ग़ाज़ीपुर(नोनहरा)।मतदाता चेतना अभियान को लेकर भारतीय जनता पार्टी द्वारा शुक्रवार को शक्ति केन्द्रों पर बैठक आयोजित की गई। जिसमें समस्त बूथ अध्यक्षों को चलाए जा रहे मतदाता जागरूकता अभियान से अवगत कराते हुए अब तक हुए नये नामांकन, विलोपन, अपमार्जन आदि की समीक्षा की गई। जिलाध्यक्ष सुनील सिंह ने मुहम्मदाबाद विधानसभा के नोनहरा मंडल अंतर्गत शक्ति केन्द्र भाला के शक्ति केन्द्र संयोजक योगेन्द्र सिंह तथा बुथ अध्यक्षों के साथ बैठक कर मतदाता चेतना अभियान के प्रति समर्पित होकर काम करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में देश जिस तरह से सर्वांगीण विकास के साथ तेज गति से संम्पूर्ण सक्षम आगे बढा रहा है, वह गति निर्वाध रूप से आगे बढती रहे इसके लिए कार्यकर्ताओं को समर्पित रुप से लगना होगा। इस अवसर पर बुथ अध्यक्ष अजन्ता राजभर, छोटेलाल, संजय मिश्र, प्रकाश राम, जनार्दन, सुक्खू सिंह आदि उपस्थित रहे। गाजीपुर सदर विधानसभा के सदर पश्चिमी मंडल अंतर्गत फतेहउल्लाहपुर शक्ति केन्द्र पर प्रवासी गोपाल राय ने मतदाता जागरूकता बैठक कर मतदाता सूची में नाम शामिल करने को लेकर बुथ अध्यक्षों को चैतन्य किया।इस अवसर पर शशिकान्त शर्मा,विनोद राय,रवींद्र श्रीवास्तव, अरविंद कश्यप,झून्ना आदि उपस्थित थे।
गाजीपुर। सादात थाना पुलिस ने तीन पशु तस्करों को पांच गोवंश के साथ गिरफ्तार किया। इसके बाद इन सभी लोगों पर 11 पशु क्रूरता निवारण अधिनियम का अभियोग पंजीकृत कर जेल भेजने की कार्रवाई की। पुलिस अधीक्षक ओमवीर सिंह के द्वारा चलाए गए अभियान के तहत सादात थाने की टीम के द्वारा शुक्रवार को सुबह बहादुरपुर चौराहे के ग्राम हुरमुजपुर से एक मैजिक वाहन में पांच गोवंश लादकर ले जा रहे तीन पशु तस्करों को गिरफ्तार किया गया। इन सभी के विरुद्ध थाने में धारा 11 पशु क्रूरता निवारण अधिनियम का अभियोग पंजीकृत कराकर कार्रवाई की गई। गिरफ्तार अभियुक्त में संजय भारद्वाज निवासी भुडकुडा ,गोपाल कुमार ग्राम धनबाउर थाना दुल्लहपुर और देवेंद्र कुमार निवासी बिजौरा थाना मरदह है। तस्करों को गिरफ्तार करने वाले पुलिस टीम में सादात थानाध्यक्ष आलोक त्रिपाठी, कांस्टेबल विपिन कुमार और का. शिवम यादव शामिल थे।
गाजीपुर। सर्विलांस सेल टीम द्वारा जनपद में खोये हुए कुल 62 अदद स्मार्ट फोन बरामद कर आवेदकों को सुपुर्द किया गया। बरामद मोबाइल की अनुमानित कीमत 12 लाख रुपए है। पुलिस अधीक्षक कार्यालय में शुक्रवार को एसपी ओमवीर सिंह ने बरामद दर्जनों मोबाइल फोन को आवेदकों को दिया। सर्विलांस सेल द्वारा जनपद के विभिन्न थाना क्षेत्रान्तर्गत उक्त सभी गुमशुदा मोबाइल फोन बरामद किया। गुमशुदा मोबाइल फोन पुनः प्राप्त करने के बाद आवेदकों ने एसपी और सर्विलांस टीम के प्रति प्रसन्नता व्यक्त करते हुये धन्यवाद व्यक्त किया। इस