गाजीपुर। बुधवार को वाराणसी से आई डॉग स्क्वायड टीम के साथ पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी भारी संख्या में पुलिस फोर्स के साथ स्टेशन पर पहुंचे। टीम ने स्टेशन पर मौजूद संदिग्धों के साथ यात्रियों के सामानों की जांच-पड़ताल किया। मालूम हो कि कुछ दिन पहले लश्कर-ए-तैयबा द्वारा गाजीपुर सिटी स्टेशन सहित अन्य स्टेशनों को 22 जून को बम से उड़ाने का जीआरपी को पत्र मिला था। इससे आरपीएफ और जीआरपी में हड़कंप मच गया था। उसने उच्चाधिकारियों सहित पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों को इस मामले से अवगत कराया था। इसी क्रम में बुधवार की सुबह एडीएम वित्त एवं राजस्व अशोक कुमार सिंह, सदर एसडीएम प्रतिभा मिश्रा, पुलिस अधीक्षक रामबदन सिंह, एसपी सिटी गोपीनाथ सोनी, सदर सीओ समर बहादुर सिंह, सदर कोतवाल विमलेश मौर्या, वाराणसी से आई डॉग स्क्वायड टीम और भारी संख्या में पुलिस फोर्स के साथ सिटी रेलवे स्टेशन पर पहुंचे। आरपीएफ प्रभारी अमित राय और जीआरपी प्रभारी अखिलेश मिश्रा के साथ प्लेटफार्मों पर मौजूद यात्रियों से पूछताछ करने के साथ ही उनके पास मौजूद सामानों की तलाशी की गई। इस संबंध में पुलिस अधीक्षक रामबदन सिंह कहा कि कुछ दिन पहले लश्कर-ए-तैयबा द्वारा एक धमकी भरा पत्र मिला था। उस पत्र में रेलवे स्टेशन को बम से उड़ाने की धमकी दी गई थी। इसी के मद्देनजर आज डॉग स्क्वायड टीम के साथ स्टेशन पर यात्रियों के सामानों की जांच-पड़ताल की गई।
गाज़ीपुर में डीएम-एसपी सहित अन्य लोगों ने किया योग
गाजीपुर।मंगलवार को जिले में अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस उल्लास के बीच मनाया गया। इस मौके पर जगह-जगह योग शिविर का आयोजन किया गया। पुलिस लाइन परिसर में आयोजित कार्यक्रम में डीएम-एसपी सहित अन्य पुलिस अधिकारियों-कर्मियों के साथ ही विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारी, नगरपालिका अध्यक्ष और छात्र-छात्राओं ने भाग लिया। जिला प्रशासन एवं आयुष विभाग के संयुक्त तत्वावधान में पुलिस लाइन परिसर में आयोजित कार्यक्रम का शुभारंभ जिलाधिकारी मंगला प्रसाद सिंह ने किया।इस पर मौके पर पुलिस अधीक्षक रामबदन सिंह, जिलाधिकारी मंगला प्रसाद सिंह, अपर जिलाधिकारी वि.रा. अरूण कुमार सिंह, नगरपालिका अध्यक्ष सरिता अग्रवाल, डीआईओएस, एडीएम, कर्मचारी नेता अंबिका दुबे, विभिन्न स्कूल-कालेजों की छात्र-छात्राओं सहित लगभग चार हजार लोगों ने योगाभ्यास किया।इस मौके पर जिलाधिकारी ने कहा कि योग भारतीय संस्कृति एवं परंपरा की एक अमूल्य देन है। इस उपभोक्तावादी समाज में जब व्यक्ति ने अपने आपको प्रतियोगी के बजाय प्रतिस्पर्धी बना लिया हो और अपने जीवन को यन्त्रवत ढाल लिया हो, ऐसी स्थिति में उसके जीवन में निराशा, अवसाद और बीमारियां लगातार घर करती जा रही है। हमारे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारतीय परंपरा एवं संस्कृति में छिपे इस अद्भुत दर्शन को न केवल वैश्विक रूप दिया, अपितु जन-जन के जीवन के अभिन्न अंग के रूप में स्थापित करने में भी मदद की।