गाजीपुर। राजकीय महिला स्नातकोत्तर महाविद्यालय में एम. ए द्वितीय वर्ष की छात्राओं ने बुधवार को “आरंभिक बाल्यावस्था में सुरक्षा एवं शिक्षा (ECCE )” पेपर के अंतर्गत बाल्यावस्था की शिक्षा का महत्व ,आवश्यकता और समस्याओं के विस्तृत समझ प्राप्त करने के लिए ददरीघाट में स्थित ‘कांति मेमोरियल पब्लिक स्कूल ‘ का शैक्षणिक भ्रमण प्राध्यापिका डॉ नेहा कुमारी के निर्देशन में किया । फ्रेडरिक फ्रोबल के अनुसार – प्रारंभिक बाल शिक्षा व देखभाल संपूर्ण जीवन की प्रथम व प्रमुख सीढ़ी है।
पूर्वबाल्यावस्था शिक्षा के प्रमुख केंद्र आंगनबाड़ी ,डे केयर, शिशु सदन ,मोंटेसरी स्कूल, किंडरगार्डन , बालवाड़ी स्कूल इत्यादि है। भ्रमण में छात्राओं ने दृश्य श्रव्य माध्यमों (कठपुतली ,मॉडल, पोस्टर ,खिलौने) का प्रयोग करके बच्चों को कविता एवं कहानी सिखाया तथा खेल विधि का प्रयोग कर बच्चों को अनेकों पाठ्य सहगामी क्रियाएं कराई । प्री स्कूल एजुकेशन हेतु संसाधन, सहायक सामग्री ,दैनिक क्रियाएं, खेल उपकरणों भवन की स्थिति , स्वच्छ पानी और शौचालय की सुविधा का अवलोकन किया एवं उसकी रिपोर्ट भी तैयार की। इस शैक्षणिक भ्रमण का उद्देश्य छात्राओं में पूर्वबाल्यावस्था शिक्षा देने के लिए आवश्यक कौशल और तकनीक का विकास करना था ।
गाजीपुर। जिले के दिलदारनगर स्थित एक नामचीन स्कूल के मैनेजर द्वारा कक्षा 7 की छात्रा से छेड़छाड़ करने का मामला सामने आया है। बता दें कि डालिम्स सनबीम स्कूल की छात्रा से इसी स्कूल के मैनेजर साकिब खान ने अपने केबिन में बुलाकर छेड़छाड़ की। दिलदारनगर थाना क्षेत्र के एक गांव निवासी पीड़िता डालिम्स सनबीम स्कूल रक्सहां में कक्षा सात की छात्रा है। इस बात की जानकारी होते ही पीड़िता के दादा ने दिलदारनगर थाने में आरोपी मैनेजर साकिब खान के खिलाफ तहरीर दी। तहरीर मिलते ही मुकदमा दर्ज कर दिलदारनगर थाना पुलिस ने आरोपी साकिब खान को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार करने के बाद पुलिस द्वारा आगे की कार्रवाई की जा रही है। मालूम हो कि पीड़िता के दादा द्वारा तहरीर दी गयी थी कि उनकी पोती डालिम्स सनबीम स्कूल रक्सहाँ दिलदारनगर में कक्षा 7 की छात्रा है। जिसके साथ 10 सितंबर 2024 को स्कूल के मैनेजर साकिब खान पुत्र सब्बीर खान द्वारा अपने केबिन में बुलाकर मोबाइल नं0 माँगते हुए छेड़खानी की गयी थी। पीढ़ित छात्रा द्वारा इस घटना का वीडियो बनाकर भी सोसल मीडिया पर भी डाला गया था। जिसके बाद इस मामले में दिलदारनगर पुलिस द्वारा छेड़खानी के मामले में कार्यवाही करते हुए डालिम्स सनबीम स्कूल रक्सहाँ दिलदारनगर के मैनेजर को पॉक्सो एक्ट में गिरफ्तार किया गया। इस संबंध में आरोपी के खिलाफ थाना में 129/2024 धारा 75 बीएनएस व 7/8 पाक्सो एक्ट का अभियोग पंजीकृत हुआ। इसके बाद आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया।