दौरान एसपी के साथ एसपी सिटी ज्ञानेंद्र, सीओ सिटी गौरव कुमार मौजूद रहे। मोबाइल फोन बरामद करने वाले टीम में क्राइम ब्रांच प्रभारी रामाश्रय राय, सर्विलांस सेल प्रभारी शिवाकान्त मिश्रा, संजय कुमार पटेल, संजय सिंह रजावत, संजय प्रसाद, सूरज सिंह, विकास श्रीवास्तव, विनय यादव, शैलेन्द्र यादव स्वाट, सूजीत सिंह स्वाट टीम, आशुतोष सिंह, चन्दनमणि त्रिपाठी, अजय प्रसाद, जयंत सिंह, राकेश कुमार, प्रमोद कुमार और ओम प्रकाश सिंह शामिल रहे।
नगर पालिका अध्यक्ष ने बच्चों को भोजन परोस कर शुरू किया हॉट कुक मील योजना
गाजीपुर। उत्तर प्रदेश सरकार के द्वारा शुक्रवार को पूरे प्रदेश में संचालित आंगनबाड़ी केदो में आने वाले 3 वर्ष से 6 वर्ष के बच्चों के लिए हॉट कुक मील योजना की शुरुआत की गई। जिसका शुभारंभ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के द्वारा किया गया। वहीं गाजीपुर के प्राथमिक विद्यालय छावनी लाइन में इस योजना का शुभारंभ नगर पालिका अध्यक्ष सरिता अग्रवाल के द्वारा बच्चों को भोजन परोसकर किया गया। वही इस कार्यक्रम के शुरू होने से पूर्व जिला कार्यक्रम अधिकारी दिलीप कुमार पांडे और जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी हेमंत राव ने बने हुए भोजन को पहले खुद चखा और उसके पश्चात बच्चों में वितरित किया गया। जिला कार्यक्रम अधिकारी दिलीप कुमार पांडे ने बताया कि हॉट कुक मिल योजना काफी दिनों से बंद चल रही थी। उसकी जगह पर आंगनबाड़ी केंद्रों पर आने वाले बच्चों को सुखा राशन के तहत चने का दाल और दलिया दिया जा रहा था । लेकिन अब शासन के द्वारा एक बार फिर से इस योजना को संचालित किया गया है। जिसको लेकर शासन के द्वारा बजट भेजा गया। और आज से इस योजना का शुभारंभ किया गया है।केंद्रों का मैपिंग भी कराया जा चुका है । जिससे यह पता चल सके की किस केंद्र का भोजन कहां बनना है। 4127 केंद्रों पर करीब 84 हजार बच्चे इस योजना से लाभान्वित होंगे।
उन्होंने बताया कि प्राथमिक विद्यालयों के अंतर्गत संचालित होने वाले आंगनवाड़ी केदो का हॉट कुक मिड डे मील भोजन के साथ वहां की रसोइयों के द्वारा बनाया जाएगा । जो आंगनवाड़ी केंद्र प्राथमिक विद्यालयों से दूरी पर है वहां पर उनका भोजन सहायिका के द्वारा बनाया जाएगा। साथ ही उन्होंने बताया कि पूर्व में सुखा राशन की योजना जो चल रही थी वह भी निरंतर चलती रहेगी। हॉट कुक योजना के लिए शासन की तरफ से ₹4.50 पैसे कन्वर्जन प्रति बच्चे शासन के द्वारा दिया जाएगा ।