोका वेतन

फोन रिसीव न करने पर डीएम नाराज,रोका वेतन

गाजीपुर।जिलाधिकारी आर्यका अखौरी की अध्यक्षता में उ0प्र0 शासन द्वारा निर्धारित शासन के महत्वपूर्ण (37 बिन्दु), मुख्यमंत्री की सर्वोच्च प्राथमिकता विकास कार्यों की समीक्षा बैठक सोमवार को रायफल क्लब सभागार में सम्पन्न हुआ । बैठक में जिलाधिकारी ने नहरो की सील्ट सफाई मे लापरवाही करने तथा फोन रीसिव न करने की शिकायत पर नाराजगी व्यक्त करते हुए देवकली पम्प नहर के ए0ई0 प्रथम एवं द्वितीय का वेतन रोकते हुए स्पष्टिकरण का निर्देश दिया।
बैठक में उन्होने समस्त संबंधित विभागों से जुड़ी योजनाओं की माह प्रगति के बारे में समीक्षा की। समीक्षा के दौरान उन्होने संबंधित अधिकारी को निर्धारित समय सीमा में विभागीय विकास परक योजनाओं एवं निर्माणाधीन परियोजनाओं को पूरा करने के सख्त निर्देश दिए है। उन्होंने कहा कि जन कल्याणकारी योजनाओं को प्राथमिकता के आधार पर लागू कर पात्र आम जन मानस को त्वरित गति से लाभ पहुचाया जाये। किसी भी स्तर पर लापरवाही न बरती जाए। कोई भी पात्र व्यक्ति शासन की योजनाओं से वंचित न रहने पाए।बैठक मे जिलाधिकारी ने नहरो की सील्ट सफाई न होने तथा फोन रीसिव न करने की शिकायत पर नाराजगी व्यक्त करते हुए देवकली पम्प नहर के सहायक अभियंता प्रथम एवं द्वितीय का वेतन रोकते हुए स्पष्टिकरण का निर्देश दिया । उन्होने विद्युत विभाग के अधिकारियों को सख्त निर्देश देते हुए कहा उपभोक्ताओ के ओवर चार्जिग बिल की शिकायत पर सम्बन्धित के खिलाफ एफआईआर दर्ज किया जाएगा। समस्त खण्ड विकास अधिकारी को अपने-अपने विकास खण्ड पर विद्युत आपूर्ति का रजिस्ट बनाकर कितने घण्टे विद्युत सप्लाई मिल रही है कि जानकारी देगे। उन्होने समस्त अधिकारियेां को निर्देश दिया कि वित्तीय वर्ष की समाप्ति होने तक प्राप्त बजट के सापेक्ष लक्ष्यो को पूरा करे । उन्होने जनपद के प्रत्येक पात्र परिवार के व्यक्तियों का गोल्डेन कार्ड बनाते हुए इसमे तेजी लाने तथा जनपद के झोला छाप चिकित्सालयो पर टीम बनाकर जॉच कर कार्यवाही की बात कही। निवेश मित्र एवं झटपट पोर्टल पर प्राप्त आवेदनो का त्वरित गति से निस्तारण का निर्देश दिया। उन्होने मुख्य पशु चिकित्साधिकारी को पशुओ का टीकाकरण एंव सहभागिता योजना में पात्र लोगो को जागरूक करने का निर्देश दिया।
जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित करते हुए कहा कि अपनी-अपनी विभागीय योजनाओं के सम्बन्ध में स्टाफ के साथ समीक्षा कर समयान्तर्गत कार्य कराना सुनिश्चित करें। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को योजनाओं में प्रगति लाने के निर्देश दिये। बैठक मे मुख्य विकास अधिकारी श्री प्रकाश गुप्ता, मुख्य चिकित्साधिकारी, जिला विकास अधिकारी,सहित समस्त जनपदस्तरीय अधिकारी उपस्थित थे।