गाजीपुर। मंगलवार को राजकीय महिला स्नातकोत्तर महाविद्यालय के मनोविज्ञान विभाग में ‘विश्व आत्महत्या निवारण दिवस’ मनाया गया। इस अवसर पर मनोविज्ञान विभाग में एक लघु संगोष्ठी आयोजित की गई जिसके माध्यम से दुनिया भर में आत्महत्या की बढ़ती प्रवृत्ति और उसके निवारण के विविध पक्षों पर छात्राओं के मध्य चर्चा की गई। कार्यक्रम का विषय परिवर्तन करते हुए मनोविज्ञान विभाग के प्रभारी डॉ शिव कुमार ने बताया कि विश्व स्वास्थ्य संगठन के साथ मिलकर अंतरराष्ट्रीय आत्महत्या निवारण संघ द्वारा 10 सितंबर 2003 से यह दिवस मनाया जा रहा है ताकि लोगों में आत्महत्या निवारण से जुड़े मुद्दों पर जागरूकता फैलाई जा सके। विश्व में प्रतिवर्ष 8 लाख से अधिक लोग आत्महत्या के कारण मृत्यु को प्राप्त होते हैं। जबकि दक्षिण एशिया में प्रतिवर्ष 2 लाख से अधिक लोग आत्महत्या का शिकार होते हैं। आत्महत्या एक गंभीर जन स्वास्थ्य चुनौती है जो किसी भी बीमारी, युद्ध या आपदा से अधिक जनहानि का कारण है। वर्ष 2024 से 2026 तक के लिए इस बार इस दिवस की थीम है कि आत्महत्या से जुड़े मिथक या आख्यानों को बदला जाए ताकि लोग खुलकर बातें करें। अर्थात आत्महत्या के बारे में ‘चुप्पी तोडे, खुलकर बोले’ और हम ऐसा परिवेश तैयार करें जिससे कि आत्महत्या या इससे जुड़े विचारों को समाज में या परिवार में छिपाने तथा इसे कलंक मानने के स्थान पर ऐसी संस्कृति विकसित करना है कि लोग खुलेपन के साथ इस पर चर्चा करें।
इस अवसर पर उपस्थित प्राचार्य डॉ अनिता कुमारी ने छात्राओं को संबोधित करते हुए कहा कि आत्महत्या से जुड़ी घटनाओं और प्रवृत्तियों पर चुप्पी के कारण यह समस्या गंभीर होती जा रही है। लोग इस प्रवृत्ति से छुटकारा पाने के लिए मनोवैज्ञानिक या चिकित्सकीय सहायता नहीं प्राप्त करते हैं। यह इसलिए भी आवश्यक है कि आत्महत्या की प्रवृत्ति सभी उम्र लिंग एवं पृष्ठभूमि के लोगों को लोगों में पाई जाती है। इस अवसर पर पर डॉ पीयूष सिंह ने आत्महत्या के विभिन्न सामाजिक सांस्कृतिक एवं आर्थिक पक्षों पर चर्चा किया। कार्यक्रम के मुख्य वक्ता डॉ शंभू शरण प्रसाद ने आत्महत्या निवारण के विभिन्न पक्षों पर खुलकर चर्चा किया तथा उन्होंने युवाओं को सकारात्मक सोच, सामाजिक संपर्क विकसित करने, आसपास के लोगों की सहायता करने, सामाजिक संबंध विकसित करने, खुशी के साथ-साथ दुखों को भी साझा करने तथा अपने चेहरे के साथ-साथ दूसरे चेहरों पर मुस्कान लाने के लिए सदैव प्रयास करने की बात कही। छोटी-छोटी बातें जैसे उदारता, लोगों से खुलकर बातचीत करने, सदैव सही गलत के रूप में आकलन न करने आदि के आधार पर लोगों के जीवन में सार्थक बदलाव लाया जा सकता है। इसके लिए व्यक्ति, परिवार, समाज और सरकार सबको मिलकर समग्र रूप से कार्य करने की आवश्यकता है।