जिसमें से 25 पैसे परिवहन पर खर्च किए जाएंगे। इस पैसे में प्राथमिक विद्यालय की रसोइयों की पारिश्रमिक भी शामिल है। उन्होंने बताया कि जखनिया में 3 वर्ष से 6 वर्ष के वास्तविक उपस्थित बच्चों की संख्या 5092 ,मनिहारी 5824 ,सादात 6251, सैदपुर 5685, देवकली 5497, करंडा 3075, सदर 4597, शहर 2297, मरदह 4390, कासिमाबाद 6059, बाराचवर 5385, मोहम्मदबाद 4471 ,भांवरकोल 5092, रेवतीपुर 4718 ,भदौरा 4450, जमानिया 70 08 बच्चे इस योजना से लाभान्वित होंगे। इस कार्यक्रम में परियोजना निदेशक राजेश यादव, बेसिक शिक्षा अधिकारी हेमंत राव ,डीपीआरओ अंशुल मौर्य, सीडीपीओ सदर अखिलेश कुमार के साथ ही आईसीडीएस विभाग के सुपरवाइजर, आंगनबाड़ी और प्राथमिक विद्यालय के टीचर प्रधानाचार्य सहित अन्य लोग मौजूद रहे।
विशेष अभियान चलाकर 20 प्रतिशत आबादी की होगी स्क्रीनिंग
अभियान के सफल संचालन के लिए 221 टीम और 43 सुपरवाइज़र तैनात
आवासीय परिसरों और संवेदनशील क्षेत्रों में भी स्क्रीनिंग पर होगा ज़ोर
गाज़ीपुर। प्रधानमंत्री के वर्ष 2025 तक टीबी मुक्त भारत बनाने के संकल्प को लेकर विभाग हर संभव प्रयास कर रहा है। इसी क्रम में बृहस्पतिवार को राष्ट्रीय क्षय उन्मूलन कार्यक्रम (एनटीईपी) व प्रधानमंत्री टीबी मुक्त भारत अभियान के अंतर्गत जनपद में सक्रिय टीबी रोगी खोज (टीबी एसीएफ़) अभियान का शुभारंभ किया गया। नगर सहित समस्त 16 ब्लॉक में टीम ने स्क्रीनिंग का कार्य भी शुरू किया गया। इसके साथ ही समस्त सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारियों (सीएचओ) को भी अभियान को सफल बनाने के लिए निर्देशित किया गया।
सीएमओ डॉ देश दीपक पाल ने जिला क्षय रोग अधिकारी, सरकारी चिकित्सालयों के अधीक्षक एवं जिला कार्यक्रम समन्वयक के साथ बैठक कर तैयारियों के बारे में जाना। सीएमओ ने बताया कि अभियान को सफल बनाने के लिए सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। यह अभियान पाँच दिसंबर तक चलेगा। जनपद की आबादी करीब 44.55 लाख है लेकिन विशेष अभियान के तहत 20 प्रतिशत आबादी की स्क्रीनिंग की जाएगी। उन्होंने कहा कि टीबी के जीवाणु रोगी के खाँसने, छींकने और थूकने से हवा में फैल जाते हैं और साँस लेने से स्वस्थ व्यक्ति के फेफड़े में पहुँचकर रोग उत्पन्न करते हैं। टीबी का रोगी एक वर्ष में 10 से 15 स्वस्थ व्यक्तियों को संक्रमित कर सकता है। इसलिए इस अभियान में टीबी के लक्षण युक्त (संभावित रोगियों) व्यक्तियों की जांच की जाएगी और जांच में टीबी की पुष्टि होने पर तत्काल उपचार शुरू किया जाएगा। इसके साथ ही निक्षय पोषण योजना के तहत टीबी रोगियों को उनके उपचार के दौरान हर माह 500 रुपये की आर्थिक सहायता डीबीटी के माध्यम से बैंक खाते में प्रदान की जाती है।
जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ मनोज कुमार सिंह ने बताया कि अभियान के लिए 221 टीम और 43 सुपरवाइजर तैनात किए गए हैं। स्वास्थ्यकर्मी संभावित क्षय रोगियों की जांच करेंगे और टीबी की पुष्टि होने पर 48 घंटे के अंदर उपचार शुरू किया जाएगा। उन्होंने बताया कि अभियान के दौरान आवासीय परिसरों, जैसे अनाथालयों, वृद्धाश्रमों, नारी निकेतन, बाल संरक्षण गृह, मदरसों और छात्रावासों में कैंप आयोजित कर टीबी के प्रति संवेदीकरण किया जाएगा और लक्षण युक्त व्यक्ति के स्पुटम (बलगम) के नमूने एकत्र किए जाएंगे।
