कुम्हारो को मिला निशुल्क विद्युत चाक व पग मिल गाजीपुर।राम लक्ष्मण जानकी मन्दिर कुम्हार वंशज रौजा के प्रांगण में मंगलवार को माटी कला बोर्ड द्वारा वित्तीय वर्ष 2025 2026 के विद्युत चाक व पग मिल का जिन लाभार्थियों का चयन हुआ था उन सभी को टूल किट्स का वितरण किया गया ।
वितरण कार्यक्रम की मुख्य अतिथि जिला पंचायत अध्यक्ष सपना सिंह तथा विशिष्ठ अतिथि कृष्ण बिहारी राय पुर्व जिला अध्यक्ष भाजपा के द्वारा 50 विद्युत चाक 5 पग मिल का निशुल्क वितरण किया गया। उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा प्रजापति समाज को मिलने वाली सुविधावो पर विस्तृत जानकारी अमिता श्रीवास्तव जिला ग्रामोद्योग द्वारा टुल किट वितरण पर अमिता श्रीवास्तव द्वारा जानकारी दी गई ।
निःशुल्क विद्युत चाक व पग मिल पाकर मिट्टी कलाकारों के चेहरे खिल गए । इस कार्यक्रम मे आये हुए अतिथियो को प्रजापति कुम्हार संघ के जिलाध्यक्ष राजन कुमार प्रजापति ने अंग वस्त्र तथा स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया।
कार्यक्रम मे डा प्रभुनाथ प्रजापति, रमाकांत प्रजापति, श्याम नारायण प्रजापति, प्रभुनाथ, सुभाष प्रजापति, प्रजापति मुकेश प्रजापति ,शैलेश प्रजापति, नरेश प्रजापति ,,पवन कुमार ,राजेश कुमार , और प्रजापति समाज के लोग काफी संख्या में उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन दीपनारायण सिंह ने किया।
गाजीपुर। जिले में ही नहीं पूरे प्रदेश में विशेष मतदाता पुनरीक्षण कार्यक्रम एसआईआर के मतदाता ड्राफ्ट आने के बाद अब दूसरे फेज में फार्म 6 के माध्यम से नाम दर्ज करने और फॉर्म 7 के माध्यम से नाम कटवाने और जिन मतदाताओं का नाम अनमैपड रह गया है उन्हें निर्वाचन विभाग के द्वारा नोटिस भेजा जा रहा है। नोटिस प्राप्त करने वाले लोग अपना वैध प्रपत्र देकर अपना नाम मतदाता सूची में दर्ज कर रहे हैं। इन्हीं सब कार्यों के बीच समाजवादी पार्टी के द्वारा एक बड़ा आरोप भारतीय जनता पार्टी और निर्वाचन विभाग पर लगाया गया है। समाजवादी पार्टी का कहना है कि भारतीय जनता पार्टी के मंडल अध्यक्ष और पन्ना प्रभारियों ने फर्जी तरीके से फॉर्म 7 भरकर और फर्जी हस्ताक्षर कर बीएलओ पर दबाव बनाकर पीडीए मतदाता और खासकर मुस्लिम मतदाता का नाम कटवा रहे हैं।
इस सब मामलों को लेकर मंगलवार को समाजवादी पार्टी के जिला अध्यक्ष जंगीपुर, सदर और मोहम्मदाबाद के विधायक भी ने जिलाधिकारी को पत्रक सौंपा। इन सभी लोगो ने पत्र सौप कर इस धांधली को लेकर बड़ा आरोप लगाया है। इन लोगों का कहना है कि अभी इस पर प्रशासन ने संज्ञान नहीं लिया तो वह आने वाले समय में बड़ा आंदोलन करने को बढ़ेंगे। इतना ही नहीं जिलाधिकारी कार्यालय पर पहुंचे जिला अध्यक्ष ने अपने हाथों में सैकड़ो फॉर्म साथ भी लिए हुए थे जो भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्ता भरकर बीएलओ के पास दिए हुए थे लेकिन समाजवादी पार्टी के BLO और कार्यकर्ताओं के पहुंचने पर फॉर्म छोड़कर भाग गए थे।