इस दिवस की महत्ता की सार्थकता को सिद्ध करने के लिए पूरे विश्व में योग दिवस का आयोजन किया गया। उन्होंने कहा कि आज पूरा विश्व योग दिवस मना रहा है, इसका श्रेय हमारे यशस्वी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को जाता है। पीएम मोदी जी की सोच का दायरा इतना विस्तृत है कि उन्होंने मानवीय पहलू पर विचार करने के उपरांत ही योग दिवस की शुरूआत की।डीएम ने बताया कि योग से मानव किस तरह से अपने जीवन को सुरक्षित रख सकता है। आज की विषम परिस्थितियों में जब आदमी की सोच बदल गई है, खान-पान बदल गया है, रहन-सहन बदल गया है, इस भौतिकता के युग में हम पाश्चात्य संस्कृति को अपनाते जा रहे हैं, जो जीवन के लिए अत्यंत घातक है।योग दिवस हमें बतलाता है कि व्यक्ति को सूर्योदय के पूर्व उठना चाहिए, नियम, संयम को अपने जीवन में अत्यधिक महत्व देना चाहिए, तभी व्यक्ति स्वस्थ्य रह सकता है। अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस एक ऐसा मौका था, जब जनप्रतिनिधि, जिले भर के अधिकारी और आम नागरिकों ने एक साथ योगाभ्यास किया।
इसमें जनपद के कुशल योग प्रशिक्षक रूद्र तिवारी, नम्रता तिवारी, धीरज एवं जयप्रकाश ने सामूहिक प्रार्थना के बाद कॉमन योग प्रोटोकॉल की ग्रीवा शक्ति, शक्ति एवं घुटना शक्ति विकासक क्रियाओं, ताड़ासन, वृक्षासन, पादहस्तासन, अर्ध चक्रासन, भद्रासन, वज्रासन, उष्ट्रासन, उत्तान मंडूकासन, मकरासन, भुजंगासन, शलभासन, सेतुबंधासन,उत्तानपादासन, अर्ध हलासन, पवनमुक्तासन एवं सवासन सहित कपालभाति नाड़ी शोधन प्राणायाम शीतली प्राणायाम भ्रामरी प्राणायाम और ध्यान का अभ्यास कराते हुए प्रतिदिन योगाभ्यास का संकल्प दिलाया।साथ ही इन योगासनों के शरीर पर पड़ने वाले प्रभावों और निरोगी काया के लिए इनके महत्व को रेखाकिंत किया। कार्यक्रम का सफल संयोजन क्षेत्रीय आयुर्वेदिक एवं यूनानी अधिकारी आनंद विद्यार्थी ने किया।इस कार्यक्रम संचालन नेहरू युवा केंद्र के लेखा एवं कार्यक्रम सहायक सुभाष चन्द्र प्रसाद ने किया।
विद्यालय में अध्यापकों और छात्राओं ने किया योग
गाजीपुर। राजकीय महिला स्नातकोत्तर महाविद्यालय में 'अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस'पर मंगलवार को योग-शिविर का आयोजन महाविद्यालय की रानी लक्ष्मीबाई प्रांगण में किया गया। इस दौरान प्रातः योग शिविर का उद्घाटन प्राचार्य प्रोफेसर सविता भारद्वाज ने करते हुए कहा कि योग केवल एक क्रिया मात्र नहीं है बल्कि हमारे शरीर को स्वास्थ और आनन्द, जीवन को शान्ति एवं सुखमय बनाने की एक विधा है। इस विधा में सभी को पारंगत करना ही इस शिविर का उद्देश्य है। योग शिविर में 28 यू पी गर्ल्स बटालियन एन सी सी कैडेट्स, प्रज्ञा रेंजर, छात्राओं के साथ-साथ प्राध्यापकों एवं कर्मचारियों ने प्रतिभागिता की। योग प्रशिक्षक लेफ्टिनेंट शशिकला ने कटिचक्रासन, वृक्षासन, ताड़ासन,गोमुखासन, धनुरासन, प्राणायाम, आदि का अभ्यास कराया और योग से होने वाले लाभों के बारे में जानकारी दी। योग शिविर में रेंजर प्रभारी डॉ शिवकुमार, डॉ. सारिका सिंह, प्रो. उमाशंकर, डॉ रामनाथ, डॉ. मनीष, डॉ गजनफर, डॉ राजेश, शिवम सिंह लिपिक सहित महाविद्यालय के समस्त कर्मचारी उपस्थित रहे।