संवेदनशील क्षेत्रों पर होगा ज़ोर – जिला कार्यक्रम समन्वयक (डीपीसी) डॉ मिथलेश कुमार ने बताया कि अभियान के दौरान माइक्रोप्लान के मुताबिक संवेदनशील क्षेत्रों (घनी बस्ती और स्लम एरिया) को कवर करते हुए जनपद की 20 प्रतिशत आबादी की स्क्रीनिंग की जाएगी। रोगी के बलगम की जांच करवाने पर फेफड़ों की टीबी का पता लग सकता है। बलगम के दो नमूनों की जांच माइक्रोस्कोपी एवं सीबीनॉट मशीन द्वारा की जाती है, जिससे टीबी की पुष्टि होती है। इसके साथ ही सभी रोगियों की शुगर और एचआईवी जांच भी की जाएगी। अभियान की समस्त रिपोर्ट को निक्षय पोर्टल पर अपलोड किया जाएगा।
इन्सेट– टीबी का इलाज – टीबी रोगी के इलाज के लिए जिले में टीबी की दवा स्वास्थ्य कार्यकर्ता के सीधी देखरेख में खिलाई जाती हैं जिससे यह सुनिश्चित किया जा सके कि मरीज सही दवा निश्चित समय पर पूरी अवधि तक खाकर शीघ्र रोग मुक्त हो जाए। इन बातों का रखें ध्यान –
दो हफ्ते या उससे अधिक खाँसी, खाँसी के साथ बलगम आना, रात में पसीना आना, भूख न लगना और वजन में लगातार गिरावट टीबी हो सकती है। ऐसे लक्षण देने पर तुरन्त नजदीकी स्वास्थ्य केन्द्र पर सम्पर्क करें।
टीबी की समस्त आधुनिक जाँच एवं सम्पूर्ण उपचार समस्त सरकारी स्वास्थ्य केन्द्रों पर निःशुल्क उपलब्ध है।
अधिक जानकारी के लिए टोल फ्री नम्बर 1800-11-6666 पर संपर्क कर सकते हैं और टीबी आरोग्य सेतु एप को भी डाउनलोड करें।
ग़ाज़ीपुर।गुरुवार को समाजवादी पार्टी के तत्वाधान में जिलाध्यक्ष गोपाल यादव की अध्यक्षता में पार्टी कार्यालय समता भवन पर लोकबंधु के नाम से दुनिया में विख्यात स्व.राजनारायन की जयंती के अवसर पर माल्यार्पण कार्यक्रम एवं विचार गोष्ठी आयोजित हुई । गोष्ठी आरंभ होने के पूर्व कार्यकर्ताओं ने उनके चित्र पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए लोकतंत्र की रक्षा करने एवं देश की सत्ता पर हुकूमत कर रही तानाशाह भाजपा सरकार को उखाड़ फेंकने का संकल्प लिया ।
इस गोष्ठी को संबोधित करते हुए जिलाध्यक्ष गोपाल यादव ने उनके व्यक्तित्व एवं कृतित्व पर विस्तृत रूप से प्रकाश डालते हुए कहा कि राजनारायन जी इस मुल्क के आम आवाम की आवाज थे । वह आजीवन अन्याय,जुल्म और शोषण के खिलाफ संघर्ष करते रहे । राजनारायन ने आम आदमी की खातिर एक दो नहीं बल्कि 17 साल जेल में गुजार दिए। ऐसा कोई मुद्दा नहीं रहा आम जन से जुड़ा जिस पर राजनारायन ने आवाज न बुलंद की हो। आजाद भारत में जब अंग्रेजियत बढ़ रही थी तब अंग्रेजी हटाओ आंदोलन शुरू किया। बनारस हिंदू विश्वविद्यालय से शुरू इस आंदोलन को देश भर में फैला