इस पूरे मामले पर जिला अधिकारी अविनाश कुमार ने बताया कि कुछ बूथों पर फॉर्म 7 के माध्यम से कुछ आपत्तियां मिली हुई है और उन्हीं को लेकर समाजवादी पार्टी का एक प्रतिनिधिमंडल भी मिला हुआ था और इसी को लेकर जिला अधिकारी के द्वारा सभी पार्टी के पदाधिकारी की एक बैठक भी बुलाई गई थी जिसमें बताया गया है कि 6 जनवरी से 6 फरवरी तक सिर्फ इस मामले में आपत्तियां प्राप्त करनी है और इस तरह की आपत्ति करने का अधिकार सभी पार्टियों को है और ऐसे में यदि कोई भी आपत्ति देता है तो हमारे बीएलओ को या फिर हमारे अधिकारियों को वह आपत्तियां लेनी पड़ेगी। ऐसे में ध्यान देने वाली बात यह है कि जो भी आपत्ति करता है वह इस विधानसभा का होना चाहिए जो विधानसभा का आपत्ति दे रहा है अगर यदि BLO उस आपत्ति को सही मान रहा है तब उसे आपत्ति पर नोटिस जारी किया जाएगा और इस मामले पर सुनवाई की जाएगी। बगैर सुनवाई का किसी का भी नाम नहीं काटा जाएगा।
गाजीपुर में सम्पन्न हुआ राष्ट्रीय सम्मेलन एवं जीवन रक्षक सम्मान समारोह, 300 रक्तदाताओं को किया गया सम्मानित
गाजीपुर। जीवन रक्षक फाउंडेशन के तत्वावधान में राष्ट्रीय सम्मेलन एवं जीवन रक्षक सम्मान समारोह का भव्य आयोजन रविवार को शहनाई पैलेस, बन्धवा, में सफलतापूर्वक सम्पन्न हुआ। समारोह में रक्तदान के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान देने वाले गाजीपुर जनपद के अतिरिक्त भारत के विभिन्न राज्यों और जिलों के 300 रक्तदाताओं को सम्मानित किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य समाज में रक्तदान के प्रति जागरूकता बढ़ाना तथा निस्वार्थ सेवा करने वाले रक्तदाताओं को सम्मान प्रदान कर हौसला अफज़ाई करना रहा। इस अवसर पर चयनित रक्तदाताओं को समारोह के मुख्य अतिथि अभिनव सिन्हा के द्वारा सम्मानित किया गया। जिसमें शतकवीर रक्तदाता, अर्धशतकवीर रक्तदाता, उत्तर प्रदेश के कुल 15 जनपदों व गाजीपुर के 250 रक्तदाता सम्मिलित हुए। समारोह में 3 विशेष सम्मान प्रदान किये गये।
जिसमें रक्त शिरोमणि सम्मान वाराणसी से आये 58 वर्षीय श्री प्रदीप इसरानी जी को 245 बार रक्तदान करने के लिए प्रदान किया गया। चिकित्सा शिरोमणि सम्मान होम्योपैथिक डॉक्टर एम. डी. सिंह को उनकी निस्वार्थ सेवा के लिए विशेष रूप से कोविड-19 महामारी के कठिन दौर में योगदान सराहनीय रहा। जब लोग भय और असमंजस में थे, उस समय भी वे निरंतर आमजन के संपर्क में रहे और पूरी निष्ठा से रोगियों का उपचार करते रहे, उन्होंने आर्थिक रूप से कमजोर एवं गरीब मरीजों को निःशुल्क दवाएँ उपलब्ध कराईं तथा उन्हें मानसिक और चिकित्सकीय संबल प्रदान किया। श्रेष्ठ सेवा शिरोमणि सम्मान वर्षों से 2300 से अधिक लावारिस लाशों के वारिस बन कर उनका अन्तिम संस्कार करने वाले कुंवर वीरेन्द्र सिंह को देकर सम्मानित किया गया।