इस अवसर पर छात्राओं ने भी आत्महत्या संबंधी अपने अनुभव और विचारों को साझा किया। बीए प्रथम वर्ष की छात्रा कोमल ने अकेले में ना रहने, मानसी अग्रवाल ने जीवन में किसी ने किसी को हमराज बनाने, सोनम कुमारी ने जीवन में सदैव सकारात्मक पक्ष ढूंढने एवं आशावादी होने को महत्वपूर्ण बताया। कार्यक्रम के समापन के अवसर पर आभार व्यक्त करते हुए सुप्रिया शर्मा ने कहा कि आत्महत्या का दुष्प्रभाव मित्रों और पारिवारिक जनों पर सर्वाधिक पड़ता है। कार्यक्रम का संयोजन मनोविज्ञान परिषद द्वारा किया जिसमें मालती यादव, महक खान , अभिलाषा राय आदि ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई गया।
गाजीपुर।स्वामी विवेकानंद युवा सशक्तिकरण योजना के अन्तगर्त टैबलेट वितरण कार्यक्रम का आयोजन राजकीय पालीटेक्निक कॉलेज मंगलवार को किया गया।इस कार्यक्रम में राज्यसभा सांसद डा. संगीता बलवंत मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रही। राजकीय पालीटेक्निक गाजीपुर एवं राजकीय पालीटेक्निक कुरु पिंडरा वाराणसी के छात्र-छत्राओं को टैबलेट वितरण किया।
राज्यसभा सांसद डा. संगीता बलवंत ने छात्र-छात्राओ को बधाई देते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश सरकार ने डिजिटल इंडिया के सपने को साकार करने के लिए स्वामी विवेकानंद युवा सशक्तिकरण योजना की शुरुआत की है। इस योजना के तहत राज्य के शैक्षणिक संस्थानों में पढ़ने वाले युवाओं को टैबलेट और स्मार्टफ़ोन दिए जा रहे है, यह योजना 5 सालों के लिए संचालित की जाएगी।
इस योजना के तहत, ग्रेजुएशन, पोस्ट ग्रेजुएशन, टेक्निकल, और डिप्लोमा की पढ़ाई करने वाले छात्रों को टैबलेट और स्मार्टफ़ोन दिए जाएंगे,पहले चरण में इस योजना का लाभ करीब 1 करोड़ युवाओं को मिलेगा। योजना के तहत युवाओं को मुफ़्त डिजिटल एक्सेस भी मिलेगा। योजना के तहत मिलने वाले टैबलेट और स्मार्टफ़ोन से छात्र पढ़ाई कर सकेंगे और शिक्षा संबधी अपनी सारी मुश्किलों का हल डिजिटल प्रक्रिया के माध्यम से कर पाएंगे और तकनीकी रूप से सशक्त व आत्मनिर्भर बन पायेंगे।
