All posts by tiwarishivpratap

जनसुनवाई में 17 प्रकरणों पर हुई सुनवाई, अधिकारियों को समयबद्ध निस्तारण के निर्देश

राज्य महिला आयोग की जनसुनवाई में 17 प्रकरणों पर हुई सुनवाई, अधिकारियों को समयबद्ध निस्तारण के निर्देश

गाजीपुर। राज्य महिला आयोग, उत्तर प्रदेश की ओर से मंगलवार को सर्किट हाउस में जनसंपर्क एवं जनसुनवाई कार्यक्रम आयोजित किया गया। राज्य महिला आयोग की सदस्य सुनीता श्रीवास्तव की अध्यक्षता में आयोजित जनसुनवाई में महिलाओं से जुड़ी विभिन्न समस्याओं के कुल 17 प्रकरण प्राप्त हुए। आयोग की सदस्य ने प्रत्येक शिकायत को गंभीरतापूर्वक सुनते हुए संबंधित विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिया कि सभी प्रकरणों का नियमानुसार, गुणवत्तापूर्ण एवं समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। साथ ही शिकायतकर्ताओं को की गई कार्रवाई एवं निस्तारण की जानकारी उपलब्ध कराने के भी निर्देश दिए गए। जनसुनवाई के बाद आयोग की सदस्य की अध्यक्षता में संबंधित विभागीय अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक आयोजित हुई।

बैठक में महिला एवं बालिकाओं से जुड़ी योजनाओं, उनकी सुरक्षा, कल्याण तथा विभागीय कार्यक्रमों की प्रगति की समीक्षा की गई। इस दौरान अधिकारियों को योजनाओं का लाभ पात्र महिलाओं एवं बालिकाओं तक पहुंचाने और महिला सुरक्षा से जुड़े मामलों में संवेदनशीलता के साथ कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। कार्यक्रम में क्षेत्राधिकारी सदर, जिला प्रोबेशन अधिकारी, जिला समाज कल्याण अधिकारी, जिला दिव्यांगजन सशक्तीकरण अधिकारी, अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी, प्रभारी महिला थाना समेत विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। इसी क्रम में विकासखंड जखनिया में चौपाल कार्यक्रम आयोजित कर महिलाओं एवं बाल विकास से संबंधित योजनाओं और शासन के कार्यक्रमों की जानकारी ग्रामीणों को दी गई। कार्यक्रम के दौरान दो गर्भवती महिलाओं की गोद भराई तथा दो बच्चों का अन्नप्राशन संस्कार कराया गया।चौपाल में महिलाओं एवं परिवारों को पोषण, स्वास्थ्य, महिला सुरक्षा, बाल अधिकार तथा शासन द्वारा संचालित विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं के बारे में जानकारी दी गई। अधिकारियों ने पात्र लाभार्थियों से योजनाओं का लाभ लेने तथा किसी भी समस्या की स्थिति में संबंधित विभाग से संपर्क करने की अपील की। राज्य महिला आयोग के इस कार्यक्रम का उद्देश्य महिलाओं की समस्याओं का त्वरित समाधान कराने के साथ उन्हें शासन की कल्याणकारी योजनाओं से जोड़ना और महिला एवं बाल अधिकारों के प्रति जागरूकता बढ़ाना रहा।

एनसीसी नेवल विंग की चयन प्रक्रिया संपन्न, युवाओं ने दिखाया जोश

पीजी कॉलेज में एनसीसी नेवल विंग की चयन प्रक्रिया संपन्न, युवाओं ने दिखाया उत्साह

गाजीपुर। पीजी कॉलेज परिसर में मंगलवार को एनसीसी के नेवल विंग में प्रवेश के लिए चयन प्रक्रिया आयोजित की गई। इसमें जिले के विभिन्न महाविद्यालयों से बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं ने प्रतिभाग किया। चयन प्रक्रिया के दौरान अभ्यर्थियों की शारीरिक दक्षता, लिखित परीक्षा और साक्षात्कार के माध्यम से योग्यता परखी गई।

चयन प्रक्रिया में 7 यूपी नेवल यूनिट एनसीसी, बीएचयू वाराणसी के कमांडिंग ऑफिसर कमांडर निखिल वैश के साथ पेटी ऑफिसर सोनू यादव, पेटी ऑफिसर विक्रम सहित बटालियन के अन्य अधिकारी एवं स्टाफ मौजूद रहे। अधिकारियों की देखरेख में चयन प्रक्रिया निर्धारित नियमों और मानकों के अनुरूप कराई गई।