दिया। नेताओं ने राजनारायण के व्यक्तित्व और कृतित्व की चर्चा की। उन्होंने कहा कि राज नारायण जी का निधन 69 साल की उम्र में हुआ। लेकिन इस सात दशक के जीवनकाल में वह 80 बार जेल गए। उन्होंने कुल 17 साल जेल में बिताए। इसमें 3 साल आजादी के पहले और 14 साल आजादी के बाद। उनकी जेल यात्राएं ये बताती हैं कि वह आम जन के सरोकारों से किस हद तक जुड़े रहे। लोकतंत्र के सच्चे सिपाही के तौर पर वह हमेशा गरीबों, मजलूमों, किसानों और कमजोर तबकों के लिए खड़े रहेऔर लड़ते रहे। जहां कहीं अन्याय और जुल्म देखा वहीं उसके खिलाफ तन कर खड़े हो गए। उन्होंने कहा कि राज नारायण ने एक ओर जहां राजनीतिक संघर्ष को धारदार बनाया, वहीं विचार व आचरण से कार्यकर्ताओं की फौज भी खड़ी की। प्रदेश कार्यसमिति के आमंत्रित सदस्य रामधारी यादव ने गोष्ठी को संबोधित करते हुए कहा कि आम आदमी के सवालों पर सड़क से संसद तक जूझने वाले अप्रतिम योद्धा राज नारायण ने एक ओर जहां कांग्रेस की सबसे ताकतवर नेता इंदिरा गांधी को कोर्ट और चुनाव दोनों में हराया। वहीं 1977 में जनता पार्टी के शासनकाल में दोहरी सदस्यता के खिलाफ सवाल खड़ा कर आरएसएस के विरोध में मोर्चा खोला। ये वही सख्श रहे जिन्होंने दलितोद्धार के लिए बड़ा आंदोलन चलाया। काशी विश्वनाथ मंदिर में दलितों का प्रवेश उन्होंने ही कराया। इसी बेनियाबाग मैदान में राज नारायण ने सत्याग्रह कर महारानी विक्टोरिया की मूर्ति तोड़ी थी। इस गोष्ठी में मुख्य रूप से डा.नन्हकू यादव,सूरज राम बागी,निजामुद्दीन खां, मारकन्डेय यादव, सदानंद यादव,अरुण कुमार श्रीवास्तव, रविन्द्र नाथ राय,राजेंद्र यादव,अमित ठाकुर, रमेश यादव,दिनेश यादव, राहुल सिंह ,वंशराज सिंह यादव,हरिनाथ कुशवाहा, राजेश गोड़, रामाशीष यादव, अशोक यादव,टएंगरई बिंद, हीरा बिंद ,उपेन्द्र यादव,मो.अख्तर अंसारी, राकेश यादव,नितिल यादव, गोपाल यादव आदि उपस्थित थे । गोष्ठी का संचालन जिला महामंत्री कन्हैयालाल विश्वकर्मा ने किया ।
गाजीपुर। जिलाधिकारी द्वारा सूचित किया गया है कि विशेष सचिव, उ0प्र0 शासन, भूत्तव एवं खनिकर्म अनुभाग लखनऊ द्वारा ईट भट्ठा सत्र 2023-24 के लिए उ0प्र0 उपखनिज (परिहार) नियमावली, 2021 के नियम- 21(2) के अनुसार ईट- भट्ठा मालिकों से पायो के आधार पर विनियमन शुल्क गत सत्र- 2022-2023 से ईट भट्ठा सत्र 2023-2024 हेतु 20 प्रतिशत वृद्धि के साथ लिये जाने का निर्णय लिया गया है। शासनादेश में निर्देशित किया गया है कि ईट भट्ठा स्वामी को पोर्टल पर ऑनलाईन आवेदन करना होगा। आवेदन के साथ रू 2000 का आवेदन शुल्क, ईट भट्ठा स्वामी का विवरण, भट्ठा स्थल सहित विवरण, भट्ठा का प्रकार (सामान्य/जिग-जैग), पायों की संख्या, ईट-मिट्टी के खनन क्षेत्र का विवरण, भट्ठा-सत्र सहित वांछित विवरण फीड करना होगा। ईट भट्ठा स्वामी को आवेदन – पत्र के साथ ईट-भट्ठे के सम्बन्ध में रायल्टी/विनियमन शुल्क बकाया न होने का शपथ -पत्र भी प्रस्तुत करना होगा। फीड की गयी सूचना के अनुसार ईट भट्ठों के पायों की संख्या के आधार पर विनियमन शुल्क एवं पलोथन की धनराशि अग्रिम रूप से पोर्टल पर प्रदर्शित लिंक के माध्यम से ऑनलाईन भूतत्व एवं खनिकर्म विभाग के लेखाशीर्षक ‘‘ 0853- अलौह खनन तथा धातुकर्म उद्योग- 102- खनिज रियायत शुल्क किराया और स्वत्व शुल्क‘‘ में जमा की जायेगी। विनियमन शुल्क आनलाईन जमा करने पर ईट भट्ठा स्वामी ‘‘विनियमन शुल्क जमा का प्रमाण-पत्र‘‘ पोर्टल से जनित कर सकेंगे। ईट- भट्ठा स्वामियों द्वारा विनियमन शुल्क अग्रिम रूप से जमा किये जाने के उपरान्त ही ईट भट्ठे का संचालन किया जायेगा। विनियमन शुल्क की धनराशि जमा किये बिना संचालित ईट भट्ठो के विरूद्ध नियमानुसार कार्यवाही की जायेगी। ईट मिट्टी के लिये देय विनियमन शुल्क की धनराशि के 10 प्रतिशत के समतुल्य धनराशि ईट बनाने के काम आने वाली पलोथन मिट्टी (बलुई मिट्टी) के लिये ईट- भट्ठा स्वामियों द्वारा जमा किया जाना होगा। 30 अक्टूबर 2023 तक जमा की गयी विनियमन शुल्क की धनराशि पर किसी प्रकार का ब्याज देय नही होगा किन्तु उक्त तिथि के उपरान्त जमा की गयी धनराशि पर नियमानुसार ब्याज देय होगा।
गाजीपुर। जिलाधिकारी आर्यका अखौरी की अध्यक्षता में कर-करेत्तर एंव मासिक स्टाफ बैठक रायफल क्लब सभागार में गुरूवार को सम्पन्न हुआ। बैठक में जिलाधिकारी ने परिवहन, वन विभाग, स्टाम्प, नगर पालिका, आडिट आपत्ति, चकबन्दी, व्यापार कर, विद्युत देय, आबकारी, अंश निर्धारण, मोटर देय, आईजीआरएस, के सम्बन्ध मे विस्तारपूर्वक समीक्षा की। बैठक मे जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों का आह्वान करते हुए उन्हें निर्देश दिया कि राजस्व प्राप्ति के संबंध में जो विभाग कार्य कर रहे हैं उनके द्वारा अपने-अपने लक्ष्य को प्रत्येक माह उसे पूर्ण कर अंतिम रूप प्रदान किया जाए ताकि सभी विभागों में राजस्व प्राप्ति के लक्ष्य पूर्ण किए जा सकें। उन्होने कम राजस्व वसूली वाले विभागो के प्रति नाराजगी व्यक्त करते हुए सम्बन्धित अधिकारियों को अपने लक्ष्य के प्रति प्रत्येक माह कार्य योजना बनाकर मूर्त रूप प्रदान किए जाने को कहा। उन्होंने कहा कि इसमें किसी भी स्तर पर लापरवाही एवं शिथिलता क्षम्य नहीं होगी। उन्होंने स्पष्ट किया है कि जिन विभागीय अधिकारियों के द्वारा अपने राजस्व लक्ष्यों की प्राप्ति नहीं की जाएगी उनके विरुद्ध कार्यवाही प्रस्तावित की जाएगी। जिसकी जिम्मेदारी स्वयं संबंधित विभागीय अधिकारी की होगी। उन्होने आई जी आर एस पोर्टल पर प्राप्त शिकायतो को निर्धारित समयान्तराल मे निस्तारण का निर्देश दिया, उन्होने सख्त लहजे मे कहा कि कोई भी शिकायत पत्र डिफाल्टर न हो। इसकी समीक्षा सीधे शासन स्तर से की जाती है। उन्होनेे जिला विद्यालय निरीक्षक, बेसिक शिक्षा विभाग मे प्राप्त शिकायत पत्र का समय से निस्तारण न होने तथा डिफाल्टर होने पर स्पष्टिकरण तथा खण्ड विकास अधिकारी कासिमाबाद के द्वारा आई जी आर एस पोर्टल पर शिकायत पत्र निस्तारण न करने/डिफाल्टर होने पर खण्ड विकास अधिकारी का वेतन रोकने का निर्देश दिया।