ग़ाज़ीपुर। जिले में रेलवे प्रशासन का बुलडोजर गरजा। सिटी रेलवे स्टेशन से लेकर अफीम फैक्ट्री तक इस अभियान के तहत कई अवैध कब्जों को रेलवे प्रशासन ध्वस्त किया गया। मालूम हो कि बीते महीने ही रेलवे प्रशासन ने अतिक्रमणकारियों को नोटिस जारी करते हुए कब्जा हटा लेने का निर्देश दिया था। ऐसा न करने पर रेलवे प्रशासन ने बुलडोजर लगाकर अवैध कब्जो को ध्वस्त करने की चेतावनी भी दी थी। मंगलवार को रेलवे की जमीन को कब्जा मुक्त कराने के लिए चलाए गए अभियान से अवैध कब्जदारों में हड़कम्प की स्थिति देखने को मिली। पिछले दिनों रेलवे की तरफ से अतिक्रमणकारियों को नोटिस जारी किया गया था और कुछ लोगों के अवैध कब्जों का ध्वस्तीकरण भी किया गया था। इस दौरान 67 अस्थाई अतिक्रमण हटाये गए थे। इसके बाद अन्य अतिक्रमणकारियों को चिन्हित किया गया। अतिक्रमण को स्वयं हटाने के लिए नोटिस जारी करते हुए उनके मकान पर नोटिस चस्पा कर दिया गया। बावजूद इसके तमाम कब्जदारों ने अतिक्रमण नहीं हटाए। ऐसे में रेलवे प्रशासन को आज यह अभियान चलाना पड़ा। जानकारी के मुताबिक सिटी रेलवे स्टेशन से लंका होते हुए अफीम फैक्ट्री तक रेलवे की लगभग 5 लाख स्क्वायर फीट की जमीन है। जिस पर वर्षों से लोग अतिक्रमण किए हुए हैं। लेकिन अब रेलवे प्रशासन ने अपनी जमीन की सुध ली है।
ज्ञात हो कि ब्रितानी हुकूमत काल में मुख्य डाकघर के पास अफीम फैक्ट्री में कच्चे माल को लाने और तैयार अफीम को सुरक्षित पहुंचाने के लिए अंग्रेजों को सुरक्षित संसाधन की जरूरत महसूस हुई। इसके लिए उन्होंने अफीम फैक्ट्री से लेकर लंका होते हुए सिटी रेलवे स्टेशन तक रेलवे ट्रैक बिछा दी। इसी ट्रैक से ट्रेन के जरिए सिटी रेलवे स्टेशन से कच्चा माल अफीम फैक्ट्री के लिए आता था। साथ ही तैयार अफीम को इसी रूट से सिटी रेलवे स्टेशन तक भेजा जाता था। आजादी के बाद ट्रैक पर ट्रेनें दौड़नी बंद हो गईं। नतीजतन रेलवे ट्रैक अनुपयोगी हो गई। समय बीतने के साथ रेलवे के भूखंड पर कब्जा हो गया। इसी कब्जे को हटाने के लिए रेलवे महकमे ने अब अभियान चलाया है। रेलवे के जनसंपर्क अधिकारी अशोक कुमार ने बताया कि सिटी रेलवे स्टेशन, लंका और अफीम फैक्ट्री के पास रेलवे की जमीनों को आज कब्जा मुक्त कराया जा रहा है। इस अभियान में आरपीएफ की फोर्स भी लगाई गई है। कब्जा मुक्त कराने से पहले सभी कब्जदारों को नोटिस भी जारी की गई थी।
गाजीपुर। क्राइम ब्रांच और भांवरकोल थाना पुलिस की टीम ने दो अंतर्जनपदीय गांजा तस्कर को भारी मात्रा में गांजा के साथ गिरफ्तार किया। इसकी जानकारी पुलिस अधीक्षक ईरज राजा ने मंगलवार को पुलिस लाइन सभागार में प्रेस वार्ता कर दी। उन्होंने कहा कि पूर्वांचल एक्सप्रेसवे के एग्जिट प्वाइंट पर वाहनों की चेकिंग की जा रही थी कि इसी दौरान बिहार की तरफ जा रहे गांजा तस्कर को क्राइम ब्रांच टीम और भांवरकोल थाना पुलिस ने सोमवार की शाम गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार अभियुक्त विष्णु पाठक पुत्र दीनानाथ पाठक निवासी ग्राम वीर सिंहपुर थाना राजा तालाब जनपद वाराणसी उम्र 32 वर्ष और रविशंकर पाठक पुत्र दीनानाथ पाठक निवासी उपरोक्त उम्र 30 वर्ष के पास 6 सौ 40 किलो गांजा 6 पहिया वाहन कंटेनर से बरामद किया गया। बरामद गांजा की अनुमानित कीमत लगभग दो करोड़ रुपए है।