पीजी कॉलेज के एनसीसी नेवल विंग के एसोसिएट एनसीसी ऑफिसर एस/लेफ्टिनेंट प्रशांत कुमार सिंह ने बताया कि चयन प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी तरीके से संपन्न कराई गई। अभ्यर्थियों की ऊंचाई, वजन, छाती का माप और दौड़ सहित विभिन्न शारीरिक दक्षताओं की जांच की गई। इसके बाद लिखित परीक्षा और साक्षात्कार के माध्यम से अभ्यर्थियों की योग्यता का आकलन किया गया।

उन्होंने बताया कि एनसीसी नेवल विंग में चयनित कैडेट्स को अनुशासन, नेतृत्व क्षमता और नौसेना से संबंधित विभिन्न प्रकार का प्रशिक्षण दिया जाएगा। इसके साथ ही उन्हें विभिन्न शिविरों एवं प्रशिक्षण कार्यक्रमों में प्रतिभाग करने का अवसर मिलेगा। एनसीसी के माध्यम से युवाओं में राष्ट्रसेवा, अनुशासन और नेतृत्व की भावना विकसित होने के साथ उनके व्यक्तित्व का भी सर्वांगीण विकास होता है। चयन प्रक्रिया के सुचारू संचालन के लिए कॉलेज प्रशासन की ओर से आवश्यक व्यवस्थाएं की गई थीं। प्रक्रिया पूरी होने के बाद चयनित अभ्यर्थियों की सूची जारी की जाएगी। इस दौरान एनसीसी अधिकारियों ने प्रतिभाग करने वाले सभी अभ्यर्थियों का उत्साहवर्धन करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।

11 सूत्रीय मांगों को लेकर काली पट्टी बांधकर जताया विरोध

जमानिया पालिका में सभासदों का आंदोलन नौवें दिन भी जारी, सामूहिक इस्तीफे की चेतावनी

11 सूत्रीय मांगों को लेकर काली पट्टी बांधकर जताया विरोध, बढ़े गृहकर समेत अन्य मामलों की न्यायिक जांच की मांग

जमानिया। नगर पालिका परिषद जमानिया में कथित भ्रष्टाचार, गृहकर व ट्रेड शुल्क में वृद्धि, आउटसोर्सिंग कर्मियों के पीएफ में कथित अनियमितता, निर्माण कार्यों में मनमानी तथा सभासदों द्वारा दिए गए प्रस्तावों पर कार्रवाई नहीं होने को लेकर सभासदों का आक्रोश लगातार बढ़ता जा रहा है। 11 सूत्रीय मांगों को लेकर सभासदों का अनिश्चितकालीन धरना मंगलवार को नौवें दिन भी जारी रहा। आंदोलन के दौरान सभासदों ने काली पट्टी बांधकर पालिका प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और अपनी मांगों के समर्थन में विरोध दर्ज कराया। सभासदों ने स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर जल्द सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया तो वे आंदोलन को और तेज करेंगे। साथ ही जिलाधिकारी के समक्ष सामूहिक त्यागपत्र देने का निर्णय भी लिया गया है। वार्ड संख्या 14 के सभासद एवं भाजपा नगर महामंत्री राकेश प्रजापति ने कहा कि सभासदों की 11 सूत्रीय मांगों पर तत्काल निर्णय नहीं लिया गया तो सभी सभासद जिलाधिकारी गाजीपुर के समक्ष सामूहिक त्यागपत्र देने को मजबूर होंगे। उन्होंने पालिका प्रशासन के रवैये पर नाराजगी जताते हुए कहा कि इससे जनता में आक्रोश बढ़ रहा है और इसका प्रतिकूल प्रभाव भाजपा की छवि पर भी पड़ रहा है। वार्ड संख्या 10 के भाजपा सभासद सुरेंद्र चौधरी उर्फ साहू ने गृहकर में हुई भारी वृद्धि को लेकर नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि बढ़े हुए हाउस टैक्स से आम जनता परेशान है और इसका सीधा असर भाजपा की छवि पर पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि उनके वार्ड की जनता ने भाजपा को एकतरफा समर्थन दिया, इसके बावजूद विकास कार्य अपेक्षा के अनुरूप नहीं हो रहे हैं। वहीं, वार्ड संख्या 20 के भाजपा सभासद विकास जायसवाल ‘जुगनू’ ने नगर पालिका प्रशासन पर तानाशाही रवैया अपनाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि जनता में लगातार आक्रोश बढ़ रहा है, जो नगर और पार्टी दोनों के हित में नहीं है। उन्होंने मांग की कि तत्काल बोर्ड की बैठक बुलाकर बढ़े हुए गृहकर समेत अन्य शुल्कों पर पुनर्विचार किया जाए और जनता को राहत दी जाए। जुगनू ने 11 सूत्रीय मांगों और गृहकर में कथित अनियमितताओं की निष्पक्ष जांच के लिए न्यायिक जांच टीम गठित करने की मांग की। उन्होंने कहा कि जांच में जो भी दोषी पाया जाए, उसके खिलाफ सख्त दंडात्मक कार्रवाई होनी चाहिए। धरने के दौरान सभासद सचिन वर्मा, प्रमोद यादव, राजा चौधरी, मनीष यादव, राहुल वर्मा, मोहन गुप्ता, अंजनी गुप्ता, आशिमा खां समेत अन्य सभासद मौजूद रहे। सभासदों ने कहा कि जब तक उनकी मांगों पर ठोस और निष्पक्ष कार्रवाई नहीं होती, तब तक उनका अनिश्चितकालीन आंदोलन जारी रहेगा।