शतकवीर रक्तदाताओं में महाराष्ट्र के दीपक शामसुन्दर शुक्ला व वाराणसी के राजेश गुप्ता को प्रदान किया गया। अर्धशतकवीर रक्तदाताओं में गाजीपुर से ब्रज भूषण दूबे, मिर्जापुर से अभिषेक साहू, कृष्णानन्द हैहयवंशी, वाराणसी से बी.एच.यू ब्लड बैंक प्रभारी डाॅ. आशुतोष सिंह, आशीष केशरी, गोरखपुर से अमर सिंह, भदोही से सर्वेश कुमार शुक्ला, राहुल दूबे व अंबेडकरनगर से सूरज गुप्ता को सम्मानित किया गया, साथ ही सुनिल सिंह (वाराणसी), बिपीन दूबे (आजमगढ़), हिमांशु द्विवेदी ( सिद्धार्थनगर), गुरमीत सिंह (फतेहपुर), रणजीत यादव व विनय कुशवाहा (अयोध्या) को सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए संस्था के संस्थापक शीर्षदीप शर्मा ने कहा कि रक्तदान मानव जीवन की रक्षा का सबसे सशक्त माध्यम है। उन्होंने सभी रक्तदाताओं के प्रति आभार व्यक्त करते हुए समाज के प्रत्येक सक्षम व्यक्ति से नियमित रक्तदान की अपील की। समारोह में चिकित्सकों, सामाजिक कार्यकर्ताओं, रक्तदाताओं, स्वयंसेवकों एवं विभिन्न सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों की उल्लेखनीय उपस्थिति रही। समारोह का संचालन सचिव डाॅ. उरूज फात्मा, सह-सचिव सुरजीत कुमार व संजीव अरूण कुमार ने संयुक्त रूप से किया।
कार्यक्रम के दौरान अभिनव सिन्हा, अविनाश जायसवाल (अध्यक्ष नगर पंचायत दिलदारनगर) , डॉ डी. पी. सिंह, डॉ सानंद सिंह , डॉ अनिता कुमारी प्राचार्या (प्राचार्या महिला महाविद्यालय) अमरनाथ तिवारी , मंटू प्रधान ,अनुराग सिंह , प्रभाकर त्रिपाठी, अतुल सिंह, तृप्ति श्रीवास्तव इत्यादि उपस्थित रहें। समापन आभार ज्ञापित करते हुए संस्था के अध्यक्ष मनीष कुमार पाल ने रक्तदान जागरूकता संकल्प के साथ किया गया।
गाजीपुर। संस्कृति विभाग उत्तर प्रदेश के सहयोग से भातखण्डे संस्कृति विश्वविद्यालय लखनऊ द्वारा संचालित ‘ कल्चर क्लब’ के द्वितीय चरण का औपचारिक शुभारंभ राजकीय महिला स्नातकोत्तर महाविद्यालय महुआबाग में संत ‘ बूला कल्चर क्लब’ के तत्वावधान में बसंत पंचमी (सरस्वती पूजा समारोह) को हुआ। इसके अंतर्गत भव्य साँस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन 3 फरवरी 2026 को होना सुनिश्चित है। इसमें स्थान प्राप्त करने वाली छात्राओं को पुरस्कृत किया जाएगा। कल्चर क्लब प्रभारी डॉ निरंजन कुमार यादव ने बताया कि साँस्कृतिक कार्यक्रमों में गायन (एकल और सामूहिक), नृत्य ( एकल और सामूहिक), अभिनय ( एकल और सामूहिक) और झाँकी का प्रस्तुतीकरण होना है। छात्राएं इन प्रतियोगिताओं में से अधिकतम किसी दो प्रतियोगिता में प्रतिभाग कर सकती हैं। इस सभी कार्यक्रमों में ध्यान देने योग्य बात यह है कि सभी प्रस्तुति भारतीय संस्कृति एवं मूल्य के अनुरूप हो। प्राचार्य प्रो अनीता कुमारी ने बताया कि अब तक कल्चर क्लब के सदस्यों द्वारा 20 कार्यक्रमों की सूची प्राप्त हो चुकी है। इस कार्यक्रम को लेकर छात्राओं में काफी उत्साह है। महाविद्यालय मीडिया प्रभारी डॉ शिव कुमार के अनुसार छात्राएँ इस प्रतियोगिता में प्रतिभाग करने के लिए क्लब की सदस्य डॉ. सारिका सिंह एवं डॉ. शिखा सिंह के पास अपना पंजीकरण अवश्य करा लें।