डीएम ने किया निरीक्षण,दिया निर्देश

गाजीपुर।जिलाधिकारी आर्यका अखौरी की अध्यक्षता माध्यमिक शिक्षा परिषद द्वारा आयोजित होने वाली हाई स्कूल एंव इण्टरमीडिएट परीक्षा को नकल विहीन एवं सुचितापूर्ण सम्पन्न कराने के सम्बन्ध मे सोमवार को बैठक राजकीय बालिका इण्टर कालेज महुआबाग के सभागार मे सम्पन्न हुई। बैठक मे डीएम आर्यका अखौरी ने सम्बन्धित अधिकारियों को निर्देश दिया कि माध्यमिक शिक्षा परिषद द्वारा प्रेषित प्रश्नपत्रों को प्राप्त करने, उन्हे पुलिस अभिरक्षा मे सुरक्षित स्थान पर सीसीटीवी के निगरानी मे रखना,प्रश्नपत्रो को परीक्षा केन्द्रो पर डबल लाक वाले स्टील/लोहे की आलमारी मे रखा जाएगा। प्रश्नपत्रों को परीक्षा केन्द्र पर पहुचने पर डबल लाक की आलमारी मे जिला मजिस्ट्रेट द्वारा नामित स्टैटिक मजिस्ट्रेट,केन्द्र व्यवस्थापक एवं वाह्य केन्द्र व्यवस्थापक की उपस्थिति मे परीक्षा केन्द्रो पर रखवाया जाए, डबल लाक वाली आलमारी मे पेपर सील से बंद किया जाए।
जिलाधिकारी ने नामित किए गए समस्त सुपर जोनल/जोनल/सेक्टर मजिस्ट्रेट/फ्लाईग स्क्वायर्ड टीम/समस्त केन्द्र व्यावस्थापक को 16 फरवरी से दो पॉलियों में होने वाली हाईस्कूल एवं इण्टरमीडिएट की परीक्षा को सकुशल एवं नकल विहीन सम्पन्न कराने का निर्देश दिया। उन्होने बताया कि जनपद मे 253 परीक्षा केन्द्र बनाई गई है, जिसमे 10 जोन, 11 सचल दल एवं 35 सेक्टरो मे विभक्त किया गया है तथा सभी परीक्षा केन्द्रो पर 01-01 स्टेटिक मजिस्ट्रेट तैनात किये गये है जो अपनी पूरी निष्ठा एवं तन्मयता के साथ आपसी सामंजस्य स्थापित करते हुए परीक्षा को सम्पन्न कराने मे अपनी भूमिका निभाएंगे। उन्होने कहा कि मजिस्ट्रेट परीक्षा केन्द्र का उत्तरदायी होता है कही से चूॅक होने पर सारी जिम्मेदारी उसी की होती है। इस पर विशेष ध्यान देने की जरूरत है । परीक्षा केन्द्र पर परीक्षा के प्रारम्भ से लेकर समाप्ति तक दोनो पॉलियों में पूरा प्रबन्ध सुनिश्चित कर लिया जाए। परीक्षा केन्द्रो पर नकल कितने तरीको की होती है,इस पर पैनी नजर रखी जाये, विद्यालय परिसर में एक से अधिक रास्ते होने पर उन्हे तत्काल सील करने का निर्देश दिया। परीक्षा केन्द्र के 100 मीटर की परिधि में कोई भी अनाधिकृत व्यक्ति, किसी भी दशा में उपस्थित न रहें। परीक्षा केन्द्रो पर लाईट,जनरेटर, सीसीटीवी,डीजल,इण्टरनेट कार्ड, की उपलब्धता पूर्व में निरीक्षण कर सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। समस्त उपजिलाधिकारी एवं सेक्टर मजिस्ट्रेट परीक्षा की समाप्ति के बाद एक घंटे बाद तक परीक्षा केन्द्रो पर उत्तर पुस्तिकाओं के सील बंन्द/मोहर होने से लेकर निर्धारित स्थान पर जमा कराने तक पूरी चौकसी बरतेगे। फ्लाईंग स्क्वायर्ड टीम परीक्षा के प्रारम्भ से समाप्ति तक के समय तक चक्रमरण करती रहेगी। उन्होने किसी भी अप्रिय घटना की आशंका होने पर तत्काल पुलिस बल तथा बनाये गये कन्ट्रोल रूम को सूचित करने का निर्देश दिया। बैठक में जिला विद्यालय निरीक्षक अशोक नाथ तिवारी,जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी हेमंन्त राव,जोनल/सेक्टर मजिस्ट्रेट केन्द्र व्यावस्थापक के अतिरिक्त जनपद स्तरीय अधिकारी उपस्थित थे। बैठक के पश्चात उन्होने राजकीय सिटी इण्टर कालेज का निरीक्षण किया निरीक्षण के दौरान उन्होने हाई स्कूल एवं इण्टर की परीक्षाओ में प्रयोग होने वाली सामग्री ,प्रश्नपुस्तिका, मॉनिटरिंग सेल, स्ट्रांगरूम मे लगाए गए सीसीटीवी कैमरा को चेक कर आवश्यक निर्देश दिए।