78 युवाओं को मिला नियुक्ति पत्र, 15 बेटियों की भी सरकारी सेवा में एंट्री

गाजीपुर। रक्षाबंधन के पर्व से पहले योगी सरकार ने जिले के युवाओं को रोजगार का बड़ा तोहफा दिया। मंगलवार को विकास भवन सभागार में आयोजित कार्यक्रम में कृषि विभाग के प्रविधिकी सहायक एवं मंडी सचिव पदों पर चयनित 78 अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र वितरित किए गए। नियुक्ति पत्र पाकर युवाओं के चेहरे खुशी से खिल उठे। इनमें 15 महिला अभ्यर्थी भी शामिल रहीं।

कार्यक्रम की मुख्य अतिथि राज्यसभा सांसद डॉ. संगीता बलवंत और नगर पालिका अध्यक्ष सरिता अग्रवाल ने नवनियुक्त अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र सौंपकर उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। कार्यक्रम के दौरान प्रदेश की राजधानी लखनऊ में आयोजित नियुक्ति पत्र वितरण कार्यक्रम का भी सीधा प्रसारण किया गया।

राज्यसभा सांसद डॉ. संगीता बलवंत ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में प्रदेश सरकार युवाओं को पारदर्शी और निष्पक्ष तरीके से रोजगार के अवसर उपलब्ध करा रही है। उन्होंने कहा कि रक्षाबंधन के अवसर पर सरकारी नौकरी का नियुक्ति पत्र प्राप्त करना बहनों के लिए किसी बड़े उपहार से कम नहीं है।

उन्होंने कहा कि रक्षाबंधन पर भाई अपनी बहनों को उपहार देते हैं, लेकिन इस बार मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश की बहनों को सरकारी नौकरी का नियुक्ति पत्र देकर अनमोल उपहार दिया है। यह नियुक्ति उनके जीवन में आत्मनिर्भरता और सम्मान का नया अध्याय शुरू करेगी।

उन्होंने गाजीपुर में नियुक्ति पाने वाले सभी 78 अभ्यर्थियों को बधाई देते हुए कहा कि इनमें शामिल 15 बेटियों के लिए यह उपलब्धि विशेष रूप से गौरव का विषय है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के साथ ही उन्हें रोजगार के समान अवसर उपलब्ध कराने के लिए लगातार काम कर रही है।

डॉ. संगीता बलवंत ने कहा कि केंद्र में वर्ष 2014 और उत्तर प्रदेश में वर्ष 2017 के बाद सरकार की योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति तक पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है। रोजगार, स्वरोजगार और जनकल्याणकारी योजनाओं के माध्यम से युवाओं और आमजन को मुख्यधारा से जोड़ने का काम किया जा रहा है।

उन्होंने कहा कि सरकारी सेवाओं में पारदर्शी भर्ती से युवाओं में विश्वास बढ़ा है। नियुक्ति पत्र पाने वाले युवाओं से उन्होंने पूरी ईमानदारी, निष्ठा और जिम्मेदारी के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करने का आह्वान किया। राज्यसभा सांसद ने विपक्ष पर भी तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि सरकार के लगातार जनकल्याणकारी कार्यों से विपक्ष बौखला गया है। वर्ष 2014 के बाद केंद्र और वर्ष 2017 के बाद प्रदेश में लागू योजनाओं का लाभ समाज के कमजोर और वंचित वर्गों तक पहुंचा है।

उन्होंने कहा कि जनता सरकार के कामकाज को देख रही है और इसी का परिणाम है कि जिन क्षेत्रों में कभी भाजपा का खाता खुलना मुश्किल माना जाता था, वहां भी जनता ने भाजपा पर भरोसा जताया। कार्यक्रम के अंत में नवनियुक्त अभ्यर्थियों ने नियुक्ति पत्र मिलने पर प्रदेश सरकार के प्रति आभार जताया और कहा कि सरकारी सेवा में चयन उनके और उनके परिवार के लिए गर्व एवं खुशी का क्षण है।

27 अगस्त को महिला पीजी कॉलेज में होगा ‘खेलो इंडिया संवाद’, PM करेंगे वर्चुअल संबोधन