गाजीपुर। सोमवार को राजकीय महिला स्नातकोत्तर महाविद्यालय महुआबाग व जिले के क्वींस अकादमी के संयुक्त तत्वाधान में 15 दिवसीय ब्यूटी एंड वैलनेस कार्यशाला सफलतापूर्वक संपन्न हुई। कार्यशाला का समापन व प्रमाण पत्र वितरण कार्यक्रम प्राचार्य प्रो. (डॉ) अनिता कुमारी की अध्यक्षता में सम्पन्न हुआ। कार्यक्रम की शुरुआत महाविद्यालय की प्राचार्य व प्राध्यापको द्वारा मां सरस्वती की प्रतिमा पर माल्यार्पण व दीप प्रज्वलन द्वारा किया गया।
इस दौरान प्राचार्य ने अपने संबोधन में कहा कि इस तरह की कार्यशाला छात्राओं के कौशल विकास व आर्थिक आत्मनिर्भर बनने में मील का पत्थर साबित होंगी। कार्यशाला की कॉर्डिनेटर डॉ शिखा सिंह ने छात्राओं से कार्यशाला का फीडबैक लिया व छात्राओं को संबोधित करते हुए कहा कि इस आधुनिक व डिजिटल युग में प्रेजेंटेबल दिखना कामकाजी व अन्य महिलाओं के लिए आज की जरूरत बन चुकी है।
कार्यशाला समिति के सदस्य डॉ सारिका सिंह व डॉ रामनाथ केसरवानी ने छात्राओं को स्वावलंबी व आर्थिक रूप से सशक्त होने के लिए प्रेरित किया। हिंदी विभाग प्रभारी डॉ संगीता ने छात्राओं को अंदर से स्वस्थ साथ ही बाहर से सुंदर दिखने में इस कार्यशाला के अति प्रासंगिक होने पर छात्राओं व पूरी टीम को बधाई दी। कार्यक्रम का सफल संचालन आयुष्री सिंह व छात्राओं सुमना व प्रिया और धन्यवाद ज्ञापन डॉ शिखा सिंह ने किया। कार्यशाला के दौरान ऑर्गेनिक ब्यूटी प्रोडक्ट्स प्रदर्शनी में प्रथम स्थान अनुष्का व प्रतिभा, द्वितीय स्थान निक्की व अनामिका और तृतीय स्थान यासमीन और रोशनी ने प्राप्त किया व प्राचार्य द्वारा इन्हें प्रमाण पत्र से पुरस्कृत भी किया गया। कार्यशाला के सफल संचालन व संयोजन के लिए प्राचार्य जी ने डॉ शिखा सिंह, आयुष्री सिंह, सुप्रिया सिंह, शिवानी यादव, सुनिधि यादव व नेहा यादव को प्रशस्ति पत्र से सम्मानित किया।
केन्द्रीय बजट में गाजीपुर एवं पूर्वी उत्तर प्रदेश के विकास का सुनहरा अवसर: प्रोफेसर राघवेन्द्र कुमार पाण्डेय