गिरफ्तार अभियुक्तों ने पूछताछ के दौरान बताया कि हम लोग इस कंटेनर में फर्जी नंबर प्लेट लगाकर, बोरियों के गट्ठर में प्लास्टिक के कैरटो से ढक कर गांजा छुपा कर तेजपुर रोड असम से लाकर कूडेभार जनपद सुलतानपुर उत्तर प्रदेश में बिक्री के लिए ले जा रहे थे कि आप लोगों द्वारा पकड़ लिए गए। गिरफ्तार करने वाली पुलिस टीम में क्राइम ब्रांच प्रभारी प्रमोद कुमार सिंह, सर्विलांस प्रभारी शिवाकांत मिश्रा, भांवरकोल थानाध्यक्ष विवेक कुमार तिवारी और हेड कांस्टेबल विकास श्रीवास्तव शामिल रहे।
फाइलेरिया उन्मूलन के लिए जनपद में शुरू हुआ मॉप अप राउंड
सोमवार को पाँच हजार छात्रों ने खाई फाइलेरिया से बचाव की दवा
किसी कारण छूटे हुए लोगों को स्वास्थ्यकर्मी खिला रहे एमडीए दवा
तीन दिन और बढ़ा मॉप अप राउंड, 13 सितंबर तक चलेगा
गाज़ीपुर। फाइलेरिया उन्मूलन के लिए जनपद में 10 अगस्त से दो सितम्बर तक सर्वजन दवा सेवन (एमडीए) अभियान चलाया गया। जिलाधिकारी के निर्देशन और मुख्य चिकित्सा अधिकारी के सुपरवीजन में अभियान में किसी कारण छूटे हुये और इन्कार करने वाले लोगों को फाइलेरिया से बचाव की दवा का सेवन कराने के लिए नौ सितम्बर से मॉप राउंड शुरू किया गया, जो पहले 10 सितम्बर तक संचालित किया जाना था। लेकिन अब इसको 13 सितम्बर तक बढ़ा दिया गया है। मॉप अप राउंड के पहले दिन सोमवार को जनपद के विभिन्न स्कूलों और विद्यालयों में बूथ लगाकर हजारों छात्रों को फाइलेरिया से बचाव की दवा का सेवन कराया गया।
जिला मलेरिया अधिकारी (डीएमओ) मनोज कुमार ने बताया कि एमडीए अभियान में किसी कारण से छूटे हुए लोगों को फाइलेरिया से बचाव की दवा का सेवन कराने के लिए मॉप अप राउंड नौ से 13 सितम्बर तक संचालित किया जाएगा। सोमवार को कासिमाबाद के नेशनल इंटर कॉलेज, जखनिया के जलालाबाद स्थित माँ शारदा डिग्री कॉलेज व सरस्वती महिला डिग्री कॉलेज, अलीपुर मदरा स्थित माता तेतरा देवी डिग्री कॉलेज, बाराचवार के गांधी इंटर कॉलेज, बाबा रामाचीज महिला डिग्री कॉलेज, देवकली के आरके डिग्री कॉलेज, भावरकोल के माध्यमिक विद्यालय, सादात के सुभास मंदिर, करंडा के रामस्वरूप द्विवेदी महाविद्यालय समेत अन्य ब्लाकों के विद्यालयों में छात्रों को फाइलेरिया से बचाव की दवा का सेवन कराया गया।