27 अगस्त को महिला पीजी कॉलेज में होगा ‘खेलो इंडिया संवाद’, प्रधानमंत्री करेंगे वर्चुअल संबोधन

गाजीपुर। राष्ट्रीय खेल दिवस के अवसर पर 27 अगस्त 2026 को राजकीय महिला स्नातकोत्तर महाविद्यालय, गाजीपुर में ‘खेलो इंडिया संवाद—खेल की बात, पीएम के साथ’ कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। राष्ट्रीय सेवा योजना (NSS) एवं मेरा युवा भारत (MY Bharat), गाजीपुर के संयुक्त तत्वावधान में होने वाले इस कार्यक्रम का आयोजन महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. शंभू शरण प्रसाद के नेतृत्व में किया जाएगा।

युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय के दिशा-निर्देशन में आयोजित राष्ट्रव्यापी कार्यक्रम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी युवाओं को वर्चुअल माध्यम से संबोधित करेंगे। कार्यक्रम अधिकारी राष्ट्रीय सेवा योजना डॉ. रामनाथ केसरवानी ने बताया कि गाजीपुर जिले से दो महाविद्यालयों का चयन किया गया है, जिसमें राजकीय महिला स्नातकोत्तर महाविद्यालय को कैटेगरी-ए में कार्यक्रम आयोजित करने का अवसर मिला है।

कैटेगरी-ए के तहत महाविद्यालय में प्रधानमंत्री के संबोधन का लाइव प्रसारण होने के साथ ही टू-वे कम्युनिकेशन की सुविधा भी उपलब्ध रहेगी। कार्यक्रम की शुरुआत प्रातः 11 बजे प्रधानमंत्री के वर्चुअल संबोधन से होगी, जिसका देशभर के विभिन्न जनपदों में एक साथ प्रसारण किया जाएगा।

इस अवसर पर केंद्रीय युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया का स्वागत संबोधन होगा। साथ ही राष्ट्रीय खेल दिवस की थीम पर आधारित लघु फिल्मों का प्रदर्शन भी किया जाएगा। प्रधानमंत्री के संबोधन के बाद ‘खेलो इंडिया संवाद’ के तहत युवा निर्धारित विषयों पर अपने विचार साझा करेंगे। कार्यक्रम के माध्यम से युवाओं को खेलों के प्रति प्रेरित करने, खेल संस्कृति को बढ़ावा देने तथा देश में खेल प्रतिभाओं को प्रोत्साहित करने का संदेश दिया जाएगा।

संघ की जिला बैठक में संगठन विस्तार की बनी रणनीति, कई कार्यकर्ताओं को मिली नई जिम्मेदारी

संघ की जिला बैठक में संगठन विस्तार की बनी रणनीति, कई कार्यकर्ताओं को मिली नई जिम्मेदारी