गाजीपुर। केन्द्रीय बजट 2026–27 भारत को “विकसित भारत” की दिशा में ले जाने वाला एक संतुलित और दूरदर्शी बजट है। यह बजट राष्ट्रीय विकास के साथ-साथ पूर्वी उत्तर प्रदेश के वाराणसी, गाजीपुर, बलिया क्षेत्र के लिए भी नई संभावनाओं के द्वार खोलता है। उक्त वक्तव्य प्रोफेसर (डॉ०) राघवेन्द्र कुमार पाण्डेय प्राचार्य स्नातकोत्तर महाविद्यालय, गाजीपुर ने ने केन्द्रीय बजट पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा। उन्होंने ने कहा कि इस बजट में पूंजीगत व्यय को ₹12.2 लाख करोड़ तक बढ़ाया गया है, जो पिछले वर्ष की तुलना में लगभग 9 प्रतिशत अधिक है। बुनियादी ढाँचे में यह निवेश सड़क, रेल, जलमार्ग और शहरी विकास के माध्यम से स्थानीय रोजगार, व्यापार और उद्योग को मजबूती देगा। साथ ही राजकोषीय घाटे को GDP के 4.3 प्रतिशत तक सीमित रखने और ऋण-GDP अनुपात 55.6 प्रतिशत अनुमानित करने से आर्थिक अनुशासन भी सुनिश्चित किया गया है। परिवहन क्षेत्र में बजट की एक ऐतिहासिक घोषणा 7 हाई-स्पीड रेल कॉरिडोरों की है। इनमें दिल्ली–वाराणसी एवं वाराणसी – सिलीगुड़ी हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर विशेष रूप से उल्लेखनीय है। इसका प्रत्यक्ष लाभ गाजीपुर, वाराणसी , बलिया जैसे पड़ोसी जिलों को भी मिलेगा, जिससे छात्रों, कर्मचारियों और व्यापारियों के लिए आवागमन सुगम होगा तथा समय और लागत की बचत होगी। इसी प्रकार, अंतर्देशीय जलमार्गों को बजट में विशेष प्राथमिकता दी गई है। अगले पाँच वर्षों में 20 नए राष्ट्रीय जलमार्गों को चालू करने का प्रस्ताव है। इसके अंतर्गत वाराणसी में अंतर्देशीय जलमार्गों हेतु शिप-रिपेयर और मेंटेनेंस इकोसिस्टम विकसित किया जाएगा। गंगा नदी के तट पर स्थित गाजीपुर जनपद को इससे सस्ते परिवहन, कृषि-उत्पादों की बेहतर ढुलाई और स्थानीय युवाओं के लिए तकनीकी रोजगार के नए अवसर प्राप्त होंगे। प्रत्येक जनपद में महिलाओं के लिए हास्टल निर्माण से महिला सशक्तिकरण को बल मिलेगा तथा गम्भीर बिमारियों के दवाओं के दाम में कमी से आमलोगों को राहत मिलेगा। प्रोफेसर पाण्डेय कह कि बजट में उद्योग और रोजगार सृजन के लिए इलेक्ट्रॉनिक घटक विनिर्माण योजना (ECMS) का आउटले बढ़ाकर ₹40,000 करोड़ किया गया है, जिससे भारत में इलेक्ट्रॉनिक्स और सेमीकंडक्टर इकोसिस्टम को मजबूती मिलेगी। इसके साथ ही बायोफार्मा शक्ति योजना के लिए ₹10,000 करोड़ और एमएसएमई ग्रोथ फंड के लिए ₹10,000 करोड़ का प्रावधान गाजीपुर जैसे जिलों में सूक्ष्म एवं लघु उद्योगों को नई गति देगा। समग्र रूप से यह बजट स्पष्ट करता है कि वाराणसी, गाजीपुर एवं बलिया जैसा क्षेत्र विकसित भारत की यात्रा में केवल सहभागी ही नहीं, बल्कि विकास के सक्रिय केंद्र बनेंगे। यह बजट संतुलित, समावेशी और दीर्घकालिक विकास का सशक्त दस्तावेज है।