प्रमोद वर्मा ने योग कर लोगों को किया जागरूक
गाज़ीपुर (जखनियां)। आज विश्व योग दिवस पर व्यापार प्रकोष्ठ जिलाध्यक्ष प्रमोद वर्मा ने योग कर लोगो को इसके प्रति जागरूक करने की प्रेरणा दिया। समस्त क्षेत्रवासियों को अंतराष्ट्रीय योग दिवस की बधाई शुभकामनाएं दी। प्रमोद वर्मा ने कहा आज भावात्मक योग का दिन है, जो दूरियां खत्म करे, वही योग है। योग से इम्युनिटी बढ़ाने में मदद मिलती है, हर दिन प्राणायाम कीजिए। दुनियाभर में योग का उत्साह बढ़ रहा है। योग का अर्थ समर्पण, सफलता है। हर परिस्थिति में समान रहने का नाम योग है। योग किसी से भेदभाव नहीं करता। योग कोई भी कर सकता है। योग से शांति और सहनशक्ति मिलती है, कर्म की कुशलता ही योग है।व्यक्ति के जीवन में स्वास्थ्य सबसे बड़ा धन होता है, जिसे हमेशा संजोकर रखना बहुत जरूरी है। स्वस्थ शरीर से ही व्यक्ति को हर कार्य करने में मन लगता है। योगा एक ऐसी कला है, जिससे व्यक्ति अपने आपको स्वस्थ रख सकता है। यहां तक कि योगा से व्यक्ति कई प्रकार के शारीरिक बीमारियों से उभर सकता है।योग कला हमारे प्राचीन संस्कृति की देन है, हमारे पूर्वज योगा किया करते थे। यही कारण है कि वे स्वस्थ रहा करते थे। भारत के प्रधानमंत्री ने योगा के महत्व को समझा और पूरे विश्व को इसका लाभ लेने का सुझाव दिया। उन्ही के प्रयासों से हर साल 21 जून को अंतरराष्ट्रीय योगा दिवस के रूप में मनाना शुरू किया गया। उन्होंने अंत मे कहा “नासै रोग हरे सब पीरा”….. हर मर्ज और दर्द की दवा है योग जो आपके जीवन को प्रसन्नचित रखता है। नियमित योग करें।
शहीद को दी गई अंतिम विदाई
गाजीपुर। विगत दिनो मेघालय राज्य में ड्यूटी के दौरान भारी वर्षा से हुए भूस्खलन से खानपुर क्षेत्र के मौधा गांव निवासी बीएसएफ के जवान सतीश कुमार सिंह डब्लू (40) शहीद हो गए थे। सोमवार को सेना के अधिकारी जवानों के साथ उनका पार्थिव शरीर लेकर गांव में पहुंचे।
जैसे ही सेना के अधिकारी जवानों के साथ तिरंगा में लिपटा हुआ बीएसएफ के जवान का पार्थिव शरीर लेकर घर पहुंचे, मौजूद सैकड़ों लोग भारत माता की जय, जब तक सूरज चांद रहेगा तब तक सतीश भैया का नाम रहेगा, देखो-देखो कौन आया गाजीपुर का शेर आया आदि गगनभेदी नारे लगाने लगे।इस दौरान देशभक्ति वातावरण के बीच तमाम लोगों की आंखें छलछला गई। पत्नी विजय लक्ष्मी, पुत्र शिवांग, मां कांति देवी और पिता इंद्रजीत सिंह शव से लिपटकर बिलखने लगे। मौजूद लोग उन्हें सांत्वना देने में जुट गए। पिता इंद्रजीत सिंह, शिवांग सहित उपजिलाधिकारी ओमप्रकाश गुप्ता, क्षेत्राधिकारी सैदपुर बलिराम, थानाध्यक्ष खानपुर संजय मिश्रा,थानाध्यक्ष बहरियाबाद संदीप कुमार समेत चौकी प्रभारी मौधा आशुतोष शुक्ला, भाजपा जिला अध्यक्ष भानु प्रताप सिंह, जिला पंचायत अध्यक्ष सपना सिंह के पिता मुन्ना सिंह, जिला महामंत्री दयाशंकर पांडेय, प्रवीण सिंह, जिलामंत्री संतोष चौहान, अच्छेलाल गुप्ता, मंडल अध्यक्ष श्याम कुंवर मौर्या, सभाजीत विश्वकर्मा, महेंद्र प्रताप सिंह,शिव प्रसाद गुप्ता, बाबूलाल यादव, तेज नारायण चौहान, राधाविनोद, कृष्णमोहन पांडेय, बेचू बिंद, माधवेंद्र सिंह, संजीव पांडेय, अचल सिंह, संतोष भारद्वाज सहित भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ व प्रशासनिक