गाजीपुर। माधव सरस्वती विद्यालय, भूतहिया टांड़ चौराहा स्थित परिसर में रविवार को जिला कार्यसमिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में प्रांत द्वारा निर्धारित विभिन्न संगठनात्मक विषयों पर विस्तार से चर्चा करते हुए आगामी कार्यक्रमों की रूपरेखा तय की गई। कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलन एवं आचार्य पद्धति से हुआ। बैठक में जिला मंत्री विनीत सिंह ने प्रस्ताव क्रमांक दो एवं तीन को पढ़कर सुनाया तथा उसकी प्रति उपस्थित कार्यकर्ताओं को उपलब्ध कराई। इसके बाद मुख्य वक्ता एवं काशी जिले के पालक, प्रांत उपाध्यक्ष जनार्दन जी ने संगठन के आगामी कार्यक्रमों और कार्ययोजनाओं पर विस्तार से मार्गदर्शन किया। उन्होंने जिला, आयाम एवं प्रखंड स्तर पर निर्धारित समय-सीमा के भीतर समितियों के गठन को पूरा करने, सभी प्रखंडों के पालक एवं सह पालक की जिम्मेदारी तय करने तथा संगठनात्मक गतिविधियों को गति देने पर जोर दिया। इसके साथ ही स्थापना दिवस कार्यक्रम, श्रद्धेय अशोक सिंघल जी के शताब्दी वर्ष के कार्यक्रम, हितचिंतक बनाने के लक्ष्य को पूरा करने तथा रविदास जयंती कार्यक्रम आयोजित करने सहित विभिन्न विषयों पर चर्चा कर कार्यक्रम निर्धारित किए गए। बैठक में पालक जनार्दन जी की अनुमति तथा जिला कार्यसमिति की सहमति से कई कार्यकर्ताओं के कार्यक्षेत्र एवं दायित्वों में परिवर्तन किया गया। दयाशंकर जी को जिला धर्म यात्रा प्रमुख, उमेश जी को जिला सामाजिक समरसता प्रमुख, ओमप्रकाश जी, शांतलाल जी एवं नवीन जी को जिला उपाध्यक्ष, अनुराग जी को जिला सह मंत्री, रामनारायण जी को जिला वेद संस्कृत शिक्षा प्रमुख, अश्वनी जी को जिला प्रचार-प्रसार प्रमुख तथा विजय जी को जिला सह धर्म प्रसार प्रमुख का दायित्व सौंपा गया। इसी क्रम में उत्तम जी को नगर अध्यक्ष गाजीपुर, गोपाल जी को प्रखंड अध्यक्ष भदौरा, प्रमोद जी को प्रखंड मंत्री भदौरा, ब्रह्मानंद जी को प्रखंड अध्यक्ष भांवरकोल तथा आशीष जी को सदर प्रखंड अध्यक्ष की जिम्मेदारी दी गई। सभी उपस्थित कार्यकर्ताओं ने ॐ का उच्चारण कर नई जिम्मेदारियों पर अपनी सहमति व्यक्त की। बैठक में काशी प्रांत के सह सेवा प्रमुख दिनेश चंद्र जी, प्रांत सदस्य ओमकार राय जी, विभाग मंत्री बुद्ध नारायण जी, संत योगी महाराज तथा जिला अध्यक्ष विपिन जी मंच पर उपस्थित रहे। अध्यक्षता जिला अध्यक्ष विपिन जी ने की, जबकि संचालन जिला मंत्री विनीत सिंह ने किया। बैठक में नगर, सदर, रेवतीपुर, भदौरा, जमानियां, कासिमाबाद, भांवरकोल एवं बिरनो प्रखंडों के पदाधिकारी और कार्यकर्ता शामिल हुए। अंत में जिला अध्यक्ष विपिन जी ने अध्यक्षीय संबोधन में संगठनात्मक कार्यों को गति देने और निर्धारित कार्यक्रमों को प्रभावी ढंग से पूरा करने का आह्वान किया।

बैनामा से पहले स्वामित्व-कब्जे की जांच जरूरी, बाढ़ की खबरों को लेकर डीएम ने कहा….

जिलाधिकारी की प्रेस वार्ता: बैनामा से पहले स्वामित्व-कब्जे की जांच जरूरी, बाढ़ की भ्रामक खबरों पर किया स्पष्ट

गाजीपुर। जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला ने सोमवार को कलेक्ट्रेट कार्यालय कक्ष में मीडिया प्रतिनिधियों के साथ प्रेस वार्ता कर भूमि के क्रय-विक्रय, बाढ़ की स्थिति, सड़कों की मरम्मत तथा चीनी-प्याज के भंडारण एवं उपलब्धता समेत विभिन्न महत्वपूर्ण मुद्दों पर जानकारी दी। जिलाधिकारी ने भूमि विवादों के बढ़ते मामलों को लेकर आमजन से बैनामा कराने से पहले विशेष सावधानी बरतने की अपील की। उन्होंने बताया कि जनसुनवाई और आईजीआरएस पोर्टल पर प्राप्त भूमि विवादों के परीक्षण में ऐसे कई मामले सामने आए हैं, जिनमें बैनामा के समय भूमि के वास्तविक स्वामित्व, वैधानिक अंश और कब्जे की स्थिति का समुचित सत्यापन नहीं किया जाता। उन्होंने कहा कि कई मामलों में विक्रेता अपने वैधानिक अंश से अधिक भूमि का विक्रय कर देते हैं। वहीं, सहखातेदारों के बीच विधिक बंटवारा या अंश निर्धारण न होने के बावजूद सड़क से सटे अथवा सुविधाजनक हिस्से को अलग से बेच दिया जाता है। कुछ मामलों में ऐसी भूमि का भी बैनामा कर दिया जाता है, जिस पर विक्रेता का वास्तविक कब्जा नहीं होता। इससे बाद में क्रेता, विक्रेता और सहखातेदारों के बीच विवाद उत्पन्न होते हैं। जिलाधिकारी ने बताया कि संबंधित मामले में पूर्व में जारी आदेश को प्रभारी मंत्री के निर्देशों के अनुपालन में 5 अगस्त 2026 को तत्काल प्रभाव से निरस्त कर दिया गया है। संशोधित दिशा-निर्देशों के तहत भूमि खरीदने से पहले स्वामित्व एवं अभिलेखों का सत्यापन करने तथा विक्रेता के वैधानिक अंश से अधिक भूमि का विक्रय न करने पर विशेष जोर दिया गया है। जिलाधिकारी ने मीडिया में जनपद में दो लोगों के बाढ़ के पानी में डूबने से मौत की प्रसारित खबर को गलत बताते हुए स्पष्ट किया कि दोनों मौतों का कारण बाढ़ नहीं है। उन्होंने बताया कि सेवराई और मोहम्मदाबाद तहसील के मृतकों के परिजनों को चार-चार लाख रुपये की सहायता राशि उपलब्ध कराई गई है। उन्होंने कहा कि नदियों का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है और संभावित बाढ़ की स्थिति को देखते हुए नियमित समीक्षा की जा रही है। जनपद स्तर पर कंट्रोल रूम स्थापित किया गया है। लोगों को बाढ़ से बचाव के लिए जागरूक करने के साथ ही आवश्यक स्थानों पर रूट डायवर्जन और नदियों पर बैरिकेडिंग जैसी कार्रवाई की जा रही है। वर्षा ऋतु के चलते सड़कों की मरम्मत के संबंध में जिलाधिकारी ने बताया कि लोक निर्माण विभाग और नगर पालिका द्वारा एक अक्टूबर 2026 के बाद सड़क मरम्मत का कार्य कराया जाएगा। प्रमुख सड़कों के निर्माण एवं मरम्मत कार्य को दिसंबर 2026 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। जिलाधिकारी ने जनपद में चीनी और प्याज की उपलब्धता को लेकर भी स्थिति स्पष्ट की। उन्होंने कहा कि जिले में दोनों वस्तुओं का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है और लगातार जांच की जा रही है। अवैध भंडारण करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने डिप्टी आरएमओ आशुतोष पांडेय का मोबाइल नंबर 9838072270 सार्वजनिक करते हुए कहा कि यदि कहीं अवैध रूप से चीनी या प्याज का भंडारण किए जाने की जानकारी हो तो इस नंबर पर शिकायत की जा सकती है। प्रेस वार्ता में मुख्य राजस्व अधिकारी सुनील कुमार त्रिवेदी, जिला पूर्ति अधिकारी अनन्त प्रताप सिंह, डिप्टी आरएमओ आशुतोष पांडेय, अधिशासी अधिकारी नगर पालिका परिषद डॉ. धीरेन्द्र राय सहित मीडिया प्रतिनिधि उपस्थित रहे।