डीएमओ ने बताया कि सोमवार को करीब पाँच हजार छात्रों को फाइलेरिया रोधी दवा का सेवन कराया गया। साथ ही उन्हें फाइलेरिया जैसी गंभीर बीमारी के लक्षण, कारण, जांच, उपचार, देखभाल, बचाव आदि के बारे में जागरूक किया गया। इस दौरान छात्रों से अपील भी की गई कि स्वयं दवा का सेवन करें और जिन्होंने अभी तक दवा का सेवन नहीं किया है उन्हें जागरूक करते हुए फाइलेरिया रोधी दवा का सेवन करने के लिए प्रेरित करें। एमडीए अभियान में पीसीआई और सीफार संस्था के प्रतिनिधियो के द्वारा महत्वपूर्ण सहयोग प्रदान किया जा रहा है। यह अभियान मरदह, मनिहारी और जमानिया ब्लॉक को छोड़कर सभी ब्लॉकों में संचालित किया जा रहा है।
कासिमाबाद ब्लॉक के नेशनल इण्टर कॉलेज में प्रधानाचार्य दिनेश सिंह व समस्त अध्यापक, स्टेक होल्डर, स्वास्थ्य शिक्षा अधिकारी पंकज गुप्ता व संगिनी अखिला देवी की उपस्थिति में फाइलेरिया पेशेंट सपोर्ट ग्रुप (पीएसजी) नेटवर्क की सदस्य सरिता एवं आशा कार्यकर्ताओं के सहयोग से बूथ लगाकर 1875 छात्रों को फाइलेरिया रोधी दवा खिलाई गई। इस अवसर पर बच्चों से अनुरोध किया कि अगर उनके परिवार में कोई भी सदस्य दवा खाने से छूट गया हो तो अपने गांव की आशा कार्यकर्ता से संपर्क कर उनके सामने दवा जरूर खाएं, जिससे फाइलेरिया जैसी गंभीर बीमारी से बचा जा सके।
अपील – फाइलेरिया लाइलाज बीमारी है। इसको रोकने के लिए बचाव ही एकमात्र उपाय है। इसलिए वर्ष में एक बार चलने वाले फाइलेरिया उन्मूलन (एमडीए) अभियान के तहत फाइलेरिया से बचाव की दवा का सेवन जरूर करें। पाँच साल तक लगातार व साल में एक बार यह दवा खाने से फाइलेरिया संक्रमण से बचा सकता है। एक वर्ष से छोटे बच्चे, गर्भवती महिला और गंभीर रूप से बीमार व्यक्तियों को इस दवा का सेवन नहीं करना है। यह दवा फाइलेरिया से आपको सुरक्षा प्रदान करेगी।
यूपी विधानसभा चुनावों में कांग्रेस पार्टी की भूमिका होगी अहम, गाजीपुर की सभी विधान सभाओं के प्रभारी नियुक्त
गाज़ीपुर। आगामी विधानसभा चुनावों को लेकर उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी गंभीर हो गई है, प्रदेश अध्यक्ष अजय राय के निर्देश पर आज जिला कांग्रेस कमेटी की बैठक जिलाध्यक्ष सुनील राम की अध्यक्षता में कांग्रेस पार्टी के कैंप कार्यालय, रजदेपुर में आहूत की गई। जिसमें यूपी कांग्रेस कमेटी के प्रदेश सचिव और गाजीपुर के प्रभारी फसाहत हुसैन बाबू मुख्य वक्ता के रूप में मौजूद रहे। बैठक में आगामी विधानसभाओं चुनावों को लेकर गहन चर्चा करते हुए जिलाध्यक्ष सुनील राम ने बताया कि सभी विधान सभाओं में प्रभारियों की नियुक्ति की गई है, वहीं ब्लॉक स्तर पर भी प्रभारियों को कार्य दायित्व सौंपा गया है, जो बूथ स्तर पर कार्यकर्ताओं के साथ बैठक कर लोगों से संपर्क कर रहे हैं हैं। बैठक में प्रदेश सचिव फसाहत हुसैन “बाबू” ने जिलाध्यक्ष और शहर अध्यक्ष के कार्यों