गाजीपुर। जारी हुए केन्द्रीय बजट 2026-27 पर पूर्व छात्रसंघ उपाध्यक्ष दीपक उपाध्याय ने अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि “आंकड़ों में चमकता भारत, पर गाजीपुर के धरातल पर शिक्षा का अंधेरा” है। कहा कि “केन्द्रीय बजट 2026-27 में शिक्षा के लिए ₹1.39 लाख करोड़ का आवंटन, गर्ल्स हॉस्टल की सुविधा और डिजिटल लैब्स जैसे छात्रहितैषी कदम सराहनीय हैं। परंतु, बड़ा सवाल यह है कि क्या ये घोषणाएं कागजों से निकलकर धरातल पर उतर पाएंगी? अक्सर सरकारी फाइलें तो चमकती हैं, लेकिन आम छात्र का जीवन वहीं खड़ा रह जाता है। इसका सबसे ज्वलंत प्रमाण जनपद है। केंद्र सरकार की ‘सामाजिक प्रगति सूचकांक रिपोर्ट’ में उच्च शिक्षा के क्षेत्र में गाजीपुर पूरे प्रदेश में प्रथम स्थान पर है। विडंबना देखिए, सर्वाधिक 350+ महाविद्यालयों वाला यह जनपद आज भी विश्वविद्यालय विहीन है। जब तक जिले में स्वतंत्र विश्वविद्यालय जैसा बुनियादी ढांचा तैयार नहीं होगा, तब तक बजट के ये भारी-भरकम आंकड़े युवाओं के लिए केवल एक ‘चुनावी जुमला’ बनकर रह जाएंगे। विकास केवल बिल्डिंग बनाने से नहीं, बल्कि जिले की मेधा को स्थानीय स्तर पर ‘क्वालिटी एजुकेशन’ और ‘रिसर्च’ का मंच देने से होगा। सरकार अपनी ही रिपोर्ट का सम्मान करे और गाजीपुर को तत्काल विश्वविद्यालय का हक दे।
गाजीपुर। जारी हुए केंद्रीय बजट 2026-27 को लेकर नगर पालिका परिषद की अध्यक्ष सरिता अग्रवाल तथा भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता एवं प्रमुख व्यवसायी विनोद कुमार अग्रवाल ने बजट का स्वागत करते हुए इस बजट को विकसित भारत की दिशा में संतुलित, दूरदर्शी और विकासोन्मुख बजट बताया। उन्होंने कहा कि वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा प्रस्तुत यह बजट ऐतिहासिक है, क्योंकि यह उनका लगातार नौवाँ केंद्रीय बजट है। यह बजट प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में आत्मनिर्भर एवं विकसित भारत के संकल्प को मजबूती प्रदान करता है। विनोद कुमार अग्रवाल ने कहा कि बजट में ₹17.2 लाख करोड़ की सकल उधारी, ₹12.2 लाख करोड़ का पूंजीगत व्यय, तथा वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए 4.3% GDP का राजकोषीय घाटा लक्ष्य निर्धारित कर सरकार ने वित्तीय अनुशासन और आर्थिक विकास—दोनों के बीच संतुलन स्थापित किया है। नगर पालिका अध्यक्ष सरिता अग्रवाल ने कहा कि केंद्रीय बजट में शहरी विकास योजनाओं को दी गई प्राथमिकता से नगर निकायों को मजबूती मिलेगी। इससे गाज़ीपुर जैसे शहरों में आधारभूत सुविधाओं, स्वच्छता, सड़क, जल निकासी तथा नागरिक सेवाओं के विस्तार में सहयोग मिलेगा। व्यापारियों को राहत देते हुए सरकार ने नॉन-ऑडिट मामलों में आयकर रिटर्न दाखिल करने की अंतिम तिथि 31 अगस्त तथा संशोधित रिटर्न की समय-सीमा 31 मार्च तक बढ़ा दी है। इससे छोटे-मध्यम व्यवसायियों, दुकानदारों, चार्टर्ड अकाउंटेंट्स एवं वकीलों को अनुपालन में सुविधा प्राप्त होगी। बजट में घोषित 7 हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर, जिनमें दिल्ली–वाराणसी तथा वाराणसी–सिलीगुड़ी मार्ग शामिल हैं, से पूर्वांचल क्षेत्र की कनेक्टिविटी में सुधार की संभावना है। इससे व्यापार, पर्यटन और रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे। पर्यटन एवं सांस्कृतिक विरासत के संदर्भ में दोनों जनप्रतिनिधियों ने कहा कि सरकार की नीतियों से सारनाथ जैसे बौद्ध पर्यटन केंद्रों को वैश्विक पहचान मिलेगी, जिसका लाभ गाज़ीपुर सहित पूरे पूर्वांचल क्षेत्र को प्राप्त होगा। उन्होंने यह भी कहा कि अंतर्देशीय जल परिवहन को बढ़ावा देने की बजटीय प्राथमिकताओं से भविष्य में जल-जहाज मरम्मत, लॉजिस्टिक्स और नदी आधारित व्यापार को प्रोत्साहन मिलेगा, जिससे वाराणसी–पटना जलमार्ग से जुड़े क्षेत्रों की आर्थिक गतिविधियाँ तेज होंगी। विदेश में शिक्षा एवं चिकित्सा उपचार हेतु लिबरलाइज्ड रेमिटेंस स्कीम (LRS) के अंतर्गत टीसीएस दर को 5% से घटाकर 2% किया जाना मध्यम वर्ग के लिए बड़ी राहत है। साथ ही जीवनरक्षक दवाओं पर कस्टम ड्यूटी में दी गई राहत से स्वास्थ्य क्षेत्र को भी मजबूती मिलेगी। विनोद कुमार अग्रवाल ने कहा की “केंद्रीय बजट 2026-27 में शहरी विकास, आधुनिक परिवहन, पर्यटन, व्यापार-अनुकूल नीतियाँ और सामाजिक कल्याण का स्पष्ट संतुलन दिखाई देता है। शहरी विकास योजनाएँ, सारनाथ जैसे पर्यटन केंद्रों को बढ़ावा और जल परिवहन से जुड़े अवसर गाज़ीपुर सहित पूरे पूर्वांचल के उज्ज्वल भविष्य का आधार बनेंगे। भारतीय जनता पार्टी की सरकार स्थानीय एवं राष्ट्रीय विकास के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।”
साबिर अली आई टी आई जखनिया में युवाओं के लिये रोज़गार का सुनहरा अवसर
जखनिया (गाजीपुर)। भारत की नंबर-1 पैसेंजर कार निर्माण कंपनी मारुति सुजुकी इंडिया लिमिटेड द्वारा आईटीआई पास-आउट छात्रों के लिए एक सुनहरा अवसर प्रदान किया जा रहा है। इसी क्रम में कैंपस प्लेसमेंट ड्राइव का आयोजन किया जा रहा है, जिसका उद्देश्य युवाओं को रोजगार से जोड़ना है। यह कैंपस प्लेसमेंट ड्राइव 04 फरवरी 2026 (बुधवार) को प्रातः 09 बजे से जखनिया के साबिर अली आरटीआई कॉलेज में आयोजित होगी। इस प्लेसमेंट ड्राइव में 18 से 26 वर्ष आयु वर्ग के वे अभ्यर्थी भाग ले सकते हैं जिन्होंने 10वीं में न्यूनतम 40 प्रतिशत तथा आईटीआई में न्यूनतम 50 प्रतिशत अंक प्राप्त किए हों। अभ्यर्थियों का शारीरिक रूप से फिट होना अनिवार्य है। योग्य ट्रेड्स में मोटर मैकेनिक, डीजल मैकेनिक, ट्रैक्टर मैकेनिक, मशीनिस्ट, इलेक्ट्रीशियन, फिटर, टर्नर, वेल्डर, पेंटर, वायरमैन, शीट मेटल, ऑटोमोबाइल, इलेक्ट्रॉनिक मैकेनिक, टूल एंड डाई सहित अन्य संबंधित ट्रेड्स शामिल हैं। चयनित अभ्यर्थियों को FTC के अंतर्गत ₹25,300 प्रति माह (CTC) के साथ वार्षिक वैधानिक बोनस प्रदान किया जाएगा। इसके अतिरिक्त अप्रेंटिसशिप के दौरान ₹19,500 प्रति माह स्टाइपेंड दिया जाएगा। चयनित उम्मीदवारों को सब्सिडाइज्ड भोजन एवं डॉरमेट्री सुविधा, यूनिफॉर्म, पीपीई किट एवं सेफ्टी शूज़ जैसी सुविधाएं भी उपलब्ध कराई