अधिकारियों के साथ ही अन्य सैकड़ों लोगों ने पार्थिव शरीर पर पुष्पाजंलि अर्पित कर शहीद को नम आंखों से अंतिम विदाई दी। इसके बाद जवान की शव यात्रा निकली।सौना, शिवदाशपुर, पोखरा मोड़, अनौनी, ददरा, बिहारीगंज, औड़िहार होते हुए रामतवक्का घाट जौहरगंज श्मशानघाट पहुंची। यात्रा में शामिल लोग तिरंगा लहराते हुए और भारत माता की जय आदि गगनभेदी नारा लगाते चल रहे थे। राजकीय सम्मान के साथ शहीद का अंतिम संस्कार किया गया। मुखाग्नि बड़े बेटे शिवांश ने दी।
सीएमओ को सौंपा पत्रक
ग़ाज़ीपुर।यूपी मेडिकल एंड पब्लिक हेल्थ मिनिस्ट्रीयल एसोसिएशन गाजीपुर उत्तर प्रदेश ,के जिलाध्यक्ष सहित तमाम कर्मचारियों ने अपनी 4 सूत्री मांग पत्र का ज्ञापन जो उपमुख्यमंत्री एवं मंत्री चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण सेवा उत्तर प्रदेश लखनऊ, को संबोधित था उस पत्र को सोमवार को मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ हरगोविंद सिंह को सौंपा। जिसमें स्थानांतरण नीति केअनुपालन व साथ ही अन्य मांगों का जिक्र किया गया था।जिलाध्यक्ष अमित राय ने बताया कि विगत साल दूरस्थ स्थान्तरित किए गए लिपिक को तीन विकल्प प्राप्त करके विकल्प के आधार पर उनके अनुरोध पर उनके गृह जनपद के निकट के जनपद या मंडल में तैनात कराया जाए। जिससे लिपिक राजकीय दायित्व के साथ-साथ अपने पारिवारिक दायित्वों का निर्वहन भी कर सके। शासनादेश के मुताबिक बिंदु संख्या पांच बीमारी, बच्चों की शिक्षा, दंपत्ति नीति, दिव्यांग, बिंदु 5 और 2 वर्ष से कम सेवानिवृत्ति वाले कर्मियों को स्थानांतरण से मुक्त रखा जाए। इसके अलावा फर्जी शिकायतों पर बिना पुष्टि एवं जांच की स्थानांतरण ना किया जाए।पत्रक सौंपने वालों में शिव बली मिश्रा, कृष्ण कुमार वर्मा ,प्रमोद कुमार, दिनेश तिवारी, अखिलेश कुमार श्रीवास्तव ,गौरी शंकर लाल के साथ ही अन्य लोग उपस्थित रहे।
दो सड़को का हुआ लोकार्पण
गाजीपुर। नगर पालिका द्वारा नवाबगंज वार्ड में दो सड़कों का लोकार्पण नपा अध्यक्ष सरिता अग्रवाल और मुख्य अतिथि भाजपा के पूर्व जिलाध्यक्ष व प्रदेश कार्यसमिति के सदस्य कृष्ण बिहारी राय द्वारा किया गया। इस मौके पर मुख्य अतिथि ने कहा कि जिस प्रकार नगर पालिका ने इन दोनों सड़कों का अच्छा काम कराकर क्षेत्र की जनता को सुगम यातायात के लिए समर्पित किया है, वह स्वागत योग्य है। नपा अध्यक्ष सरिता अग्रवाल ने कहा कि जनता की हर मूलभूत आवश्यकताओं की पूर्ति के लिए नगर पालिका संकल्पित है और हम इस दिशा में लगातार प्रयास कर रहे हैं। पूर्व अध्यक्ष विनोद अग्रवाल ने कहा कि वार्ड नंबर-23 के बेगम मस्जिद से सायर माता मंदिर होते केदार कुशवाहा (संलग्नक 4 गली) तक ढक्कनयुक्त नाली एवं इण्टरलाकिंग सड़क का लगभग 33 लाख एवं मुन्नू अग्रहरि के मकान से कसेरा गली होते हुए मुखी सोनार तक