इसके उपरांत जिलाधिकारी ने मासिक स्टाफ बैठक में राजस्व विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक ली। बैठक में लंबित प्रकरण एवं विवादित प्रकरण, दाखिल खारिज, विवादित वादो का निस्तारण करने को कहा। नायब तहसील सेवराई के द्वारा राजस्व कार्य मे लापरवाही पर प्रतिकूल प्रतिष्टि का निर्देश दिया। जिलाधिकारी ने समस्त उप जिलाधिकारी, तहसीलदार एवं अन्य संबंधित राजस्व अधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा कि राजस्व कार्यों में सभी अधिकारियों द्वारा सरकार की मंशा के अनुरूप चलाए जा रहे प्रत्येक कार्यक्रम में तत्परता दिखाते हुए कार्यों का संपादन किया जाना सुनिश्चित करें ताकि सरकार की राजस्व योजनाओं का लाभ जन सामान्य को आसानी के साथ प्राप्त हो सके। जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि समस्त अधिकारी राजस्व वसूली का कार्य सर्वाेच्च प्राथमिकता के आधार पर करते हुए डिमांड के अनुसार वसूली सुनिश्चित करे। उन्होंने राजस्व वादों के निस्तारण में समीक्षा करते हुए राजस्व वादों के निस्तारण के संबंध में सभी पीठासीन अधिकारियों द्वारा शिकायतो का निस्तारण गुण एवं दोष के आधार पर कार्रवाई करते हुए सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। बैठक में अपर जिलाधिकारी वि0/रा0, अरूण कुमार सिंह, मुख्य राजस्व अधिकारी, समस्त उपजिलाधिकारी, तहसीलदार एवं सम्बन्धित अधिकारी एंव पटल सहायक उपस्थित थे।
पटना के साइं सेंटर में हुनर निखारेंगे ताइक्वांडो खिलाड़ी आदित्य दुबे
ग़ाज़ीपुर। जिले के मनिहारी निवासी ताइक्वांडो खिलाड़ी आदित्य दुबे का चयन स्पोर्ट्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया (सांई) द्वारा किया गया है। पटना में स्थित साई के स्पोर्ट्स ट्रेनिंग सेंटर में आदित्य कुछ दिन पूर्व ट्रायल देने गए थे, जिसमें किए गए श्रेष्ठ प्रदर्शन के आधार पर उनका चयन हुआ है। उनके चयन पर गांव मनिहारी और स्कूल में खुशी का माहौल है उन्होंने राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में आठ पदक जीते हैं जबकि नेशनल व इंटरनेशनल लेबल प्रतियोगिता में स्वर्ण पदक अपने नाम किए हैं।
मा है गृहणी, पिता एक शिक्षक हैं