जाएंगी। अवकाश एवं छुट्टियां कंपनी की नीति के अनुसार होंगी। चयनित अभ्यर्थियों की कार्यस्थली मारुति सुजुकी इंडिया लिमिटेड का गुजरात प्लांट रहेगा। इंटरव्यू के समय अभ्यर्थियों को 10वीं एवं आईटीआई की स्व-प्रमाणित अंकतालिकाएं, आधार कार्ड, पैन कार्ड की प्रति तथा एक पासपोर्ट साइज फोटो साथ लाना अनिवार्य होगा। यह कैंपस प्लेसमेंट ड्राइव पूर्णतः निःशुल्क है। किसी भी प्रकार का शुल्क देय नहीं है। यह आयोजन युवाओं के लिए देश की प्रतिष्ठित ऑटोमोबाइल कंपनी में करियर बनाने का एक उत्कृष्ट अवसर है। इसकी जानकारी साबिर अली आईटीआई के निदेशक आमिर अली ने दिया।
गाजीपुर। रविवार को शास्त्री नगर स्थित आवास पर पूर्व सांसद राधे मोहन सिंह के पुत्र अनिकेत सिंह ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस का आयोजन किया, जिसमें उन्होंने बताया कि ओलंपिक नायकों की धरती ‘करमपुर’ में राष्ट्रीय हॉकी महाकुंभ का शंखनाद 2 फरवरी 2026 को होना है। यह महाकुंभ प्रदेश सरकार के वरिष्ठ मंत्रियों के मौजूदगी में होगा। इस खेल की विस्तृत जानकारी देते हुए अनिकेत सिंह ने कहा कि पूर्वांचल की खेल प्रतिभाओं की नर्सरी और ओलंपिक पदक विजेताओं की जन्मस्थली मेघबरन सिंह स्टेडियम, करमपुर में 2 फरवरी से 8 फरवरी 2026 तक ’29वीं अखिल भारतीय मेघबरन सिंह ठाकुर तेज बहादुर सिंह स्मृति हॉकी प्रतियोगिता का भव्य आयोजन सुनिश्चित हुआ है। कहा कि इस वर्ष का आयोजन अत्यंत विशेष है क्योंकि इसी स्टेडियम की मिट्टी से निकले दो सपूतों- ललित कुमार उपाध्याय और राजकुमार पाल ने पेरिस ओलंपिक 2024 में भारतीय हॉकी टीम का प्रतिनिधित्व कर न केवल गाजीपुर बल्कि पूरे प्रदेश का मान बढ़ाया है। यह प्रतियोगिता नई प्रतिभाओं के लिए उसी ओलंपिक सपने को जीने का एक सशक्त माध्यम है। इस प्रतियोगिता का शुभारंभ उत्तर प्रदेश सरकार के परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह और प्रभारी मंत्री रविन्द्र जायसवाल के द्वारा संयुक्त रूप से किया जाएगा। 8 फरवरी को प्रतियोगिता के समापन और फाइनल मैच में मुख्य अतिथि के रूप में गिरीश चन्द्र यादव राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार), खेल एवं युवा कल्याण विभाग के द्वारा विजेता खिलाड़ियों को पुरस्कृत किया जाएगा। हॉकी इंडिया के मानकों पर आयोजित इस प्रतियोगिता में देश की 12 सर्वश्रेष्ठ टीमें लीग-कम-नॉकआउट’ आधार पर खिताबी भिड़ंत करेंगी। जिसमें आर्मी ग्रीन, जालंधर CISF, जालंधर, NCOE, लखनऊ, यू.पी. पुलिस, लखनऊ, पूर्वोत्तर रेलवे (NER), गोरखपुर, अश्विनी स्पोर्ट्स अकादमी, मैसूर, मिर्जापुर इलेवन (हॉकी इंडिया), स्पोर्ट्स हॉस्टल, वाराणसी, स्पोर्ट्स हॉस्टल, झाँसी, सैफई स्पोर्टस कॉलेज, इटावा, बी.एच.यू. (BHU), वाराणसी शामिल हैं। इन टीमों की मेजबानी मेघबरन सिंह हॉकी अकादमी, करमपुर करेगी।