ढक्कनयुक्त नाली व इण्टरलाकिंग सड़क लगभग 9 लाख की लागत से बनाकर आम लोगों को आने-जाने के लिए लोकार्पित किया गया है। इससे इश क्षेत्र के निवासियों को बड़ी राहत मिलेगी। उन्होंने सफाई, पानी, स्ट्रीट लाइट आदि मुद्दे पर किए गए कार्यों पर भी जनता का ध्यान आकृष्ट करते हुए सहयोग की अपील की। इस अवसर पर क्षेत्रीय सभासद अनिल वर्मा, अवर अभियन्ता विवेक बिंद, भाजपा नगर अध्यक्ष सुनील गुप्ता, जिला उपाध्यक्ष अखिलेश सिंह, पूर्व नगर अध्यक्षगण रासबिहारी राय, अमरनाथ दुबे, अर्जुन सेठ, समरेन्द्र सिंह, बच्चा तिवारी सहित संतोष जायसवाल, अजय कुशवाहा, हेमंत त्रिपाठी, अभिनव सिंह छोटू, नन्दू कुशवाहा, श्याम चौधरी, जावेद अहमद, निखिल राय, लाले यादव, बब्लू जायसवाल, बंगाली वर्मा, प्रीति गुप्ता, डिम्पल वर्मा, संदीप शाह, सनी गुप्ता के अलावा सभासदगण कुंवर बहादुर सिंह, संजय कटियार, ओमप्रकाश वर्मा, हरिलाल गुप्ता, सुशील वर्मा, संजय राम, नफीस अहमद, नेहाल अहमद, रूपक तिवारी, कमलेश बिंद, सोमेश मोहन राय, कमलेश श्रीवास्तव, सहबान अली, परवेज अहमद, दिग्विजय पासवान, नन्हे खां, विनोद कुशवाहा, शेषनाथ यादव, विवेक गुप्ता, रणधीर मौर्या, सीमा जायसवाल, जामवंती देवी, बिंदा देवी, पूर्व सभासद आरती गुप्ता, शकुन्तला देवी, सिंहासन कुशवाहा, विजय बहादुर गुप्ता, ओपेन्द्र वर्मा, अजय शास्त्री, प्रमोद गुप्ता, अजय गुप्ता सोनू, विनोद गुप्ता आदि क्षेत्रीय लोग उपस्थित थे। संचालन पूर्व सभासद व सभासद प्रतिनिधि अशोक मौर्या ने किया।
आईजी ने कमिश्नर और अन्य अधिकारियों के साथ किया रेलवे स्टेशन का लिया जायजा
गाजीपुर।आईजी, कमिश्नर सहित जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक ने सिटी रेलवे स्टेशन सहित नगर के तमाम इलाकों में चक्रमण कर शांति व्यवस्था का जायजा लिया।
बतादें की अग्निपथ योजना के विरोध में बिहार सहित देश के अन्य जनपदों में युवा विरोध स्वरूप ट्रेनों-बसों को आग के हवाले करने करते हुए तोड़-फोड़ की घटना कर रहे हैं। बीते रविवार को जिले में भी युवाओं ने बंजारीपुर रेलवे क्रासिंग के रेल पटरी पर बैठने के साथ ही जमानिया तिराहा से लाठी-डंडा के साथ जुलूस निकालते हुए विरोध प्रदर्शन किया था।एसपी ने प्रदर्शनकारियों को समझा-बुझाकर शांत कराया था। युवाओं के प्रदर्शन को लेकर घंटों प्रशासन हांफता रहा रहा। कुछ अज्ञात संगठनों द्वारा सोमवार को भारत बंद की अफवाह फैलाई गई थी। इसको लेकर प्रशासन पूरी तरह से गंभीर रहा। सुबह आईजी के सत्यनारायण, कमिश्नर दीपक कुमार एसपी रामबदन सिंह, डीएम मंगला प्रसाद सिंह, एसडीएम सदर प्रतिभा मिश्रा, तहसीलदार अभिषेक कुमार के साथ सिटी रेलवे स्टेशन पर पहुंचे। अधिकारियों ने फोर्स के साथ स्टेशन का चक्रमण किया। इस दौरान स्टेशन पर जो भी संदिग्ध नजर आया, उससे पूछताछ करने के साथ ही तलाशी ली गई। कई ट्रेनों में भी यात्रियों और उनके सामानों की चेकिंग की गई। अधिकारियों की मौजूदगी में कई ट्रेनों को सकुशल रवाना किया गया। अधिकारियों ने स्टेशन अधीक्षक तथा आरपीएफ और जीआरपी प्रभारी से बातचीत करते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश दिया गया।