दस हजार से ज्यादा लोगों को मिलेगा रोजगार:डीएम

गाजीपुर। उत्तर प्रदेश ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट-2023 का समापन रविवार को लखनऊ में राष्ट्रपति द्रोपती मुर्मु द्वारा किया गया। इस अवसर पर राष्ट्रपति के साथ राज्यपाल आनन्दी बेन पटेल, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, उप मुख्यमंत्री केवश प्रसाद मौर्य एंव ब्रजेश पाठक सहित विभिन्न देशो के उद्योगपति आदि उपस्थित थे। जनपद स्तर पर इस कार्यक्रम का लाइव प्रसारण रायफल क्लब सभागार मे जिलाधिकारी आर्यका अखौरी की अध्यक्षता में उद्यमियों एवं निवेशको के बीच किया गया। इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी श्री प्रकाश गुप्ता, अपर जिलाधिकारी वि0रा0 अरूण कुमार सिंह, एस पी ग्रामीण अभिषेक भारती, जी एम डी आई सी सहित समस्त जनपदस्तरीय अधिकारियो एंव जनपद के उद्यमियो एंव निवेशको ने समारोह का लाइव प्रसारण देंखा। कार्यक्रम का समपान राष्ट्रगान गाकर किया गया। इन्वेस्टर समिट मे समापन तक जनपद मे कुल 3009.33 करोड़ रुपए के निवेश प्राप्त हुए है। जिसमे विभिन्न क्षेत्रोे के 204 प्रस्ताव शामिल है, जिसमें 179 प्रस्ताव का एम ओ यू जारी हो चुका है, शेष कुछ दिनो में जारी हो जायेगे।

जनपद स्तर पर ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट-2023 समापन अवसर पर जिलाधिकारी आर्यका अखौरी ने इन्वेस्टर समिट 2023 गाजीपुर निवेश कुंभ में प्रतिभाग करने वाले जनपद के उद्यमियों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा जनपद में निवेशको से बहुत अच्छा रिस्पोन्स मिला है। आज समापन तक कुल 3009.33 करोड़ रूपये के निवेश प्राप्त हुए है जिससे 10202 लोगो को रोजगार मिलेगा। उन्होने कहा कि इन्वेटर समिट मे इस जनपद के लक्ष्य से 10 गुना से अधिक का निवेश प्राप्त हुआ है, जनपद के लिए यह बहुत ही अच्छा सिंग्नल है। उन्होने कहा कि इन्वेस्टर समिट में सबसे अधिक 400 करोड़ का प्रस्ताव सुखबीर एग्रो एनर्जी लि0 का है। जनपद में निवेशको के लैण्ड की समस्या पर जवाब देते हुए जिलाधिकारी ने कहा कि नन्दगंज इंडस्ट्रियल स्टेट मे जो युनिट्स बंद पड़ी है उनको निरस्त कर नये निवेशको को मौका दिया जायेगा। इसके अतिरिक्त इंडस्ट्रियल एरिया के उपर भी विचार किया जा रहा है। बंन्द पड़ी चीनी मील के जमीन के लिए यू0पी0सी0डा0 एवं शासन स्तर से वार्ता जारी है तथा राज्य उद्योग बन्धु को प्रस्ताव भेजा गया हैं। कुछ महीनो में इस पर निर्णय भी हो जायेगा। इसके अतिरिक्त यदि उद्यमी मिलकर भी प्राईवेट इंडस्ट्रियल पार्क लगाना चाहते है तो उसपर सरकार की भी हैण्ड होल्डिग रहेगी जिससे उद्यमियों को आसानी होगी।