आदित्य मनिहारी निवासी पंकज दुबे और चंदा दुबे के बेटे हैं पिता पंकज दुबे बुजुर्गा स्थित कंपोजिट विद्यालय में शिक्षक हैं जबकि मां चंदा दुबे गृहणी हैं। आदित्य दुबे यूसूफपुर खड़बा स्थित खाकी बाबा सिद्धार्थ इंटर कॉलेज में 9वी का छात्र है। मनिहारी में संचालित आर बी ताइक्वांडो प्रशिक्षण केंद्र में कोच रविकांत भारती से पिछले चार वर्षों से ताइक्वांडो मार्शल आर्ट का प्रशिक्षण प्राप्त कर रहा है। जिला गाजीपुर ताइक्वांडो संघ के अध्यक्ष अलाउद्दीन अंसारी ने बताया कि आदित्य दुबे बहुत ही प्रतिभावान खिलाड़ी है। इस तरह के खिलाड़ियों को संघ हमेशा प्रोत्साहन देता रहेगा। कोच रविकांत भारती ने बताया कि आदित्य के अंदर सीखने की अद्भुत लक है। वह बताए गए बातों को जल्द पकड़ लेता है और यही उसके सफलता का राज भी है। जिला गाजीपुर ताइक्वांडो संघ के अध्यक्ष अलाउद्दीन अंसारी ने चयनित खिलाड़ी को मोमेंटो देकर हौसला अफजाई किया। इस दौरान संघ के सचिव विपिन सिंह यादव, कोच मनोज कुमार, विजय कमला साहनी, अजय कुमार शर्मा, सत्यदेव पांडे, चित्रांश राय सहित आदि लोगों ने शुभकामनाएं दी।
गाजीपुर। जिलाधिकारी आर्यका अखौरी की अध्यक्षता में उ0प्र0 शासन द्वारा निर्धारित शासन के महत्वपूर्ण (37 बिन्दु), मुख्यमंत्री की सर्वोच्च प्राथमिकता के विकास कार्यों की समीक्षा बैठक बुधवार को रायफल क्लब सभागार मे सम्पन्न हुई। बैठक सीएम डैशबोर्ड से ली गयी। बैठक के दौरान जिलाधिकारी ने जिस-जिस विभागो की विभागीय योजनाए, आख्या, उपलब्धी सीएम डैश बोर्ड पोर्टल पर फीड नही है उसे तत्काल फीड कराने का निर्देश दिया, जिससे जनपद की रैकिग खराब न हो। बैठक में उन्होने समस्त संबंधित विभागों से जुड़ी योजनाओं की माह प्रगति के बारे में समीक्षा की। समीक्षा के दौरान उन्होने संबंधित अधिकारी को निर्धारित समय सीमा में विभागीय विकास परक योजनाओं एवं निर्माणाधीन परियोजनाओं को पूरा करने के सख्त निर्देश दिये। उन्होंने कहा कि जन कल्याणकारी योजनाओं को प्राथमिकता के आधार पर लागू कर पात्र आम जन मानस को त्वरित गति से लाभ पहुचाया जाये। किसी भी स्तर पर लापरवाही न बरती जाये। कोई भी पात्र व्यक्ति शासन की लाभ परक योजनाओं से वंचित न रहने पाए एव सहभागिता योजना में पात्र लोगो को जागरूक करने का निर्देश दिया।
उन्होने मुख्य पशु चिकित्साधिकारी को पशुओ का टीकाकरण एव निराश्रित गौवंश को गौशालयों में अभियान चलाकर संरक्षित करने का निर्देश दिया। आई0जी0आर0एस प्रकरण मे उन्होने शिकायत पत्रो का समय से निस्तारण करने का निर्देश दिया। कहा कि किसी दशा में कोई शिकायत डिफाल्टर न होने पाये। इसकी समीक्षा सीधे शासन स्तर से की जाती है। जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित करते हुये कहा कि अपनी-अपनी विभागीय योजनाओं के सम्बन्ध में स्टाफ के साथ समीक्षा कर समयान्तर्गत कार्य कराना सुनिश्चित करें। बैठक मे मुख्य विकास अधिकारी संतोष कुमार वैश्य, परियोजना निदेशक, जिला विकास अधिकारी समेत समस्त जनपद स्तरीय अधिकारी उपस्थित थे।