की समीक्षा करते हुए तारीफ की और कहा कि शीर्ष नेतृत्व के निर्देश पर गाजीपुर की सभी सातों विधानसभा में बूथ स्तर पर कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों को जन जन तक जाकर कांग्रेस की जन नीतियों के साथ इस सरकार में व्याप्त भ्रष्टाचार, गरीब मजलूमों और महिला उत्पीड़न के साथ महंगाई एक प्रमुख मुद्दा है, इसकी चर्चा करें और जनता को ज्यादा से ज्यादा संख्या में कांग्रेस से जोड़ने का काम करें, वहीं एआईसीसी सदस्य रविकांत राय एवं डॉ मार्कंडेय सिंह ने संयुक्त रूप से इस बैठक की जानकारी देते हुए कहा कि प्रदेश में भ्रष्टाचार और अराजकता के साथ किसी भी गरीब को जाति देखकर ठोंको राजनीति चरम पर है। नौजवानों को पुलिस घर से उठा कर एनकाउंटर कर दे रही है, जिसकी कहीं सुनवाई नहीं हो रही है। इन सभी मुद्दों की चर्चा बैठक में हुई।
इस अवसर पर प्रमुख रूप से शहर अध्यक्ष संदीप विश्वकर्मा, पीसीसी सदस्य जनक कुशवाहा, अजय कुमार श्रीवास्तव, मुसाफिर बिन्द, सुमन चौबे, चंद्रिका सिंह, विद्याधर पांडे, राजीव सिंह, हामिद अली, मंसूर जैदी, राजेश गुप्ता, राम नगीना पांडे, हरिओम सिंह यादव, लाल मोहम्मद, उषा चतुर्वेदी, महबूब निशा, छोटेलाल गौतम नंदलाल, डॉ गुड्डू, अखिलेश यादव, कृष्णा तिवारी, आशुतोष गुप्ता, मोहन राम, शशिभूषण राय, विनोद सिंह, मोहम्मद अयूब, मोहन चौहान, शबीहूल हसन, पुष्पा यादव, रईस अहमद, गुलबास यादव, शशि भूषण राय, प्रकाश नारायण पांडे, विनोद कुमार सिंह, ईनरमल यादव, अरविंद मौर्या, बिरेंद्र राय, सीताराम राय, गयासुद्दीन अंसारी, अवधेश भारती, सुदामा यादव, अबू आसिफ, संजय गुप्ता, सदानंद गुप्ता, ओमप्रकाश, मोइनुद्दीन, अमरनाथ पाल, हैदर अली, आशुतोष सिन्हा, पंकज कुमार, देवेंद्र सिंह, सतीश यादव आदि लोगों उपस्थित रहे ।
टैबलेट विद्यार्थियों के भविष्य निर्माण में बनेगा मील का पत्थर – राजन सिंह
गाजीपुर। प्रदेश के युवाओं को शैक्षिक व तकनीकी रुप से सशक्त बनाने हेतु पीजी कालेज मलिकपूरा के स्नातकोत्तर के शिक्षार्थियों को टैबलेट का वितरण किया गया। अपने सम्बोधन में मुख्य अतिथि राजन सिंह ब्लाक प्रमुख बिरनो ने कहा कि छात्र छात्राओं को शैक्षिक व तकनीकी रुप से सशक्त बनाने हेतु मुख्यमंत्री योगी आदित्य नाथ की यह महत्वाकांक्षी योजना है। यह आपको शैक्षणिक रुप से स्मार्ट बनाते हुए शैक्षिक गतिविधियों में भी भरपूर सहयोग देगा। उन्होंने लाभार्थियों को बधाई देते हुए टैबलेट का सकारात्मक उपयोग करने की सलाह दी। विशिष्ठ अतिथि डा.