एंबुलेंस कर्मियों को किया गया सम्मानित

बेहतर कार्य करने के लिए 44 एंबुलेंस कर्मियों को किया गया सम्मानित

पिछले 1 साल में एंबुलेंस के अंदर 60 बाल बालक और बालिकाओं ने लिया जन्म

ग़ाज़ीपुर। 102 और 108 एंबुलेंस उत्तर प्रदेश सरकार के महत्वाकांक्षी योजनाओं में शामिल है। इस योजना के माध्यम से अब तक लाखों लोगों की जिंदगी बचाई जा चुकी है। ऐसे लोगों की जिंदगी बचाने वाले इमरजेंसी मेडिकल टेक्नीशियन, एंबुलेंस के पायलट के बेहतर कार्य को देखते हुए कुल 44 लोगों को जिला अस्पताल पर मंडल प्रभारी सुमित कुमार दुबे के द्वारा प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। 102 और 108 एंबुलेंस के ब्लॉक प्रभारी दीपक राय ने बताया कि शासन की मंशा के अनुरूप आमजन के द्वारा कॉल किए जाने पर बताए गए लोकेशन पर क्विक रिस्पांस करते हुए समय पर पहुंचना और फिर उन्हें स्वास्थ्य केंद्र तक पहुंचाने में कुल 44 इमरजेंसी मेडिकल टेक्नीशियन और पायलट ने अपनी महती भूमिका निभाई है।। जिससे प्रभावित होकर मंडल प्रभारी सुमित कुमार दुबे के द्वारा सभी को प्रशस्ति पत्र देकर शुक्रवार को सम्मानित किया गया। उन्होंने बताया कि जनपद में 37 एंबुलेंस 108 के हैं जबकि 42 ,102 एंबुलेंस है। जिनके माध्यम से जनवरी माह में 20 हजार लाभार्थियों को सेवा प्रदान किया गया है। वहीं अगर हम पिछले साल 1 जनवरी 2022 से 31 दिसंबर 2022 की बात करें तो कुल 1.35 लाख लाभार्थियों ने एंबुलेंस सेवा का लाभ उठाया है। साथ ही उन्होंने बताया कि पिछले साल एंबुलेंस के अंदर कुल 60 डिलेवरी इमरजेंसी मेडिकल टेक्नीशियन और पायलट के सहयोग से कराया गया है। जिसमें 40 कन्या और 20 बालको ने जन्म लिया है। साथ ही बहुत सारे ऐसे क्रिटिकल मरीज भी रहे हैं जिन्हें उपचार के लिए बीएचयू वाराणसी भी पहुंचाया गया। इस मौके पर संदीप चौबे, अखंड सिंह, आशुतोष एवं अन्य लोग मौजूद रहे।

20 फरवरी से 3 मार्च तक चलेगा अभियान

20 फरवरी से 3 मार्च तक चलेगा सघन टीबी रोगी खोज अभियान

ग़ाज़ीपुर। साल 2025 तक टीबी रोगी मुक्त भारत बनाने के क्रम में इन दिनों विभाग की तरफ से लगातार कवायद चल रहा है। जिस के क्रम में 20 फरवरी से 3 मार्च तक सक्रिय टीबी रोगी खोज अभियान चलाया जाएगा । यह अभियान 5-5 दिनों के दो चरणों में चलाया जाना है। जिसका मुख्य उद्देश्य समुदाय में क्षय रोगी को खोजना है और उन्हें इलाज पर रखकर स्वस्थ करना। जिससे कि 2025 का लक्ष्य पूरा किया जा सके। जिला कार्यक्रम समन्वयक क्षय रोग विभाग डॉ मिथिलेश सिंह ने बताया कि 20 फरवरी से 3 मार्च तक चलने वाला 10 दिवसीय टीबी रोगी खोज अभियान जिस के क्रम में 20 फरवरी से 25 फरवरी तक शहरी एवं ग्रामीण मलिन बस्ती एवं हाई रिस्क जनसंख्या ( एचआईवी और मधुमेह) के 20 % जनसंख्या को कवर करना है।इसके बाद 26 फरवरी से 3 मार्च तक जनपद के अनाथालय, वृद्धआश्रम, नारी निकेतन, बाल संरक्षण गृह, मदरसा, नवोदय विद्यालय, कारागार, चिन्हित समूह, सब्जी मंडी, फल मंडी, लेबर मार्केट, निर्माणाधीन प्रोजेक्ट, ईट भट्ठा के साथ साप्ताहिक बाजार को भी आच्छादित करना है। उन्होंने बताया कि जिला जेल के समस्त कैदियों का टीबी एचआईवी की जांच कराए जाने के निर्देश प्राप्त हुए हैं। साथ ही सभी कैदियों का टीबी एचआईवी की जांच त्रैमासिक रूप से भी किया जाना सुनिश्चित किया गया है। क्षय रोग विभाग के आंकड़ों की बात करें तो जनपद में 1 जनवरी 2022 से दिसंबर 2022 तक प्राइवेट अस्पतालों के माध्यम से 525 और स्वास्थ्य केंद्रों के माध्यम से 3575 क्षय रोग के मरीज खोजे गए थे। इसके अलावा 1 जनवरी से 31 जनवरी तक प्राइवेट अस्पतालों से 28 और स्वास्थ्य केंद्रों से 288 मरीजों को चिन्हित किया जा चुका है। वही पिछले दिनों टीबी मरीजों को गोद लिए जाने का अभियान चलाया गया था। जिसमें जनपद के कुल 41 लोगों ने अब तक 1112 टीवी मरीजों को गोद लेकर उन्हें प्रत्येक माह पोषण देकर उन्हें स्वस्थ करने की कवायद में लगे हुए हैं।