अधिकारियों के चक्रमण के दौरान आरपीएफ प्रभारी एके राय, जीआरपी प्रभारी अखिलेश मिश्रा सहित भारी संख्या में पुलिस फोर्स मौजूद रही। इसके बाद अधिकारियों ने रोडवेज के साथ ही तमाम प्राइवेट बस स्टैंडों का निरीक्षण करते हुए शांति व्यवस्था का जायजा लिया। वहां तैनात पुलिस फोर्स को आवश्यक दिशा-निर्देश दिया।रेलवे स्टेशन पर मौजूद यात्री किसी घटना की आशंका को लेकर सहमें रहे। रेलवे स्टेशन के साथ ही रोडवेज और प्राइवेट बस स्टैंड पुलिस छावनी में तब्दील रहा। साधन के अभाव में यात्री इधर-उधर भटकते नजर आए। इस संबंध में आईजी के सत्यनारायण कहा कि आज अग्निवीरों द्वारा गाजीपुर रेलवे पहुंचने का काल किया गया है। इनके काल द्वारा यह भी बताया गया है कि बलिया, मऊ एवं बिहार से भी कुछ लड़कों को यहां बुलाया गया है। इस सूचना पर रेलवे स्टेशन के साथ ही इसके आसपास भारी संख्या में फोर्स की तैनाती कर दी गई है। जनपद के गहमर, सैदपुर, नंदगंज सहित अन्य जगहों पर भी फोर्स की तैनात है। कल की घटना को लेकर मुकदमा पंजीकृत किया गया है। 22 प्रदर्शनकारियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है। युवाओं पर कड़ी नजर रखी जा रही है। उन्होंने कहा कि युवाओं में मेरी अपील है कि किसी प्रकार की हिंसात्मक रास्ता अखित्यार न करें। ऐसे करने पर आपके के खिलाफ सख्त से सख्त कार्यवाही की जाएगा और भविष्य में आपको किसी प्रकार की नौकरी भी नहीं मिलेगी।
भारी हंगामे के बीच ‘अग्निपथ’ योजना में बदलाव के लिए केंद्रीय मंत्रियों ने PM मोदी को कहा ‘Thank You’
नई दिल्ली :
सेना में बहाली के लिए केंद्र सरकार द्वारा लाई गई अग्निपथ योजना के खिलाफ देशभर में जारी प्रदर्शन के बीच कई केंद्रीय मंत्री युवाओं के ये विश्वास दिलाने में जुट गए हैं कि नई योजना उनके लिए लाभकारी है और भविष्य में उनको इसका फायदा जरूर मिलेगा. हालांकि, अग्निपथ योजना के तहत चार साल के लिए सेना में बहाली के प्लान से युवा नाराज हैं. नाराज युवा खासकर बिहार और यूपी में बीते तीन दिनों से जमकर प्रदर्शन कर रहे हैं. कई जगहों से तोड़फोड़, आगजनी, पत्थरबाजी की खबर सामने आई है. कई जगह प्रदर्शकारियों ने ट्रेनों में तोड़फोड़ करने के साथ-साथ आग लगाई है. इसके अलावा रेलवे की संपत्ति को भी नुकसान पहुंचाया गया है.
ऐसे में हंगामा बढ़ता देख केंद्रीय मंत्रियों ने युवाओं को समझाने का प्रयास किया है. केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने शुक्रवार को ट्वीट कर कहा, ” पिछले दो साल कोरोना महामारी के कारण सेना में भर्ती प्रक्रिया प्रभावित हुई थी, इसलिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ‘अग्निपथ योजना’ में उन युवाओं की चिंता करते हुए पहले वर्ष उम्र सीमा में दो वर्ष की रियायत देकर उसे 21 साल से 23 साल करने का संवेदनशील निर्णय लिया है. इस निर्णय से बड़ी संख्या में युवा लाभान्वित होंगे और अग्निपथ योजना के माध्यम से देशसेवा व अपने उज्ज्वल भविष्य की दिशा में आगे बढ़ेंगे. इसके लिए पीएम मोदी का आभार व्यक्त करता हूं.”