ए. के. राय राष्ट्रीय सलाहकार जेसीआई ने वर्तमान समय में डिजिटल तकनीकी की आवश्यकता पर बल देते हुए कहा कि टैबलेट युवावर्ग के भविष्य के निर्माण का अत्यंत महत्वपूर्ण साधन है। अपडेट रहने के लिए समय के अनुरूप अपने को ढालना आवश्यक है। इसके माध्यम से आप नवीनतम जानकारियों से अवगत होंगे और अपने भविष्य का बेहतर निर्माण कर सकेंगे। वहीं उन्होंने साइबर क्राइम की चर्चा करते हुए इससे सतर्क रहने की चेतावनी भी दी। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए प्राचार्य प्रो दिवाकर सिंह ने कहा कि डीजी शक्ति योजना के तहत युवाओं को तकनीकी रूप से कुशल, स्वरोजगार उन्मुख, स्वावलंबी व आत्मनिर्भर बनाने हेतु प्रदेश सरकार द्वारा छात्र छात्राओं को यह सुविधा उपलब्ध कराई गई है। इसके माध्यम से आप अपने ज्ञान में वृद्धि कर देश के विकास में योगदान दें। नोडल अधिकारी डा. प्रवेश कुमार जायसवाल ने लाभार्थियों के उज्जवल भविष्य की कामना करते हुए कहा कि टैबलेट का सकारात्मक उपयोग आपके भविष्य निर्माण में सहायक होगा। इस अवसर पर महाविद्यालय के निसार अहमद, डॉ.अंजली यादव, समसुल कमर, प्रो. चंद्रभान सिंह, डॉ. प्रिंस कुमार कसौधन, डॉ. दीपक यादव, वासुदेव त्रिपाठी, अभिषेक सिंह, शैलेंद्र प्रताप सिंह सहित समस्त महाविद्यालय परिवार उपस्थित रहा। कार्यक्रम का संचालन डा. शिव प्रताप यादव ने किया।
गाजीपुर। जनपद में पुलिस अधीक्षक डॉ इरज राजा द्वारा प्रतिदिन की भांति सोमवार को भी पुलिस कार्यालय में जनतादर्शन में जनसुनवाई कर जनसामान्य की समस्याओं को सुना गया तथा सम्बन्धित को आवश्यक निर्देश दिए गए। पुलिस अधीक्षक द्वारा पुलिस कार्यालय में जनसुनवाई की गई।
इस दौरान पुलिस कार्यालय में आने वाले फरियादियों जनसामान्य की समस्याओं को गम्भीरता पूर्वक सुना गया तथा उनकी समस्याओं के समयबद्ध व गुणवत्तापूर्ण निस्तारण के लिए सम्बन्धित अफसरों को आवश्यक दिशा निर्देश दिए गए, जिसमें पुलिस अधीक्षक द्वारा प्राप्त शिकायतों के सम्बन्ध में मौके पर जाकर शिकायतों की तत्काल, निष्पक्ष जांच कर विधिक निस्तारण सुनिश्चित करने हेतु संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया गया तथा शिकायतकर्ता से समय-समय पर जनसामान्य की समस्याओं के निस्तारण के सम्बन्ध में फीडबैक लिये जाने से सम्बन्धी आवश्यक दिशा निर्देश दिये गये।
इसी क्रम में पुलिस अधीक्षक द्वारा सभी थानों को सचेत किया गया कि जनसुनवाई महिला हेल्पडेस्क को और अधिक प्रभावशाली बनाये ताकि पीड़ित, शिकायतकर्ता को अनावश्यक रुप से अपने थाने से इतनी दूर पुलिस कार्यालय आने की आवश्यकता नहीं हो, साथ ही सभी प्रभारी निरीक्षक थानाध्यक्ष को यह भी निर्देश दिये गये कि जिस समस्या का समाधान थाना स्तर से हो सकता है उनका समाधान थाना स्तर पर ही समयबद्ध तरीके से गुणवत्तापूर्ण निस्तारण प्राथमिकता के आधार पर कराना सुनिश्चित करें ।