डीएम ने किया कलेक्टर घाट का निरीक्षण

डीएम ने किया कलेक्टर घाट का निरीक्षण

गाजीपुर।जिलाधिकारी आर्यका अखौरी ने शनिवार को कलेक्टर घाट के पर्यटन विकास को बढ़ावा देने के उद्देश्य से कलेक्टर घाट का निरीक्षण किया। जनपद स्थित कलेक्टर घाट का पर्यटन विकास/सौन्दर्यीकरण, सांस्कृतिक गतिविधियों को कराए जाने के लिए घाट का निरीक्षण किया गया। घाट पर सांस्कृतिक कार्यक्रम हेतु मंच, गंगा आरती प्लेटफार्म तथा चेन्जिंग रूम व शौचालय का निर्माण कराया जाना है। पर्यटन निदेशालय को प्रेषित किया जाना है। निरीक्षण के दौरान अधिशासी अधिकारी नगर पालिका परिषद को निर्देशित किया कि कलेक्टर घाट के नाले पर कचरो की रोकथाम के लिए जाली लगाने तथा घाट पर साफ सफाई का निर्देश दिया। इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी श्रीप्रकाश गुप्ता, उपजिलाधिकारी प्रतिभा मिश्रा, पर्यटन सूचना अधिकारी दिव्या तिवारी, अधिशासी अधिकारी नगर पालिका परिषद लालचन्द सरोज, जिला सूचना अधिकारी राकेश कुमार तथा कार्यदायी संस्था उ0प्र0 प्रोजेक्ट कारपोरेशन लि0 इकाई-3 के अभियन्ता जे0पी0 सिंह उपस्थित रहे।