सभासदों का हल्लाबोल, आठवें दिन भी धरना जारी; वार्ता विफल, सामूहिक इस्तीफे की चेतावनी

11 सूत्रीय मांगों पर अड़े सभासद, सीआरओ से वार्ता विफल; सामूहिक इस्तीफे की चेतावनी

जमानिया। नगर पालिका परिषद में कथित भ्रष्टाचार, आउटसोर्सिंग कर्मचारियों के पीएफ में अनियमितता, गृहकर में बढ़ोतरी और पालिका प्रशासन के मनमाने रवैये के विरोध में सभासदों का अनिश्चितकालीन धरना सोमवार को आठवें दिन भी जारी रहा। आंदोलनरत सभासदों ने काली पट्टी बांधकर पालिका प्रशासन के खिलाफ विरोध जताया और अपनी 11 सूत्रीय मांगों के निस्तारण की मांग दोहराई। धरनास्थल पर सभासदों और चीफ रेवेन्यू ऑफिसर (सीआरओ) सुनील कुमार के बीच हुई वार्ता बेनतीजा रही। प्रशासन की ओर से मांगों के परीक्षण और जांच के लिए समय दिए जाने की बात कही गई, लेकिन सभासद तत्काल कार्रवाई की मांग पर अड़े रहे। उन्होंने स्पष्ट किया कि ठोस निर्णय होने तक आंदोलन समाप्त नहीं किया जाएगा।

वार्ड संख्या 20 के भाजपा सभासद विकास जायसवाल जुगनू ने कहा कि सीआरओ के आश्वासन से सभासद संतुष्ट नहीं हैं। प्रशासन 11 सूत्रीय मांगों के निस्तारण के लिए एक माह का समय मांग रहा है, जबकि सभासदों का कहना है कि लंबे समय तक प्रतीक्षा करना स्वीकार्य नहीं होगा। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द ठोस निर्णय नहीं लिया गया तो सभी सभासद जिलाधिकारी को सामूहिक इस्तीफा सौंपने पर मजबूर होंगे। वार्ड संख्या 10 के भाजपा सभासद सुरेंद्र चौधरी उर्फ साधु ने गृहकर में हुई बढ़ोतरी को लेकर नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि हाउस टैक्स में भारी वृद्धि से आम जनता, विशेषकर मलिन बस्तियों के लोग परेशान हैं। जनता अपने जनप्रतिनिधियों से जवाब मांग रही है, लेकिन अधिकारियों की ओर से केवल आश्वासन दिए जा रहे हैं।