कम वसूली पर डीएम नाराज

गाजीपुर। जिलाधिकारी आर्यका अखौरी की अध्यक्षता में कर-करेत्तर एंव राजस्व वसूली और मासिक स्टाफ बैठक रायफल क्लब सभागार में शुक्रवार की देर शाम सम्पन्न हुआ। बैठक में जिलाधिकारी ने चकबन्दी, व्यापार कर, विद्युत देय, आबकारी, परिवहन, वन विभाग, स्टाम्प, नगर पालिका, आडिट आपत्ति, अंश निर्धारण, आईजीआरएस, मोटर देय, काउण्डर फाईल, के सम्बन्ध मे विस्तारपूर्वक समीक्षा की।
बैठक मे समीक्षा के दौरान वाणिज्यकर, परिवहन, खनन, विद्युत, मण्डी, परिवहन निगम की वार्षिक लक्ष्य के सापेक्ष वसूली कम पाये जाने पर नाराजगी व्यक्त करते हुए वसूली मे प्रगति लाने का निर्देश दिया। खनन विभाग की समीक्षा के दौरान बताया गया कि खनन/एण्टी भू-माफियाओं को चिन्हित कर उनके उपर वैधानिक कार्यवाही कीे जाय। उन्होने खनन अधिकारी को सख्त निर्देश देते हुए कहा कि गंगा नदी में बाढ स्थिति कम हुई है, ऐसे में खनन माफिया सक्रिय होगे इस पर पैनी नजर रखते हुए किसी भी दशा में अवैध खनन न होने दिया जाये। आबकारी अधिकारी अवैध एंव नकली शराब बिक्री पर नजर बनाये रखे तथा किसी भी दशा में अवैध शराब की तस्करी/ बिक्री न होने दिया जाए। उन्होने कहा कि यदि जनपद में कही किसी भी व्यक्ति की मृत्यु जहरीली शराब के कारण होती है तो सम्बन्धित अधिकारी स्वयं जिम्मेदार होगे।
जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों का आह्वान करते हुए उन्हें निर्देश दिया कि राजस्व प्राप्ति के संबंध में जो विभाग कार्य कर रहे हैं उनके द्वारा अपने-अपने लक्ष्य को प्रत्येक माह उसे पूर्ण कर अंतिम रूप प्रदान किया जाए ताकि सभी विभागों में राजस्व प्राप्ति के लक्ष्य पूर्ण किए जा सकें। उन्होने कम राजस्व वसूली वाले विभागो के प्रति नाराजगी व्यक्त करते हुए सम्बन्धित अधिकारियों को अपने लक्ष्य के प्रति प्रत्येक माह कार्य योजना बनाकर मूर्त रूप प्रदान किया जाये। इसमें किसी भी स्तर पर लापरवाही एवं शिथिलता क्षम्य नहीं होगी। उन्होंने स्पष्ट किया है कि जिन विभागीय अधिकारियों के द्वारा अपने राजस्व लक्ष्यों की प्राप्ति नहीं की जाएगी उनके विरुद्ध कार्यवाही प्रस्तावित की जाएगी। जिसकी जिम्मेदारी स्वयं संबंधित विभागीय अधिकारी की होगी।बैठक के दौरान जिलाधिकारी ने सभी नगर पालिका/नगर पंचायतो मे अवैध अतिक्रमण हटाने हेतु 15 फरवरी 2023 को अभियान चलाकर नगर पालिका/नगर पंचायतो मे अवैध अतिक्रमण को खाली करवाने का निर्देश दिया। इसी प्रकार सभी तहसीलेा के ग्राम पंचायतो मे सरकारी भूमि/तालाब/चारागाह/खेल मैदान एवं अन्य सरकारी जमीनां पर कव्जा हटाने हेतु दिनांक 16 से 17 फरवरी निर्धारित किया गया है। इस हेतु सभी उपजिलाधिकारियों को निर्देशित किया गया है।
इसके उपरांत जिलाधिकारी ने मासिक स्टाफ बैठक में राजस्व विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक ली। बैठक में लंबित प्रकरण एवं विवादित प्रकरण, दाखिल खारिज , विवादित वादो का निस्तारण करने को कहा। जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि समस्त अधिकारी राजस्व वसूली का कार्य सर्वाेच्च प्राथमिकता के आधार पर करते हुए डिमांड के अनुसार वसूली सुनिश्चित करे। उन्होंने राजस्व वादों के निस्तारण में समीक्षा करते हुए राजस्व वादों के निस्तारण के संबंध में सभी पीठासीन अधिकारियों द्वारा शिकायतो का निस्तारण गुण एवं दोष के आधार पर कार्रवाई करते हुए सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। जिलाधिकारी ने समस्त उप जिलाधिकारी, तहसीलदार एवं अन्य संबंधित राजस्व अधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा कि राजस्व कार्यों में सभी अधिकारियों द्वारा सरकार की मंशा के अनुरूप चलाए जा रहे प्रत्येक कार्यक्रम में तत्परता दिखाते हुए कार्यों का संपादन किया जाना सुनिश्चित करें ताकि सरकार की राजस्व योजनाओं का लाभ जन सामान्य को आसानी के साथ प्राप्त हो सके। बैठक में मुख्य राजस्व अधिकारी सुशील लाल श्रीवास्तव, अपर उपजिलाधिकारी, समस्त उपजिलाधिकारी तहसीलदार एवं सम्बन्धित अधिकारी एंव पटल सहायक उपस्थित थें।

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