वार्ड संख्या 14 के सभासद एवं भाजपा नगर महामंत्री राकेश कुमार प्रजापति ने कहा कि सभासदों की मांगों की न्यायिक जांच कराई जानी चाहिए। यदि जांच में किसी स्तर पर अनियमितता या भ्रष्टाचार सामने आता है तो संबंधित दोषियों के खिलाफ नियमानुसार कठोर कार्रवाई होनी चाहिए। उन्होंने भी मांग पूरी नहीं होने पर सामूहिक इस्तीफे की चेतावनी दोहराई। सीआरओ सुनील कुमार ने बताया कि सभासदों के साथ बैठक कर उनकी समस्याओं को बिंदुवार सुना गया है। 11 सूत्रीय मांगों का ज्ञापन प्रशासन को प्राप्त हो चुका है। उन्होंने कहा कि गृहकर सहित अन्य मामलों की निष्पक्ष जांच के लिए जांच टीम गठित की जाएगी। जांच में जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ नियमानुसार दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।

सीआरओ ने सभासदों से अनावश्यक रूप से धरना समाप्त करने की अपील की, लेकिन सभासद अपनी मांगों पर तत्काल कार्रवाई की मांग करते हुए आंदोलन समाप्त करने के लिए तैयार नहीं हुए। धरने में सभासद प्रमोद यादव, राहुल वर्मा, सचिन वर्मा, विकास जायसवाल, मोहन गुप्ता, अंजनी गुप्ता सहित दर्जनों सभासद मौजूद रहे। आंदोलन के चलते नगर पालिका प्रशासन और सभासदों के बीच गतिरोध बरकरार है।

साबिर अली आईटीआई में 110 युवाओं ने लिया प्लेसमेंट में हिस्सा, 80 का चयन

साबिर अली आईटीआई में 110 युवाओं ने लिया प्लेसमेंट में हिस्सा, 80 का चयन

जखनिया, गाजीपुर। साबिर अली प्राइवेट आईटीआई, जखनिया में युवाओं को तकनीकी शिक्षा के साथ रोजगार से जोड़ने के उद्देश्य से कैंपस प्लेसमेंट एवं रोजगार कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें कुल 110 अभ्यर्थियों ने प्रतिभाग किया, जिनमें से 80 अभ्यर्थियों का विभिन्न रोजगार एवं प्रशिक्षण अवसरों के लिए चयन किया गया। चयन होने से संस्थान में खुशी का माहौल रहा।

प्लेसमेंट अभियान में स्टील स्ट्रिप्स व्हील्स लिमिटेड, Valeo Friction Materials Private Limited तथा NTTF के प्रतिनिधियों ने युवाओं को रोजगार एवं प्रशिक्षण के अवसरों की जानकारी दी। अभ्यर्थियों को ऑटोमोबाइल, मैन्युफैक्चरिंग और तकनीकी क्षेत्र में करियर बनाने के अवसर उपलब्ध कराए गए। चयनित अभ्यर्थियों के लिए असिस्टेंट टेक्नीशियन और प्रोडक्शन ट्रेनी जैसे पदों पर रोजगार के अवसर बताए गए। कंपनियों की ओर से चयनित युवाओं को परिवहन, भोजन, यूनिफॉर्म, सेफ्टी शूज, बीमा सहित अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराने की जानकारी दी गई। कुछ कार्यक्रमों में प्रशिक्षण पूरा करने के बाद स्थायी रोजगार का अवसर भी प्रदान किया जाएगा। एनटीटीएफ के मैन्युफैक्चरिंग इंजीनियरिंग डिप्लोमा (CP33) कार्यक्रम के माध्यम से युवाओं को उद्योग आधारित प्रशिक्षण, व्यावहारिक कौशल और रोजगार के लिए तैयार किया जा रहा है। कार्यक्रम में 18 से 25 वर्ष आयु वर्ग के युवाओं के लिए प्रशिक्षण एवं रोजगार के अवसरों की जानकारी दी गई।

इस अवसर पर एचआर रामनाथ पासवान ने अभ्यर्थियों का मार्गदर्शन करते हुए कहा कि तकनीकी शिक्षा के साथ व्यावहारिक प्रशिक्षण युवाओं को रोजगार के लिए सक्षम बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। उन्होंने चयनित अभ्यर्थियों को बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। साबिर अली आईटीआई के डायरेक्टर आमिर अली ने कहा कि संस्थान का उद्देश्य युवाओं को बेहतर औद्योगिक प्रशिक्षण उपलब्ध कराने के साथ देश की प्रतिष्ठित कंपनियों में रोजगार के अवसर दिलाना है। इसी उद्देश्य से भविष्य में भी कैंपस प्लेसमेंट कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।

प्रिंसिपल अमरनाथ यादव ने चयनित 80 अभ्यर्थियों को शुभकामनाएं देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। कार्यक्रम में संस्थान के अनुदेशक संदीप कुमार, राधेश्याम यादव, अजय कुमार, प्रताप यादव, गोविन्द कुमार राव एवं धर्मवीर भारद्वाज मौजूद रहे।

गंगा उफान पर, डीएम ने संभाली बाढ़ तैयारियों की कमान

गंगा का जलस्तर बढ़ा, डीएम ने सेवराई के बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का लिया जायजा

गाजीपुर। गंगा नदी के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला ने सोमवार को तहसील सेवराई के संभावित बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का स्थलीय निरीक्षण किया। उन्होंने ग्राम पंचायत बिरऊपुर और हसनपुर पहुंचकर जमीनी स्थिति का जायजा लिया तथा ग्रामीणों से संवाद कर उनकी समस्याएं सुनीं।

निरीक्षण की शुरुआत गंगा के सबसे नजदीक स्थित ग्राम पंचायत बिरऊपुर से हुई। जिलाधिकारी ने खेतों में पहुंचकर जलभराव की स्थिति देखी। किसानों ने बताया कि खेतों में पानी घुसने से धान की फसल को नुकसान की आशंका है। इस पर जिलाधिकारी ने कृषि एवं राजस्व विभाग की संयुक्त टीम गठित कर तत्काल सर्वे कराने और फसल क्षति का आकलन करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत बीमित किसानों के क्लेम की कार्रवाई प्राथमिकता के आधार पर पूरी कराई जाए, ताकि उन्हें समय से मुआवजा मिल सके।

इसके बाद जिलाधिकारी हसनपुर गांव पहुंचे। पंचायत भवन में ग्रामीणों, ग्राम प्रधान और संबंधित अधिकारियों के साथ बैठक कर उन्होंने बाढ़ की तैयारियों की समीक्षा की। ग्रामीणों ने नाव, पेयजल, दवाओं और पशुओं के चारे से जुड़ी समस्याएं रखीं। जिलाधिकारी ने अधिकारियों को तत्काल आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए।उन्होंने ग्रामीणों से अपील की कि बाढ़ के दौरान गंगा नदी के किनारे न जाएं। पानी का प्रवाह तेज होने के कारण खतरा बना हुआ है। उन्होंने अभिभावकों से बच्चों को अकेले बाहर नहीं निकलने देने और सुरक्षित स्थानों पर रहने की अपील की।

इसके बाद तहसील सभागार जमानियां में बैठक कर जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को बाढ़ से निपटने के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। पशुपालन विभाग को सभी पशुओं का युद्धस्तर पर टीकाकरण कराने तथा भूसे और हरे चारे का पर्याप्त भंडारण सुनिश्चित करने को कहा गया। जिला पूर्ति विभाग को बाढ़ प्रभावित गांवों के पंचायत भवनों एवं बाढ़ शरणालयों में कम से कम 15 दिनों की आवश्यक खाद्य सामग्री और स्वच्छ पेयजल का अग्रिम भंडारण कराने के निर्देश दिए गए। मुख्य चिकित्साधिकारी को सभी बाढ़ चौकियों और शरणालयों में चिकित्सकीय टीम तैनात रखने तथा ओआरएस, क्लोरीन टैबलेट, बुखार, उल्टी-दस्त की दवाओं और एंटी-वेनम इंजेक्शन की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करने को कहा गया। गर्भवती महिलाओं, बुजुर्गों और गंभीर बीमार व्यक्तियों की सूची भी पहले से तैयार रखने के निर्देश दिए गए।

लोक निर्माण विभाग और तहसील प्रशासन को जलमग्न होने वाले मार्गों पर तत्काल बैरिकेडिंग लगाने और खतरे के निशान लगाने को कहा गया। साथ ही पर्याप्त संख्या में नाव, नाविक और लाइफ जैकेट की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। बाढ़ शरणालयों में बिजली, पेयजल और शौचालय की व्यवस्थाएं दुरुस्त रखने को भी कहा गया। जिलाधिकारी ने बताया कि जिला एवं तहसील स्तर पर 24 घंटे बाढ़ नियंत्रण कक्ष स्थापित किए गए हैं, जहां से जलस्तर पर लगातार नजर रखी जा रही है। उन्होंने सभी ग्राम पंचायतों में कंट्रोल रूम के नंबर चस्पा कराने के निर्देश दिए, ताकि किसी भी आपात स्थिति में ग्रामीण तत्काल सूचना दे सकें। निरीक्षण एवं बैठक के दौरान उप जिलाधिकारी जमानियां, तहसीलदार सेवराई, खंड विकास अधिकारी, जिला कृषि अधिकारी सहित संबंधित विभागों के अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।